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मध्य प्रदेश के मैहर जिले से सामने आए एक वीडियो ने सरकारी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस वीडियो में एक बुजुर्ग ने अपनी जमीन पर कथित अवैध अतिक्रमण का दावा करते हुए बताया कि वह वर्ष 1988 से न्याय पाने के लिए अधिकारियों और दफ्तरों के चक्कर लगा रहा है, लेकिन आज तक उसे कोई समाधान नहीं मिला है। अपनी 37 वर्षों से चली आ रही इस लड़ाई में थक-हार कर अब बुजुर्ग सीधे सिस्टम से सवाल पूछ रहा है, "साहब, मैं किस अधिकारी के पास जाऊं? कौन मेरी सुनेगा?" यह घटना आम नागरिकों को दशकों तक न्याय के लिए भटकने की विवशता पर चिंता पैदा करती है, जहाँ आज भी बुजुर्ग को इंसाफ का इंतजार है।
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मध्य प्रदेश के मैहर जिले से सामने आए एक वीडियो ने सरकारी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस वीडियो में एक बुजुर्ग ने अपनी जमीन पर कथित अवैध अतिक्रमण का दावा करते हुए बताया कि वह वर्ष 1988 से न्याय पाने के लिए अधिकारियों और दफ्तरों के चक्कर लगा रहा है, लेकिन आज तक उसे कोई समाधान नहीं मिला है। अपनी 37 वर्षों से चली आ रही इस लड़ाई में थक-हार कर अब बुजुर्ग सीधे सिस्टम से सवाल पूछ रहा है, "साहब, मैं किस अधिकारी के पास जाऊं? कौन मेरी सुनेगा?" यह घटना आम नागरिकों को दशकों तक न्याय के लिए भटकने की विवशता पर चिंता पैदा करती है, जहाँ आज भी बुजुर्ग को इंसाफ का इंतजार है।
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- मध्य प्रदेश के मैहर जिले से सामने आए एक वीडियो ने सरकारी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस वीडियो में एक बुजुर्ग ने अपनी जमीन पर कथित अवैध अतिक्रमण का दावा करते हुए बताया कि वह वर्ष 1988 से न्याय पाने के लिए अधिकारियों और दफ्तरों के चक्कर लगा रहा है, लेकिन आज तक उसे कोई समाधान नहीं मिला है। अपनी 37 वर्षों से चली आ रही इस लड़ाई में थक-हार कर अब बुजुर्ग सीधे सिस्टम से सवाल पूछ रहा है, "साहब, मैं किस अधिकारी के पास जाऊं? कौन मेरी सुनेगा?" यह घटना आम नागरिकों को दशकों तक न्याय के लिए भटकने की विवशता पर चिंता पैदा करती है, जहाँ आज भी बुजुर्ग को इंसाफ का इंतजार है।1
- रायगढ़ के कोतरारोड थाना में आबकारी अधिनियम के तहत गिरफ्तार बंदी संजय बघेल की संदिग्ध मृत्यु के मामले में ज़िला पुलिस ने पहली बार सार्वजनिक रूप से अपना पक्ष रखा है। मंगलवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में, एसएसपी शशि मोहन सिंह ने मीडिया के सामने थाना परिसर के सीसीटीवी फुटेज, मेडिकल रिपोर्ट और पूरी कार्रवाई का ब्यौरा प्रस्तुत किया। पुलिस ने दावा किया है कि गिरफ्तारी से लेकर जेल भेजे जाने तक आरोपी के साथ किसी भी चरण में मारपीट या दुर्व्यवहार नहीं किया गया। पुलिस के अनुसार, 10 जून को मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए संजय बघेल के कब्ज़े से 30 लीटर अवैध महुआ शराब बरामद की गई थी। दोपहर 12:43 बजे उसे कोतरारोड थाना लाया गया और वैधानिक प्रक्रिया पूरी कर दोपहर 2:15 बजे विधिवत गिरफ्तार किया गया। एसएसपी ने बताया कि थाना परिसर के सीसीटीवी फुटेज में संजय बघेल के साथ पुलिस का सामान्य और मानवीय व्यवहार स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है, जिसमें उसे पानी पिलाते, भोजन कराते और परिजनों से मुलाकात कराते हुए भी दिखाया गया है। शाम 4:35 बजे संजय बघेल को मेडिकल परीक्षण और न्यायालयीन