एडीजी जोन अनुपम कुलश्रेष्ठ ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय का निरीक्षण किया, जिसके तहत उन्होंने कार्यालय की विभिन्न शाखाओं का दौरा किया। इस दौरान, महोदया ने अभिलेखों, कार्यालयी कार्यप्रणाली और जनशिकायतों के निस्तारण संबंधी व्यवस्थाओं का गहन अवलोकन किया। उन्होंने अपराध शाखा, महिला सहायता प्रकोष्ठ, सीसीटीएनएस शाखा, शिकायत प्रकोष्ठ, विशेष जांच प्रकोष्ठ सहित अन्य कार्यालयी शाखाओं के कार्यों की समीक्षा की। इस निरीक्षण में, एडीजी जोन ने अभिलेखों के सुव्यवस्थित एवं अद्यतन रख-रखाव के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। साथ ही, लंबित प्रकरणों के शीघ्र एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण और जनसामान्य से प्राप्त शिकायतों के त्वरित एवं निष्पक्ष समाधान पर विशेष बल दिया गया। गुरुवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, निरीक्षण में कार्यालय परिसर की स्वच्छता, अभिलेखों के रख-रखाव, तकनीकी संसाधनों के उपयोग और कार्यालयी कार्यों की गुणवत्ता का भी परीक्षण किया गया। महोदया ने कार्यालय में संचालित विभिन्न तकनीकी नवाचारों और जनहितकारी व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त कर उनकी सराहना की और उन्हें और अधिक प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक निर्देश भी प्रदान किए।
एडीजी जोन अनुपम कुलश्रेष्ठ ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय का निरीक्षण किया, जिसके तहत उन्होंने कार्यालय की विभिन्न शाखाओं का दौरा किया। इस दौरान, महोदया ने अभिलेखों, कार्यालयी कार्यप्रणाली और जनशिकायतों के निस्तारण संबंधी व्यवस्थाओं का गहन अवलोकन किया। उन्होंने अपराध शाखा, महिला सहायता प्रकोष्ठ, सीसीटीएनएस शाखा, शिकायत प्रकोष्ठ, विशेष जांच प्रकोष्ठ सहित अन्य कार्यालयी शाखाओं के कार्यों की समीक्षा की। इस निरीक्षण में, एडीजी जोन ने अभिलेखों के सुव्यवस्थित एवं अद्यतन रख-रखाव के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। साथ ही, लंबित प्रकरणों के शीघ्र एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण और जनसामान्य से प्राप्त शिकायतों के त्वरित एवं निष्पक्ष समाधान पर विशेष बल दिया गया। गुरुवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, निरीक्षण में कार्यालय परिसर की स्वच्छता, अभिलेखों के रख-रखाव, तकनीकी संसाधनों के उपयोग और कार्यालयी कार्यों की गुणवत्ता का भी परीक्षण किया गया। महोदया ने कार्यालय में संचालित विभिन्न तकनीकी नवाचारों और जनहितकारी व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त कर उनकी सराहना की और उन्हें और अधिक प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक निर्देश भी प्रदान किए।
- जालौन पुलिस ने कालपी और आटा क्षेत्रों में दो अलग-अलग मामलों का खुलासा करते हुए कुल पाँच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधिकारियों के निर्देशन में कालपी पुलिस, आटा पुलिस और स्वाट/सर्विलांस टीम की संयुक्त भागीदारी से की गई। कालपी कोतवाली क्षेत्र में अश्लील वीडियो वायरल करने की धमकी देकर रंगदारी वसूलने के मामले में पुलिस ने सनी, पुष्पेन्द्र कुशवाहा उर्फ बाबा और पुष्पेन्द्र उर्फ राजा को गिरफ्तार किया। इस मामले में अभी एक आरोपी फरार बताया जा रहा है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से पुलिस ने 9,200 रुपये नकद, एक मोबाइल फोन तथा एक तमंचा और कारतूस बरामद किए हैं। वहीं, थाना आटा क्षेत्र में एक चोरी के मामले का खुलासा करते हुए मिठ्ठू उर्फ शिवकुमार और अंकित द्विवेदी को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने उनके कब्जे से लगभग 135 ग्राम सोना और 97 हजार रुपये नकद बरामद किए हैं। पुलिस का कहना है कि दोनों मामलों में आगे की जांच जारी है।1
