सुप्रीम कोर्ट का बड़ा आदेश: TMC के नाम और ‘फूल-घास’ सिंबल विवाद पर चुनाव आयोग 3 महीने में फैसला करे स्वतंत्र न्यूज छत्तीसगढ़/नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार (28 सितंबर 2026) को ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस (TMC) के नाम और उसके आरक्षित चुनाव चिह्न ‘फूल और घास’ (Flowers and Grass) को लेकर दो प्रतिद्वंद्वी गुटों के बीच चल रहे विवाद पर चुनाव आयोग को स्पष्ट समय-सीमा दे दी है। चीफ जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना की पीठ ने निर्देश दिया कि दोनों पक्ष अगले 4 हफ्तों के अंदर अपनी दलीलें, दस्तावेज और अतिरिक्त हलफनामे जमा कर लें। इसके बाद चुनाव आयोग 3 महीने के भीतर अंतिम फैसला करे। यानी कुल प्रक्रिया लगभग चार महीने में पूरी होनी चाहिए। कोर्ट ने साफ कहा कि यह 3 महीने की समय-सीमा दलीलें पूरी होने के बाद शुरू होगी। चुनाव आयोग ने 6 महीने का समय मांगा था, लेकिन कोर्ट ने इसे पर्याप्त नहीं माना और कहा— “तीन महीने काफी हैं।” जरूरत पड़ने पर आयोग दोबारा कोर्ट आ सकता है। क्या है विवाद? पार्टी के अंदर दो गुट सक्रिय हैं— एक ममता बनर्जी के नेतृत्व में और दूसरा बागी गुट (सूत्रों में अरुप रॉय/रितब्रत बनर्जी गुट का जिक्र)। दोनों ही खुद को असली TMC बता रहे हैं। 17 सितंबर 2026 को चुनाव आयोग ने अंतरिम आदेश में दोनों गुटों को मूल नाम ‘ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ और आरक्षित चिह्न ‘फूल और घास’ इस्तेमाल करने से रोक दिया था। उपचुनावों के लिए अस्थायी व्यवस्था की गई: ममता गुट को ‘ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ नाम और ‘फुटबॉल खिलाड़ी’ चिह्न मिला। बागी गुट को ‘डेमोक्रेटिक तृणमूल कांग्रेस’ नाम और ‘लिफाफा’ चिह्न मिला। ये दोनों व्यवस्थाएं केवल अंतरिम हैं। अंतिम फैसला चुनाव चिह्न (आरक्षण और आबंटन) आदेश 1968 के पैरा 15 के तहत आयोग को करना है। ममता बनर्जी ने आयोग के इस अंतरिम फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। कोर्ट ने किसी भी पक्ष के पक्ष में राय नहीं दी और कहा कि सभी दलीलें आयोग के सामने खुली रहेंगी। स्वतंत्र न्यूज छत्तीसगढ़ का नजरिया यह मामला सिर्फ पश्चिम बंगाल तक सीमित नहीं है। पार्टी के नाम और चिह्न का विवाद लोकतंत्र की प्रक्रिया पर असर डालता है। सुप्रीम कोर्ट ने समय-सीमा तय करके दोनों पक्षों और आयोग को जवाबदेही दी है। अब देखना होगा कि दोनों गुट 4 हफ्तों में अपनी दलीलें कितनी मजबूती से पेश करते हैं और आयोग कितनी निष्पक्षता से फैसला करता है। स्वतंत्र न्यूज छत्तीसगढ़ हमेशा पूर्ण तथ्यों और स्वतंत्रता के साथ आपके साथ। (स्रोत: सुप्रीम कोर्ट का आदेश, चुनाव आयोग के अंतरिम निर्देश और विश्वसनीय समाचार रिपोर्ट्स) #swatantrashort #swatantraupdates #स्वतंत्रन्यूज़छत्तीसगढ़ #swatantranewschhattisgarh #news #shorts #swatantralive Vinod Kumar Pandey SWATANTRA NEWS CHHATTISGARH
