डूंगरपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई अंतरराज्यीय नकबजन गिरोह का किया पर्दाफाश गिरोह के सदस्य को कुटा गिरफ्तार, कई वारदातों का खुलासा डूंगरपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई अंतरराज्यीय नकबजन गिरोह का किया पर्दाफाश गिरोह के सदस्य को कुटा गिरफ्तार, कई वारदातों का खुलासा ब्यूरो रिपोर्ट राकेश कलाल कुआं हर खबर वागड़ कुआं डूंगरपुर। डूंगरपुर पुलिस ने 'ऑपरेशन शिकंजा' के तहत एक अंतरराज्यीय नकबजन गिरोह के सदस्य को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी ने राजस्थान और गुजरात में कई चोरी व नकबजनी की वारदातों में शामिल होना स्वीकार किया है। आरोपी के कब्जे से करीब 5 लाख रुपए कीमत के सोने-चांदी के जेवरात बरामद अहमदाबाद सहित कई स्थानों पर चोरी की वारदातों का खुलासा डूंगरपुर के माड़ा गामड़ी में ज्वेलर्स की दुकान से करीब 500 ग्राम चांदी चोरी का भी खुलासा गिरोह दिन में करता था रैकी, रात में देता था वारदात को अंजाम पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार अन्य साथियों और वारदातों को लेकर पूछताछ जारी पुलिस के अनुसार आरोपी और उसके साथियों द्वारा व्यापारी प्रतिष्ठानों व सूने मकानों को निशाना बनाया जाता था।
डूंगरपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई अंतरराज्यीय नकबजन गिरोह का किया पर्दाफाश गिरोह के सदस्य को कुटा गिरफ्तार, कई वारदातों का खुलासा डूंगरपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई अंतरराज्यीय नकबजन गिरोह का किया पर्दाफाश गिरोह के सदस्य को कुटा गिरफ्तार, कई वारदातों का खुलासा ब्यूरो रिपोर्ट राकेश कलाल कुआं हर खबर वागड़ कुआं डूंगरपुर। डूंगरपुर पुलिस ने 'ऑपरेशन शिकंजा' के तहत एक अंतरराज्यीय नकबजन गिरोह के सदस्य को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी ने राजस्थान और गुजरात में कई चोरी व नकबजनी की वारदातों में शामिल होना स्वीकार किया है। आरोपी के कब्जे से करीब 5 लाख रुपए कीमत के सोने-चांदी के जेवरात बरामद अहमदाबाद सहित कई स्थानों पर चोरी की वारदातों का खुलासा डूंगरपुर के माड़ा गामड़ी में ज्वेलर्स की दुकान से करीब 500 ग्राम चांदी चोरी का भी खुलासा गिरोह दिन में करता था रैकी, रात में देता था वारदात को अंजाम पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार अन्य साथियों और वारदातों को लेकर पूछताछ जारी पुलिस के अनुसार आरोपी और उसके साथियों द्वारा व्यापारी प्रतिष्ठानों व सूने मकानों को निशाना बनाया जाता था।
- પ્રવીણ કલાલ દાહોદ ફતેપુરા ફતેપુરા માં મંત્રી શ્રી રમેશભાઈ કટારા તિરંગાયાત્રાનો પ્રારંભ કરાવતા નાગરિકોને ઘર ઘર તિરંગો લહેરાવવા કર્યો અનુરોધ તિરંગાના માન-સન્માન અને દેશભક્તિના જુસ્સા સાથે યોજાયેલી યાત્રામાં સ્થાનિક પદાધિકારીઓ, તાલુકા વહીવટી તંત્રના અધિકારીશ્રીઓ અને નગરજનો ઉત્સાહભેર જોડાયા સ્વાતંત્ર્યતા પર્વની ઉજવણીના ભાગરૂપે સમગ્ર દેશમાં તિરંગા યાત્રા યોજાઈ રહી છે. દાહોદ જિલ્લામાં પણ તિરંગા યાત્રાને જન પ્રતિસાદ મળી રહ્યો છે. ત્યારે વિવિધ ગામમાં તિરંગા યાત્રા યોજાઈ હતી. જેમાં મોટી સંખ્યામાં પદાધિકારીશ્રીઓ, ગ્રામજનો, પોલીસ જવાન, હોમગાર્ડના જવાનો તથા શાળાના છાત્રો જોડાયા હતા. દેશભક્તિના નારાઓથી શહેર તથા ગ્રામની ગલીઓ ગુંજી ઉઠી હતી. ફતેપુરા ખાતે કૃષિ અને ખેડૂત કલ્યાણ સહકાર પશુપાલન અને ગૌસંવર્ધન મંત્રીશ્રી રમેશભાઈ કટારાના અધ્યક્ષસ્થાને યોજાયેલી તિરંગા યાત્રામાં મોટી સંખ્યામાં પદાધિકારીઓ, પોલીસ, હોમગાર્ડના જવાનો, અધિકારીશ્રીઓ, કર્મચારીઓ, ગ્રામજનો,તથા વિદ્યાર્થીઓ સહિત મોટી સંખ્યામાં નાગરિકો જોડાયા હતા. મંત્રી શ્રીએ તિરંગાયાત્રાનો પ્રારંભ કરાવ્યો હતો. શહેરના માર્ગો તિરંગા યાત્રાએ ફરીને નાગરિકોને ઘર ઘર તિરંગો લહેરાવવા સંદેશો પાઠવ્યો હતો. આ પ્રસંગે તાલુકાના તાલુકા પ્રમુખશ્રી, દાહોદ જિલ્લાના પૂર્વ પ્રમુખશ્રી શંકરભાઈ આમલીયાર જિલ્લા પંચાયત સભ્યો, તાલુકા પંચાયત સભ્યો, પ્રાંત અધિકારી શ્રી એ.