बिहार के समस्तीपुर जिले के मोहिउद्दीन नगर थाना क्षेत्र में एक दुखद घटना सामने आई है, जहाँ गंगा नदी में एक डेंगी नाव पलटने से 14 यात्रियों के डूबने से मौत हो गई है। राहत एवं बचाव कार्य जारी है, और अब तक दो शवों को बरामद कर लिया गया है, जबकि अन्य लापता शवों की तलाश लगातार जारी है। यह हादसा अहले सुबह उस समय हुआ जब दियारा क्षेत्र में परवल की खेती से जुड़े कारोबारी पटना जिले के बाढ़ थाना क्षेत्र के उमानाथ घाट से नाव के जरिए दियारा क्षेत्र की ओर आ रहे थे। इसी दौरान गंगा नदी में नाव असंतुलित हो गई, जिसके चलते यह घटना घटित हुई। घटना के बाद मृतक एवं लापता हुए लोगों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे इलाके में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है। सूचना मिलने पर बाढ़ थाना अध्यक्ष इंस्पेक्टर बृजेश कुमार, अंचल अधिकारी नरेंद्र कुमार समेत दर्जनों पुलिस बल मौके पर मौजूद हैं। प्रशासन द्वारा गोताखोरों की मदद से राहत एवं बचाव अभियान चलाया जा रहा है, और अधिकारियों ने बताया कि नदी में लापता लोगों की तलाश तेज कर दी गई है तथा स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
बिहार के समस्तीपुर जिले के मोहिउद्दीन नगर थाना क्षेत्र में एक दुखद घटना सामने आई है, जहाँ गंगा नदी में एक डेंगी नाव पलटने से 14 यात्रियों के डूबने से मौत हो गई है। राहत एवं बचाव कार्य जारी है, और अब तक दो शवों को बरामद कर लिया गया है, जबकि अन्य लापता शवों की तलाश लगातार जारी है। यह हादसा अहले सुबह उस समय हुआ जब दियारा क्षेत्र में परवल की खेती से जुड़े कारोबारी पटना जिले के बाढ़ थाना क्षेत्र के उमानाथ घाट से नाव के जरिए दियारा क्षेत्र की ओर आ रहे थे। इसी दौरान गंगा नदी में नाव असंतुलित हो गई, जिसके चलते यह घटना घटित हुई। घटना के बाद मृतक एवं लापता हुए लोगों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे इलाके में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है। सूचना मिलने पर बाढ़ थाना अध्यक्ष इंस्पेक्टर बृजेश कुमार, अंचल अधिकारी नरेंद्र कुमार समेत दर्जनों पुलिस बल मौके पर मौजूद हैं। प्रशासन द्वारा गोताखोरों की मदद से राहत एवं बचाव अभियान चलाया जा रहा है, और अधिकारियों ने बताया कि नदी में लापता लोगों की तलाश तेज कर दी गई है तथा स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
- बिहार के समस्तीपुर जिले के मोहिउद्दीन नगर थाना क्षेत्र में एक दुखद घटना सामने आई है, जहाँ गंगा नदी में एक डेंगी नाव पलटने से 14 यात्रियों के डूबने से मौत हो गई है। राहत एवं बचाव कार्य जारी है, और अब तक दो शवों को बरामद कर लिया गया है, जबकि अन्य लापता शवों की तलाश लगातार जारी है। यह हादसा अहले सुबह उस समय हुआ जब दियारा क्षेत्र में परवल की खेती से जुड़े कारोबारी पटना जिले के बाढ़ थाना क्षेत्र के उमानाथ घाट से नाव के जरिए दियारा क्षेत्र की ओर आ रहे थे। इसी दौरान गंगा नदी में नाव असंतुलित हो गई, जिसके चलते यह घटना घटित हुई। घटना के बाद मृतक एवं लापता हुए लोगों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे इलाके में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है। सूचना मिलने पर बाढ़ थाना अध्यक्ष इंस्पेक्टर बृजेश कुमार, अंचल अधिकारी नरेंद्र कुमार समेत दर्जनों पुलिस बल मौके पर मौजूद हैं। प्रशासन द्वारा गोताखोरों की मदद से राहत एवं बचाव अभियान चलाया जा रहा है, और अधिकारियों ने बताया कि नदी में लापता लोगों की तलाश तेज कर दी गई है तथा स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।1
- मोहम्मद दस्तगीर आलम ने सभी को ईद-उल-अज़हा के पावन अवसर पर अपनी हार्दिक शुभकामनाएँ प्रेषित की हैं।1
