ओवीसी एससी एसटी सयुक्त मोर्चा के नेतृत्व मे हुआ यूजीसी कानून के समर्थन व 27%ओबीसी आरक्षण की मांग को लेकर विशाल हल्ला बोल आंदोलन यूजीसी कानून के समर्थन व 27% ओबीसी आरक्षण की मांग को लेकर देवरी में विशाल ‘हल्ला बोल’ आंदोलन देवरी सागर मध्यप्रदेश शुक्रवार को सागर जिले की देवरी तहसील में ओबीसी–एससी–एसटी संयुक्त मोर्चा के नेतृत्व में यूजीसी कानून के समर्थन एवं 27 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण की मांग को लेकर भव्य हल्ला बोल आंदोलन आयोजित किया गया। इस दौरान सैकड़ों की संख्या में ओबीसी, एससी और एसटी समाज के लोग एकत्रित हुए। कार्यक्रम की शुरुआत बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा स्थल परिसर से हुई, जहां उपस्थित जनसमूह ने महापुरुषों के जयकारों के साथ रैली निकाली। रैली नगर के प्रमुख चौराहों से गुजरते हुए बाबा साहब अंबेडकर, महात्मा गांधी और सरदार वल्लभ भाई पटेल की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण करती हुई आगे बढ़ी। रैली अंततः एसडीएम कार्यालय पहुंची, जहां आंदोलनकारियों ने तहसीलदार के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में यूजीसी कानून को प्रभावी रूप से लागू करने, 27% ओबीसी आरक्षण को सुनिश्चित करने तथा सामाजिक न्याय से जुड़े मुद्दों पर ठोस कार्रवाई की मांग की गई। आंदोलन को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि सामाजिक समानता और संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए यह संघर्ष जारी रहेगा और सरकार को जनभावनाओं का सम्मान करते हुए शीघ्र निर्णय लेना चाहिए। आवाज मध्यप्रदेश न्यूज़ 24 देवरी सागर से सोनू प्रजापति की रिपोर्ट
ओवीसी एससी एसटी सयुक्त मोर्चा के नेतृत्व मे हुआ यूजीसी कानून के समर्थन व 27%ओबीसी आरक्षण की मांग को लेकर विशाल हल्ला बोल आंदोलन यूजीसी कानून के समर्थन व 27% ओबीसी आरक्षण की मांग को लेकर देवरी में विशाल ‘हल्ला बोल’ आंदोलन देवरी सागर मध्यप्रदेश शुक्रवार को सागर जिले की देवरी तहसील में ओबीसी–एससी–एसटी संयुक्त मोर्चा के नेतृत्व में यूजीसी कानून के समर्थन एवं 27 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण की मांग को लेकर भव्य हल्ला बोल आंदोलन आयोजित किया गया। इस दौरान सैकड़ों की संख्या में ओबीसी, एससी और एसटी समाज के लोग एकत्रित हुए। कार्यक्रम की शुरुआत बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा स्थल परिसर से हुई, जहां उपस्थित जनसमूह ने महापुरुषों के जयकारों के साथ
रैली निकाली। रैली नगर के प्रमुख चौराहों से गुजरते हुए बाबा साहब अंबेडकर, महात्मा गांधी और सरदार वल्लभ भाई पटेल की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण करती हुई आगे बढ़ी। रैली अंततः एसडीएम कार्यालय पहुंची, जहां आंदोलनकारियों ने तहसीलदार के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में यूजीसी कानून को प्रभावी रूप से लागू करने, 27% ओबीसी आरक्षण को सुनिश्चित करने तथा सामाजिक न्याय से जुड़े मुद्दों पर ठोस कार्रवाई की मांग की गई। आंदोलन को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि सामाजिक समानता और संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए यह संघर्ष जारी रहेगा और सरकार को जनभावनाओं का सम्मान करते हुए शीघ्र निर्णय लेना चाहिए। आवाज मध्यप्रदेश न्यूज़ 24 देवरी सागर से सोनू प्रजापति की रिपोर्ट
- राजसभा में बजट पर चर्चा के दौरान आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह द्वारा जो तथ्य सरकार के द्वारा भारत को विकसित भारत बनाने में अवधि और वर्तमान व्यवस्था को लेकर निशाना साधते हैं वह सरकार की पोल खोल दे रही स्पीच1
- यूजीसी कानून के समर्थन व 27% ओबीसी आरक्षण की मांग को लेकर देवरी में विशाल ‘हल्ला बोल’ आंदोलन देवरी सागर मध्यप्रदेश शुक्रवार को सागर जिले की देवरी तहसील में ओबीसी–एससी–एसटी संयुक्त मोर्चा के नेतृत्व में यूजीसी कानून के समर्थन एवं 27 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण की मांग को लेकर भव्य हल्ला बोल आंदोलन आयोजित किया गया। इस दौरान सैकड़ों की संख्या में ओबीसी, एससी और एसटी समाज के लोग एकत्रित हुए। कार्यक्रम की शुरुआत बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा स्थल परिसर से हुई, जहां उपस्थित जनसमूह ने महापुरुषों के जयकारों के साथ रैली निकाली। रैली नगर के प्रमुख चौराहों से गुजरते हुए बाबा साहब अंबेडकर, महात्मा गांधी और सरदार वल्लभ भाई पटेल की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण करती हुई आगे बढ़ी। रैली अंततः एसडीएम कार्यालय पहुंची, जहां आंदोलनकारियों ने तहसीलदार के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में यूजीसी कानून को प्रभावी रूप से लागू करने, 27% ओबीसी आरक्षण को सुनिश्चित करने तथा सामाजिक न्याय से जुड़े मुद्दों पर ठोस कार्रवाई की मांग की गई। आंदोलन को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि सामाजिक समानता और संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए यह संघर्ष जारी रहेगा और सरकार को जनभावनाओं का सम्मान करते हुए शीघ्र निर्णय लेना चाहिए। आवाज मध्यप्रदेश न्यूज़ 24 देवरी सागर से सोनू प्रजापति की रिपोर्ट2
