मनगवां में वरिष्ठ समाजसेवी और पूर्व विधानसभा विधायक प्रत्याशी हजरत हाफिज कारी मोहम्मद अली ने मोहर्रम के अवसर पर लोगों को संबोधित करते हुए इस्लामी तारीख के पहले महीने मोहर्रम के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि इस महीने में हक और बातिल की लड़ाई में शहीदाने कर्बला में हजरत इमाम हुसैन ने अपने 72 साथियों के साथ कुर्बानी दी। इस कुर्बानी के माध्यम से इंसानियत और मानवता का संदेश दिया गया, साथ ही जालिम यजीद बादशाह के खिलाफ आवाज उठाई गई और गरीब, असहाय, निर्बल और दुर्बल लोगों की आवाज को बुलंद किया गया। मोहम्मद अली ने जोर दिया कि भूखे को खाना खिलाना और असहाय तथा निर्बल की मदद करना ही इस्लाम है। मोहर्रमुल हराम की 10 तारीख, आशूरा के दिन, रजा ए मुस्तफा तकिया मस्जिद में हजरत हाफिज कारी मोहम्मद अली साहब के द्वारा दुआएं आशूरा पढ़ी गईं। इस अवसर पर लोगों के लिए देश में अमन, सुकून, शांति और देश की हिफाजत के लिए विशेष दुआएं की गईं। इस दौरान जगह-जगह फातिहा खानी और लंगरे आम (सामुदायिक भोजन) का भी आयोजन किया गया। इन आयोजनों में निजाम भाई बीड़ी वाले, मंसूर अली शाह, खुर्शीद अली शाह, मोहम्मद शरीफ उर्फ बाबा, मोहम्मद रसीद अंडा वाले, मोहम्मद सलमान उर्फ लाला मोबाइल वाले, मोहम्मद शब्बीर उर्फ शरीफ उद्दीन, मोहम्मद रजा मंसूरी, मोहम्मद निजाम मंसूरी, मकसूद मिस्त्री, कयामुद्दीन शाह, मुन्ना ताज अंसारी, अनवर अली शाह, ईशा मंसूरी, जलालुद्दीन अंसारी, मोहम्मद नईम भाई, अब्दुल रशीद मंसूरी समेत कई लोग शामिल रहे। पूर्व निर्माण कमेटी अध्यक्ष शमा परवीन बानो, जो नगर परिषद मनगवा के वार्ड क्रमांक 2 की पार्षद भी हैं, ने इस अवसर पर थाना प्रभारी महोदय और मुख्य नगर पालिका अधिकारी महोदय की सराहना की। उन्होंने मनगवा थाना प्रभारी द्वारा अपने भारी पुलिस बल के साथ चप्पे-चप्पे पर मुस्तैद रहकर दी गई अच्छी खासी व्यवस्था और इंतजाम के लिए उनका धन्यवाद किया। इस पूरे आयोजन के माध्यम से लोगों में खुशी का संदेश दिया गया और आपसी भाईचारे की मिसाल कायम की गई।
मनगवां में वरिष्ठ समाजसेवी और पूर्व विधानसभा विधायक प्रत्याशी हजरत हाफिज कारी मोहम्मद अली ने मोहर्रम के अवसर पर लोगों को संबोधित करते हुए इस्लामी तारीख के पहले महीने मोहर्रम के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि इस महीने में हक और बातिल की लड़ाई में शहीदाने कर्बला में हजरत इमाम हुसैन ने अपने 72 साथियों के साथ कुर्बानी दी। इस कुर्बानी के माध्यम से इंसानियत और मानवता का संदेश दिया गया, साथ ही जालिम यजीद बादशाह के खिलाफ आवाज उठाई गई और गरीब, असहाय, निर्बल और दुर्बल लोगों की आवाज को बुलंद किया गया। मोहम्मद अली ने जोर दिया कि भूखे को खाना खिलाना और असहाय तथा निर्बल की मदद करना ही इस्लाम है। मोहर्रमुल हराम की 10 तारीख, आशूरा के दिन, रजा ए मुस्तफा तकिया मस्जिद में हजरत हाफिज कारी मोहम्मद अली साहब के द्वारा दुआएं आशूरा पढ़ी गईं। इस अवसर पर लोगों के लिए देश में अमन, सुकून, शांति और देश की हिफाजत के लिए विशेष दुआएं की गईं। इस दौरान जगह-जगह फातिहा खानी और लंगरे आम (सामुदायिक भोजन) का भी आयोजन किया गया। इन आयोजनों में निजाम भाई बीड़ी वाले, मंसूर अली शाह, खुर्शीद अली शाह, मोहम्मद शरीफ उर्फ बाबा, मोहम्मद रसीद अंडा वाले, मोहम्मद सलमान उर्फ लाला मोबाइल वाले, मोहम्मद शब्बीर उर्फ शरीफ उद्दीन, मोहम्मद रजा मंसूरी, मोहम्मद निजाम मंसूरी, मकसूद