उद्यानिकी योजनाओं की प्रगति पर कलेक्टर सख्त, समय-सीमा में लक्ष्य पूरे करने के दिए निर्देश उद्यानिकी योजनाओं की प्रगति पर कलेक्टर सख्त, समय-सीमा में लक्ष्य पूरे करने के दिए निर्देश पीएमएफएमई, एमआईडीएच, जैविक खेती और बागवानी योजनाओं की गहन समीक्षा, पात्र किसानों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने पर जोर डिंडौरी, 31 जुलाई 2026 जिले में उद्यानिकी विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी योजनाओं के निर्धारित लक्ष्य समय-सीमा के भीतर शत-प्रतिशत पूरे किए जाएं। शुक्रवार को कलेक्टर सभाकक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने विभागीय योजनाओं की प्रगति का बिंदुवार परीक्षण करते हुए लंबित प्रकरणों के त्वरित निराकरण और नियमित मॉनिटरिंग पर विशेष जोर दिया। बैठक में प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना (पीएमएफएमई) वर्ष 2026-27 की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई। कलेक्टर ने लाभान्वित किसानों की नामवार जानकारी प्राप्त करते हुए उनके द्वारा लगाए गए फलदार एवं अन्य फसलों की स्थिति की जानकारी ली और योजनाओं के गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इसके साथ ही मिशन फॉर इंटीग्रेटेड डेवलपमेंट ऑफ हॉर्टिकल्चर (एमआईडीएच) के अंतर्गत संचालित पुष्प क्षेत्र विस्तार योजना की विकासखंडवार समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता बनाए रखते हुए पात्र किसानों को समय पर लाभान्वित किया जाए और किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाए। बैठक में जैविक खेती योजना, बागवानी यंत्रीकरण योजना, फसलोत्तर प्रबंधन घटक तथा मसाला क्षेत्र विस्तार योजना की भी विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर श्रीमती भदौरिया ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक योजना की नियमित निगरानी की जाए, मैदानी स्तर पर प्रगति का सतत मूल्यांकन हो तथा शासन द्वारा निर्धारित सभी लक्ष्यों की समयबद्ध पूर्ति सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि उद्यानिकी योजनाएं किसानों की आय बढ़ाने और कृषि को लाभकारी बनाने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। इसलिए यह सुनिश्चित किया जाए कि योजनाओं का लाभ वास्तविक पात्र किसानों तक समय पर पहुंचे और जिले में उद्यानिकी विकास को नई गति मिले।
उद्यानिकी योजनाओं की प्रगति पर कलेक्टर सख्त, समय-सीमा में लक्ष्य पूरे करने के दिए निर्देश उद्यानिकी योजनाओं की प्रगति पर कलेक्टर सख्त, समय-सीमा में लक्ष्य पूरे करने के दिए निर्देश पीएमएफएमई, एमआईडीएच, जैविक खेती और बागवानी योजनाओं की गहन समीक्षा, पात्र किसानों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने पर जोर डिंडौरी, 31 जुलाई 2026 जिले में उद्यानिकी विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी योजनाओं के निर्धारित लक्ष्य समय-सीमा के भीतर शत-प्रतिशत पूरे किए जाएं। शुक्रवार को कलेक्टर सभाकक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने विभागीय योजनाओं की प्रगति का बिंदुवार परीक्षण करते हुए लंबित प्रकरणों के त्वरित निराकरण और नियमित मॉनिटरिंग पर विशेष जोर दिया। बैठक में प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना (पीएमएफएमई) वर्ष 2026-27 की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई। कलेक्टर ने लाभान्वित किसानों की नामवार जानकारी प्राप्त करते हुए उनके द्वारा लगाए गए फलदार एवं अन्य फसलों की स्थिति की जानकारी ली और योजनाओं के गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इसके साथ ही मिशन फॉर इंटीग्रेटेड डेवलपमेंट ऑफ हॉर्टिकल्चर (एमआईडीएच) के अंतर्गत संचालित पुष्प क्षेत्र विस्तार योजना की विकासखंडवार समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता बनाए रखते हुए पात्र किसानों को समय पर लाभान्वित किया जाए और किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाए। बैठक में जैविक खेती योजना, बागवानी