- Post by Jya yadav Naresh1
- Post by Mukesh Ahirwar bhimarmy1
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- नरसिंहपुर में अवैध शराब का कारोबार करने वाले शराब माफिया धनराज लोधी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने यह भी जानकारी दी कि आरोपी के खिलाफ एक रुपए का इनाम घोषित था1
- धर्म का महायज्ञ मानव को सेवा और प्रेम का मार्ग दिखाता है : श्री शिवराज सिंह चौहान सागर। धर्म का वास्तविक स्वरूप सेवा और प्रेम में निहित है। केन्द्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि धर्म का महायज्ञ मानव को स्वार्थ से ऊपर उठकर सेवा, भक्ति और प्रेम का मार्ग दिखाता है। परमपूज्य पं. प्रेमभूषण जी महाराज के सान्निध्य में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि मानव जीवन का परम लक्ष्य परमात्मा की प्राप्ति और समाज के कल्याण के लिए कर्मरत रहना है।यह उद्गार केंद्रीय कृषि कल्याण एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने रुद्राक्ष धाम मंदिर प्रांगण में आयोजित श्रीराम कथा मंच से अपने संबोधन में व्यक्त किए। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केन्द्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि व्यासपीठ पर विराजमान परमपूज्य पं. प्रेमभूषण जी महाराज का जीवन प्रेम, ज्ञान और भक्ति का अनुपम उदाहरण है। आत्मा के मोक्ष और जगत के कल्याण के लिए की जाने वाली उनकी कथाएं समाज को सही दिशा देती हैं। उन्होंने कहा कि दक्षिणमुखी हनुमान जी के भव्य मंदिर का निर्माण कराने वाले आदरणीय भूपेन्द्र सिंह वास्तव में सौभाग्यशाली हैं। ऐसे कार्य केवल ईश्वर की विशेष कृपा से ही संभव होते हैं। उन्होंने सभी संतगणों एवं उपस्थित अतिथियों को सादर प्रणाम किया चौहान ने कहा कि अभी उन्हें नेता कहकर संबोधित किया गया, लेकिन सच्चा आनंद नेता बनने में नहीं बल्कि सेवक बनकर कार्य करने में है। मानव जीवन का अंतिम लक्ष्य परमात्मा की प्राप्ति और आनंद की अनुभूति है। शास्त्रों में भगवान को प्राप्त करने के तीन मार्ग बताए गए हैं कृज्ञान, भक्ति और कर्म। उन्होंने कहा कि ज्ञान मार्ग में यह बताया गया है कि सत्य केवल ब्रह्म है और शेष सब मिथ्या है, जैसा कि प्रेमभूषण जी महाराज अपने उपदेशों से समझा रहे हैं। भक्ति मार्ग पर चलने वाला भक्त भगवान की भक्ति में पूर्णतः रम जाता हैकृकोई उन्हें स्वामी मानता है तो कोई पिता। कर्म मार्ग में भगवान द्वारा निर्धारित कर्तव्यों को ईमानदारी और परिश्रम से निभाने की प्रेरणा दी गई है। भगवान श्रीकृष्ण ने भी कहा है कि कर्म किए बिना कोई रह नहीं सकता। अपने संबोधन में चौहान ने रामायण की एक प्रेरक कथा का उल्लेख करते हुए कहा कि माता सीता द्वारा हनुमान जी को दी गई मोतियों की माला को हनुमान जी ने इसलिए तोड़ दिया क्योंकि उसमें उन्हें अपने प्रभु श्रीराम और माता सीता दिखाई नहीं दिए। उन्होंने अपने सीने को चीरकर राम-सीता को प्रकट कर यह सिद्ध किया कि उनके लिए वही वस्तु मूल्यवान है जिसमें प्रभु का वास हो। उन्होंने कहा कि सृष्टि के कण-कण में सीता-राम विराजमान हैं, इसलिए सभी को अपने समान मानना चाहिए। प्रेम ही भगवान की सबसे बड़ी पूजा है और सेवा से बड़ा कोई धर्म नहीं। जितनी सेवा संभव हो, उतनी सेवा करनी चाहिए, क्योंकि वास्तव में दूसरा कोई है ही नहीं।चौहान ने कहा कि जब तक जीवन है, तब तक दूसरों के सुख और आनंद के लिए कार्य करना ही सच्ची साधना है, और वे स्वयं भी निरंतर इसी प्रयास में लगे हुए हैं।1
- महाशिवरात्रि इस वर्ष 15 फरवरी को जिसमें बुंदेली लोकगीतों के प्रसिद्ध गायक जयसिंह राजा दिनांक 15 फरवरी 2026 महाशिवरात्रि पर बरकोटी कलां में जहां श्री मतंगेश्वर महादेव जी का विशाल शिवलिंग विराजमान जो कर्क रेखा के मध्य विराजमान है मान्यता है कि इस शिवलिंग का आकार प्रतिवर्ष बढ़ रहा था जिसे स्थाई करने मंदिर के पुजारी ने खील ठोक दी तब से शिवलिंग स्थाई रूप मे विराजमान है उसी धार्मिक क्षेत्र में "रंगारंग कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है* *पं, गिरीश शर्मा पत्रकार गौरझामर*1