सुप्रीम कोर्ट का बड़ा आदेश: TMC के नाम और ‘फूल-घास’ सिंबल विवाद पर चुनाव आयोग 3 महीने में फैसला करे स्वतंत्र न्यूज छत्तीसगढ़/नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार (28 सितंबर 2026) को ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस (TMC) के नाम और उसके आरक्षित चुनाव चिह्न ‘फूल और घास’ (Flowers and Grass) को लेकर दो प्रतिद्वंद्वी गुटों के बीच चल रहे विवाद पर चुनाव आयोग को स्पष्ट समय-सीमा दे दी है। चीफ जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना की पीठ ने निर्देश दिया कि दोनों पक्ष अगले 4 हफ्तों के अंदर अपनी दलीलें, दस्तावेज और अतिरिक्त हलफनामे जमा कर लें। इसके बाद चुनाव आयोग 3 महीने के भीतर अंतिम फैसला करे। यानी कुल प्रक्रिया लगभग चार महीने में पूरी होनी चाहिए। कोर्ट ने साफ कहा कि यह 3 महीने की समय-सीमा दलीलें पूरी होने के बाद शुरू होगी। चुनाव आयोग ने 6 महीने का समय मांगा था, लेकिन कोर्ट ने इसे पर्याप्त नहीं माना और कहा— “तीन महीने काफी हैं।” जरूरत पड़ने पर आयोग दोबारा कोर्ट आ सकता है। क्या है विवाद? पार्टी के अंदर दो गुट सक्रिय हैं— एक ममता बनर्जी के नेतृत्व में और दूसरा बागी गुट (सूत्रों में अरुप रॉय/रितब्रत बनर्जी गुट का जिक्र)। दोनों ही खुद को असली TMC बता रहे हैं। 17 सितंबर 2026 को चुनाव आयोग ने अंतरिम आदेश में दोनों गुटों को मूल नाम ‘ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ और आरक्षित चिह्न ‘फूल और घास’ इस्तेमाल करने से रोक दिया था। उपचुनावों के लिए अस्थायी व्यवस्था की गई: ममता गुट को ‘ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ नाम और ‘फुटबॉल खिलाड़ी’ चिह्न मिला। बागी गुट को ‘डेमोक्रेटिक तृणमूल कांग्रेस’ नाम और ‘लिफाफा’ चिह्न मिला। ये दोनों व्यवस्थाएं केवल अंतरिम हैं। अंतिम फैसला चुनाव चिह्न (आरक्षण और आबंटन) आदेश 1968 के पैरा 15 के तहत आयोग को करना है। ममता बनर्जी ने आयोग के इस अंतरिम फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। कोर्ट ने किसी भी पक्ष के पक्ष में राय नहीं दी और कहा कि सभी दलीलें आयोग के सामने खुली रहेंगी। स्वतंत्र न्यूज छत्तीसगढ़ का नजरिया यह मामला सिर्फ पश्चिम बंगाल तक सीमित नहीं है। पार्टी के नाम और चिह्न का विवाद लोकतंत्र की प्रक्रिया पर असर डालता है। सुप्रीम कोर्ट ने समय-सीमा तय करके दोनों पक्षों और आयोग को जवाबदेही दी है। अब देखना होगा कि दोनों गुट 4 हफ्तों में अपनी दलीलें कितनी मजबूती से पेश करते हैं और आयोग कितनी निष्पक्षता से फैसला करता है। स्वतंत्र न्यूज छत्तीसगढ़ हमेशा पूर्ण तथ्यों और स्वतंत्रता के साथ आपके साथ। (स्रोत: सुप्रीम कोर्ट का आदेश, चुनाव आयोग के अंतरिम निर्देश और विश्वसनीय समाचार रिपोर्ट्स) #swatantrashort #swatantraupdates #स्वतंत्रन्यूज़छत्तीसगढ़ #swatantranewschhattisgarh #news #shorts #swatantralive Vinod Kumar Pandey SWATANTRA NEWS CHHATTISGARH
- दुनिया का सबसे ताकतवर रॉकेट 'स्टारशिप' पहली बार ऑर्बिट में पहुंचा, 26 स्टारलिंक सैटेलाइट्स तैनात स्वतंत्र न्यूज छत्तीसगढ़/एलॉन मस्क की कंपनी स्पेसएक्स ने अपने सबसे शक्तिशाली रॉकेट स्टारशिप का 14वां परीक्षण उड़ान सफलतापूर्वक पूरा किया। 28 सितंबर 2026 को टेक्सास के स्टारबेस से सुबह करीब 7:48 बजे (स्थानीय समय) लॉन्च हुए इस मिशन में स्टारशिप पहली बार पृथ्वी की कक्षा (ऑर्बिट) में पहुंचा। यह स्पेसएक्स के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि है। मिशन की मुख्य बातें: रॉकेट की ऊंचाई: लगभग 403-407 फीट (123-124 मीटर) का यह दो-चरणीय रॉकेट दुनिया का सबसे बड़ा और सबसे शक्तिशाली लॉन्च वाहन है। पहली बार ऑर्बिट: पिछले 13 परीक्षण सब-ऑर्बिटल (कक्षा से कम) थे। इस बार स्टारशिप (शिप 41) ने ऑर्बिटल इंसर्शन बर्न कर पृथ्वी की कक्षा में प्रवेश किया। पेलोड: 26 स्टारलिंक V3 सैटेलाइट्स सफलतापूर्वक तैनात किए गए। ये स्पेसएक्स के ऑपरेशनल (काम करने