मिस्त्री, कयामुद्दीन शाह, मुन्ना ताज अंसारी, अनवर अली शाह, ईशा मंसूरी, जलालुद्दीन अंसारी, मोहम्मद नईम भाई, अब्दुल रशीद मंसूरी समेत कई लोग शामिल रहे। पूर्व निर्माण कमेटी अध्यक्ष शमा परवीन बानो, जो नगर परिषद मनगवा के वार्ड क्रमांक 2 की पार्षद भी हैं, ने इस अवसर पर थाना प्रभारी महोदय और मुख्य नगर पालिका अधिकारी महोदय की सराहना की। उन्होंने मनगवा थाना प्रभारी द्वारा अपने भारी पुलिस बल के साथ चप्पे-चप्पे पर मुस्तैद रहकर दी गई अच्छी खासी व्यवस्था और इंतजाम के लिए उनका धन्यवाद किया। इस पूरे आयोजन के माध्यम से लोगों में खुशी का संदेश दिया गया और आपसी भाईचारे की मिसाल कायम की गई।
- रीवा जिले के जवा थाना क्षेत्र की ग्राम पंचायत शितलहा में मोहर्रम का जुलूस निकाला गया।1
- रामपुर बघेलान के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में रोगी कल्याण समिति के फंड्स के कथित दुरुपयोग और खुली लूट का मामला सामने आया है। आरटीआई से प्राप्त दस्तावेज़ों के अनुसार, एम्बुलेंस वाहन की सर्विसिंग और रिपेयरिंग का कार्यादेश एक फर्नीचर एवं हार्डवेयर व्यापारी को दे दिया गया। इस पर गंभीर सवाल उठाए जा रहे हैं कि क्या एम्बुलेंस की मरम्मत अब फर्नीचर की दुकानें करेंगी? प्रस्तावित बिल में सीट कवर, पेट्रोल, इंजन ऑयल, गियर ऑयल, ब्रेक ऑयल, एयर फ़िल्टर, कूलेंट, धुलाई और अन्य मदों के नाम पर ₹11,530 का भुगतान शामिल है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि पेट्रोल का खर्च भी उसी फर्नीचर व्यापारी के बिल में कैसे जोड़ दिया गया, जिससे यह संदेह गहरा रहा है कि क्या फर्नीचर व्यापारी पेट्रोल भी बेचने लगे हैं। जनता की जेब से आने वाले रोगी कल्याण समिति के पैसे (अस्पताल में आने वाले हर मरीज से वसूले जाने वाले ₹15 शुल्क) का उपयोग मरीजों की सुविधाओं के लिए होना चाहिए, न कि संदिग्ध भुगतानों और 'कागजी खेल' के लिए। स्वास्थ्य विभाग से पूछा गया है कि एम्बुलेंस रिपेयरिंग का तकनीकी मूल्यांकन किसने किया और क्या कोई अधिकृत ऑटोमोबाइल वर्कशॉप उपलब्ध नहीं थी? यह भी सवाल है कि किस आधार पर यह काम फर्नीचर व्यापारी को सौंपा गया। आरोप है कि लाखों रुपये की राशि एक साथ नहीं, बल्कि छोटे-छोटे बिलों और किस्तों में योजनाबद्ध तरीके से खर्च की जा रही है, इसलिए हर भुगतान की जांच अत्यंत आवश्यक है। इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय करने की मांग की गई है।1
- मुनिराजन मंदिर में स्थित शेर की गुफा के भीतर चमगादड़ देखे जाने की खबर है। मंदिर परिसर की इस विशिष्ट गुफा में चमगादड़ों का यह नजारा देखने को मिला।1
- आज मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और उनके परिवार से संबंधित भूमि खरीद के मामले में सामने आए गंभीर तथ्यों को लेकर एक प्रेस वार्ता संबोधित की गई।1
- चित्रकूट के पहाड़ी थाना क्षेत्र अंतर्गत सालिकपुर गांव में पत्रकार देवी दयाल के काश्तकारी भूमि पर बन रहे मकान की दीवार और दरवाजे भू-माफियाओं द्वारा उखाड़ दिए गए हैं। यह पूरी दबंगई कथित तौर पर प्रशासन की मौजूदगी में की गई। जब पत्रकार और उनके परिवारजनों ने इसका विरोध किया, तो भू-माफियाओं ने उन्हें भद्दी-भद्दी गालियां दीं और लाठी-डंडों से मारने दौड़े। इस घटना के बाद पत्रकार का परिवार भू-माफियाओं से बड़ा डरा और सहमा हुआ है। उन्हें किसी भी दिन बड़ी और अप्रिय घटना होने का डर सता रहा है। पीड़ित परिवार ने चित्रकूट पुलिस से इस मामले का संज्ञान लेकर तत्काल आवश्यक कार्रवाई करने की अपील की है।1
