धरियावद में भारत आदिवासी पार्टी (BAP) ने बुधवार को गृहमंत्री अमित शाह द्वारा आदिवासी समुदाय को 'वनवासी' कहने के विरोध में एक ज़ोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं ने अमित शाह का पुतला दहन किया और राष्ट्रपति के नाम तहसीलदार को एक ज्ञापन भी सौंपा। भारत आदिवासी पार्टी के ब्लॉक अध्यक्ष शंकरलाल बरगोट ने बताया कि गृहमंत्री के इस संबोधन से आदिवासी समुदाय में गहरी पीड़ा, असंतोष और आक्रोश उत्पन्न हुआ है। बरगोट के अनुसार, 'वनवासी' शब्द आदिवासी समाज की वास्तविक ऐतिहासिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक पहचान का प्रतिनिधित्व नहीं करता है। उन्होंने यह भी बताया कि संविधान निर्माताओं ने किसी भी स्थान पर आदिवासी समुदाय के लिए 'वनवासी' शब्द का प्रयोग नहीं किया है। संविधान की भावना, सामाजिक न्याय की अवधारणा और आदिवासी समुदाय के ऐतिहासिक संघर्षों को देखते हुए यह आवश्यक है कि आदिवासी समाज को उसकी स्वीकृत एवं सम्मानजनक पहचान से ही संबोधित किया जाए। ज्ञापन के माध्यम से पार्टी ने मांग की है कि गृहमंत्री द्वारा आदिवासी समाज के लिए प्रयुक्त 'वनवासी' शब्द पर सार्वजनिक स्पष्टीकरण जारी किया जाए और आदिवासी समाज की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए खेद व्यक्त किया जाए। साथ ही, केंद्र एवं राज्य सरकार के सभी विभागों, संस्थाओं एवं जनप्रतिनिधियों को निर्देशित किया जाए कि वे केवल 'आदिवासी' शब्द का ही प्रयोग करें। इसके अतिरिक्त, आदिवासी समाज की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं संवैधानिक पहचान की रक्षा हेतु स्पष्ट राष्ट्रीय नीति बनाए जाने और किसी भी प्रकार की भ्रामक, अपमानजनक अथवा पहचान को विकृत करने वाली शब्दावली के प्रयोग को हतोत्साहित करने की भी मांग की गई। पार्टी ने संविधान के अनुच्छेद 14, 15, 21, 29, 46, 244 व पंचम तथा षष्टम अनुसूची की भावना के अनुरूप आदिवासी समुदाय की गरिमा, पहचान व अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया। इस प्रदर्शन में भारत आदिवासी पार्टी के सैकड़ों पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता शामिल हुए।
धरियावद में भारत आदिवासी पार्टी (BAP) ने बुधवार को गृहमंत्री अमित शाह द्वारा आदिवासी समुदाय को 'वनवासी' कहने के विरोध में एक ज़ोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं ने अमित शाह का पुतला दहन किया और राष्ट्रपति के नाम तहसीलदार को एक ज्ञापन भी सौंपा। भारत आदिवासी पार्टी के ब्लॉक अध्यक्ष शंकरलाल बरगोट ने बताया कि गृहमंत्री के इस संबोधन से आदिवासी समुदाय में गहरी पीड़ा, असंतोष और आक्रोश उत्पन्न हुआ है। बरगोट के अनुसार, 'वनवासी' शब्द आदिवासी समाज की वास्तविक ऐतिहासिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक पहचान का प्रतिनिधित्व नहीं करता है। उन्होंने यह भी बताया कि संविधान निर्माताओं ने किसी भी स्थान पर आदिवासी समुदाय के लिए 'वनवासी' शब्द का प्रयोग नहीं किया है। संविधान की भावना, सामाजिक न्याय की अवधारणा और आदिवासी समुदाय के ऐतिहासिक संघर्षों को देखते हुए यह आवश्यक है कि आदिवासी समाज को उसकी स्वीकृत एवं सम्मानजनक पहचान से ही संबोधित किया जाए। ज्ञापन के माध्यम से
पार्टी ने मांग की है कि गृहमंत्री द्वारा आदिवासी समाज के लिए प्रयुक्त 'वनवासी' शब्द पर सार्वजनिक स्पष्टीकरण जारी किया जाए और आदिवासी समाज की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए खेद व्यक्त किया जाए। साथ ही, केंद्र एवं राज्य सरकार के सभी विभागों, संस्थाओं एवं जनप्रतिनिधियों को निर्देशित किया जाए कि वे केवल 'आदिवासी' शब्द का ही प्रयोग करें। इसके अतिरिक्त, आदिवासी समाज की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं संवैधानिक पहचान की रक्षा हेतु स्पष्ट राष्ट्रीय नीति बनाए जाने और किसी भी प्रकार की भ्रामक, अपमानजनक अथवा पहचान को विकृत करने वाली शब्दावली के प्रयोग को हतोत्साहित करने की भी मांग की गई। पार्टी ने संविधान के अनुच्छेद 14, 15, 21, 29, 46, 244 व पंचम तथा षष्टम अनुसूची की भावना के अनुरूप आदिवासी समुदाय की गरिमा, पहचान व अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया। इस प्रदर्शन में भारत आदिवासी पार्टी के सैकड़ों पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता शामिल हुए।