प्रक्रिया के लिए थाना से रवाना किया गया था, जहाँ चिकित्सीय परीक्षण के दौरान उसने किसी चोट या शारीरिक परेशानी की शिकायत नहीं की, और मेडिकल रिपोर्ट में उसे फिट बताया गया था। इसके बाद शाम करीब 6:30 बजे परिजनों की मौजूदगी में उसे जेल दाखिल कराया गया। पुलिस ने मामले में प्राप्त पोस्टमार्टम रिपोर्ट का हवाला देते हुए बताया कि मृतक के शरीर पर पाई गई चोटों को मृत्यु का प्रत्यक्ष कारण नहीं माना गया है। मृत्यु के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए विसरा और हिस्टोपैथोलॉजिकल जांच कराई जा रही है, जिनकी रिपोर्ट आने के बाद ही अंतिम स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। संजय बघेल की मृत्यु की न्यायिक जांच जेएमएफसी रायगढ़ द्वारा की जा रही है, जिसमें पुलिस पूरा सहयोग देने और जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित करने की बात कह रही है। हालांकि, मृतक के परिजनों द्वारा पुलिसकर्मियों पर रुपये लेने के आरोप को एसएसपी ने गंभीरता से लिया है। इस आरोप के चलते मामले के जांचकर्ता प्रधान आरक्षक श्यामदेव साहू और आरक्षक शंभू चौहान को तत्काल प्रभाव से लाइन अटैच कर दिया गया है। इस शिकायत की विस्तृत जांच डीएसपी मुख्यालय को सौंपी गई है।1
- बिलासपुर में एक पॉक्सो मामले की जाँच में लापरवाही सामने आने के बाद एसएसपी ने बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। इस कार्रवाई के तहत, सिरगिट्टी थाना प्रभारी टीआई अभय सिंह और एसआई संतोषी अग्रवाल को लाइन अटैच कर दिया गया है। उनकी जगह टीआई वायपी सिंह को सिरगिट्टी का नया थाना प्रभारी नियुक्त किया गया है। इसी तरह, पचपेड़ी थाना प्रभारी राज सिंह को भी पद से हटाकर टीआई कमला पुसाम को उस थाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। यह प्रशासनिक कार्रवाई मुख्यमंत्री से शिकायत मिलने के बाद की गई। एसएसपी ने मामले की जाँच रिपोर्ट सात दिनों के भीतर तलब की है।1
- बिलासपुर में पुलिस देवदूत की तरह पहुंची और एक बुजुर्ग व्यक्ति की जान बचाई है।1
- बिलासपुर जिले के सीपत क्षेत्र में स्थित एनटीपीसी के राखड़ बांध से लगातार हो रहे जल रिसाव को लेकर किसानों का आक्रोश एक बार फिर सामने आया है। भारतीय किसान संघ, छत्तीसगढ़ प्रदेश के बैनर तले प्रभावित किसानों ने जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर वर्षों से हो रहे फसल नुकसान की भरपाई और स्थायी समाधान की मांग की है। किसानों का आरोप है कि एनटीपीसी सीपत के राखड़ बांध नंबर-3 से वर्ष 2007 से लगातार जल रिसाव हो रहा है। इसके कारण आसपास की कृषि भूमि प्रभावित हो रही है, जिससे उनकी खेती बर्बाद हो रही है और उन्हें आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। ज्ञापन में बताया गया है कि प्रभावित किसान वर्ष 2009 से लगातार मुआवजे की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक उन्हें उचित राहत नहीं मिल सकी है। किसानों का कहना है कि उनकी जीविका का मुख्य आधार खेती और सब्जी उत्पादन है, लेकिन जलभराव और भूमि की क्षति के कारण वे खेती करने से वंचित हो रहे हैं। किसानों ने प्रशासन को सौंपे गए आवेदन में अपनी लगभग 5.34 एकड़ भूमि प्रभावित होने की बात कही है। इस मामले को लेकर पहले भी केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री तोखन साहू द्वारा संबंधित विभागों को पत्र लिखकर किसानों की समस्या पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करते हुए जांच और आवश्यक कार्रवाई के निर्देश देने