કે.ભાટિયા,નાયબ પોલીસ અધિક્ષક શ્રી પટેલ, મામલતદાર શ્રી, વાઘેલા સરપંચશ્રીઓ, સંગઠનના કાર્યકર્તાઓ, આગેવાનો સહિત, પોલીસકર્મીઓ, શાળાઓનાં વિદ્યાર્થીઓ, નગરજનો મોટી સંખ્યામાં તિરંગા યાત્રામાં જોડાયા હતા.3
- 26 घंटे बाद मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम, सात दिन में जांच का आश्वासन गर्भवती महिला और अजन्मे शिशु की मौत के मामले में परिजनों का आक्रोश, दोषी डॉक्टर-नर्सिंग स्टाफ पर कार्रवाई और 11 लाख मुआवजे की मांग सीमलवाड़ा। सीमलवाड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रसव से पहले गर्भवती महिला की मौत के मामले में बुधवार को भी अस्पताल परिसर में दिनभर गहमागहमी रही। मृतका के परिजन, रिश्तेदार, ग्रामीण और जनप्रतिनिधि अस्पताल पहुंचे और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर आक्रोश जताया। करीब 26 घंटे बाद प्रशासन और परिजनों के बीच सहमति बनने पर मेडिकल बोर्ड से शव का पोस्टमार्टम कराया गया, जिसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। मृतका के साथ उसके पेट में पल रहे अजन्मे शिशु की भी मौत हो गई। मामले की जानकारी लेने के लिए उपखंड अधिकारी संजय सरपोटा, तहसीलदार राजकुमार सारेल, सीएमएचओ डॉ. अलंकार गुप्ता और बीसीएमएचओ डॉ. नरेंद्र प्रजापत अस्पताल पहुंचे। अधिकारियों ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी लेते हुए आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों से समझाइश का प्रयास किया। जनप्रतिनिधियों ने रखीं कई मांगें इस दौरान समाजसेवी पोपट खोखरिया, दिनेश रोत घुवेड़, कमलेश डेंडोर, शांतिलाल रोत, रामलाल रोत, सरपंच प्रतिनिधि धूलेश्वर रोत, पूर्व सरपंच रूपचंद भगोरा,रणछोड़ रोत, ललित रोत, दिलीप रोत, भरत डामोर सहित जनप्रतिनिधियों ने प्रशासन को लिखित पत्र सौंपा। इसमें उपचार में लापरवाही के लिए जिम्मेदार डॉक्टर और नर्सिंग स्टाफ को निलंबित करने, मृतका के परिजनों को 11 लाख रुपए की आर्थिक सहायता देने, संबंधित डॉक्टरों के निजी अस्पताल को बंद कराने तथा मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम कराने सहित विभिन्न मांगें रखी गईं। सात दिन में जांच रिपोर्ट का आश्वासन एसडीएम, तहसीलदार, चौरासी थानाधिकारी रतनलाल जटिया और कुंआ थानाधिकारी रघुवीर सिंह सहित अधिकारियों ने परिजनों और जनप्रतिनिधियों से काफी देर तक समझाइश की। इसके बाद परिजन और जनप्रतिनिधि सात दिन के भीतर जांच पूरी कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने के लिखित आश्वासन पर सहमत हुए। सीएमएचओ डॉ. अलंकार गुप्ता ने तत्काल छह सदस्यीय मेडिकल टीम गठित कर मामले की जांच कराने तथा सात दिन में कार्रवाई रिपोर्ट तैयार करने का आश्वासन दिया। इसके बाद मेडिकल बोर्ड का गठन कर पोस्टमार्टम कराया गया और शव परिजनों को सौंप दिया गया। मंगलवार को लेबर टेबल पर बिगड़ी थी हालत गौरतलब है कि मंगलवार को नागरिया पंचेला निवासी निरमली पत्नी दिनेश ताबियाड डिलीवरी का समय