नागौर,,निकटवर्ती गांव हरिमा में पिछले 35 दिनो से लगातार धरना चल रहा है, आज धरना देने वाले किसानों ने हरिमा गांव से नागौर मानासर स्थित पशु प्रदर्शनी मैदान तक टेक्ट्रर रैली निकाली, टेक्ट्रर रेली में सैंकड़ों की संख्या में किसानों ने नारेबाजी करते हुए यह सभी किसान हरिमा गांव से नागौर के मानासर पशु प्रदर्शनी मैदान पहुंचे। गौरतलब है कि हरिमा गांव में सीमेंट कंपनी जेएसडब्ल्यू के खिलाफ यह सभी किसान पिछले 35 दिनों से धरने पर बैठे है किसानों की मांगों पर अब तक किसी भी तरह से पूर्ण रूप सहमति नही बन पाई है। यह धरना प्रदर्शन राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के नेतृत्व में यह धरना प्रदर्शन चल रहा है आज भी इस ट्रैक्टर रैली की अगवाई खींवसर से पूर्व विधायक नारायण बेनीवाल ने की नारायण बेनीवाल ने कहा कि जब तक हमारी सभी मांगों पर सरकार और कंपनी और किसानों के बीच सहमति बन नहीं जाती है तब तक यह धरना प्रदर्शन लगातार जारी रहेगा और नारायण बेनीवाल ने चेतावनी देते हुए यह भी कहा कि हमारे द्वारा 4 मार्च को भी सभी समस्याओं को लेकर हमने कलेक्टर को ज्ञापन सोपा था लेकिन एक दो मांगों को छोड़कर बाकी कीमांगों को लेकर सरकार और कंपनी अभी तक आगे नहीं बढ़ पाई है इसी का ही यह कारण है कि आज हमें लिए ट्रैक्टर वाहन रैली के साथ प्रदर्शन करना पड़ रहा है उन्होंने आगे कहा कि अब भी यदि सरकार नहीं चेतती है या फिर जेएसडब्ल्यू कंपनी के द्वारा किसानों की जायज मांगों पर गौर करके उनकी मांगों पर सहमति नहीं दी जाती है तो आने वाले समय में राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के प्रमुख हनुमान बेनीवाल के नेतृत्व में हम एक बड़े आंदोलन की और अग्रसर होने को मजबूर होंगे। नारायण बेनीवाल ने कहा कि स्थानीय युवाओं को रोजगार देने की बजाय कंपनी बाहर से युवाओं को अपने यहां पर रोजगार देती है जो यहां के क्षेत्र के युवाओं के साथ एक धोखा है कंपनी को जब जमीन लेनी होती है तब तो यह बड़े-बड़े वादे करते हैं कि यहां पर रोजगार के साधन उपलब्ध होंगे युवाओं को रोजगार दिया जाएगा किसानों को उचित मुआवजा दिया जाएगा और पर्यावरण को भी नुकसान पहुंचाएं बगैर हम यहां परकंपनी शुरू करेंगे लेकिन जब कंपनी जमीन खरीद लेती है और कंपनी आगे बढ़ती है तो यह सब वादे कंपनी भूल जाती है सरकार भी कंपनी का ही साथ देती है ना कि क्षेत्र वासियों का और किसानों का जो हम बिल्कुल भी सहन नहीं करेंगे।
नागौर,,निकटवर्ती गांव हरिमा में पिछले 35 दिनो से लगातार धरना चल रहा है, आज धरना देने वाले किसानों ने हरिमा गांव से नागौर मानासर स्थित पशु प्रदर्शनी मैदान तक टेक्ट्रर रैली निकाली, टेक्ट्रर रेली में सैंकड़ों की संख्या में किसानों ने नारेबाजी करते हुए यह सभी किसान हरिमा गांव से नागौर के मानासर पशु प्रदर्शनी मैदान पहुंचे। गौरतलब है कि हरिमा गांव में सीमेंट कंपनी जेएसडब्ल्यू के खिलाफ यह सभी किसान पिछले 35 दिनों से धरने पर बैठे है किसानों की मांगों पर अब तक किसी भी तरह से पूर्ण रूप सहमति नही बन पाई है। यह धरना प्रदर्शन राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के नेतृत्व में यह धरना प्रदर्शन चल रहा है आज भी इस ट्रैक्टर रैली की अगवाई खींवसर से पूर्व विधायक नारायण बेनीवाल ने की नारायण बेनीवाल ने कहा कि जब तक हमारी सभी मांगों पर सरकार और कंपनी और किसानों के बीच सहमति बन नहीं जाती है तब तक यह धरना प्रदर्शन लगातार जारी रहेगा और नारायण बेनीवाल ने चेतावनी देते हुए यह भी कहा कि हमारे द्वारा 4 मार्च को भी सभी समस्याओं को लेकर हमने कलेक्टर को ज्ञापन सोपा था लेकिन एक दो मांगों को छोड़कर बाकी कीमांगों को लेकर सरकार और कंपनी अभी तक आगे नहीं बढ़ पाई
