जिला कांग्रेस कमेटी मैहर ने एसडीएम कार्यालय के बाहर केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स को तोड़कर आगे बढ़ने का प्रयास किया, जिससे मौके पर काफी देर तक गहमागहमी का माहौल बना रहा। इसके बाद कांग्रेस नेताओं ने एसडीएम कार्यालय पहुंचकर कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा। इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, युवा कांग्रेस के सदस्य और कार्यकर्ता शामिल हुए, जिन्होंने पूरे समय केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। यह प्रदर्शन दिल्ली में छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के साथ कथित बल प्रयोग, बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, बार-बार हो रहे पेपर लीक, बदहाल शिक्षा व्यवस्था और किसानों की समस्याओं को लेकर आयोजित किया गया था। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि अपने अधिकारों और भविष्य की मांग कर रहे छात्रों पर बल प्रयोग करना लोकतंत्र की मूल भावना के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के साथ किया गया कथित बल प्रयोग भी लोकतांत्रिक परंपराओं के अनुरूप नहीं है और इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। ज्ञापन के माध्यम से कांग्रेस ने कहा कि देश का युवा गंभीर रोजगार संकट से जूझ रहा है और प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक होने से लाखों युवाओं का भविष्य अधर में लटक गया है। साथ ही महंगाई से आम जनता बेहाल है और किसान अपनी फसल के उचित मूल्य, खाद, बीज व सिंचाई जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रहे हैं। पार्टी ने ज्ञापन में छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज व राहुल गांधी के साथ हुए कथित बल प्रयोग की निष्पक्ष जांच, महंगाई पर रोक, युवाओं के लिए रोजगार, पेपर लीक पर सख्त कार्रवाई, शिक्षा में सुधार और किसानों के मुद्दों के शीघ्र समाधान की मांग रखी है।
जिला कांग्रेस कमेटी मैहर ने एसडीएम कार्यालय के बाहर केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स को तोड़कर आगे बढ़ने का प्रयास किया, जिससे मौके पर काफी देर तक गहमागहमी का माहौल बना रहा। इसके बाद कांग्रेस नेताओं ने एसडीएम कार्यालय पहुंचकर कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा। इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, युवा कांग्रेस के सदस्य और कार्यकर्ता शामिल
हुए, जिन्होंने पूरे समय केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। यह प्रदर्शन दिल्ली में छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के साथ कथित बल प्रयोग, बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, बार-बार हो रहे पेपर लीक, बदहाल शिक्षा व्यवस्था और किसानों की समस्याओं को लेकर आयोजित किया गया था। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि अपने अधिकारों और भविष्य की मांग कर रहे छात्रों पर बल प्रयोग करना लोकतंत्र की मूल
भावना के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के साथ किया गया कथित बल प्रयोग भी लोकतांत्रिक परंपराओं के अनुरूप नहीं है और इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। ज्ञापन के माध्यम से कांग्रेस ने कहा कि देश का युवा गंभीर रोजगार संकट से जूझ रहा है और प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक होने से लाखों युवाओं का भविष्य अधर में लटक गया है। साथ ही महंगाई से आम
जनता बेहाल है और किसान अपनी फसल के उचित मूल्य, खाद, बीज व सिंचाई जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रहे हैं। पार्टी ने ज्ञापन में छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज व राहुल गांधी के साथ हुए कथित बल प्रयोग की निष्पक्ष जांच, महंगाई पर रोक, युवाओं के लिए रोजगार, पेपर लीक पर सख्त कार्रवाई, शिक्षा में सुधार और किसानों के मुद्दों के शीघ्र समाधान की मांग रखी है।
- धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर कांग्रेस द्वारा धरना प्रदर्शन किया जा रहा है। इस प्रदर्शन के माध्यम से कांग्रेस लगातार धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग उठा रही है।1
- नीट और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर जंतर-मंतर पर बीते बीस दिनों से कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) का आंदोलन जारी था, जिसे सोनम वांगचुक के अनशन और अरविंद केजरीवाल के समर्थन से राष्ट्रीय स्वरूप मिला। विदेश से छुट्टी मनाकर लौटने के बाद राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और कांग्रेस सांसदों ने अप्रत्याशित ढंग से पीएम हाउस के गेट पर धरना दे दिया। सरकार के प्रतिनिधियों द्वारा संसद में चर्चा की मांग मान लिए जाने के बावजूद राहुल गांधी ने शिक्षा मंत्री के त्यागपत्र की मांग करते हुए धरना समाप्त करने से इनकार कर दिया। अंततः पुलिस ने राहुल गांधी और वहां मौजूद नेताओं को हिरासत में लिया, जहां जमीन पर लेटने और पुलिस के साथ खींचतान का वीडियो वायरल कर लड़ाकू इमेज चमकाने की कोशिश की गई। इस राजनीतिक ड्रामेबाज़ी के कारण नीट और शिक्षा माफिया का मूल मुद्दा गायब हो गया और पूरी चर्चा राहुल गांधी के इर्द-गिर्द सिमट गई। जहां राहुल गांधी आ जाते हैं, वहां बीजेपी वैसे ही सुकून में आ जाती है; यहां तक कि आम आदमी पार्टी ने भी आरोप लगाया कि सत्ता पक्ष को राहत पहुंचाने के लिए ही राहुल ने यह धरना दिया था। इस प्रदर्शन में अरुंधति राय, योगेंद्र यादव, शबाना आजमी, नसीरुद्दीन शाह, प्रकाश राज और कुणाल कामरा जैसे 'आंदोलनजीवी' चेहरे भी दिखाई दिए, जिनके लिए आंदोलन एक व्यवसाय है। एनजीओ को मिलने वाले विदेशी पैसे पर केंद्र सरकार द्वारा शिकंजा कसे जाने से यह वर्ग तड़पड़ा रहा है। शिक्षा व्यवस्था में सुधार धरनों से नहीं बल्कि संवाद और विशेषज्ञों की सलाह से संभव है। वैसे भी नीट का मुद्दा अब खत्म हो चुका है क्योंकि दोबारा परीक्षा हो चुकी है और एडमिशन जारी हैं। विपक्ष संसद के मॉनसून सत्र को केवल पिकनिक और हंगामे में बर्बाद कर रहा है, जबकि असल लक्ष्य शिक्षा सुधार नहीं बल्कि पीएम की कुर्सी है जो केवल जनादेश से ही संभव है।1