नजदीक होने के कारण सामान्य जांच के लिए सीमलवाड़ा सीएचसी पहुंची थी। परिजनों के अनुसार महिला को भर्ती करने के बाद लेबर टेबल पर ले जाया गया, जहां अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गई। गंभीर स्थिति में उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया, लेकिन वहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद परिजन शव को वापस सीमलवाड़ा सीएचसी लेकर पहुंचे और उपचार में लापरवाही की आशंका जताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की। बुधवार को भी अस्पताल परिसर में बड़ी संख्या में ग्रामीण और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। चार थानों का पुलिस जाब्ता तैनात मामले को देखते हुए अस्पताल परिसर में धंबोला, चौरासी, कुंआ और रामसागड़ा थाने का पुलिस जाब्ता तैनात रहा। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए रहे। अब छह सदस्यीय मेडिकल टीम की जांच रिपोर्ट और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर ही महिला और उसके अजन्मे शिशु की मौत के वास्तविक कारण तथा किसी स्तर पर लापरवाही हुई या नहीं, इसकी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।2
- प्रसूता की मौत : छह सदस्यीय कमेटी करेगी जांच, एक सप्ताह में रिपोर्ट; कार्रवाई के आश्वासन पर हुआ शव का पोस्टमार्टम अस्पताल में प्रसूता निरमली की मौत के मामले में बुधवार को दूसरे दिन भी अस्पताल परिसर में गहमागहमी रही। उपचार में लापरवाही के आरोपों को लेकर परिजन और ग्रामीण जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। बुधवार को एसडीएम संजय चरपोटा, तहसीलदार राजकुमार सारेल,सीएमएचओ अलंकार गुप्ता,पुलिस एवं चिकित्सा विभाग के अधिकारियों की मौजूदगी में परिजनों से समझाइश की गई। करीब दो दिन चले घटनाक्रम के बाद चिकित्सा विभाग ने मामले की जांच के लिए छह सदस्यीय कमेटी गठित करने की जानकारी दी है। कमेटी एक सप्ताह में अपनी रिपोर्ट देगी। सीएमएचओ डॉ. अलंकार गुप्ता ने बताया कि मामले की निष्पक्ष जांच के लिए छह सदस्यीय जांच कमेटी बनाई गई है। कमेटी को एक सप्ताह में रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं एसडीएम संजय चरपोटा ने पीड़ित परिवार को सरकार की ओर से आर्थिक सहायता दिलाने का आश्वासन दिया। *जांच और कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे परिजन* परिजनों ने प्रशासन के सामने मांग रखी कि एक सप्ताह में जांच पूरी कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। परिजनों का कहना था कि निरमली सामान्य जांच के लिए अस्पताल पहुंची थी और उस समय उसकी हालत ठीक थी। डिलीवरी के दौरान अचानक तबीयत बिगड़ने और अत्यधिक रक्तस्त्राव के बाद उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया, लेकिन रास्ते में उसकी मौत हो गई। परिजनों ने उपचार में लापरवाही का आरोप लगाते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा बुधवार को पोस्टमार्टम की कार्रवाई पूरी होने के बाद शव परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया। इसके बाद परिजन शव लेकर रवाना हुए। अस्पताल परिसर में पुलिस जाब्ता तैनात रहा और प्रशासनिक अधिकारियों ने स्थिति पर नजर बनाए रखी। मंगलवार को नहीं बनी थी सहमति मंगलवार को घटना के बाद से ही अस्पताल में परिजन और ग्रामीण जुटे हुए थे। पुलिस, प्रशासन, चिकित्सा विभाग और जनप्रतिनिधियों के बीच दिनभर वार्ता चली, लेकिन परिजन कार्रवाई और जांच की मांग पर सहमति बनने तक शव लेने को तैयार नहीं हुए। बुधवार को प्रशासन की ओर से जांच कमेटी गठित करने, एक सप्ताह में रिपोर्ट और आर्थिक सहायता का आश्वासन मिलने के बाद आगे की कार्रवाई हुई। दो छोटे बच्चों के सिर से उठा मां का साया निरमली के पीछे सात साल का बेटा और तीन साल की बेटी है। परिवार खेती और मजदूरी पर निर्भर है। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा है। परिजनों ने कहा कि जांच में यदि किसी की लापरवाही सामने आती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। अब सभी की निगाह जांच कमेटी की रिपोर्ट पर टिकी है। इस दौरान पोपोट खोखरिया, समाजसेवी विनोद कटारा,पूर्व सरपंच रामलाल रोत, दिनेश रोत,रूपचंद भागोरा, कमलेश डिंडोर सहित ग्रामीणजन मौजूद रहे.4
- बाल कवयित्री किम भारतीय की देशभक्ति कविता ‘यूँ ही नहीं मिली आज़ादी’ का जिला पुलिस अधीक्षक ने किया विमोचन बाल कवयित्री किम भारतीय की देशभक्ति कविता ‘यूँ ही नहीं मिली आज़ादी’ का जिला पुलिस अधीक्षक ने किया विमोचन जिले के सभी विद्यालयों एवं विद्यार्थियों तक पहुँचेगा शहीदों के बलिदान एवं राष्ट्रप्रेम का संदेश स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर अमर शहीदों के त्याग, बलिदान एवं राष्ट्रप्रेम को समर्पित डूंगरपुर की बाल कवयित्री एवं जनजागरूकता प्रेरक किम भारतीय की स्वरचित देशभक्ति कविता ‘यूँ ही नहीं मिली आज़ादी’ का जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार ने विमोचन किया। किम भारतीय ने कविता के माध्यम से देश की स्वतंत्रता के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर करने वाले वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए नई पीढ़ी को उनके बलिदान को याद रखने तथा देश के प्रति अपने कर्तव्यों को समझने का संदेश दिया है। कविता में शहीदों के बलिदान, तिरंगे के सम्मान, मातृभूमि के प्रति कर्तव्य और जिम्मेदार नागरिक बनने की भावना को सरल एवं भावपूर्ण शब्दों में प्रस्तुत किया गया है। जिला पुलिस अधीक्षक ने किम भारतीय की इस रचनात्मक पहल की सराहना करते हुए उन्हें शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि बच्चों द्वारा राष्ट्र एवं समाज से जुड़े विषयों पर सकारात्मक पहल करना प्रेरणादायी है। किम भारतीय ने बताया कि कविता लिखने की प्रेरणा उन्हें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शहीदों के बलिदान को याद करते हुए मिली। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य है कि बच्चे स्वतंत्रता के मूल्य को समझें, शहीदों के प्रति सम्मान रखें और जिम्मेदार नागरिक बनने का संकल्प लें। इस अवसर पर किम के माता-पिता ब्रिजेश कुमार सोमपुरा और नीता सोमपुरा मौजूद रहे। किम ने बताया कि कविता अधिकाधिक विद्यालयों, विद्यार्थियों, साहित्यिक एवं सामाजिक संस्थाओं तक पहुँचाने का प्रयास किया जाएगा, ताकि स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर बच्चों के बीच शहीदों के बलिदान और राष्ट्रप्रेम का संदेश पहुँचे। उल्लेखनीय है कि किम भारतीय कक्षा 8 की छात्रा हैं और कविता लेखन के साथ विभिन्न सामाजिक एवं जनजागरूकता विषयों पर रचनात्मक गतिविधियों में सक्रिय रही हैं। उन्होंने सड़क सुरक्षा, मतदाता जागरूकता, बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ एवं अन्य सामाजिक विषयों पर भी जागरूकता के संदेश दिए हैं।3
