logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

चंदौली के चकिया हजारों बीघा खेत सूखे सूखे पड़े हैं। पथरहवां लेफ्ट कैनाल में सोनहुल गांव के पास नहर घास फूस पेड़-पौधों से पटी हुई है।

4 hrs ago
user_Ajay Singh
Ajay Singh
Local News Reporter सकलडीहा, चंदौली, उत्तर प्रदेश•
4 hrs ago

चंदौली के चकिया हजारों बीघा खेत सूखे सूखे पड़े हैं। पथरहवां लेफ्ट कैनाल में सोनहुल गांव के पास नहर घास फूस पेड़-पौधों से पटी हुई है।

More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
  • चंदौली के चकिया हजारों बीघा खेत सूखे सूखे पड़े हैं। पथरहवां लेफ्ट कैनाल में सोनहुल गांव के पास नहर घास फूस पेड़-पौधों से पटी हुई है।
    1
    चंदौली के चकिया हजारों बीघा खेत सूखे सूखे पड़े हैं। पथरहवां लेफ्ट कैनाल में सोनहुल गांव के पास नहर घास फूस पेड़-पौधों से पटी हुई है।
    user_Ajay Singh
    Ajay Singh
    Local News Reporter सकलडीहा, चंदौली, उत्तर प्रदेश•
    4 hrs ago
  • उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले के सकaldiहा उप-जिले में स्थित चहनियां चौराहे पर एक महिला के साथ लूट की घटना सामने आई है। एक उच्चको ने महिला को झांसा देकर उनका मंगलसूत्र, कुछ नगदी और कान का कनफूल लेकर फरार हो गया। इस घटना के बाद स्थानीय पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। हालांकि, अभी तक अपराधी को पकड़ा नहीं गया है। महिला ने पुलिस को पूरी घटना की जानकारी दी है और अपराधी की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग की है।
    1
    उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले के सकaldiहा उप-जिले में स्थित चहनियां चौराहे पर एक महिला के साथ लूट की घटना सामने आई है। एक उच्चको ने महिला को झांसा देकर उनका मंगलसूत्र, कुछ नगदी और कान का कनफूल लेकर फरार हो गया।

इस घटना के बाद स्थानीय पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। हालांकि, अभी तक अपराधी को पकड़ा नहीं गया है। महिला ने पुलिस को पूरी घटना की जानकारी दी है और अपराधी की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग की है।
    user_Uday Kumar Ray
    Uday Kumar Ray
    Local News Reporter सकलडीहा, चंदौली, उत्तर प्रदेश•
    17 hrs ago
  • जनसुनवाई में संवेदनशीलता, समाधान में तत्परता… मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने आज राजधानी लखनऊ स्थित अपने सरकारी आवास पर आयोजित "जनता दर्शन" में प्रदेश के विभिन्न जनपदों से आए लोगों की समस्याएं सुनीं और उनके प्रभावी, पारदर्शी एवं समयबद्ध निराकरण हेतु अधिकारियों को निर्देश दिए। #JantaDarshanUP जनसुनवाई में संवेदनशीलता, समाधान में तत्परता… मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने आज राजधानी लखनऊ स्थित अपने सरकारी आवास पर आयोजित "जनता दर्शन" में प्रदेश के विभिन्न जनपदों से आए लोगों की समस्याएं सुनीं और उनके प्रभावी, पारदर्शी एवं समयबद्ध निराकरण हेतु अधिकारियों को निर्देश दिए। #JantaDarshanUP
    1
    जनसुनवाई में संवेदनशीलता, समाधान में तत्परता…