है इसी का ही यह कारण है कि आज हमें लिए ट्रैक्टर वाहन रैली के साथ प्रदर्शन करना पड़ रहा है उन्होंने आगे कहा कि अब भी यदि सरकार नहीं चेतती है या फिर जेएसडब्ल्यू कंपनी के द्वारा किसानों की जायज मांगों पर गौर करके उनकी मांगों पर सहमति नहीं दी जाती है तो आने वाले समय में राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के प्रमुख हनुमान बेनीवाल के नेतृत्व में हम एक बड़े आंदोलन की और अग्रसर होने को मजबूर होंगे। नारायण बेनीवाल ने कहा कि स्थानीय युवाओं को रोजगार देने की बजाय कंपनी बाहर से युवाओं को अपने यहां पर रोजगार देती है जो यहां के क्षेत्र के युवाओं के साथ एक धोखा है कंपनी को जब जमीन लेनी होती है तब तो यह बड़े-बड़े वादे करते हैं कि यहां पर रोजगार के साधन उपलब्ध होंगे युवाओं को रोजगार दिया जाएगा किसानों को उचित मुआवजा दिया जाएगा और पर्यावरण को भी नुकसान पहुंचाएं बगैर हम यहां परकंपनी शुरू करेंगे लेकिन जब कंपनी जमीन खरीद लेती है और कंपनी आगे बढ़ती है तो यह सब वादे कंपनी भूल जाती है सरकार भी कंपनी का ही साथ देती है ना कि क्षेत्र वासियों का और किसानों का जो हम बिल्कुल भी सहन नहीं करेंगे।
- नागौर,,लगभग दो माह के लंबे समय बाद सरकार ने जारी की आईएएस अधिकारियों की तबादला सूची में नागौर को नया कलेक्टर दिया इसी क्रम में आज बुधवार को देवेंद्र कुमार ने नागौर के जिला कलेक्टर के पद पर कार्य भार संभाल लिया। पत्रकारों से औपचारिक बातचीत कर नए कलेक्टर देवेंद्र कुमार ने अपनी कार्यशैली से सभी वर्ग को खुश रखने पर जोर दिया और सरकार की मंशा अनुरूप कार्य करने पर जोर दिया ।उन्होंने हाल में बजट में जिले भर में जिस प्रकट कार्य करने का वादा किया उसे पूर्ण करने पर विशेष जोर दिया जाएगा और बजट प्रावधान पूरे हो इस पर प्राथमिकता दी जाएगी । ।उन्होंने शिक्षा पर खास ध्यान देने की बात कही और युवाओं को रोजगारोन्मुख योजनाओं से जोड़ने पर जोर दिया । इसके अतिरिक्त विद्युत,पानी,कृषि,खेलकूद एवं अन्य विभागों के अधिकारियों के समन्वय की कम को आगे बढ़ाने पर बल दिया । नए कलेक्टर देवेंद्र कुमार दौसा से स्थानांतरण होकर नागौर आए हे,सरकार ने कल ही स्थानांतरण सूची जारी की थी और जल्द से जल्द पदभार ग्रहण करने के मंशा जताई थी । कार्यभार गृहण के समय अतिरिक्त कलेक्टर चंपालाल जीनगर जिनके पास जिला कलेक्टर का चार्ज था,उन्होंने नए कलेक्टर को चार्ज हैंडओवर किया ।नागौर के उपखंड अधिकारी और डीआरडीए के मुख्य कार्यकारी अधिकारी भी चार्ज लेन देन के समय मौजूद थे ।2
- Post by मोहित पासी ब्लॉक अध्यक्ष लाखन आर्मी1
- नागौर, 1 अप्रैल। नव नियुक्त जिला कलक्टर देवेंद्र कुमार ने बुधवार को दोपहर बाद नागौर कलक्टर का पदभार संभाला। शासन सचिवालय से जारी आदेशानुसार बुधवार को दौसा कलक्टर रहे देवेंद्र कुमार ने नागौर जिला कलक्टर का पदभार संभाला।1
