logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

शाहनगर पुलिस ने किया अंधे हत्याकांड का खुलासा, आरोपी को गिरफ्तार कर हथियार किया जप्त

11 hrs ago
user_Saurabh Singh
Saurabh Singh
पत्रकार शाहनगर, पन्ना, मध्य प्रदेश•
11 hrs ago

शाहनगर पुलिस ने किया अंधे हत्याकांड का खुलासा, आरोपी को गिरफ्तार कर हथियार किया जप्त

More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • Post by Saurabh Singh
    1
    Post by Saurabh Singh
    user_Saurabh Singh
    Saurabh Singh
    पत्रकार शाहनगर, पन्ना, मध्य प्रदेश•
    11 hrs ago
  • रेलवे स्टेशन सलीमाबाद में ग्राम संघर्ष समिति के द्वारा विशाल धरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया जी की रेल प्रशासन को विगत 15 वर्षों रेल्वे आवेदन निवेदन का क्रम चलता रहा ग्रामीणों का धैर्य टूट जाने के बाद आंदोलन का एकमात्र सहारा लेते हुए झरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया जिसमें ग्राम संघर्ष समिति के द्वारा विरोध दर्ज कराती हुई वाणिज्य रेल प्रबंधक नितिन सोने के हाथों में ज्ञापन सोपा गया जिसमें समिति के सदस्यों ने एक माह का समय रेल शासन को दिया है संतोषजनक निराकरण नहीं होने पर दोबारा आंदोलन की चेतावनी भी दी गई है रेल प्रशासन के उच्च अधिकारी डीआरएम गम के प्रतिनिधि नितिन सोने ने हर संभव मदद का भरोसा दिल आया है और रीवा इतवारी का स्टॉपेज 15 दिवस के भीतर देने का आश्वासन दिया है बाकी अन्य ट्रेनों की मांग को पूर्व में ही रेल मंत्रालय के समक्ष डीआरएम कार्यालय की उचित सहमति के साथ भेज दिया गया है जो जल्द ही तीनों के ठहराव के संबंध में निराकरण से क्षेत्र वासियों को अवगत कराने की बात कही है इस मौके पर सतना से ईश्वर चंद्र त्रिपाठी सलीमानाबाद से पंडित प्रदीप त्रिपाठी जिला पंचायत सदस्य दीपक तिवारी ठाकुर मदन सिंह अमरदीप साहू राजाराम गुप्ता धरवारा से अमित गर्ग
    1
    रेलवे स्टेशन सलीमाबाद में ग्राम संघर्ष समिति के द्वारा विशाल धरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया जी की रेल प्रशासन को विगत 15 वर्षों रेल्वे आवेदन निवेदन का क्रम चलता रहा ग्रामीणों का धैर्य टूट जाने के बाद आंदोलन का एकमात्र सहारा लेते हुए झरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया जिसमें ग्राम संघर्ष समिति के द्वारा विरोध दर्ज कराती हुई वाणिज्य रेल प्रबंधक नितिन सोने के हाथों में ज्ञापन सोपा गया जिसमें समिति के सदस्यों ने एक माह का समय रेल शासन को दिया है संतोषजनक निराकरण नहीं होने पर दोबारा आंदोलन की चेतावनी भी दी गई है रेल प्रशासन के उच्च अधिकारी डीआरएम गम के प्रतिनिधि नितिन सोने  ने हर संभव मदद का भरोसा दिल आया है और रीवा इतवारी का स्टॉपेज 15 दिवस के भीतर देने का आश्वासन दिया है बाकी अन्य ट्रेनों की मांग को पूर्व में ही रेल मंत्रालय के समक्ष डीआरएम कार्यालय की उचित सहमति के साथ भेज दिया गया है जो जल्द ही तीनों के ठहराव के संबंध में निराकरण से क्षेत्र वासियों को अवगत कराने की बात कही है इस मौके पर सतना से ईश्वर चंद्र त्रिपाठी सलीमानाबाद से पंडित प्रदीप त्रिपाठी जिला पंचायत सदस्य दीपक तिवारी ठाकुर मदन सिंह अमरदीप साहू राजाराम गुप्ता धरवारा से अमित गर्ग
    user_प्रधान संपादक Rudradatt Pande
    प्रधान संपादक Rudradatt Pande