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने आज राजधानी लखनऊ स्थित अपने सरकारी आवास पर आयोजित "जनता दर्शन" में प्रदेश के विभिन्न जनपदों से आए लोगों की समस्याएं सुनीं और उनके प्रभावी, पारदर्शी एवं समयबद्ध निराकरण हेतु अधिकारियों को निर्देश दिए।

#JantaDarshanUP
जनसुनवाई में संवेदनशीलता, समाधान में तत्परता…
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने आज राजधानी लखनऊ स्थित अपने सरकारी आवास पर आयोजित "जनता दर्शन" में प्रदेश के विभिन्न जनपदों से आए लोगों की समस्याएं सुनीं और उनके प्रभावी, पारदर्शी एवं समयबद्ध निराकरण हेतु अधिकारियों को निर्देश दिए।
#JantaDarshanUP
    user_@karanBhaskar
    @karanBhaskar
    Singer Mugalsarai, Chandauli•
    1 hr ago
  • समय से नही पहुच रहे है अध्यापक बच्चो को कड़ी धूप में बाहर खड़ा होकर करना पड़ रहा है इंतजार आप देख रहे हैं न्यूज टू इंडिया से संवाददाता विनीत कुमार गुप्ता जिला चीफ ब्यूरो की खास रिपोर्ट चहनियां क्षेत्र चन्दौली के ज्यादातर प्राथमिक विद्यालयों पर अध्यापक समय से नही पहुच रहे है मंगलवार को जमालपुर हसनपुर प्राथमिक विद्यालय पर अध्यापकों को देर से पहुँचने पर बच्चो को कड़ी धूप में इंतजार करना पड़ा बेसिक शिक्षा अधिकारी के निर्देश पर सुबह 8 बजे से 2 बजे तक स्कूल का समय सारणी है जिसमे 7.30 बजे तक शिक्षकों की उपस्थिति अनिवार्य है किंतु प्राथमिक विद्यालय जमालपुर ( हसनपुर ) में शिक्षक कभी 8.30 बजे तो कभी 9 बजे आते है गेट बंद होने के कारण बच्चो को लगभग हर रोज बाहर कड़ी धूप में शिक्षकों के आने का इंतजार करना पड़ता है आसपास कही पेड़ की छांव भी नही है कि बच्चे पेड़ के नीचे बैठकर इंतजार कर ले शिक्षकों की मनमानी रवैये से बच्चो को जलालत झेलनी पड़ती है कड़ी धूप में खड़े होकर इंतजार कर रहे बच्चो को देखकर लोगो आक्रोशित हो जाते है कुछ लोग इसे लेकर टोके भी फिर भी कोई प्रभाव नही दिख रहा है ग्रामीणो का कहना है कि यही हाल कुछ और विद्यालयों का है जहां समय से अध्यापक नही आते है।
    1
    समय से नही पहुच रहे है अध्यापक बच्चो को कड़ी धूप में बाहर खड़ा होकर करना पड़ रहा है इंतजार
आप देख रहे हैं न्यूज टू इंडिया से संवाददाता विनीत कुमार गुप्ता जिला चीफ ब्यूरो की खास रिपोर्ट 
चहनियां क्षेत्र चन्दौली के ज्यादातर प्राथमिक विद्यालयों पर अध्यापक समय से नही पहुच रहे है मंगलवार को जमालपुर हसनपुर प्राथमिक विद्यालय पर अध्यापकों को देर से पहुँचने पर बच्चो को कड़ी धूप में इंतजार करना पड़ा बेसिक शिक्षा अधिकारी के निर्देश पर सुबह 8 बजे से 2 बजे तक स्कूल का समय सारणी है जिसमे 7.30 बजे तक शिक्षकों की उपस्थिति अनिवार्य है किंतु प्राथमिक विद्यालय जमालपुर ( हसनपुर ) में शिक्षक कभी 8.30 बजे तो कभी 9 बजे आते है  गेट बंद होने के कारण बच्चो को लगभग हर रोज बाहर कड़ी धूप में शिक्षकों के आने का इंतजार करना पड़ता है आसपास कही पेड़ की छांव भी नही है कि बच्चे पेड़ के नीचे बैठकर इंतजार कर ले शिक्षकों की मनमानी रवैये से बच्चो को जलालत झेलनी पड़ती है कड़ी धूप में खड़े होकर इंतजार कर रहे बच्चो को देखकर लोगो आक्रोशित हो जाते है कुछ लोग इसे लेकर टोके भी फिर भी कोई प्रभाव नही दिख रहा है ग्रामीणो का कहना है कि यही हाल कुछ और विद्यालयों का है जहां समय से अध्यापक नही आते है।