वाले) सैटेलाइट्स हैं। सभी 26 सैटेलाइट्स से संपर्क स्थापित हो गया। बूस्टर: सुपर हेवी बूस्टर (B21) ने सफलतापूर्वक गल्फ ऑफ मेक्सिको में नियंत्रित लैंडिंग (स्प्लैशडाउन) की। उड़ान अवधि: मूल योजना लगभग 10 घंटे की थी, जिसमें 6 चक्कर लगाकर चिली के पास प्रशांत महासागर में लैंडिंग होनी थी। लेकिन ऊपरी चरण के एक रैप्टर इंजन में समस्या आने के कारण मिशन को लगभग 3 घंटे में ही समाप्त कर दिया गया। स्टारशिप ने उत्तरी प्रशांत महासागर (हवाई के पास) में नियंत्रित रीएंट्री और स्प्लैशडाउन किया। क्यों महत्वपूर्ण है यह मिशन? यह स्टारशिप का पहला ऑर्बिटल फ्लाइट और पहला ऑपरेशनल पेलोड डिप्लॉयमेंट है। स्पेसएक्स ने इंजन की समस्या के बावजूद सुरक्षित तरीके से मिशन को पूरा किया। इससे भविष्य में चंद्रमा, मंगल और भारी सैटेलाइट लॉन्च के लिए रास्ता और साफ हुआ। स्वतंत्र न्यूज छत्तीसगढ़ हमेशा पूर्ण तथ्यों के साथ आपके साथ। सटीक जानकारी, बिना किसी अतिशयोक्ति के। #swatantrashort #swatantraupdates #स्वतंत्रन्यूज़छत्तीसगढ़ #swatantranewschhattisgarh #news #shorts #swatantralive Vinod Kumar Pandey SWATANTRA NEWS CHHATTISGARH1
- रसमडा में घर की अलमारी से सोने के आभूषण चोरी करने वाला आरोपी गिरफ्तार, चोरी की संपत्ति बरामद रसमडा में घर की अलमारी से सोने के आभूषण चोरी करने वाला आरोपी गिरफ्तार, चोरी की संपत्ति बरामद ▪️ *रसमडा निवासी प्रार्थी के घर की अलमारी से सोने के आभूषण चोरी होने की रिपोर्ट पर अंजोरा चौकी पुलिस ने अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की।* ▪️ *विवेचना के दौरान संदेही पी. विकास राव को हिरासत में लेकर पूछताछ करने पर उसके द्वारा चोरी की घटना स्वीकार की गई।* ▪️ *आरोपी द्वारा चोरी किए गए सोने के आभूषण अपने घर में छिपाकर रखना बताया गया, जिन्हें पुलिस टीम द्वारा बरामद किया गया।* ▪️ *पुलिस ने आरोपी पी. विकास राव को दिनांक 27.09.2026 को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया।* ▪️ *प्रकरण में अपराध क्रमांक 845/2026 धारा 305(क) BNS के तहत वैधानिक कार्यवाही की गई है।* मुख्य बिंदु दिनांक 25.09.2026 को रसमदा निवासी सरोज निषाद द्वारा घर की अलमारी से सोने के आभूषण चोरी होने की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। अंजोरा चौकी पुलिस द्वारा त्वरित विवेचना करते हुए संदेही को हिरासत में लेकर चोरी की संपत्ति बरामद की गई तथा आरोपी को न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा गया। संक्षिप्त विवरण दिनांक 25.09.2026 को प्रार्थी सरोज निषाद, उम्र 38 वर्ष, निवासी रसमडा द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराई गई कि उनके निवास स्थान की अलमारी से अज्ञात व्यक्ति द्वारा सोने की दो ईयरिंग एवं सोने की एक ठूसी माला चोरी कर ली गई है। रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 845/2026, धारा 305(क) BNS पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। विवेचना के दौरान अंजोरा चौकी पुलिस द्वारा संदेही पी. विकास राव, उम्र 30 वर्ष, निवासी रसमडा को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ में आरोपी द्वारा चोरी की घटना स्वीकार करते हुए चोरी किए गए आभूषण अपने घर में छिपाकर रखना बताया गया। आरोपी के घर से चोरी किए गए सोने के आभूषण बरामद किए गए। आरोपी को दिनांक 27.09.2026 को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। मॉडस ऑपरेंडी (अपराध करने का तरीका) आरोपी द्वारा प्रार्थी के निवास स्थान की अलमारी से सोने के आभूषण चोरी कर उन्हें अपने घर में छिपाकर रखा गया था। घटना स्थल रसमडा, चौकी अंजोरा, थाना पुलगांव, जिला दुर्ग। आरोपी का नाम 1. पी. विकास राव, उम्र 30 वर्ष, निवासी रसमदा, चौकी अंजोरा, थाना पुलगांव, जिला दुर्ग। जप्त सामग्री 1. सोने की 02 नग ईयरिंग। 