- मैहर जिले के अमरपाटन में पुलिस द्वारा "नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0" अभियान के तहत विद्यालयों और सार्वजनिक स्थलों पर व्यापक जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं। इस दौरान महर्षि विद्या मंदिर में विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया। साथ ही मानव श्रृंखला, नाटक प्रस्तुत कर और शपथ दिलाकर नशा मुक्त समाज का संदेश दिया गया। इसी कड़ी में अमरपाटन बस स्टैंड पर नुक्कड़ कार्यक्रम आयोजित कर आम नागरिकों को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया गया। इस पहल से प्रभावित होकर लोगों ने स्वेच्छा से नशे से संबंधित सामग्री का त्याग किया। कार्यक्रम के माध्यम से नशा मुक्त, स्वस्थ और सुरक्षित समाज के निर्माण में सभी से अपना योगदान देने की अपील की गई है।1
- रोजगार पाने का सुनहरा अवसर उपलब्ध कराया जा रहा है।1
- मध्य प्रदेश के मैहर जिले में नशा मुक्ति अभियान के तहत अमरपाटन पुलिस ने एक अनोखी पहल की है। अमरपाटन थाना प्रभारी विजय सिंह परस्ते स्वयं अपने हाथों में कपड़े की झोली बिछाए हुए लोगों के सामने आए और हाथ जोड़कर उनसे नशा छोड़ने की अपील की। पुलिस की इस मुहीम में अधिकारियों को झोली फैलाकर लोगों से नशा त्यागने की बात कहते देखा गया, जिसे क्षेत्र में नशा मुक्ति अभियान के अंतर्गत पुलिस का एक अलग अंदाज माना जा रहा है।1
- मैहर में थाना कोतवाली पुलिस द्वारा रेलवे स्टेशन मैहर पर "नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0" के अंतर्गत एक विशेष जनजागरूकता अभियान चलाया गया। इस दौरान पुलिस ने देश के विभिन्न राज्यों और मध्य प्रदेश के अलग-अलग जिलों से आए यात्रियों व नागरिकों को नशे के गंभीर दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया। पुलिस ने स्टेशन पर मौजूद सभी लोगों से नशे से दूर रहने, स्वयं जागरूक बनने और अपने परिवार तथा समाज को नशामुक्त रखने का संदेश दिया। इसके साथ ही थाना कोतवाली पुलिस ने आम जनता से इस नशामुक्त अभियान में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की।2
- जिला कांग्रेस कमेटी मैहर ने एसडीएम कार्यालय के बाहर केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड्स को तोड़कर आगे बढ़ने का प्रयास किया, जिससे मौके पर काफी देर तक गहमागहमी का माहौल बना रहा। इसके बाद कांग्रेस नेताओं ने एसडीएम कार्यालय पहुंचकर कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा। इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, युवा कांग्रेस के सदस्य और कार्यकर्ता शामिल हुए, जिन्होंने पूरे समय केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। यह प्रदर्शन दिल्ली में छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के साथ कथित बल प्रयोग, बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, बार-बार हो रहे पेपर लीक, बदहाल शिक्षा व्यवस्था और किसानों की समस्याओं को लेकर आयोजित किया गया था। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि अपने अधिकारों और भविष्य की मांग कर रहे छात्रों पर बल प्रयोग करना लोकतंत्र की मूल भावना के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के साथ किया गया कथित बल प्रयोग भी लोकतांत्रिक परंपराओं के अनुरूप नहीं है और इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। ज्ञापन के माध्यम से कांग्रेस ने कहा कि देश का युवा गंभीर रोजगार संकट से जूझ रहा है और प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक होने से लाखों युवाओं का भविष्य अधर में लटक गया है। साथ ही महंगाई से आम जनता बेहाल है और किसान अपनी फसल के उचित मूल्य, खाद, बीज व सिंचाई जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रहे हैं। पार्टी ने ज्ञापन में छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज व राहुल गांधी के साथ हुए कथित बल प्रयोग की निष्पक्ष जांच, महंगाई पर रोक, युवाओं के लिए रोजगार, पेपर लीक पर सख्त कार्रवाई, शिक्षा में सुधार और किसानों के मुद्दों के शीघ्र समाधान की मांग रखी है।4
- मैहर थाना क्षेत्र अंतर्गत मैहर-कटनी मार्ग पर धतूरा पंचायत के दशयपुर गांव के पास एक तेज रफ्तार ट्रक के पहियों में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ट्रक के अन्य हिस्सों तक फैलने लगी, जिससे मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। घटना के बाद ट्रक चालक ने सूझबूझ दिखाते हुए वाहन को सड़क किनारे रोककर अपनी जान बचाई। फिलहाल आग लगने के कारणों और हादसे में किसी जनहानि की जानकारी सामने नहीं आई है। मामले की सूचना पुलिस एवं संबंधित अमले को दे दी गई है।2