- मध्यप्रदेश सरकार ने महिला सशक्तिकरण के प्रति अपना संकल्प दोहराया है। इस प्रतिबद्धता को 'राइजिंग सतना' के माध्यम से व्यक्त किया गया है।1
- रीवा जिले में रेत परिवहन कर रहे एक तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने एक बार फिर मौत का तांडव मचाया है। सोहागी थाना क्षेत्र के बुदामा गांव के पास एक मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी, जिससे उस पर सवार एक युवक की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया है। इस घटना के बाद इलाके में भारी आक्रोश का माहौल है। यह भीषण हादसा तब हुआ जब रेत से लदे तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने बाइक पर सवार दो युवकों को अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि एक युवक ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया और दूसरे को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि डीह घाट क्षेत्र में लंबे समय से अवैध रेत उत्खनन का धंधा बेलगाम गति से चल रहा है, लेकिन जिम्मेदार विभाग इस पर कोई कार्रवाई करने के बजाय मूकदर्शक बना हुआ है। घटना की सूचना मिलते ही सोहागी पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और दुर्घटना की जांच शुरू कर दी है।1
- सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामपुर बघेलान में रोगी कल्याण समिति द्वारा हर मरीज से लिए जा रहे ₹15 के शुल्क को लेकर पारदर्शिता पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। यह पूछा जा रहा है कि क्या यह राशि वास्तव में मरीजों की सुविधाओं पर खर्च हो रही है या केवल कागजों में ही विकास दिखाया जा रहा है। इन्हीं सवालों के जवाब जानने के लिए एक व्यक्ति ने वर्ष 2020 से आज तक की रोगी कल्याण समिति की आय-व्यय, खर्चों का विवरण, बैठकों की जानकारी और शासन के दिशा-निर्देशों की जानकारी सूचना का अधिकार (RTI) के माध्यम से मांगी थी। हालांकि, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामपुर बघेलान के लोक सूचना अधिकारी ने इस महत्वपूर्ण जानकारी को उपलब्ध नहीं कराया। जानकारी छिपाए जाने पर सवाल और भी बड़े हो गए, जिसके बाद प्रथम अपील प्रस्तुत कर दी गई है। अब सभी की निगाहें मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, सतना पर हैं कि वे इस मामले में पारदर्शिता दिखाते हैं या नहीं। यह बताया गया है कि रोगी कल्याण समिति में स्थानीय विधायक अध्यक्ष होते हैं, विभिन्न सदस्य होते हैं, और नियमित बैठकें होती हैं, जहाँ जनता से वसूले गए धन का हिसाब-किताब रखा जाना चाहिए। लेकिन यदि यह जानकारी सार्वजनिक नहीं होगी, तो जनता यह कैसे जानेगी कि उनका पैसा कहाँ और किस तरह खर्च हो रहा है। तथ्यों और दस्तावेजों को जनता के सामने रखते हुए, यह विश्लेषण करने का आह्वान किया गया है कि क्या जनता के पैसे का सदुपयोग हो रहा है या दुरुपयोग। यह भी स्पष्ट किया गया है कि बिना जवाबदेही मांगे व्यवस्था में सुधार संभव नहीं है और सूचना छिपाना सीधे तौर पर भ्रष्टाचार को बढ़ावा देना है।1
- मध्य प्रदेश के रीवा जिले में स्थित ग्राम पंचायत पथरौड़ा में आवास से जुड़ी एक गंभीर समस्या सामने आई है। ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायत के सरपंच और सचिव आवास उपलब्ध कराने के नाम पर ₹5 हजार की राशि की मांग कर रहे हैं।1