    user_NEWS 2 INDIA
    NEWS 2 INDIA
    TV News Anchor सदर, वाराणसी, उत्तर प्रदेश•
    36 min ago
  • गुरु पूर्णिमा पर काशीवासियों से गौरक्षा का संकल्प लेने की अपील, शंकराचार्य 28 जुलाई को छत्तीसगढ़ के लिए प्रस्थान करेंगे आप देख रहे हैं न्यूज टू इंडिया से से उप संपादक प्रदीप कुमार वर्मा उर्फ राजन की खास रिपोर्ट वाराणसी भक्तों ने शंकराचार्य घाट स्थित श्रीविद्यामठ में चरण पादुका का किया पूजन, 27 जुलाई 2026 गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर इस बार परमधर्माधीश ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती महाराज काशी में नहीं रहेंगे। वे इस वर्ष अपना चातुर्मास्य व्रत अनुष्ठान छत्तीसगढ़ में सम्पन्न करेंगे। इस कारण काशी के भक्तों ने गुरु पूर्णिमा से पूर्व ही शंकराचार्य से चरण पादुका पूजन की अनुमति मांगी, जिसे गुरुदेव ने सहर्ष प्रदान कर दिया। आज सायं 5 बजे शंकराचार्य घाट स्थित श्रीविद्यामठ में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विधिवतशंकराचार्य महाराज की चरण पादुका का पूजन किया गया। भक्तों ने 81 दिवसीय गविष्ठी यात्रा पूर्ण कर गौमाता के प्राणों की रक्षा हेतु संघर्ष करने वाले शंकराचार्य का अभिनंदन एवं वंदन भी किया। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर शंकराचार्य महाराज ने काशीवासियोंऔर समस्त सनातनियों को गौरक्षा का संकल्प लेने का संदेश दिया। उन्होंनेकहा, गौमाता प्रत्येक सनातनी कीआराध्या हैं और 33 कोटि देवी-देवताओं की आश्रयस्थली भी हैं। गौमाता के पूजन से सभी देवी-देवताओं के पूजन का फल प्राप्त होता है। गौमाता के महत्व का प्रमाण यही है कि हमारे घर में पहली रोटी गुरुदेव या किसी देवी-देवता के लिए नहीं, बल्कि सर्वप्रथम गौमाता के लिए निकाली जाती है। शंकराचार्य के मीडिया प्रभारी संजय पाण्डेय ने बताया कि इस वर्ष शंकराचार्य का चातुर्मास्य व्रत छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले स्थित सवा लाख शिवलिंग वाले सपाद लक्षेश्वर धाम में सम्पन्न होगा। यहां विश्व का सबसे बड़ा सवा लाख शिवलिंग का मंदिर निर्माणाधीन है। चातुर्मास्य के दौरान विभिन्न आध्यात्मिक अनुष्ठान किए जाएंगे। साथ ही यूपी की 403 विधानसभाओं के प्रतिनिधियों की त्रिदिवसीय कार्यशाला भी आयोजित होगी। इसमें शंकराचार्य महाराज अपने प्रतिनिधियों को प्रशिक्षित कर गौरक्षा आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने और गौरक्षा नीतियों को जन-जन तक पहुंचाने हेतु तैयार करेंगे। शंकराचार्य महाराज कल मंगलवार, 28 जुलाई को काशी से छत्तीसगढ़ के लिए प्रस्थान करेंगे। आज के कार्यक्रम में प्रमुख रूप से साध्वी पूर्णांबा दीदी, ब्रह्मचारी परमात्मानंद, स्वामी निधिरव्यानंद, गिरीश चंद्र तिवारी, अविनाश मिश्रा, रवि त्रिवेदी, रमेश उपाध्याय, अभय शंकर तिवारी, विमल तिवारी, हजारी कीर्ति शुक्ला, मनीष पाण्डेय, मयंक दोषी, शाश्वत मिश्रा, हजारी सौरभ शुक्ला, अनुराग द्विवेदी, लता पाण्डेय, मंजरी पाण्डेय, चांदनी चौबे, नीलम दुबे सहित बड़ी संख्या में भक्तगण मौजूद रहे।