यंत्रीकरण योजना, फसलोत्तर प्रबंधन घटक तथा मसाला क्षेत्र विस्तार योजना की भी विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर श्रीमती भदौरिया ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक योजना की नियमित निगरानी की जाए, मैदानी स्तर पर प्रगति का सतत मूल्यांकन हो तथा शासन द्वारा निर्धारित सभी लक्ष्यों की समयबद्ध पूर्ति सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि उद्यानिकी योजनाएं किसानों की आय बढ़ाने और कृषि को लाभकारी बनाने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। इसलिए यह सुनिश्चित किया जाए कि योजनाओं का लाभ वास्तविक पात्र किसानों तक समय पर पहुंचे और जिले में उद्यानिकी विकास को नई गति मिले।
- कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों का प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के दिए निर्देश अनूपपुर - नवागत कलेक्टर रत्नाकर झा ने जिले के समस्त विभागों के अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि सभी विभागीय अधिकारी एवं मैदानी अमला अपने-अपने दायित्वों का निर्वहन पूर्ण मनोयोग एवं जिम्मेदारी के साथ करें। उन्होंने कहा कि शासकीय कार्यों के प्रति किसी भी प्रकार की लापरवाही एवं उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को शासन द्वारा निर्धारित दिशा-निर्देशों एवं मापदंडों के अनुरूप शासकीय योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करते हुए निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप प्रगति लाने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्री झा गुरुवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय स्थित नर्मदा सभागार में विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं के क्रियान्वयन एवं कार्ययोजना की समीक्षा बैठक को संबोधित कर रहे थे। बैठक में कलेक्टर रत्नाकर झा ने सभी अधिकारियों को सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों का प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी प्रतिदिन प्रातःकाल सीएम हेल्पलाइन के लंबित प्रकरणों की समीक्षा करें तथा विभागों को प्राप्त शिकायतों का गंभीरतापूर्वक निराकरण करें। उन्होंने निर्देश दिए कि किसी भी शिकायत को अनअटेंडेड न छोड़ा जाए। प्रत्येक प्रकरण की गंभीरता एवं शिकायतकर्ता की समस्या को समझते हुए उसका प्रभावी एवं संतोषजनक निराकरण सुनिश्चित किया जाए। बैठक में कलेक्टर श्री झा ने निर्माण विभागों के अधिकारियों से जिले में संचालित निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए आवश्यक जानकारी प्राप्त की। उन्होंने निर्देशित किया कि जिले में पूर्ण हो चुके निर्माण कार्यों की लोकार्पण योग्य सूची जिला पंचायत में संधारित की जाए। साथ ही समय-समय पर लोकार्पण कार्यक्रम आयोजित कर जनप्रतिनिधियों के माध्यम से इन कार्यों का लोकार्पण कराया जाए, ताकि निर्मित भवनों एवं अधोसंरचनाओं का लाभ आमजन को समयबद्ध रूप से उपलब्ध कराया जा सके। कलेक्टर श्री रत्नाकर झा ने बैठक में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की योजनाओं एवं गतिविधियों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत जिले में 3,358 तालाबों के निर्माण एवं संरक्षण कार्यों तथा एक बगिया माँ के नाम योजना के तहत 379 स्थलों पर आम, नींबू एवं अन्य फलदार पौधों के पौधारोपण की प्रगति की जानकारी ली। साथ ही प्रधानमंत्री जनमन योजना, स्वच्छ भारत मिशन एवं प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत किए गए सर्वेक्षण की समीक्षा करते हुए बताया गया कि जिले में 64,112 हितग्राही पात्र पाए गए हैं। बैठक में वन विभाग की समीक्षा के दौरान तेंदूपत्ता संग्रहण, पौधारोपण, जंगली हाथियों के भ्रमण की स्थिति, बचाव एवं राहत कार्यों सहित विभाग द्वारा संचालित अन्य गतिविधियों की भी विस्तृत जानकारी प्राप्त की गई।1
