नीम के पेड़ से ‘दूध’ जैसा तरल निकलने का दावा, जलपोखरा में उमड़ी भारी भीड़ जसवंतनगर क्षेत्र के जलपोखरा स्थित राधे-राधे ढाबा के पीछे, ट्यूबवेल के पास खड़े एक नीम के पेड़ से सफेद रंग का तरल पदार्थ निकलता देख इलाके में कौतूहल का माहौल पिछले एक सप्ताह से बना हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि यह तरल दूध जैसा दिखाई दे रहा था। खबर फैलते ही आसपास के गांवों से सैकड़ों लोग मौके पर पहुंच गए। स्पीड की जड़ पर को अगरबत्ती दीपक जलाकर पूजा अर्चना कर रहे हैं और दक्षिणा भी भेंट करना शुरू हो गया है. कुछ लोगों ने इसे ईश्वरीय कृपा मानते हुए तरल को चखा और बोतलों में भरकर अपने साथ ले गए। वहीं कई लोगों ने इसके चमत्कारी असर के दावे भी किए। एक व्यक्ति ने बताया कि तरल को लगाने से उसका 10 साल पुराना कमर दर्द खत्म हो गया। एक महीने ने कहा कि चेहरे पर लगाने से काले दाग-धब्बे कम हो गए। एक अन्य व्यक्ति तरल को उत्तर प्रदेश के बाहर अपने घर ले गया और दावा किया कि पत्नी के पैरों में लगाने से काफी पुराना दर्द समाप्त हो गया। हालांकि जानकारों और विशेषज्ञों का कहना है कि नीम के पेड़ से इस तरह का तरल प्राकृतिक स्राव, कीटों के प्रभाव या किसी रासायनिक प्रक्रिया के कारण भी निकल सकता है। बिना वैज्ञानिक जांच के इसे चमत्कार मानना अंधविश्वास की श्रेणी में आता है। विशेषज्ञों के अनुसार, तरल पदार्थ की वैज्ञानिक जांच के बाद ही इसके वास्तविक कारण और प्रभावों की पुष्टि हो सकती है। तब तक किसी भी तरह का सेवन या चिकित्सीय उपयोग जोखिम भरा हो सकता है।
नीम के पेड़ से ‘दूध’ जैसा तरल निकलने का दावा, जलपोखरा में उमड़ी भारी भीड़ जसवंतनगर क्षेत्र के जलपोखरा स्थित राधे-राधे ढाबा के पीछे, ट्यूबवेल के पास खड़े एक नीम के पेड़ से सफेद रंग का तरल पदार्थ निकलता देख इलाके में कौतूहल का माहौल पिछले एक सप्ताह से बना हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि यह तरल दूध जैसा दिखाई दे रहा था। खबर फैलते ही आसपास के गांवों से सैकड़ों लोग मौके पर पहुंच गए। स्पीड की जड़ पर को अगरबत्ती दीपक जलाकर पूजा अर्चना कर रहे हैं और दक्षिणा भी भेंट करना शुरू हो गया है. कुछ लोगों ने इसे ईश्वरीय कृपा मानते हुए तरल को चखा और बोतलों में भरकर अपने साथ ले गए। वहीं कई लोगों ने इसके चमत्कारी असर के दावे भी किए। एक व्यक्ति ने बताया कि
तरल को लगाने से उसका 10 साल पुराना कमर दर्द खत्म हो गया। एक महीने ने कहा कि चेहरे पर लगाने से काले दाग-धब्बे कम हो गए। एक अन्य व्यक्ति तरल को उत्तर प्रदेश के बाहर अपने घर ले गया और दावा किया कि पत्नी के पैरों में लगाने से काफी पुराना दर्द समाप्त हो गया। हालांकि जानकारों और विशेषज्ञों का कहना है कि नीम के पेड़ से इस तरह का तरल प्राकृतिक स्राव, कीटों के प्रभाव या किसी रासायनिक प्रक्रिया के कारण भी निकल सकता है। बिना वैज्ञानिक जांच के इसे चमत्कार मानना अंधविश्वास की श्रेणी में आता है। विशेषज्ञों के अनुसार, तरल पदार्थ की वैज्ञानिक जांच के बाद ही इसके वास्तविक कारण और प्रभावों की पुष्टि हो सकती है। तब तक किसी भी तरह का सेवन या चिकित्सीय उपयोग जोखिम भरा हो सकता है।