    1
    गुरु पूर्णिमा पर काशीवासियों से गौरक्षा का संकल्प लेने की अपील, शंकराचार्य 28 जुलाई को छत्तीसगढ़ के लिए प्रस्थान करेंगे
आप देख रहे हैं न्यूज टू इंडिया से से उप संपादक प्रदीप कुमार वर्मा उर्फ राजन की खास रिपोर्ट वाराणसी भक्तों ने शंकराचार्य घाट स्थित श्रीविद्यामठ में चरण पादुका का किया पूजन, 27 जुलाई 2026 गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर इस बार परमधर्माधीश ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती महाराज काशी में नहीं रहेंगे। वे इस वर्ष अपना चातुर्मास्य व्रत अनुष्ठान छत्तीसगढ़ में सम्पन्न करेंगे। इस कारण काशी के भक्तों ने गुरु पूर्णिमा से पूर्व ही शंकराचार्य से चरण पादुका पूजन की अनुमति मांगी, जिसे गुरुदेव ने सहर्ष प्रदान कर दिया। आज सायं 5 बजे शंकराचार्य घाट स्थित श्रीविद्यामठ में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विधिवतशंकराचार्य महाराज की चरण पादुका
का पूजन किया गया। भक्तों ने 81 दिवसीय गविष्ठी यात्रा पूर्ण कर गौमाता के प्राणों की रक्षा हेतु संघर्ष करने वाले
शंकराचार्य का अभिनंदन एवं वंदन भी किया। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर शंकराचार्य महाराज ने काशीवासियोंऔर समस्त सनातनियों को गौरक्षा का
संकल्प लेने का संदेश दिया। उन्होंनेकहा, गौमाता प्रत्येक सनातनी कीआराध्या हैं और 33 कोटि देवी-देवताओं की आश्रयस्थली भी हैं। गौमाता के पूजन से सभी देवी-देवताओं के पूजन का फल प्राप्त होता है। गौमाता के महत्व का प्रमाण यही है कि हमारे घर में पहली रोटी गुरुदेव या किसी देवी-देवता के लिए नहीं, बल्कि सर्वप्रथम गौमाता के लिए निकाली जाती है। शंकराचार्य
के मीडिया प्रभारी संजय पाण्डेय ने बताया कि इस वर्ष शंकराचार्य का चातुर्मास्य व्रत छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले स्थित सवा लाख शिवलिंग वाले सपाद लक्षेश्वर धाम में सम्पन्न होगा। यहां विश्व का सबसे बड़ा सवा लाख शिवलिंग का मंदिर निर्माणाधीन है।
चातुर्मास्य के दौरान विभिन्न आध्यात्मिक अनुष्ठान किए जाएंगे। साथ ही यूपी की 403 विधानसभाओं के प्रतिनिधियों की त्रिदिवसीय कार्यशाला भी आयोजित होगी। इसमें शंकराचार्य महाराज अपने प्रतिनिधियों को प्रशिक्षित कर गौरक्षा आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने और गौरक्षा नीतियों को जन-जन तक पहुंचाने हेतु तैयार करेंगे। शंकराचार्य महाराज कल मंगलवार, 28 जुलाई को काशी से छत्तीसगढ़ के लिए प्रस्थान करेंगे। आज के कार्यक्रम में प्रमुख रूप से साध्वी पूर्णांबा दीदी, ब्रह्मचारी परमात्मानंद, स्वामी निधिरव्यानंद, गिरीश चंद्र तिवारी, अविनाश मिश्रा, रवि त्रिवेदी, रमेश उपाध्याय, अभय शंकर तिवारी, विमल तिवारी, हजारी कीर्ति शुक्ला, मनीष पाण्डेय, मयंक दोषी, शाश्वत मिश्रा, हजारी सौरभ शुक्ला, अनुराग द्विवेदी, लता पाण्डेय, मंजरी पाण्डेय, चांदनी चौबे, नीलम दुबे सहित बड़ी संख्या में भक्तगण मौजूद रहे।