- धरियावद में भारत आदिवासी पार्टी (BAP) ने बुधवार को गृहमंत्री अमित शाह द्वारा आदिवासी समुदाय को 'वनवासी' कहने के विरोध में एक ज़ोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं ने अमित शाह का पुतला दहन किया और राष्ट्रपति के नाम तहसीलदार को एक ज्ञापन भी सौंपा। भारत आदिवासी पार्टी के ब्लॉक अध्यक्ष शंकरलाल बरगोट ने बताया कि गृहमंत्री के इस संबोधन से आदिवासी समुदाय में गहरी पीड़ा, असंतोष और आक्रोश उत्पन्न हुआ है। बरगोट के अनुसार, 'वनवासी' शब्द आदिवासी समाज की वास्तविक ऐतिहासिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक पहचान का प्रतिनिधित्व नहीं करता है। उन्होंने यह भी बताया कि संविधान निर्माताओं ने किसी भी स्थान पर आदिवासी समुदाय के लिए 'वनवासी' शब्द का प्रयोग नहीं किया है। संविधान की भावना, सामाजिक न्याय की अवधारणा और आदिवासी समुदाय के ऐतिहासिक संघर्षों को देखते हुए यह आवश्यक है कि आदिवासी समाज को उसकी स्वीकृत एवं सम्मानजनक पहचान से ही संबोधित किया जाए। ज्ञापन के माध्यम से पार्टी ने मांग की है कि गृहमंत्री द्वारा आदिवासी समाज के लिए प्रयुक्त 'वनवासी' शब्द पर सार्वजनिक स्पष्टीकरण जारी किया जाए और आदिवासी समाज की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए खेद व्यक्त किया जाए। साथ ही, केंद्र एवं राज्य सरकार के सभी विभागों, संस्थाओं एवं जनप्रतिनिधियों को निर्देशित किया जाए कि वे केवल 'आदिवासी' शब्द का ही प्रयोग करें। इसके अतिरिक्त, आदिवासी समाज की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं संवैधानिक पहचान की रक्षा हेतु स्पष्ट राष्ट्रीय नीति बनाए जाने और किसी भी प्रकार की भ्रामक, अपमानजनक अथवा पहचान को विकृत करने वाली शब्दावली के प्रयोग को हतोत्साहित करने की भी मांग की गई। पार्टी ने संविधान के अनुच्छेद 14, 15, 21, 29, 46, 244 व पंचम तथा षष्टम अनुसूची की भावना के अनुरूप आदिवासी समुदाय की गरिमा, पहचान व अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया। इस प्रदर्शन में भारत आदिवासी पार्टी के सैकड़ों पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता शामिल हुए।2
- उपलब्ध जानकारी के अनुसार, टिकिया, फलाकमलाकुडी और खूंगट पंचायत का उल्लेख किया गया है।1
- प्रतापगढ़ जिले के मोटीखेड़ी गाँव में वार्ड नंबर 4 में ऊंकार/दीपा के घर के पास स्थित एक हैंडपंप पिछले 17 महीनों से खराब पड़ा है। स्थानीय निवासियों ने इस समस्या को लेकर कई बार पंचायत को अवगत कराया है, लेकिन पंचायत द्वारा अब तक इसे ठीक करवाने के लिए कोई कार्रवाई नहीं की गई है। ग्रामीण इस हैंडपंप को जल्द से जल्द सही करवाने की मांग कर रहे हैं।1
- मंदसौर में कांग्रेस विधायक विपिन जैन के नेतृत्व में चलाया जा रहा शिवना शुद्धिकरण मिशन ने आज सफलतापूर्वक अपने 127 दिन पूरे कर लिए हैं। इस मौके पर पूर्व सांसद सुश्री मीनाक्षी नटराजन ने विशेष रूप से कार्यक्रम में शिरकत की।1
- टाट मेमोरियल हॉस्पिटल के विशेषज्ञ डॉक्टर विदिशा में दो दिवसीय मुफ्त कैंसर जांच अभियान चलाएंगे। यह अभियान 26 और 27 जून को आयोजित किया जाएगा। इसी दौरान, शिवराज सिंह चौहान भी इन तारीखों पर विदिशा पहुंचेंगे।1
- Post by Bapulal Ahari1
- नीमच कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने खाती खेड़ा गांव पहुंचकर ग्रामीणों की समस्याओं को सुना। कलेक्टर ने इसके लिए दो घंटे तक बस से सफर किया, जिसके बाद वे खाती खेड़ा पहुंचे और वहां के हर ग्रामीण की समस्या को ध्यानपूर्वक सुना।1
- मंदसौर में कांग्रेस विधायक विपिन जैन के नेतृत्व में चल रहे शिवना शुद्धिकरण मिशन ने आज अपने 127 दिन पूरे कर लिए हैं। इस महत्वपूर्ण अवसर पर पूर्व सांसद सुश्री मीनाक्षी नटराजन विशेष रूप से कार्यक्रम में शामिल हुईं। यह जानकारी साधना न्यूज़ के हैदर खान बागवान द्वारा दी गई है।1