- जसवंतनगर क्षेत्र के जलपोखरा स्थित राधे-राधे ढाबा के पीछे, ट्यूबवेल के पास खड़े एक नीम के पेड़ से सफेद रंग का तरल पदार्थ निकलता देख इलाके में कौतूहल का माहौल पिछले एक सप्ताह से बना हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि यह तरल दूध जैसा दिखाई दे रहा था। खबर फैलते ही आसपास के गांवों से सैकड़ों लोग मौके पर पहुंच गए। स्पीड की जड़ पर को अगरबत्ती दीपक जलाकर पूजा अर्चना कर रहे हैं और दक्षिणा भी भेंट करना शुरू हो गया है. कुछ लोगों ने इसे ईश्वरीय कृपा मानते हुए तरल को चखा और बोतलों में भरकर अपने साथ ले गए। वहीं कई लोगों ने इसके चमत्कारी असर के दावे भी किए। एक व्यक्ति ने बताया कि तरल को लगाने से उसका 10 साल पुराना कमर दर्द खत्म हो गया। एक महीने ने कहा कि चेहरे पर लगाने से काले दाग-धब्बे कम हो गए। एक अन्य व्यक्ति तरल को उत्तर प्रदेश के बाहर अपने घर ले गया और दावा किया कि पत्नी के पैरों में लगाने से काफी पुराना दर्द समाप्त हो गया। हालांकि जानकारों और विशेषज्ञों का कहना है कि नीम के पेड़ से इस तरह का तरल प्राकृतिक स्राव, कीटों के प्रभाव या किसी रासायनिक प्रक्रिया के कारण भी निकल सकता है। बिना वैज्ञानिक जांच के इसे चमत्कार मानना अंधविश्वास की श्रेणी में आता है। विशेषज्ञों के अनुसार, तरल पदार्थ की वैज्ञानिक जांच के बाद ही इसके वास्तविक कारण और प्रभावों की पुष्टि हो सकती है। तब तक किसी भी तरह का सेवन या चिकित्सीय उपयोग जोखिम भरा हो सकता है।2
- इटावा के सिविल लाइन थाना क्षेत्र अंतर्गत कचहरी परिसर में उस समय हड़कंप मच गया, जब डीएम व एसएसपी कार्यालय के बगल से सांसद के रिश्तेदार की बाइक चोरी हो गई। जानकारी के अनुसार, जितेंद्र दोहरे के रिश्तेदार संदीप कुमार पुत्र कृष्ण गोपाल, निवासी जलोखर थाना औरैया, किसी कार्य से कचहरी परिसर आए थे। उन्होंने अपनी स्प्लेंडर प्लस बाइक डीएम कार्यालय के सामने पेड़ के नीचे खड़ी की और काम से चले गए। लौटने पर बाइक वहां नहीं मिली। घटना की सूचना तुरंत नजदीकी थाने की पुलिस को दी गई जिसके बाद सिविल लाइन थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी गई। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने के साथ ही संदिग्धों से पूछताछ कर रही है।2
- हाथी पांव (फाइलेरिया) से बचाव को लेकर बड़ी पहल1
- थाना शिकोहाबाद पुलिस ने मैनपुरी रोड स्थित एक निर्माणाधीन पेट्रोल पंप से सामान चोरी करने वाले अभियुक्त बॉबी सागर (पुत्र नरेंद्र सिंह, निवासी जसराना) को गिरफ्तार किया है। शनिवार की शाम करीब 5:30 बजे पुलिस ने प्रेसनोट जारी कर यह जानकारी दी। पुलिस ने अभियुक्त के कब्जे से चोरी की गई लोहे की एल्वो, फ्लंच, फवड़ा, कन्नी बसूली और अन्य औजार बरामद किए हैं। गिरफ्तार अभियुक्त पर पहले भी चोरी और आबकारी अधिनियम के तहत मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस टीम ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला पंजीकृत कर उसे न्यायालय में पेश किया है।1
- Post by Maharaj Singh1