    user_NEWS 2 INDIA (NTI)
    NEWS 2 INDIA (NTI)
    Court reporter सदर, वाराणसी, उत्तर प्रदेश•
    4 hrs ago
  • वाराणसी मे दालमंडी ध्वस्तीकरण के दौरान आज लंगड़ा हाफिज़ मस्जिद पर हथौड़ा चला। बताया जाता है कि मस्जिद कमेटी ने खुद ही मस्जिद के उस हिस्से को तोड़ा जो अतिक्रमण की जद में था। Varanasi Breking News
    2
    वाराणसी मे दालमंडी ध्वस्तीकरण के दौरान आज लंगड़ा हाफिज़ मस्जिद पर हथौड़ा चला।
बताया जाता है कि मस्जिद कमेटी ने खुद ही मस्जिद के उस हिस्से को तोड़ा जो अतिक्रमण की जद में था।
Varanasi Breking News
    user_आवाज News
    आवाज News
    Nurse सदर, वाराणसी, उत्तर प्रदेश•
    12 hrs ago
  • चंदौली के चकिया में हजारों बीघा खेत सूखे सूखे पड़े हैं। पथरहवां लेफ्ट कैनाल में सोनहुल गांव के पास नहर घास फूस पेड़-पौधों से पटी हुई है।
    1
    चंदौली के चकिया में हजारों बीघा खेत सूखे सूखे पड़े हैं। पथरहवां लेफ्ट कैनाल में सोनहुल गांव के पास नहर घास फूस पेड़-पौधों से पटी हुई है।
    user_Ajay Singh
    Ajay Singh
    Local News Reporter सकलडीहा, चंदौली, उत्तर प्रदेश•
    6 hrs ago
  • क्या असम हर साल बाढ़ में डूबने के लिए मजबूर है? इस रिपोर्ट में हमने असम की मौजूदा बाढ़, ब्रह्मपुत्र नदी के उफान, प्रभावित जिलों, लाखों लोगों की परेशानी और सरकार की राहत कार्रवाई की पूरी जानकारी दी है। साथ ही यह भी समझने की कोशिश की है कि आखिर हर साल यही हाल क्यों होता है। ऐसी ही ग्राउंड रिपोर्ट और निष्पक्ष खबरों के लिए Awaaz E Bharat को Subscribe करें। क्या असम हर साल बाढ़ में डूबने के लिए मजबूर है? इस रिपोर्ट में हमने असम की मौजूदा बाढ़, ब्रह्मपुत्र नदी के उफान, प्रभावित जिलों, लाखों लोगों की परेशानी और सरकार की राहत कार्रवाई की पूरी जानकारी दी है। साथ ही यह भी समझने की कोशिश की है कि आखिर हर साल यही हाल क्यों होता है। ऐसी ही ग्राउंड रिपोर्ट और निष्पक्ष खबरों के लिए Awaaz E Bharat को Subscribe करें।
    1
    क्या असम हर साल बाढ़ में डूबने के लिए मजबूर है? इस रिपोर्ट में हमने असम की मौजूदा बाढ़, ब्रह्मपुत्र नदी के उफान, प्रभावित जिलों, लाखों लोगों की परेशानी और सरकार की राहत कार्रवाई की पूरी जानकारी दी है। साथ ही यह भी समझने की कोशिश की है कि आखिर हर साल यही हाल क्यों होता है।

ऐसी ही ग्राउंड रिपोर्ट और निष्पक्ष खबरों के लिए Awaaz E Bharat को Subscribe करें।
क्या असम हर साल बाढ़ में डूबने के लिए मजबूर है? इस रिपोर्ट में हमने असम की मौजूदा बाढ़, ब्रह्मपुत्र नदी के उफान, प्रभावित जिलों, लाखों लोगों की परेशानी और सरकार की राहत कार्रवाई की पूरी जानकारी दी है। साथ ही यह भी समझने की कोशिश की है कि आखिर हर साल यही हाल क्यों होता है।
ऐसी ही ग्राउंड रिपोर्ट और निष्पक्ष खबरों के लिए Awaaz E Bharat को Subscribe करें।
    user_Awaaz -e-Bharat
    Awaaz -e-Bharat
    चांद, कैमूर (भभुआ), बिहार•
    6 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.