का आग्रह किया गया था। उस पत्र में उल्लेख था कि सीपत क्षेत्र के आठ गांवों के सैकड़ों किसान इस समस्या से प्रभावित हैं और लगभग 500 एकड़ भूमि पर खेती प्रभावित हो रही है। किसानों ने अपनी मांग दोहराते हुए कहा है कि वर्ष 2009 से अब तक हुए फसल नुकसान का आकलन कर उन्हें उचित मुआवजा दिया जाए तथा भविष्य में ऐसी स्थिति न बने, इसके लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं। प्रभावित किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द समाधान नहीं निकाला गया तो वे बड़े आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। वहीं, जिला प्रशासन ने मामले की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया है।4
- केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत मंगलवार को बोदरी स्थित सांस्कृतिक भवन में एक विशेष पंजीयन शिविर का आयोजन किया गया। नई दुनिया प्रतिनिधि अमित दीक्षित जी द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, इस शिविर में आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में नागरिकों ने हिस्सा लिया और योजना से संबंधित विस्तृत जानकारी प्राप्त करने के साथ-साथ अपना पंजीकरण भी करवाया। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत वितरण कंपनी मर्यादित, चकरभाटा-बिल्हा वितरण केंद्र, बिलासपुर के अधिकारियों और कर्मचारियों ने उपस्थित लोगों को योजना के लाभ, सब्सिडी की प्रक्रिया और सोलर रूफटॉप स्थापना के संबंध में पूरी जानकारी प्रदान की। शिविर में जूनियर इंजीनियर (JE) अनुराग सोनी, टीडी (TD) रामानंद शर्मा और टीडी (TD) गौरी शंकर भारद्वाज विशेष रूप से मौजूद रहे। उन्होंने लोगों को इस योजना से अधिक से अधिक जुड़ने और अपने घरों में सौर ऊर्जा अपनाकर बिजली बिलों में राहत पाने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान देने के लिए प्रेरित किया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना का मुख्य उद्देश्य आम नागरिकों को स्वच्छ एवं सस्ती ऊर्जा उपलब्ध कराना है। शिविर में उपस्थित लोगों ने इस योजना के प्रति अत्यधिक उत्साह दिखाया और बड़ी संख्या में पंजीकरण करवाया। उन्होंने भविष्य में भी इसी तरह के जन जागरूकता कार्यक्रमों के आयोजन की मांग की, ताकि छत्तीसगढ़ मुफ्त बिजली की दिशा में और आगे बढ़ सके।1
- छत्तीसगढ़ सद्भाव पत्रकार संघ बिलासपुर (छ.ग.)............. छत्तीसगढ़ सद्भाव पत्रकार संघ बिलासपुर (छ.ग.)..........1
- बिलासपुर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र स्थित संगम नगर में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जहाँ 70 वर्षीय पंचूराम सोनवानी ने अपनी पत्नी सुमित्रा बाई सोनवानी की हत्या कर दी। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, आरोपी पंचूराम अपनी पत्नी के चरित्र पर संदेह करता था, जिसके चलते दोनों के बीच अक्सर झगड़े होते रहते थे। मंगलवार को उनका विवाद हिंसक हो गया और पंचूराम ने धारदार हथियार से सुमित्रा बाई पर हमला कर दिया, जिससे महिला की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुँची और आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया। इस भयावह घटना ने पूरे बिलासपुर को झकझोर कर रख दिया है, खासकर इसलिए क्योंकि एक ही दिन में सिविल लाइन और सिरगिट्टी क्षेत्र में हुई यह हत्या की दूसरी वारदात थी। 70 साल की उम्र में हत्यारा बनकर सलाखों के पीछे पहुँचे पंचूराम सोनवानी की इस करतूत ने इलाके में सनसनी फैला दी है।1