- कल रविवार को नगर के देहली पब्लिक इंटर नेशनल स्कूल में हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया जायेगा,शनिवार को कार्यक्रम स्थल को भव्य बनाने का कार्य सुबह 9 बजे से देर रात्रि तक चलता रहा,कार्यक्रम में हजारों की भीड़ पहुंचने की संभावना है,आयोजको द्वारा आई हुई भीड़ को भोजन भी कराया जाएगा, कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए नगर के युवा पिछले कई दिनों से घर घर जनसंपर्क कर रहे है,कार्यक्रम स्थल को केसरिया झंडे से सजाया जा रहा है,कार्यक्रम में भारी भीड़ पहुंचे इसके लिए व्यापार मंडल के आह्वान पर नगर के व्यापारी रविवार को दुकानें बंद रखकर हिंदू सम्मेलन में पहुंचकर शिरकत करेंगे,,नगर निवासी जिला सह बौद्धिक प्रमुख पारस गुप्ता ने बताया कि कार्यक्रम में महिलाओं की भीड़ लाने के लिए महिला कार्यकर्ता दिव्या सिंह महिलाओं के संगठन भी घर घर संपर्क कर रहा है,हिंदू सम्मेलन में हिंदुओं को संबोधित करने के लिए अयोध्या हनुमानगढ़ी के महंत राजू दास जी महाराज,फर्रुखाबाद रामनगरिया के पीठाधीश्वर ब्रह्मचारी ईश्वरदास,उन्नाव शक्ति धाम से नारायण गिरी महाराज,विश्व हिंदू परिषद के सहमंत्री मनोज वर्मा,एवं हिंदू एक्शन फोर्स के संस्थापक अमित जानी,आदि आयेंगे,कार्यक्रम की सुरक्षा को लेकर थाना प्रभारी छत्रपाल सिंह ने बताया कि अतिरित पुलिस बल के साथ फोर्स मौजूद रहेगा।1
- दिलीप नगर मढैयन तहसील चकर नगर लखना बाजार जाते वक्त अपराधियो से कटटा अधिया जैसे हथियारों से रास्ता रोकते है घर घिराव मारपीट फिर इटावा पुलिस लखना बाजार आते जाते वक्त जबरन पकढ लेती है और थाने चौकियो तहसीलो मे बंद कर देती है दो बार मारपीट की हजारो बार तहसीलो मे ले गये घर मे पुलिस ने भरेह थाना बकेवर थाना लूटपाट कराके रिपोर्ट कराने के लिये मजबूर करते है अपराधियो के लिये कोई गिरिफदारी न जेल न इनकाउंटर करते है सतेन्द्र केवट1
- जसवंतनगर क्षेत्र के जलपोखरा स्थित राधे-राधे ढाबा के पीछे, ट्यूबवेल के पास खड़े एक नीम के पेड़ से सफेद रंग का तरल पदार्थ निकलता देख इलाके में कौतूहल का माहौल पिछले एक सप्ताह से बना हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि यह तरल दूध जैसा दिखाई दे रहा था। खबर फैलते ही आसपास के गांवों से सैकड़ों लोग मौके पर पहुंच गए। स्पीड की जड़ पर को अगरबत्ती दीपक जलाकर पूजा अर्चना कर रहे हैं और दक्षिणा भी भेंट करना शुरू हो गया है. कुछ लोगों ने इसे ईश्वरीय कृपा मानते हुए तरल को चखा और बोतलों में भरकर अपने साथ ले गए। वहीं कई लोगों ने इसके चमत्कारी असर के दावे भी किए। एक व्यक्ति ने बताया कि तरल को लगाने से उसका 10 साल पुराना कमर दर्द खत्म हो गया। एक महीने ने कहा कि चेहरे पर लगाने से काले दाग-धब्बे कम हो गए। एक अन्य व्यक्ति तरल को उत्तर प्रदेश के बाहर अपने घर ले गया और दावा किया कि पत्नी के पैरों में लगाने से काफी पुराना दर्द समाप्त हो गया। हालांकि जानकारों और विशेषज्ञों का कहना है कि नीम के पेड़ से इस तरह का तरल प्राकृतिक स्राव, कीटों के प्रभाव या किसी रासायनिक प्रक्रिया के कारण भी निकल सकता है। बिना वैज्ञानिक जांच के इसे चमत्कार मानना अंधविश्वास की श्रेणी में आता है। विशेषज्ञों के अनुसार, तरल पदार्थ की वैज्ञानिक जांच के बाद ही इसके वास्तविक कारण और प्रभावों की पुष्टि हो सकती है। तब तक किसी भी तरह का सेवन या चिकित्सीय उपयोग जोखिम भरा हो सकता है।1