    Accountant कटनी नगर, कटनी, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • रीठी बायपास के पास अवैध प्लाटिंग का खेल धड़ल्ले से जारी, प्रशासन मौन कटनी – कटनी शहर के रीठी बायपास क्षेत्र में इन दिनों अवैध प्लाटिंग का खेल तेजी से फैलता नजर आ रहा है। मुख्य सड़क से लगी कृषि भूमि को बिना वैधानिक अनुमति के छोटे-छोटे प्लॉटों में काटकर बेचा जा रहा है, लेकिन जिम्मेदार प्रशासन अब तक इस पर सख्त कार्रवाई करता दिखाई नहीं दे रहा। स्थानीय लोगों का आरोप है कि भू - माभिया खेतों को प्लॉट में बदल रहे हैं। न तो कॉलोनी का नक्शा स्वीकृत है और न ही सड़क, नाली, पानी और अन्य बुनियादी सुविधाओं की कोई व्यवस्था की जा रही है। इसके बावजूद लोगों को सस्ते प्लॉट का लालच देकर जमीन की खरीद-फरोख्त कराई जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि कई जगहों पर जेसीबी से सड़कें बनाकर कॉलोनी का रूप दिया जा रहा है, जबकि यह पूरी प्रक्रिया नियमों के विपरीत है। अगर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो आने वाले समय में यहां बड़ी संख्या में अवैध मकान खड़े हो सकते हैं। सूत्रो के अनुसार, बिना भूमि कन्वर्जन और टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग की अनुमति के यह प्लाटिंग की जा रही है। मामले में राजस्व विभाग के कुछ जिम्मेदार अधिकारियों के मिलीभगत की भी चर्चा है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। विशेषज्ञों का मानना है कि बिना अनुमति की प्लाटिंग से खरीदारों को भी भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है, क्योंकि ऐसी कॉलोनियों को भविष्य में वैधता मिलना मुश्किल होता है और प्रशासन कभी भी कार्रवाई कर सकता है। स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि रीठी बायपास क्षेत्र में हो रही अवैध प्लाटिंग की जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि आम लोगों को ठगी से बचाया जा सके और शहर का नियोजित विकास सुनिश्चित हो सके।
    2
    रीठी बायपास के पास अवैध प्लाटिंग का खेल धड़ल्ले से जारी, प्रशासन मौन
कटनी – कटनी शहर के रीठी बायपास क्षेत्र में इन दिनों अवैध प्लाटिंग का खेल तेजी से फैलता नजर आ रहा है। मुख्य सड़क से लगी कृषि भूमि को बिना वैधानिक अनुमति के छोटे-छोटे प्लॉटों में काटकर बेचा जा रहा है, लेकिन जिम्मेदार प्रशासन अब तक इस पर सख्त कार्रवाई करता दिखाई नहीं दे रहा।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि भू - माभिया खेतों को प्लॉट में बदल रहे हैं। न तो कॉलोनी का नक्शा स्वीकृत है और न ही सड़क, नाली, पानी और अन्य बुनियादी सुविधाओं की कोई व्यवस्था की जा रही है। इसके बावजूद लोगों को सस्ते प्लॉट का लालच देकर जमीन की खरीद-फरोख्त कराई जा रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि कई जगहों पर जेसीबी से सड़कें बनाकर कॉलोनी का रूप दिया जा रहा है, जबकि यह पूरी प्रक्रिया नियमों के विपरीत है। अगर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो आने वाले समय में यहां बड़ी संख्या में अवैध मकान खड़े हो सकते हैं।
सूत्रो के अनुसार, बिना भूमि कन्वर्जन और टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग की अनुमति के यह प्लाटिंग की जा रही है। मामले में राजस्व विभाग के कुछ जिम्मेदार अधिकारियों के मिलीभगत की भी चर्चा है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि बिना अनुमति की प्लाटिंग से खरीदारों को भी भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है, क्योंकि ऐसी कॉलोनियों को भविष्य में वैधता मिलना मुश्किल होता है और प्रशासन कभी भी कार्रवाई कर सकता है।