- बाल कवयित्री किम भारतीय की कविता यूँ ही नहीं मिली आज़ादी का एसपी ने किया विमोचन जिले के सभी विद्यालयों और विद्यार्थियों तक पहुँचेगा शहीदों की शहादत का संदेश संवाददाता – संतोष व्यास डूंगरपुर। स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर अमर शहीदों के त्याग, बलिदान और राष्ट्रप्रेम को समर्पित डूंगरपुर की बाल कवयित्री व जनजागरूकता प्रेरक किम भारतीय की स्वरचित देशभक्ति कविता यूँ ही नहीं मिली आज़ादी का विमोचन जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार ने किया। कक्षा 8 की छात्रा किम द्वारा रचित यह कविता देश की स्वतंत्रता के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर करने वाले वीर शहीदों को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित करती है। साथ ही, यह नई पीढ़ी को शहीदों की शहादत याद रखने और मातृभूमि के प्रति अपने कर्तव्यों को समझने का सशक्त संदेश देती है। - रचनात्मक पहल की एसपी ने की सराहना विमोचन के दौरान जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार ने बाल कवयित्री किम की इस पहल की सराहना करते हुए उन्हें उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि बच्चों द्वारा राष्ट्र और समाज से जुड़े विषयों पर इस प्रकार की सकारात्मक व रचनात्मक पहल करना अत्यंत प्रेरणादायी है। ऐसे प्रयास भावी पीढ़ी में देशभक्ति के संस्कारों को सिंचित करते हैं। कविता में शहीदों के बलिदान, तिरंगे के सम्मान, मातृभूमि के प्रति निष्ठा और एक जिम्मेदार नागरिक बनने की भावना को बेहद सरल एवं मर्मस्पर्शी शब्दों में प्रस्तुत किया गया है। - हर विद्यालय तक पहुँचेगा देशभक्ति का संदेश कविता की प्रेरणा के संबंध में किम भारतीय ने बताया कि स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शहीदों के बलिदान को याद करते हुए उन्हें यह पंक्तियाँ लिखने की प्रेरणा मिली। उनका मुख्य उद्देश्य बच्चों में स्वतंत्रता के वास्तविक मूल्य को समझाना और उनके भीतर राष्ट्रप्रेम का संकल्प जगाना है। किम ने बताया कि इस कविता को जिले के अधिकाधिक विद्यालयों, विद्यार्थियों, साहित्यिक एवं सामाजिक संस्थाओं तक पहुँचाया जाएगा, ताकि हर बच्चे तक शहीदों की गाथा और देशभक्ति की चेतना पहुँच सके। उल्लेखनीय है कि किम भारतीय न केवल कविता लेखन में रुचि रखती हैं, बल्कि वे विभिन्न सामाजिक एवं जनजागरूकता गतिविधियों में भी अग्रणी भूमिका निभाती रही हैं। इससे पूर्व भी उन्होंने सड़क सुरक्षा अभियान, मतदाता जागरूकता, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर समाज को जागरूक करने का संदेश दिया है। विमोचन के इस विशेष अवसर पर किम के माता-पिता ब्रिजेश कुमार सोमपुरा और नीता सोमपुरा भी उपस्थित रहे।1
- टीएडी एवं जिला प्रभारी मंत्री श्री बाबूलाल खराड़ी एक दिवसीय जिले के दौरे पर वन महोत्सव कार्यक्रम में भाग लिया टीएडी एवं जिला प्रभारी मंत्री श्री बाबूलाल खराड़ी एक दिवसीय जिले के दौरे पर पंचायत समिति दोवड़ा की ग्राम पंचायत दोवड़ा में आयोजित जिला स्तरीय वन महोत्सव कार्यक्रम में की शिरकत। ग्राम पंचायत दोवड़ा में आयोजित जिला स्तरीय वन महोत्सव में पंच गौरव के तहत लगी प्रदर्शनी का किया अवलोकन, पर्यावरण के संरक्षण के लिए उत्कर्ष कार्य करने वाले वन मित्र को प्रशस्ति पत्र देकर किया प्रोत्साहित कार्यक्रम में जिला प्रभारी एवं टीएडी मंत्री श्री बाबूलाल खराड़ी ने आमजन को संबोधित करते हुए कहा कि वृक्षों के संरक्षण एवं अधिकाधिक पौधारोपण का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि वृक्ष हमारे जीवन का अभिन्न हिस्सा हैं। इनसे हमें प्राणवायु (ऑक्सीजन), लकड़ी, औषधियां सहित अनेक आवश्यक संसाधन प्राप्त होते हैं। उन्होंने कहा कि ‘विकसित भारत की राम जी योजना’ के तहत किए जाने वाले कार्य समयबद्ध रूप से पूर्ण किए जाएंगे तथा सभी लाभार्थियों को भुगतान ऑनलाइन माध्यम से उनके खातों में किया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि ‘पांच गौरव योजना’ के तहत राज्य सरकार द्वारा महत्वपूर्ण कार्य किए जा रहे हैं। इन योजनाओं के माध्यम से आमजन को विभिन्न विकास कार्यों एवं सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए प्रभावी प्रयास किए जा रहे हैं। आम का पौधा लगाकर दिया हरियालो राजस्थान एवं पर्यावरण संरक्षण का संदेश इस अवसर पर जिला कलक्टर देशलदान, उपवन संरक्षक मोहित गुप्ता, समाज सेवी अशोक पटेल राणोली, पूर्व विधायक गोपीचंद मीणा, मुख्य कार्यकारी अधिकारी हनुमान सिंह राठौड़ समाजसेवी बंसीलाल कटरा, समाजसेवी हंसमुख पंड्या, शांतिलाल पंड्या, प्रभु पंड्या, सुरेश फैलेजिया, उपखंड अधिकारी डूंगरपुर सोनू कुमार गुर्जर, पंचायत समिति दोवड़ा ब्लॉक विकास अधिकारी, तहसीलदार सहित अन्य विभागीय अधिकारी कर्मचारी एवं जनप्रतिनिधि गण उपस्थित रहे।1
- पेड़ बचेंगे तो भविष्य बचेगा: खराड़ी जिला स्तरीय वन महोत्सव में टीएडी मंत्री ने किया पौधारोपण, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश सीमलवाड़ा(डूंगरपुर) गुणवंत कलाल। टीएडी एवं जिला प्रभारी मंत्री बाबूलाल खराड़ी बुधवार को एक दिवसीय डूंगरपुर जिले के दौरे पर रहे। उन्होंने पंचायत समिति दोवड़ा की ग्राम पंचायत दोवड़ा में आयोजित जिला स्तरीय वन महोत्सव कार्यक्रम में शिरकत की। इस दौरान मंत्री ने आम का पौधा लगाकर ‘हरियालो राजस्थान’ एवं पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। वन महोत्सव के दौरान ‘पंच गौरव’ के तहत लगाई गई प्रदर्शनी का मंत्री खराड़ी ने अवलोकन किया। साथ ही पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले वन मित्र को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित एवं प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला प्रभारी मंत्री बाबूलाल खराड़ी ने आमजन से अधिकाधिक पौधारोपण करने और लगाए गए पौधों के संरक्षण का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि वृक्ष हमारे जीवन का अभिन्न हिस्सा हैं। पेड़ों से हमें प्राणवायु, लकड़ी, औषधियां सहित अनेक आवश्यक संसाधन प्राप्त होते हैं। इसलिए पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के लिए अधिक से अधिक पौधे लगाना और उनकी नियमित देखभाल करना जरूरी है। मंत्री ने कहा कि ‘विकसित भारत की राम जी योजना’ के तहत किए जाने वाले कार्यों को समयबद्ध रूप से पूर्ण किया जाएगा तथा सभी लाभार्थियों को भुगतान ऑनलाइन माध्यम से उनके बैंक खातों में किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ‘पांच गौरव योजना’ के तहत राज्य सरकार द्वारा महत्वपूर्ण कार्य किए जा रहे हैं। इन योजनाओं के माध्यम से आमजन को विकास कार्यों और विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए प्रभावी प्रयास किए जा रहे हैं। इस अवसर पर जिला कलक्टर देशलदान, उपवन संरक्षक मोहित गुप्ता, समाजसेवी अशोक पटेल राणोली, पूर्व विधायक गोपीचंद मीणा, मुख्य कार्यकारी अधिकारी हनुमान सिंह राठौड़, समाजसेवी बंसीलाल कटारा, हंसमुख पंड्या, शांतिलाल पंड्या, प्रभु पंड्या, सुरेश फैलेजिया, उपखंड अधिकारी डूंगरपुर सोनू कुमार गुर्जर, पंचायत समिति दोवड़ा के ब्लॉक विकास अधिकारी, तहसीलदार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी एवं जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।4
