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छतरपुर से सामने आए एक वीडियो के माध्यम से शासन-प्रशासन और शिक्षा विभाग के बदहाल स्तर पर गंभीर सवाल उठाए गए हैं। यह वीडियो छतरपुर में सरकारी स्कूलों की शिक्षा के गिरे हुए स्तर की पोल खोलता है, जहाँ स्थानीय नेतृत्व की उदासीनता को लेकर तीखी आलोचना की गई है। वीडियो में नेताओं और सरपंचों पर कटाक्ष किया गया है कि वे केवल चुनाव के समय ही नज़र आते हैं। इस पर सवाल उठाया गया है कि अपने गाँव और शहर का ध्यान क्या 'कॉकरोच' रखेंगे, जो स्थानीय नेतृत्व की अनुपस्थिति और निष्क्रियता को दर्शाता है। जनता ने इस वीडियो को ज्यादा से ज्यादा साझा करने की अपील की है, ताकि मुख्यमंत्री मोहन यादव स्वयं इस स्थिति को देख सकें और यह सच्चाई किसी 'बीच के चमचे' यानी बिचौलिए द्वारा रोकी न जा सके।
AAJ EK SACH NEWS
छतरपुर से सामने आए एक वीडियो के माध्यम से शासन-प्रशासन और शिक्षा विभाग के बदहाल स्तर पर गंभीर सवाल उठाए गए हैं। यह वीडियो छतरपुर में सरकारी स्कूलों की शिक्षा के गिरे हुए स्तर की पोल खोलता है, जहाँ स्थानीय नेतृत्व की उदासीनता को लेकर तीखी आलोचना की गई है। वीडियो में नेताओं और सरपंचों पर कटाक्ष किया गया है कि वे केवल चुनाव के समय ही नज़र आते हैं। इस पर सवाल उठाया गया है कि अपने गाँव और शहर का ध्यान क्या 'कॉकरोच' रखेंगे, जो स्थानीय नेतृत्व की अनुपस्थिति और निष्क्रियता को दर्शाता है। जनता ने इस वीडियो को ज्यादा से ज्यादा साझा करने की अपील की है, ताकि मुख्यमंत्री मोहन यादव स्वयं इस स्थिति को देख सकें और यह सच्चाई किसी 'बीच के चमचे' यानी बिचौलिए द्वारा रोकी न जा सके।
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- छतरपुर से सामने आए एक वीडियो के माध्यम से शासन-प्रशासन और शिक्षा विभाग के बदहाल स्तर पर गंभीर सवाल उठाए गए हैं। यह वीडियो छतरपुर में सरकारी स्कूलों की शिक्षा के गिरे हुए स्तर की पोल खोलता है, जहाँ स्थानीय नेतृत्व की उदासीनता को लेकर तीखी आलोचना की गई है। वीडियो में नेताओं और सरपंचों पर कटाक्ष किया गया है कि वे केवल चुनाव के समय ही नज़र आते हैं। इस पर सवाल उठाया गया है कि अपने गाँव और शहर का ध्यान क्या 'कॉकरोच' रखेंगे, जो स्थानीय नेतृत्व की अनुपस्थिति और निष्क्रियता को दर्शाता है। जनता ने इस वीडियो को ज्यादा से ज्यादा साझा करने की अपील की है, ताकि मुख्यमंत्री मोहन यादव स्वयं इस स्थिति को देख सकें और यह सच्चाई किसी 'बीच के चमचे' यानी बिचौलिए द्वारा रोकी न जा सके।1
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- उधारी मांगने के कारण 55 वर्षीय मोहन यादव की कथित तौर पर गला दबाकर हत्या किए जाने का आरोप सामने आया है।1
- छतरपुर में भैंस चोरी की एक घटना को लेकर भारी बवाल हो गया, जिससे ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। स्थिति इतनी तनावपूर्ण हो गई कि पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा और ग्रामीणों की गुस्से वाली भीड़ से एक आरोपी को बचाना पड़ा।1
- छतरपुर जिले के गुलगंज थाना क्षेत्र के बिजावर तिराहे पर आज 26 मई को रात करीब 8:00 बजे एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। एक तेज रफ्तार आईसर ट्रक ने मोटरसाइकिल को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे बाइक सवार तीन युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। इस हादसे में दो युवकों की मौत हो गई, जबकि एक युवक की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। घायलों के परिजनों के अनुसार, अशोक अहिरवार (33) पिता गोकुल अहिरवार, प्रेमु अहिरवार (30) पिता मथुरा अहिरवार और कृष्णा अहिरवार (29) पिता मुन्नालाल अहिरवार निवासी गढ़ी मोहल्ला गुलगंज थे। ये तीनों युवक सागर रोड स्थित एक खेत से मोटरसाइकिल से अपने घर लौट रहे थे, तभी बिजावर तिराहे के पास यह हादसा हुआ। हादसे के बाद राहगीरों ने तुरंत गुलगंज पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने 1033 एंबुलेंस की मदद से तीनों घायल युवकों को जिला अस्पताल भेजा। रास्ते में एक युवक ने दम तोड़ दिया। जिला अस्पताल में ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर पीयूष चतुर्वेदी ने जांच के बाद प्रेमु अहिरवार और कृष्णा अहिरवार को मृत घोषित कर दिया। वहीं, अशोक अहिरवार का गंभीर हालत में उपचार जारी है।1
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