स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि रीठी बायपास क्षेत्र में हो रही अवैध प्लाटिंग की जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि आम लोगों को ठगी से बचाया जा सके और शहर का नियोजित विकास सुनिश्चित हो सके।
    user_Deepak Gupta
    Deepak Gupta
    Murwara Or Katni, Madhya Pradesh•
    13 hrs ago
  • स्लीमनाबाद में फूटा जनआक्रोश: एक्सप्रेस ट्रेनों के स्टॉपेज की मांग पर हजारों ग्रामीणों का प्रदर्शन, रेलवे ने दिया लिखित आश्वासन स्लीमनाबाद/कटनी। लंबे समय से एक्सप्रेस ट्रेनों के ठहराव की मांग को लेकर स्लीमनाबाद रेलवे स्टेशन पर मंगलवार को जनआक्रोश का बड़ा विस्फोट देखने को मिला। ग्राम विकास संघर्ष समिति के बैनर तले आयोजित इस आंदोलन में सुबह 8 बजे से ही हजारों की संख्या में ग्रामीण, अपडाउनर्स, छात्र और क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि स्टेशन परिसर में जुट गए। देखते ही देखते पूरा स्टेशन आंदोलनकारियों से भर गया और ट्रेनों के स्टॉपेज की मांग जोरदार तरीके से उठने लगी। ग्रामीणों का कहना था कि स्लीमनाबाद क्षेत्र का प्रमुख केंद्र होने के बावजूद यहां महत्वपूर्ण एक्सप्रेस ट्रेनों का ठहराव नहीं है, जिससे व्यापारियों, छात्रों और मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। लोगों को छोटी-छोटी जरूरतों के लिए भी दूर के स्टेशनों तक जाना पड़ता है। इन प्रमुख ट्रेनों के ठहराव की उठी मांग आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने मुख्य रूप से रीवा-इतवारी एक्सप्रेस, जबलपुर-अंबिकापुर इंटरसिटी और जबलपुर-सिंगरौली इंटरसिटी के स्लीमनाबाद स्टेशन पर नियमित ठहराव की मांग उठाई। ग्रामीणों ने कहा कि इन ट्रेनों के रुकने से पूरे क्षेत्र के हजारों यात्रियों को राहत मिलेगी और व्यापारिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी। रेलवे अधिकारियों को मौके पर बुलाना पड़ा आंदोलन की तीव्रता को देखते हुए जबलपुर डीआरएम कार्यालय से वरिष्ठ रेलवे अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने आंदोलनकारियों और समिति के पदाधिकारियों से चर्चा कर उनकी मांगों को गंभीरता से सुना। इस दौरान रेलवे अधिकारियों ने आंदोलनकारियों को लिखित आश्वासन पत्र सौंपा, जिसमें बताया गया कि— रीवा-इतवारी एक्सप्रेस (11753/54) के स्लीमनाबाद में प्रायोगिक ठहराव के लिए रेलवे बोर्ड से मंजूरी मिल चुकी है और इसकी अधिसूचना जल्द जारी की जाएगी। जबलपुर-अंबिकापुर इंटरसिटी तथा जबलपुर-सिंगरौली इंटरसिटी के ठहराव का प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को अग्रसारित कर दिया गया है और इस पर सकारात्मक विचार चल रहा है। रेलवे के इस लिखित आश्वासन के बाद आंदोलनकारियों ने फिलहाल आंदोलन को स्थगित करने का निर्णय लिया, हालांकि समिति ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही ठहराव शुरू नहीं हुआ तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा। आंदोलन में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि मौजूद इस प्रदर्शन में जिला पंचायत सदस्य प्रदीप त्रिपाठी, अमरदीप साहू, दीपक तिवारी, सरपंच कल्लू दास बैरागी, मदन सिंह, जगदेव पटेल, महेंद्र दुबे, रामानुज पांडे, ईश्वर चंद्र त्रिपाठी, सीताराम दुबे, अमित गर्ग और विजय साहू सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। इसके अलावा दीनू पांडे, संटु अग्रहरि, अरविंद अग्रहरि, संतोष सिंह, विक्की जैन, अजय विश्वकर्मा, बिंदेश्वरी पटेल, गंगाधर बढ़गैया, अविनाश तिवारी, मंगल सिंह, माधुरी जैन, अजय नामदेव, जितेंद्र सिंह, विपिन सिंह और लालू खान समेत सैकड़ों ग्रामीण और अपडाउनर्स आंदोलन में शामिल रहे। ✍️ संवाददाता: बंटी नामदेव