- *प्रसूता की मौत पर परिजनों की मांग* *प्रसूता की मौत का मामला l क्या कहा परिजनों ने सुने उन्ही की जुबानी* *प्रसूता की मौत पर परिजनों की मांग* *प्रसूता की मौत का मामला l क्या कहा परिजनों ने सुने उन्ही की जुबानी*2
- एक साल से भवन विहीन प्राथमिक विद्यालय नवाघरा गरदूना, जर्जर बताकर गिराया, बनाना भूल गए टीन शेड के नीचे शिक्षा पाने को मजबूर नौनिहाल, बारिश में ठप हो रही पढ़ाई; ग्रामीणों ने दी आंदोलन की चेतावनी संवाददाता – संतोष व्यास डूंगरपुर। सब पढ़ें, सब बढ़ें का ढोल पीटने वाला शिक्षा विभाग नौनिहालों को एक सुरक्षित छत तक मुहैया नहीं करा पा रहा है। ब्लॉक पाल देवल के अंतर्गत ग्राम गरदुना (पीईईओ शिशोद) के राजकीय प्राथमिक विद्यालय नवाघरा गरदूना की तस्वीर विभागीय उपेक्षा और बदहाली की जीती-जागती मिसाल बन चुकी है। करीब एक वर्ष पूर्व विद्यालय के पुराने भवन को जर्जर घोषित कर जमींदोज तो कर दिया गया, लेकिन आज साल बीत जाने के बाद भी नए भवन के निर्माण की एक ईंट तक नहीं रखी जा सकी है। नतीजा यह है कि इस कड़कड़ाती ठंड, चिलचिलाती धूप और अब मूसलाधार बारिश के मौसम में मासूम बच्चे खुले आसमान और ग्रामीणों द्वारा अस्थाई रूप से लगाए गए टीन शेड के नीचे बैठकर पढ़ने को मजबूर हैं। - सुरक्षा और स्वास्थ्य पर मंडरा रहा खतरा वर्तमान में जारी मानसूनी बारिश ने मासूम विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों की चिंता कई गुना बढ़ा दी है। बारिश होते ही टीन शेड के नीचे पानी भर जाता है और बौछारें अंदर तक आती हैं, जिससे शिक्षण व्यवस्था पूरी तरह ठप हो जाती है। ग्रामीणों का कहना है कि टपकते टीन शेड और गीली जमीन पर बैठकर पढ़ाई करने से बच्चों के बीमार पड़ने का लगातार खतरा बना हुआ है। इसके अलावा, खुले वातावरण में विषैले जीव-जंतुओं के निकलने का डर भी हमेशा सताता रहता है। - कागजी दावों में उलझा नया भवन, ग्रामीणों में भारी रोष भवन गिराए जाने के बाद ग्रामीणों को उम्मीद थी कि जल्द ही नया सुसज्जित भवन बनकर तैयार होगा, लेकिन प्रशासनिक शिथिलता के कारण एक साल बाद भी स्थिति जस की तस बनी हुई है। संबंधित विभाग द्वारा निर्माण कार्य को लेकर अब तक कोई ठोस बजटीय स्वीकृति या जमीनी कार्रवाई नहीं की गई है। विभाग के इस अड़ियल और उदासीन रवैये को लेकर क्षेत्र के विद्यार्थियों, अभिभावकों और ग्रामीणों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। - उग्र आंदोलन की चेतावनी समस्त ग्रामवासियों एवं अभिभावकों ने जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों से पुरजोर मांग की है कि राजकीय प्राथमिक विद्यालय नवाघरा के नवीन भवन के निर्माण कार्य को अविलंब स्वीकृति प्रदान कर कार्य शुरू करवाया जाए, ताकि मासूमों को सुरक्षित और सम्मानजनक शैक्षणिक माहौल मिल सके। ग्रामीणों ने दोटूक चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि विभाग ने शीघ्र ही कोई ठोस और सकारात्मक कदम नहीं उठाया, तो समस्त ग्रामीण सड़कों पर उतरकर तीव्र धरना-प्रदर्शन और आंदोलन करने को बाध्य होंगे। इसके बाद उत्पन्न होने वाली किसी भी प्रकार की स्थिति और प्रशासनिक अव्यवस्था की संपूर्ण जिम्मेदारी शिक्षा विभाग एवं स्थानीय प्रशासन की होगी।1