- बीकानेर मौके से वीडियो शाकिर हुसैन बीकानेर के कोटगेट रेलवे फाटक पर एक बार फिर अव्यवस्था का आलम देखने को मिला, जहां आम लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। बुधवार सुबह करीब एक घंटे तक फाटक बंद रहने से दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।स्थानीय लोगों के अनुसार, एक ट्रेन के गुजरने के बाद भी फाटक नहीं खुला और कुछ ही देर में दूसरी ट्रेन आने से स्थिति और बिगड़ गई। लगातार बंद फाटक के कारण लोगों को गर्मी में खड़े रहना पड़ा और यातायात पूरी तरह बाधित हो गया।प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि यह समस्या नई नहीं है, बल्कि कोटगेट रेलवे फाटक पर लंबे समय से यही स्थिति बनी हुई है। शहर में रेलवे क्रॉसिंग पर जाम की समस्या वर्षों से चली आ रही है और इसका स्थायी समाधान अब तक नहीं हो पाया है। मौके से वीडियो: शाकिर हुसैन1
- दिन-रात ड्यूटी, लेकिन सैलरी सिर्फ 7 हजार – PBM गार्ड्स का सवाल-गार्ड पंहुचे संभाकीय आयुक्त- सैलरी बढ़ाने का दिया दिलासा #news #live #bikaner1
- जसरासर थाना क्षेत्र के झाड़ेली गांव में हुई हत्या के मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है जिनको न्यायालय में पेश किया गया न्यायालय द्वारा चारों ही आरोपियों को 5 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया।1
- janmdin per dhamaka1
- नागौर,,निकटवर्ती गांव हरिमा में पिछले 35 दिनो से लगातार धरना चल रहा है, आज धरना देने वाले किसानों ने हरिमा गांव से नागौर मानासर स्थित पशु प्रदर्शनी मैदान तक टेक्ट्रर रैली निकाली, टेक्ट्रर रेली में सैंकड़ों की संख्या में किसानों ने नारेबाजी करते हुए यह सभी किसान हरिमा गांव से नागौर के मानासर पशु प्रदर्शनी मैदान पहुंचे। गौरतलब है कि हरिमा गांव में सीमेंट कंपनी जेएसडब्ल्यू के खिलाफ यह सभी किसान पिछले 35 दिनों से धरने पर बैठे है किसानों की मांगों पर अब तक किसी भी तरह से पूर्ण रूप सहमति नही बन पाई है। यह धरना प्रदर्शन राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के नेतृत्व में यह धरना प्रदर्शन चल रहा है आज भी इस ट्रैक्टर रैली की अगवाई खींवसर से पूर्व विधायक नारायण बेनीवाल ने की नारायण बेनीवाल ने कहा कि जब तक हमारी सभी मांगों पर सरकार और कंपनी और किसानों के बीच सहमति बन नहीं जाती है तब तक यह धरना प्रदर्शन लगातार जारी रहेगा और नारायण बेनीवाल ने चेतावनी देते हुए यह भी कहा कि हमारे द्वारा 4 मार्च को भी सभी समस्याओं को लेकर हमने कलेक्टर को ज्ञापन सोपा था लेकिन एक दो मांगों को छोड़कर बाकी कीमांगों को लेकर सरकार और कंपनी अभी तक आगे नहीं बढ़ पाई है इसी का ही यह कारण है कि आज हमें लिए ट्रैक्टर वाहन रैली के साथ प्रदर्शन करना पड़ रहा है उन्होंने आगे कहा कि अब भी यदि सरकार नहीं चेतती है या फिर जेएसडब्ल्यू कंपनी के द्वारा किसानों की जायज मांगों पर गौर करके उनकी मांगों पर सहमति नहीं दी जाती है तो आने वाले समय में राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के प्रमुख हनुमान बेनीवाल के नेतृत्व में हम एक बड़े आंदोलन की और अग्रसर होने को मजबूर होंगे। नारायण बेनीवाल ने कहा कि स्थानीय युवाओं को रोजगार देने की बजाय कंपनी बाहर से युवाओं को अपने यहां पर रोजगार देती है जो यहां के क्षेत्र के युवाओं के साथ एक धोखा है कंपनी को जब जमीन लेनी होती है तब तो यह बड़े-बड़े वादे करते हैं कि यहां पर रोजगार के साधन उपलब्ध होंगे युवाओं को रोजगार दिया जाएगा किसानों को उचित मुआवजा दिया जाएगा और पर्यावरण को भी नुकसान पहुंचाएं बगैर हम यहां परकंपनी शुरू करेंगे लेकिन जब कंपनी जमीन खरीद लेती है और कंपनी आगे बढ़ती है तो यह सब वादे कंपनी भूल जाती है सरकार भी कंपनी का ही साथ देती है ना कि क्षेत्र वासियों का और किसानों का जो हम बिल्कुल भी सहन नहीं करेंगे।2