    1
    स्लीमनाबाद में फूटा जनआक्रोश: एक्सप्रेस ट्रेनों के स्टॉपेज की मांग पर हजारों ग्रामीणों का प्रदर्शन, रेलवे ने दिया लिखित आश्वासन
स्लीमनाबाद/कटनी। लंबे समय से एक्सप्रेस ट्रेनों के ठहराव की मांग को लेकर स्लीमनाबाद रेलवे स्टेशन पर मंगलवार को जनआक्रोश का बड़ा विस्फोट देखने को मिला। ग्राम विकास संघर्ष समिति के बैनर तले आयोजित इस आंदोलन में सुबह 8 बजे से ही हजारों की संख्या में ग्रामीण, अपडाउनर्स, छात्र और क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि स्टेशन परिसर में जुट गए। देखते ही देखते पूरा स्टेशन आंदोलनकारियों से भर गया और ट्रेनों के स्टॉपेज की मांग जोरदार तरीके से उठने लगी।
ग्रामीणों का कहना था कि स्लीमनाबाद क्षेत्र का प्रमुख केंद्र होने के बावजूद यहां महत्वपूर्ण एक्सप्रेस ट्रेनों का ठहराव नहीं है, जिससे व्यापारियों, छात्रों और मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। लोगों को छोटी-छोटी जरूरतों के लिए भी दूर के स्टेशनों तक जाना पड़ता है।
इन प्रमुख ट्रेनों के ठहराव की उठी मांग
आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने मुख्य रूप से रीवा-इतवारी एक्सप्रेस, जबलपुर-अंबिकापुर इंटरसिटी और जबलपुर-सिंगरौली इंटरसिटी के स्लीमनाबाद स्टेशन पर नियमित ठहराव की मांग उठाई। ग्रामीणों ने कहा कि इन ट्रेनों के रुकने से पूरे क्षेत्र के हजारों यात्रियों को राहत मिलेगी और व्यापारिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी।
रेलवे अधिकारियों को मौके पर बुलाना पड़ा
आंदोलन की तीव्रता को देखते हुए जबलपुर डीआरएम कार्यालय से वरिष्ठ रेलवे अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने आंदोलनकारियों और समिति के पदाधिकारियों से चर्चा कर उनकी मांगों को गंभीरता से सुना।
इस दौरान रेलवे अधिकारियों ने आंदोलनकारियों को लिखित आश्वासन पत्र सौंपा, जिसमें बताया गया कि—
रीवा-इतवारी एक्सप्रेस (11753/54) के स्लीमनाबाद में प्रायोगिक ठहराव के लिए रेलवे बोर्ड से मंजूरी मिल चुकी है और इसकी अधिसूचना जल्द जारी की जाएगी।
जबलपुर-अंबिकापुर इंटरसिटी तथा जबलपुर-सिंगरौली इंटरसिटी के ठहराव का प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को अग्रसारित कर दिया गया है और इस पर सकारात्मक विचार चल रहा है।
रेलवे के इस लिखित आश्वासन के बाद आंदोलनकारियों ने फिलहाल आंदोलन को स्थगित करने का निर्णय लिया, हालांकि समिति ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही ठहराव शुरू नहीं हुआ तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
आंदोलन में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि मौजूद
इस प्रदर्शन में जिला पंचायत सदस्य प्रदीप त्रिपाठी, अमरदीप साहू, दीपक तिवारी, सरपंच कल्लू दास बैरागी, मदन सिंह, जगदेव पटेल, महेंद्र दुबे, रामानुज पांडे, ईश्वर चंद्र त्रिपाठी, सीताराम दुबे, अमित गर्ग और विजय साहू सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