- बाढ़ के उमानाथ गंगा घाट पर एक बड़ी नाव दुर्घटना सामने आई है, जिसमें एक छोटी नाव पर सवार 14 से 15 लोग गंगा नदी में डूब गए। यह हादसा तब हुआ जब ये लोग सब्जी तोड़ने के लिए गंगा के दियारा इलाके में जा रहे थे और दियारा पहुँचने से पहले ही तेज हवा के कारण नाव पलट गई। दुर्घटना के बाद शोर सुनकर आसपास के नाव वालों ने 7 लोगों को सकुशल बचा लिया। बचाव प्रयासों के दौरान एक महिला और एक युवक सहित 2 शव बरामद किए गए हैं, जबकि अभी भी 5 लोगों की तलाश जारी है। इस घटना में कुल 14 लोगों के डूबने की सूचना मिली थी। घटना की जानकारी मिलते ही, बाढ़ के थानाध्यक्ष ब्रजकिशोर सिंह, एसडीपीओ रामकृष्ण, एसडीएम गरिमा लोहिया, ग्रामीण एसपी कुंदन कुमार और पटना जिले के डीएम त्याग राजन मौके पर उमानाथ घाट पहुंचे। अंचल अधिकारी डॉक्टर नरेंद्र कुमार सिंह सहित दर्जनों पुलिस बल राहत कार्य में जुट गए हैं। मौके पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई है, जबकि पुलिस प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ कर रही है और एसडीआरएफ की टीम को भी बुलाया गया है। प्रशासन की टीम लगातार राहत कार्य में सक्रिय है।1
- पटना जिले के बाढ़ अनुमंडल स्थित उमानाथ घाट पर गुरुवार सुबह एक बड़ा हादसा हो गया, जहाँ सब्जी तोड़ने जा रहे किसानों से भरी एक नाव गंगा नदी में अचानक डूब गई। हादसे के समय नाव पर करीब 15 लोग सवार थे। स्थानीय लोगों के अनुसार, ये सभी किसान रोज की तरह गंगा पार खेतों में सब्जी तोड़ने जा रहे थे, जब बीच धारा में नाव असंतुलित होकर नदी में समा गई। घटना के बाद घाट पर अफरा-तफरी और चीख-पुकार मच गई। हादसे के तुरंत बाद आसपास के ग्रामीण और नाविक बचाव कार्य में जुट गए। सूचना मिलने पर प्रशासन, पुलिस और एसडीआरएफ की टीम भी मौके पर पहुँची और एक बड़ा सर्च ऑपरेशन शुरू किया। इस अभियान के तहत अब तक दो लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि पाँच लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। नाव पर सवार अन्य लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। घटना के बाद से पूरे इलाके में मातम पसरा हुआ है और लापता लोगों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। प्रशासन की ओर से गंगा नदी में लापता लोगों की तलाश के लिए लगातार सर्च अभियान चलाया जा रहा है।1
- शहर के गोला रोड स्थित जामा मस्जिद में बकरीद की नमाज़ अदा की गई। इस अवसर पर लोगों ने आपसी भाईचारे के साथ एक-दूसरे के गले मिलकर बकरीद की मुबारकबाद दी। हालांकि, कई लोग विलंब से पहुंचने के कारण नमाज़ अदा करने से चूक गए।1
- राजस्थान की राजधानी जयपुर में कांग्रेस ने पेट्रोल-डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों और NEET पेपर लीक मामले को लेकर एक बड़ा विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान, जब कांग्रेस कार्यकर्ता भाजपा दफ्तर का घेराव करने निकले, तो उन्हें रोकने के लिए पुलिस को वॉटर कैनन का इस्तेमाल करना पड़ा। पुलिस की इस कार्रवाई के कारण कार्यकर्ता और पुलिस के बीच जमकर धक्का-मुक्की हुई, जिससे पूरे इलाके में राजनीतिक माहौल गरमा गया है।1
- बिहार में मौसम, शिक्षा, रोजगार और आगामी पंचायत चुनाव से संबंधित कई महत्वपूर्ण अपडेट सामने आए हैं। राज्य में बारिश और वज्रपात का अलर्ट जारी किया गया है, वहीं शिक्षा विभाग ने स्कूलों की समय-सारिणी में बदलाव सहित कुछ नए फैसले भी लिए हैं। शिक्षा क्षेत्र में छात्रों के लिए प्रोत्साहन राशि की घोषणा की गई है, साथ ही शिक्षकों की संभावित भर्ती को लेकर भी खबरें सामने आई हैं, जो राज्य के रोजगार परिदृश्य से जुड़ी हैं। इसके अतिरिक्त, 'डिजिटल बिहार' पहल के तहत गांवों तक डिजिटल सुविधाओं को पहुंचाने की योजना पर भी जानकारी साझा की गई है। राजनीतिक मोर्चे पर, वर्ष 2026 में होने वाले पंचायत चुनावों की तैयारियों को लेकर भी प्रमुख अपडेट्स जारी किए गए हैं।1
- बिहार के समस्तीपुर जिले के मोहिउद्दीन नगर प्रखंड अंतर्गत रासपुर पतसीया पूरब पंचायत में बीती रात आई अचानक तेज आंधी-तूफान और बारिश ने सैकड़ों गरीब परिवारों के घरों को उजाड़ दिया, जिससे पूरा इलाका वीरान हो गया। इस प्राकृतिक आपदा के कारण कई परिवार बेघर हो गए हैं और उन्हें भोजन के लिए मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।1