2. सोने की 01 नग ठूसी माला। सराहनीय कार्य उक्त कार्यवाही में चौकी अंजोरा में पदस्थ अधिकारी एवं कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। दुर्ग पुलिस की अपील दुर्ग पुलिस आम नागरिकों से अपील करती है कि घर में रखे मूल्यवान आभूषण एवं अन्य संपत्ति की सुरक्षा के लिए आवश्यक सावधानी बरतें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल निकटतम पुलिस थाना अथवा पुलिस को दें। —0000—2
- शिवसेना मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला दहन कर पद से बर्खास्त किए जाने की मांग को लेकर महामहिम राष्ट्रपति भारत सरकार नई दिल्ली के नाम से जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा शिवसेना मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला दहन कर पद से बर्खास्त किए जाने की मांग को लेकर महामहिम राष्ट्रपति भारत सरकार नई दिल्ली के नाम से जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा बेमेतरा....शिवसेना (U.B.T.) पार्टी के छत्तीसगढ़ प्रदेश महासचिव दाऊ राम चौहान ने कहा कि हम, शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) छत्तीसगढ़ इकाई के प्रतिनिधि, इस ज्ञापन के माध्यम से देश की लोकतांत्रिक संस्थाओं की निष्पक्षता, गरिमा और संविधान की रक्षा को लेकर अपनी अत्यंत गंभीर चिंता और रोष प्रकट करने के लिए उपस्थित हुए हैं। भारत निर्वाचन आयोग (Election Commission of India) देश के लोकतंत्र का वह स्तंभ है जिस पर निष्पक्ष, स्वतंत्र और पारदर्शी चुनाव कराने की सर्वोच्च जिम्मेदारी है। परंतु, अत्यंत खेद के साथ कहना पड़ रहा है कि वर्तमान मुख्य चुनाव आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार के कार्यकाल के दौरान चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। प्रमुख बिंदु एवं आपत्तियां: निष्पक्षता का अभाव: चुनाव आयोग की कार्यशैली से यह प्रतीत होता है कि संस्था शासक दल के दबाव में कार्य कर रही है, जिससे निष्पक्ष चुनावों पर संदेह उत्पन्न होता है। संवैधानिक मर्यादा का हनन: निष्पक्ष चुनाव कराना संविधान की मूल भावना है, किंतु वर्तमान नेतृत्व के तहत चुनाव आयोग ने कई स्तरों पर अपनी संवैधानिक गरिमा और तटस्थता से समझौता किया है। कार्रवाई में दोहरा मापदंड: आदर्श आचार संहिता और चुनावी नियमों के उल्लंघन के मामलों में निष्पक्ष कार्रवाई करने के बजाय एकपक्षीय रुख अपनाया गया है, जो लोकतंत्र के लिए खतरनाक संकेत है। चौहान ने बताया कि यह प्रदेश प्रमुख डॉ. आनंद मल्होत्रा के आदेशन अनुसार किया गया आगे चौहान ने कहा कि हमारी मांग: उपरोक्त गंभीर परिस्थितियों और देश के करोड़ों नागरिकों का निर्वाचन आयोग पर से विश्वास डगमगाने के कारण, शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) छत्तीसगढ़ इकाई पुरजोर मांग करती है कि: 1. मुख्य चुनाव आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार को तत्काल प्रभाव से उनके पद से बर्खास्त किया जाए। 2. चुनाव आयोग की स्वायत्तता और निष्पक्षता को पुनः स्थापित करने के लिए एक पारदर्शी और स्वतंत्र जांच कराई जाए। हमें पूर्ण विश्वास है कि आप देश के संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए इस अतिसंवेदनशील विषय पर त्वरित और उचित कदम उठाएंगे उक्त कार्यक्रम में प्रदेश महासचिव दाऊ राम चौहान, जिला सचिव कुलदीप आडील, ग्राम अध्यक्ष हरीश डहरिया, ग्राम सचिव मुन्ना बघेल, सूरज कोशले, संजय आडील, मुकेश बघेल, मनोज बघेल, आदि शिवसैनिक उपस्थित रहा !4