इसके अलावा दीनू पांडे, संटु अग्रहरि, अरविंद अग्रहरि, संतोष सिंह, विक्की जैन, अजय विश्वकर्मा, बिंदेश्वरी पटेल, गंगाधर बढ़गैया, अविनाश तिवारी, मंगल सिंह, माधुरी जैन, अजय नामदेव, जितेंद्र सिंह, विपिन सिंह और लालू खान समेत सैकड़ों ग्रामीण और अपडाउनर्स आंदोलन में शामिल रहे।
✍️ संवाददाता: बंटी नामदेव
    user_Balkishan Namdev
    Balkishan Namdev
    Electrician कटनी (मुरवारा), कटनी, मध्य प्रदेश•
    17 hrs ago
  • कटनी: मंगलवार को कटनी कलेक्ट्रेट में आयोजित जनसुनवाई के दौरान उस समय हंगामा खड़ा हो गया जब एक परिवार ने अपनी समस्या का समाधान न होने पर आत्महत्या की धमकी दे दी। जानकारी के अनुसार पीड़ित परिवार लंबे समय से अपनी शिकायत लेकर अधिकारियों के पास पहुंच रहा था, लेकिन समाधान नहीं होने से नाराज होकर उन्होंने जनसुनवाई में जमकर विरोध जताया।
    1
    कटनी: मंगलवार को कटनी कलेक्ट्रेट में आयोजित जनसुनवाई के दौरान उस समय हंगामा खड़ा हो गया जब एक परिवार ने अपनी समस्या का समाधान न होने पर आत्महत्या की धमकी दे दी। जानकारी के अनुसार पीड़ित परिवार लंबे समय से अपनी शिकायत लेकर अधिकारियों के पास पहुंच रहा था, लेकिन समाधान नहीं होने से नाराज होकर उन्होंने जनसुनवाई में जमकर विरोध जताया।
    user_Shivcharan Yadav
    Shivcharan Yadav
    Local News Reporter रीठी, कटनी, मध्य प्रदेश•
    10 hrs ago
  • ग्राम कटारिया में महापुरुषों के विचारों को जन जन तक पहुंचाने का प्रयास।
    1
    ग्राम कटारिया में महापुरुषों के विचारों को जन जन तक पहुंचाने का प्रयास।
    user_News7india
    News7india
    बड़वारा, कटनी, मध्य प्रदेश•
    22 hrs ago
  • मैहर जिले के देहात थाना क्षेत्र अंतर्गत भेडा गेट के पास चलती बस मे लगी आग, गनीमत रही कि समय रहते ड्राइवर ने सभी को निकाला बाहर, जिसके चलते बड़ी घटना टली जा सकी, आग लगने के कारण सड़क पर बन रही ट्रैफिक जाम की स्थिति, डायल 100पुलिस पहुंची मौके पर, फायर ब्रिगेड को दी गयी सूचना
    4
    मैहर जिले के देहात थाना क्षेत्र अंतर्गत भेडा गेट के पास चलती बस मे लगी आग, गनीमत रही कि समय रहते ड्राइवर ने सभी को निकाला बाहर,  जिसके चलते बड़ी घटना टली जा सकी, आग लगने के कारण सड़क पर बन रही ट्रैफिक जाम की स्थिति, डायल 100पुलिस पहुंची मौके पर, फायर ब्रिगेड को दी गयी सूचना
    user_Deepak Tiwari (Sonu)
    Deepak Tiwari (Sonu)
    पत्रकार मैहर, सतना, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • मध्यप्रदेश के पन्ना जिले में रेत माफियाओं का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। शासन-प्रशासन की नाक के नीचे अजयगढ़ क्षेत्र से देवेंद्र नगर की ओर जा रहे रेत के ओवरलोड ट्रैक्टर न केवल नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं, बल्कि राहगीरों और खुद के मजदूरों की जान को भी जोखिम में डाल रहे हैं। लक्ष्मीपुर घाट से जो तस्वीरें सामने आई हैं, वे रोंगटे खड़े कर देने वाली हैं। ​लक्ष्मीपुर घाट की भयानाक तस्वीर ​अजयगढ़ थाना अंतर्गत दहलान चौकी से होते हुए लक्ष्मीपुर के रास्ते जब ये ट्रैक्टर गुजरते हैं, तो नजारा किसी खतरनाक स्टंट जैसा होता है। ​खतरे का खेल: लक्ष्मीपुर घाट की चढ़ाई पर रेत से लदे ट्रैक्टरों का अगला हिस्सा (टायर) जमीन से 5 से 6 फीट ऊपर हवा में उठ जाता है। ​मानव जीवन से खिलवाड़: ट्रैक्टर को पलटने से बचाने के लिए पीछे दो मजदूर अपनी जान हथेली पर रखकर 'वॉट' (वजन) लगाने के लिए लटके रहते हैं। ​बड़ा सवाल: अगर इस दौरान ट्रैक्टर का संतुलन बिगड़ा या