- राजधानी लखनऊ में एक कोचिंग सेंटर में लगी भीषण आग की घटना के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सख्त रुख के मद्देनज़र, प्रदेश भर में बेसमेंट और बिना फायर एनओसी के चल रहे कोचिंग संस्थानों के खिलाफ कार्रवाई का अभियान जारी है। इसी क्रम में, बुधवार को जालौन जिला प्रशासन ने भी बड़ी कार्रवाई करते हुए सुरक्षा मानकों की अनदेखी कर रहे संस्थानों के खिलाफ अभियान चलाया। जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय और पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह के निर्देश पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी कर रहे कोचिंग संस्थानों के खिलाफ यह अभियान चलाया जा रहा है। इसके लिए जनपद में तहसीलवार पांच संयुक्त जांच टीमों का गठन किया गया है, जिनमें विकास प्राधिकरण, अग्निशमन विभाग, राजस्व विभाग और पुलिस प्रशासन के अधिकारी शामिल हैं। जिलाधिकारी राजेश कुमार पांडे ने बताया कि सबसे पहले कोचिंग संस्थानों का चिन्हांकन किया जा रहा है, और जांच में यह देखा जा रहा है कि कहां पर संस्थान बिना अनुमति के चल रहे हैं, कहां पर फायर सेफ्टी के इंतज़ाम नहीं हैं, और कौन से कोचिंग सेंटर बेसमेंट में संचालित हो रहे हैं। जहां बचाव के पर्याप्त संसाधन और सुरक्षा व्यवस्था नहीं मिली, वहां के संस्थानों को सील किया जा रहा है। जिला प्रशासन की टीम ने बुधवार को जनपद के एक दर्जन से अधिक पंजीकृत कोचिंग संस्थानों की जांच की। जांच में ये सभी सुरक्षा मानकों पर खरे नहीं उतरे, जिसके बाद उन्हें सील कर दिया गया। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि निरीक्षण और सीलिंग का यह क्रम लगातार जारी रहेगा जब तक सभी अवैध और असुरक्षित संस्थानों के खिलाफ कार्रवाई पूरी नहीं हो जाती। इसके साथ ही, प्रशासन द्वारा लोगों को जागरूक करने का कार्यक्रम भी चलाया जा रहा है, जिसमें उन्हें यह बताया जा रहा है कि वे उन इमारतों में जाएं, जहां सुरक्षा उपकरण, आपातकालीन निकास और अग्निशमन प्रबंध मौजूद हों। जिला प्रशासन ने सख्त चेतावनी दी है कि सुरक्षा मानकों से किसी भी सूरत में समझौता नहीं किया जाएगा और भविष्य में किसी भी अप्रिय घटना की पुनरावृत्ति को रोकने के लिए यह अभियान मिशन मोड पर चलाया जा रहा है।1
- जालौन जिले के कड़ौरा थाना क्षेत्र के मनराललपुर गांव में एक घर के बगल में जानबूझकर आग लगाए जाने का मामला सामने आया है। गोलाउली पोस्ट के अंतर्गत आने वाले इस गांव में किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा यह आग इरादतन लगाई गई है।1
- जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय और पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह के निर्देशन में गठित संयुक्त टीमों ने जालौन के उरई शहर में कई कोचिंग संस्थानों का औचक निरीक्षण किया। इस जाँच के दौरान बिना अनुमति संचालित होने, फायर सेफ्टी व्यवस्था न होने, आपातकालीन निकास की कमी और भवन सुरक्षा मानकों की अनदेखी जैसी गंभीर खामियाँ सामने आईं। इन अनियमितताओं पर तत्काल कार्रवाई करते हुए प्रशासन ने एक दर्जन से अधिक कोचिंग संस्थानों को सील कर दिया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक स्वयं मौके पर मौजूद रहे और अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि विद्यार्थियों की सुरक्षा के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि नियमों का पालन न करने वाले संस्थानों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। जनपद में चल रहा यह विशेष अभियान, जो उरई में अवैध और मानकों के विपरीत संचालित कोचिंग संस्थानों पर प्रशासन का बड़ा शिकंजा है, विद्यार्थियों को सुरक्षित और बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के लिए लगातार जारी रहेगा।1
- कानपुर देहात के फत्तेपुर मुशनागर से मिली जानकारी के अनुसार, शिया ने केतन की मौत की साजिश कई बार रची थी। इस मामले में मोहम्मद अनीश कुरैशी का भी उल्लेख है।1