- 28 सितंबर को रायपुर में निकलेगी भव्य गणेश झांकी ++ Comment में बताओ कौन-कौन आ रहे हो ? 28 सितंबर को रायपुर में निकलेगी भव्य गणेश झांकी ++ Comment में बताओ कौन-कौन आ रहे हो ?1
- भोथीडीह में भाजपा कार्यकर्ताओं ने सुनी प्रधानमंत्री मोदी के ‘मन की बात चंपारण/नवापारा-राजिम। भारतीय जनता पार्टी चंपारण-तामासिवनी मंडल द्वारा बूथ क्रमांक 87 ग्राम भोथीडीह में देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के 138वें संस्करण का सामूहिक श्रवण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान भाजपा पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री के संबोधन को ध्यानपूर्वक सुना। कार्यक्रम में जनपद पंचायत अभनपुर के सभापति ब्रह्मानंद साहू, जिला कार्यकारिणी सदस्य गोविंद नारायण साहू, मंडल महामंत्री आशाराम साहू एवं खिलेंद्र साहू, सोशल मीडिया प्रभारी रूपेश निर्मलकर, सहप्रभारी रीवन लाल यादव, कार्यालय प्रभारी बलराम साहू, युवा मोर्चा मंडल अध्यक्ष नीलकंठ निर्मलकर, उपाध्यक्ष माखन लाल साहू एवं महामंत्री रविकांत तारक उपस्थित रहे। इसी क्रम में किसान मोर्चा मंडल अध्यक्ष लीलू राम साहू, महामंत्री परस राम साहू, ओबीसी मोर्चा मंडल महामंत्री शोभाराम साहू, महिला मोर्चा मंडल अध्यक्ष कविता साहू, उपाध्यक्ष रोशनी साहू, प्रचार-प्रसार मंत्री दुर्गा लहरी सहित विशाखा साहू, भारती मानिकपुरी एवं हीरा साहू भी कार्यक्रम में शामिल हुए। कार्यक्रम में महावीर साहू, धनेश कुमार साहू, बेनीराम साहू, अरुण कुमार साहू, लूरचंद साहू सहित बूथ अध्यक्ष मोहन लाल साहू, तोष राम साहू, नामेश्वर तारक एवं वरुण कुमार साहू समेत बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ताओं की उपस्थिति रही। कार्यकर्ताओं ने कहा कि ‘मन की बात’ के माध्यम से प्रधानमंत्री देशवासियों से विभिन्न विषयों पर संवाद करते हैं, जिससे समाज के अलग-अलग वर्गों के कार्यों एवं उपलब्धियों को जानने का अवसर मिलता है। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित कार्यकर्ताओं ने संगठनात्मक गतिविधियों को मजबूत करने और जनसेवा के कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।1
- चाकू दिखाकर लोगों को डराने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, जेल भेजे गए केसीजी जिले के छुईखदान थाना क्षेत्र में आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई छुईखदान, 28 सितंबर 2026। छुईखदान पुलिस ने चाकू दिखाकर लोगों को डराने-धमकाने और दहशत फैलाने के मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने दोनों के कब्जे से स्टील के चाकू जब्त कर आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की। पुलिस के अनुसार, आरोपी विक्रम दास मानिकपुरी शासकीय अस्पताल के सामने आने-जाने वाले लोगों को चाकू दिखाकर डरा-धमका रहा था। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और उसके कब्जे से एक स्टील का चाकू जब्त किया। आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 362/2026, धारा 25, 27 आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। इसी तरह बिरेन्द्र नेताम छुईखदान के प्रतिक्षालय के पास चाकू दिखाकर लोगों में दहशत फैला रहा था। पुलिस ने उसके कब्जे से एक स्टील का बटनदार चाकू जब्त किया। उसके खिलाफ अपराध क्रमांक 363/2026, धारा 25, 27 आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेएमएफसी न्यायालय छुईखदान में पेश किया गया, जहां से न्यायालय के आदेश पर उन्हें उपजेल सलोनी भेज दिया गया। कार्रवाई में छुईखदान पुलिस स्टाफ का सराहनीय योगदान रहा।2
- पंडरिया विधानसभा के धर्मगढ़ सोसाइटी में प्राधिकृत समिति प्रबंधक ललित सेंगर सोसाइटी में ही बैठकर जाम झलकते हुए नजर आये.. पंडरिया विधानसभा के धर्मगढ़ सोसाइटी में प्राधिकृत समिति प्रबंधक ललित सेंगर सोसाइटी में ही बैठकर जाम झलकते हुए नजर आये..1
- एक टेबल पर बैठे भारत और पाकिस्तान, इस्लामाबाद में एससीओ की तीन दिवसीय बैठक शुरू। स्वतंत्र न्यूज छत्तीसगढ़/भारत और पाकिस्तान के बीच जारी तनाव के बावजूद शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के राष्ट्रीय समन्वयकों की तीन दिवसीय बैठक इस्लामाबाद में शुरू हो गई है। यह बैठक 28 से 30 सितंबर 2026 तक चल रही है। मुख्य तथ्य: बैठक पाकिस्तान की SCO अध्यक्षता (2026-27) के तहत राष्ट्रीय समन्वयकों की पहली बैठक है। पाकिस्तान ने 1 सितंबर 2026 को किर्गिस्तान से अध्यक्षता संभाली थी। भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व भारत के SCO राष्ट्रीय समन्वयक आलोक अमिताभ डिमरी (विदेश मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव) कर रहे हैं। कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार प्रतिनिधिमंडल में दो सदस्य शामिल हैं। हालिया सैन्य तनाव और द्विपक्षीय संबंधों में ठंड के बाद यह भारतीय आधिकारिक दल का लगभग दो साल बाद पाकिस्तान का SCO संबंधी दौरा है। (इससे पहले अक्टूबर 2024 में विदेश मंत्री एस. जयशंकर SCO शासनाध्यक्षों की बैठक के लिए इस्लामाबाद गए थे।) बैठक की अध्यक्षता पाकिस्तान के SCO राष्ट्रीय समन्वयक कर रहे हैं। SCO सदस्य देशों के राष्ट्रीय समन्वयक और सचिवालय के प्रतिनिधि शामिल हैं। बैठक का उद्देश्य: इस वार्ता का मुख्य फोकस पाकिस्तान की अध्यक्षता के दौरान गतिविधियों का कार्यक्रम तय करना, आगामी SCO बैठकों और कार्यक्रमों की तैयारी, क्षेत्रीय सहयोग, कनेक्टिविटी, व्यापार, नवाचार और आर्थिक सहयोग को मजबूत करना है। पाकिस्तान की अध्यक्षता का थीम है — “Turning Vision into Action: Connectivity, Innovation and Shared Prosperity” (दृष्टि को कार्रवाई में बदलना: कनेक्टिविटी, नवाचार और साझा समृद्धि)। यह बैठक 2027 में पाकिस्तान में होने वाले SCO शिखर सम्मेलन (Council of Heads of State Summit, अगस्त 2027) की रूपरेखा तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। पृष्ठभूमि: भारत SCO में सक्रिय सदस्य के रूप में बहुपक्षीय मंच पर भागीदारी जारी रखता है, भले ही पाकिस्तान के साथ द्विपक्षीय संवाद लंबे समय से ठप हो। दोनों देश आतंकवाद, क्षेत्रीय सुरक्षा और आर्थिक सहयोग जैसे मुद्दों पर SCO फ्रेमवर्क के अंदर बातचीत करते रहे हैं। स्वतंत्र न्यूज छत्तीसगढ़ हमेशा पूर्ण तथ्यों के साथ आपके साथ। मुद्दों पर बात, स्वतंत्रता के साथ। #swatantrashort #swatantraupdates #स्वतंत्रन्यूज़छत्तीसगढ़ #swatantranewschhattisgarh #news #shorts #swatantralive Vinod Kumar Pandey SWATANTRA NEWS CHHATTISGARH1