इंजन फेल हुआ, तो उन दो मजदूरों और पीछे चल रहे राहगीरों का क्या होगा? क्या रेत की चंद ट्रॉलियों की कीमत इंसानी जान से बढ़कर है? ​प्रशासन की चुप्पी पर सवाल ​पन्ना जिले में रेत के इस अवैध और असुरक्षित परिवहन को लेकर प्रशासन के रवैये पर कई गंभीर सवाल उठ रहे हैं: ​चेकपोस्ट की भूमिका: दहलान चौकी और अजयगढ़ क्षेत्र में तैनात पुलिस और खनिज विभाग की टीम इन ओवरलोड ट्रैक्टरों को रोकने में नाकाम क्यों है? ​कागजी कार्रवाई: क्या विभाग केवल छोटी-मोटी कार्रवाई कर खानापूर्ति कर रहा है? क्योंकि धरातल पर माफियाओं के हौसले आज भी बुलंद हैं। ​जिम्मेदार कौन?: यदि लक्ष्मीपुर घाट पर कोई बड़ा हादसा होता है, तो क्या प्रशासन इसकी जिम्मेदारी लेगा? ​लक्ष्मीपुर से देवेंद्र नगर के इस मार्ग पर रेत माफियाओं का यह 'खूनी व्यापार' धड़ल्ले से जारी है। स्थानीय ग्रामीणों में इस बात को लेकर भारी आक्रोश है कि उनकी सुरक्षा को ताक पर रखकर माफिया अपनी जेबें भर रहे हैं। अब देखना यह होगा कि पन्ना कलेक्टर और पुलिस कप्तान इस वायरल हो रहे 'मौत के खेल' पर क्या कड़ा एक्शन लेते हैं।
    1
    मध्यप्रदेश के पन्ना जिले में रेत माफियाओं का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। शासन-प्रशासन की नाक के नीचे अजयगढ़ क्षेत्र से देवेंद्र नगर की ओर जा रहे रेत के ओवरलोड ट्रैक्टर न केवल नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं, बल्कि राहगीरों और खुद के मजदूरों की जान को भी जोखिम में डाल रहे हैं। लक्ष्मीपुर घाट से जो तस्वीरें सामने आई हैं, वे रोंगटे खड़े कर देने वाली हैं।
​लक्ष्मीपुर घाट की भयानाक तस्वीर
​अजयगढ़ थाना अंतर्गत दहलान चौकी से होते हुए लक्ष्मीपुर के रास्ते जब ये ट्रैक्टर गुजरते हैं, तो नजारा किसी खतरनाक स्टंट जैसा होता है।
​खतरे का खेल: लक्ष्मीपुर घाट की चढ़ाई पर रेत से लदे ट्रैक्टरों का अगला हिस्सा (टायर) जमीन से 5 से 6 फीट ऊपर हवा में उठ जाता है।
​मानव जीवन से खिलवाड़: ट्रैक्टर को पलटने से बचाने के लिए पीछे दो मजदूर अपनी जान हथेली पर रखकर 'वॉट' (वजन) लगाने के लिए लटके रहते हैं।
​बड़ा सवाल: अगर इस दौरान ट्रैक्टर का संतुलन बिगड़ा या इंजन फेल हुआ, तो उन दो मजदूरों और पीछे चल रहे राहगीरों का क्या होगा? क्या रेत की चंद ट्रॉलियों की कीमत इंसानी जान से बढ़कर है?
​प्रशासन की चुप्पी पर सवाल
​पन्ना जिले में रेत के इस अवैध और असुरक्षित परिवहन को लेकर प्रशासन के रवैये पर कई गंभीर सवाल उठ रहे हैं:
​चेकपोस्ट की भूमिका: दहलान चौकी और अजयगढ़ क्षेत्र में तैनात पुलिस और खनिज विभाग की टीम इन ओवरलोड ट्रैक्टरों को रोकने में नाकाम क्यों है?
​कागजी कार्रवाई: क्या विभाग केवल छोटी-मोटी कार्रवाई कर खानापूर्ति कर रहा है? क्योंकि धरातल पर माफियाओं के हौसले आज भी बुलंद हैं।
​जिम्मेदार कौन?: यदि लक्ष्मीपुर घाट पर कोई बड़ा हादसा होता है, तो क्या प्रशासन इसकी जिम्मेदारी लेगा?
​लक्ष्मीपुर से देवेंद्र नगर के इस मार्ग पर रेत माफियाओं का यह 'खूनी व्यापार' धड़ल्ले से जारी है। स्थानीय ग्रामीणों में इस बात को लेकर भारी आक्रोश है कि उनकी सुरक्षा को ताक पर रखकर माफिया अपनी जेबें भर रहे हैं। अब देखना यह होगा कि पन्ना कलेक्टर और पुलिस कप्तान इस वायरल हो रहे 'मौत के खेल' पर क्या कड़ा एक्शन लेते हैं।
    user_Saurabh Singh
    Saurabh Singh
    पत्रकार शाहनगर, पन्ना, मध्य प्रदेश•
    11 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.