- कानपुर जोन, कानपुर में आयोजित 28वीं अन्तर जनपदीय पुलिस वॉलीबॉल क्लस्टर प्रतियोगिता वर्ष-2026 का समापन एडीजी जोन अनुपम कुलश्रेष्ठ द्वारा किया गया। इस प्रतियोगिता के वॉलीबॉल पुरुष फाइनल मैच में जनपद कानपुर देहात ने जनपद झांसी को 3-0 से हराकर ट्रॉफी पर कब्जा किया। समापन समारोह के दौरान, एडीजी अनुपम कुलश्रेष्ठ ने विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं में विजेता और उपविजेता टीम के सदस्यों को पुरस्कृत कर खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की। उन्होंने अपने संबोधन में इस बात पर जोर दिया कि इस प्रकार की खेल प्रतियोगिताएं न केवल शारीरिक स्फूर्ति और मानसिक संतुलन बनाए रखने में सहायक होती हैं, बल्कि पुलिस बल में आपसी समन्वय, टीम भावना एवं अनुशासन को भी सुदृढ़ करती हैं। कार्यक्रम के अंत में, अपर पुलिस महानिदेशक ने प्रतिभाग करने वाली टीमों का उत्साहवर्धन किया और उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित भी किया।1
- जालौन जिले के कालपी कोतवाली क्षेत्र में ऐप के ज़रिए लोगों के नग्न वीडियो बनाकर उनसे रंगदारी मांगने वाले तीन आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इस मामले में एक आरोपी अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर है। पुलिस के अनुसार, अपराधी 'वाला' नामक एक ऐप का इस्तेमाल करते थे, जिसके ज़रिए वे पहले लोगों से दोस्ती करते थे। दोस्ती के बाद वे पीड़ितों को किसी अज्ञात जगह पर बुलाते थे, जहाँ उन्हें नग्न अवस्था में कर उनका वीडियो बनाते थे। इन वीडियो को वायरल करने और जान से मारने की धमकी देकर वे लोगों से रंगदारी वसूलते थे। कालपी पुलिस ने इन तीन शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है और उनके पास से ₹9200 नकद, एक मोबाइल फोन, एक 315 बोर का तमंचा तथा दो जिंदा कारतूस भी बरामद किए हैं।1
- यह संदेश उन लोगों को प्रेरित करता है जिनके अरमानों को ठोकरों ने मिटा दिया है और जिन्हें वक्त ने हर मोड़ पर आजमाया है। इसमें कहा गया है कि केवल वही लोग कलम उठाकर एक नया इतिहास लिखेंगे, जिन्होंने अपने सीने में दर्द को सँजोया है और चुनौतियों का सामना किया है।1
- उत्तर प्रदेश के जालौन जिले के उरगांव में स्थित एक गौशाला से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जिसने सनातन धर्म की भावनाओं को गहरा आघात पहुँचाया है। एक बीमार और बेबस गौवंश के मांस को सूअर द्वारा नोंचकर खाए जाने का एक विचलित कर देने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस घटना को लेकर स्थानीय श्रद्धालुओं, गोरक्षकों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है, जिन्होंने खंड विकास अधिकारी (BDO) जालौन प्रशांत यादव की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि गौशाला में गायों की देखभाल ठीक से नहीं हो रही है और उन्होंने इस संबंध में कई बार BDO को सूचना भी दी, लेकिन उनके द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। ग्रामीणों ने ऐसे 'भ्रष्ट BDO' पर कार्रवाई की मांग करते हुए उनकी घोर लापरवाही की निंदा की है। उनका कहना है कि यह घटना माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के उन स्पष्ट निर्देशों का उल्लंघन है, जिनमें गौवंश की दुर्दशा को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त न करने की बात कही गई है। हालांकि, मामले को तूल पकड़ते देख ग्राम प्रधान शारदा ने स्वयं कोतवाली में तहरीर देकर इसे एक सोची-समझी साजिश करार दिया है। प्रधान का आरोप है कि उनकी छवि धूमिल करने के उद्देश्य से गांव के ही कुछ अराजक तत्वों ने गौशाला में जानबूझकर प्रवेश किया। उन्होंने बताया कि गौशाला में एक गौवंश दो दिन से बीमार था और पशु चिकित्साधिकारी द्वारा उसका उपचार कराया जा रहा था। अराजक तत्वों ने सूअर को आटा डालकर गौशाला के अंदर ले जाकर वीडियो बनाया और उसे वायरल कर दिया। इस पूरे प्रकरण में BDO जालौन प्रशांत यादव की प्रशासनिक उदासीनता पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। जब उनसे इस संबंध में पूछा गया, तो उन्होंने पल्ला झाड़ते हुए कहा कि 'मामला अभी उनके संज्ञान में नहीं है, वह इसकी जानकारी कर रहे हैं और जांच के बाद कार्यवाही करेंगे।' ग्रामीणों ने BDO के इस रटे-रटाए बयान पर भी असंतोष व्यक्त किया और कहा कि ऐसे 'भ्रष्ट BDO' को कुछ पता ही नहीं रहता, इसलिए वे हमेशा सवालों के घेरे में रहते हैं। ग्रामीणों ने वायरल वीडियो के बाद भी BDO पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।2