- युवाओं के भविष्य की सुरक्षा के लिए बड़ा कदम, परीक्षा अपराधों पर लगेगी लगाम प्रधानमंत्री के नेतृत्व में युवाओं के भविष्य की सुरक्षा की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। नए विधेयक के जरिए पेपर लीक माफिया और परीक्षा संबंधी अपराधों पर सख्त अंकुश लगाया जाएगा। साथ ही, विद्यार्थियों के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का रास्ता भी साफ होगा।1
- बीजाडांडी के सुखलाल बने आत्मनिर्भरता के प्रतीक, मिला सर्वोत्तम कृषक पुरस्कार मछली, रेशम और मशरूम पालन से बदली किस्मत बीजाडांडी के सुखलाल बने आत्मनिर्भरता के प्रतीक, मिला सर्वोत्तम कृषक पुरस्कार बीजाडांडी विकासखंड स्थित ग्राम मगरधा के प्रगतिशील किसान सुखलाल उईके ने मात्र 1.20 हेक्टेयर भूमि पर समन्वित कृषि का अनूठा मॉडल अपनाकर आत्मनिर्भरता की नई मिसाल पेश की है। उनके इस उत्कृष्ट कार्य व नवाचार के लिए उन्हें आत्मा योजना के तहत सर्वोत्तम कृषक पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। सुखलाल पारंपरिक खेती के साथ-साथ खेत-तालाब योजना से मत्स्य पालन, मशरूम उत्पादन और रेशम पालन कर रहे हैं, जिससे उन्हें हजारों रुपये की अतिरिक्त आय हो रही है। इसके अलावा वे फलदार बगीचे, सब्जियां और औषधीय फसल अश्वगंधा की खेती भी कर रहे हैं। आज वे अन्य किसानों को भी रेशम पालन हेतु प्रशिक्षित कर मुनाफे की खेती के लिए प्रेरित कर रहे हैं। सुखलाल का कहना है कि यदि किसान पारंपरिक फसल चक्र से बाहर निकलकर समन्वित कृषि अपनाएं और विभागीय योजनाओं का लाभ लें, तो कम रकबे में भी बेहतर मुनाफा कमाया जा सकता है। 000000000000000000000000000000001
- नौरोजाबाद में फिर लग रहा झूला , पहले भी झूला टूटने से हादशा हुआ है उमरिया जिले के राम लीला मैदान नौरोजाबाद में फिर लग रहा झूला , पहले भी झूला टूटने से हादशा हुआ है क्या सुरक्षा की पूरी व्यवस्था है वही नागरिको का कहना है कि यह झूला नहीं लगना चाहित पहले जैसे हो सकता है हादसा कौन है जिम्मेदार1
- सभी चिकित्सालयों में ओपीडी समय किया जाए चस्पा, डॉक्टरों की उपस्थिति हो सुनिश्चित-कलेक्टर अनूपपूर - कलेक्टर रत्नाकर झा ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी से जिले में संचालित स्वास्थ्य गतिविधियों की समीक्षा करते हुए निर्देशित किया कि जिले के समस्त शासकीय चिकित्सालयों में निर्धारित ओपीडी समय-सारिणी का बोर्ड प्रत्येक चिकित्सालय में प्रमुख स्थान पर अनिवार्य रूप से चस्पा किया जाए, ताकि मरीजों एवं आमजन को आवश्यक जानकारी सहजता से प्राप्त हो सके तथा चिकित्सकों की नियमित एवं समयबद्ध उपस्थिति सुनिश्चित की जाए। उन्होंने आमजन को गुणवत्तापूर्ण एवं सुलभ स्वास्थ्य सेवाएँ उपलब्ध कराने तथा जिले की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को और अधिक सुदृढ़ एवं प्रभावी बनाने के निर्देश दिए। बैठक में कलेक्टर श्री झा ने पशुपालन विभाग के अधिकारियों को भी निर्देशित किया कि समस्त पशु चिकित्सालयों एवं पशु औषधालयों में ओपीडी अवधि के दौरान पशु चिकित्सकों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित की जाए, जिससे पशुपालकों को समय पर बेहतर पशु चिकित्सा सेवाएँ उपलब्ध हो सकें।1
- मंडला - 15 दिनों तक चला 'नशे से दूरी है ज़रूरी' अभियान, खिलाड़ियों और पुलिसकर्मियों का हुआ सम्मान बीजाडांडी ने कबड्डी फाइनल में घुघरी को 40-16 से हराकर जीता खिताब"1
- कवर्धा/अमरकंटक। सावन के पावन महीने में भगवान भोलेनाथ के जलाभिषेक के लिए निकली शिव शक्ति बोल-बम समिति, कुसुमघटा की कांवर यात्रा में उस समय बड़ा व्यवधान उत्पन्न हो गया कवर्धा/अमरकंटक। सावन के पावन महीने में भगवान भोलेनाथ के जलाभिषेक के लिए निकली शिव शक्ति बोल-बम समिति, कुसुमघटा की कांवर यात्रा में उस समय बड़ा व्यवधान उत्पन्न हो गया, जब समिति की व्यवस्थापक गाड़ी को अमरकंटक से लमनी और आगे खुड़िया जाने के दौरान अलग-अलग बेरियल पर रोक दिया गया।1
- जंतर-मंतर प्रदर्शन में प्रधानमंत्री के खिलाफ अभद्र भाषा और गाली गलौज, विरोध की मर्यादा पर उठे सवाल जंतर-मंतर प्रदर्शन में प्रधानमंत्री के खिलाफ अभद्र भाषा और गाली गलौज, विरोध की मर्यादा पर उठे सवाल1