Shuru
Apke Nagar Ki App…
देखें बिजली के करंट से घायल मिस्त्री ने पत्रकारों से क्या कहा
कुमार सुबिद
देखें बिजली के करंट से घायल मिस्त्री ने पत्रकारों से क्या कहा
More news from बिहार and nearby areas
- करोड़ों का नाला भी नहीं सुलझा सका गुरुदेव टोला का जलजमाव, वर्षों से नरकीय जीवन जीने को मजबूर ग्रामीण मोकामा: मोकामा के गुरुदेव टोला में वर्षों से जलजमाव की समस्या बनी हुई है। करोड़ों रुपये की लागत से बुडको द्वारा नाले का निर्माण कराया गया, लेकिन आज तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका। हालत यह है कि सड़कें और कई घर पानी से घिरे हुए हैं। लगातार जलभराव के कारण अब बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार प्रशासन और संबंधित विभाग को आवेदन दिया, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। मजबूरी में कई परिवारों ने अपने घर से बाहर निकलने के लिए हजारों रुपये खर्च कर बांस का अस्थायी पुल बना लिया है। बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं हर दिन जान जोखिम में डालकर इसी रास्ते से आने-जाने को मजबूर हैं। कई स्थानों पर दो-दो फीट तक पानी जमा है, जिससे लोगों का सामान्य जीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि जलजमाव की समस्या को लेकर कई बार प्रदर्शन और विरोध किया गया। लोगों ने सड़क पर जमा पानी में धान की रोपनी कर प्रशासन का ध्यान आकर्षित करने की कोशिश भी की, लेकिन इसके बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका। ग्रामीणों ने प्रशासन से अविलंब स्थायी समाधान की मांग करते हुए कहा कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। उनका कहना है कि विकास के दावों के बीच गुरुदेव टोला के लोग आज भी जलजमाव और बदहाल व्यवस्था के बीच जीवन जीने को मजबूर हैं।1
- लखीसराय । जिला निबंधन कार्यालय के समीप पेपरलेस प्रणाली लागू करने को लेकर जताया विरोध लखीसराय।जिला निबंधन कार्यालय में जमीन रजिस्ट्री में बिहार सरकार द्वारा डिजिटल और पेपरलेस प्रणाली लागू करने के विरोध कातिब और स्टाम्प भेंडर ने बीते 3 अगस्त से निबंधन कार्य ठप कर दिया है। काफी संख्या में कातिब और स्टाम्प भेंडरो ने जिला निबंधन कार्यालय के समीप खड़ा होकर विरोध जताते हुए सरकार से जल्द डिजिटल और पेपरलेस प्रणाली को खत्म करने का मांग किया है। नहीं तो निबंधन कार्य बाधित रखने और आंदोलन की चेतावनी दिया है।कातिब और स्टाम्प भेंडर बताते हैं कि सरकार के इस फैसले से कातिब और स्टाम्प भेंडर भुखमरी के कगार पर आ जाएंगे। पेपरलेस व्यवस्था से उनकी कमीशन और स्टाम्प ब्रिक्री की कमाई बंद हो जाएगी। जिससे इस काम से जूड़े परिवारों के बीच आर्थिक तंगी आ जाएगा। इसलिए कातिब और स्टाम्प भेंडर सरकार से जब तक कोई दूसरा रोजगार न मिले, पुरानी व्यवस्था जारी रखने का मांग किया है। बताते चलें कि निबंधन बंद रहने से सरकार को राजस्व को क्षति हो रही है।1
- prasant kishor1
- देशभर में छात्रों से जुड़े मुद्दों को लेकर एक बार फिर आवाज़ बुलंद हो रही है। "छात्रों की गूंज" अभियान के तहत 8 अगस्त को प्रयागराज में एक बड़े कार्यक्रम का आह्वान किया गया है। जारी अपील में आरोप लगाया गया है कि मौजूदा व्यवस्था ने छात्रों की समस्याओं की अनदेखी की है और युवाओं के भविष्य के साथ अन्याय हुआ है। अभियान से जुड़े लोगों ने छात्रों और युवाओं से 8 अगस्त को प्रयागराज पहुँचकर अपनी आवाज़ बुलंद करने की अपील की है। अभियान का कहना है कि उनका उद्देश्य ऐसी व्यवस्था की मांग करना है, जहाँ युवाओं को सम्मान, समान अवसर और सुरक्षा मिल सके। इस कार्यक्रम को लेकर सोशल मीडिया पर #ChhatronKiGoonj अभियान भी चलाया जा रहा है।1
- चाइनीज बुद्धिस्ट टेंपल में बौद्ध गुरु डॉ. पैया लिंकारा की चौथी पुण्यतिथि पर उमड़ा अंतरराष्ट्रीय श्रद्धा का सैलाब नालंदा मोड़ स्थित चाइनीज बुद्धिस्ट टेंपल में बौद्ध गुरु डॉ. पैया लिंकारा की चौथी पुण्यतिथि श्रद्धा एवं गरिमामय वातावरण में मनाई गई। भारत सहित म्यांमार, फ्रांस, जापान, कंबोडिया, वियतनाम, लाओस, थाईलैंड और भूटान से आए बौद्ध भिक्षुओं व श्रद्धालुओं ने पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। कार्यक्रम में सामूहिक मंत्रोच्चार, मौन श्रद्धांजलि और शांति प्रार्थना का आयोजन हुआ। वक्ताओं ने डॉ. पैया लिंकारा के बौद्ध धर्म के प्रचार-प्रसार, समाजसेवा, गरीबों की सहायता तथा खिलाड़ियों के प्रोत्साहन में दिए गए योगदान को याद करते हुए उनके आदर्शों पर चलने का आह्वान किया।1
- शटडाउन में भी बिजली चालू! करंट की चपेट में आया मिस्त्री, बड़ी लापरवाही ने टाली मौत शेखपुरा- जिले के उकसी गांव में बिजली विभाग की कार्यप्रणाली और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करने वाली घटना सामने आई है। सियानी फीडर क्षेत्र में ट्रांसफार्मर की मरम्मत के लिए विधिवत शटडाउन लेने के बावजूद अचानक बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई। ट्रांसफार्मर पर काम कर रहे बिजली मिस्त्री अनिल महतो अचानक करंट की चपेट में आ गए और नीचे गिर पड़े। गनीमत रही कि हादसा जानलेवा साबित नहीं हुआ और उनकी जान बाल-बाल बच गई। जानकारी के अनुसार, उकसी गांव में ट्रांसफार्मर का बसबार जल गया था। इसकी मरम्मत के लिए गुरुवार की सुबह सियानी फीडर से शटडाउन लिया गया था। बिजली आपूर्ति बंद होने की पुष्टि के बाद मिस्त्री अनिल महतो ट्रांसफार्मर पर चढ़कर मरम्मत कार्य में जुट गए। इसी दौरान अचानक बिजली आपूर्ति बहाल हो गई। ट्रांसफार्मर के दोनों बुश में तार जुड़े होने के कारण मिस्त्री करंट की चपेट में आ गए और तेज झटका लगने से नीचे गिर पड़े। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद ग्रामीणों ने तत्काल घायल मिस्त्री को उठाकर इलाज के लिए चेवाड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उनका उपचार किया। घटना की सूचना मिलने पर करंडे थाना पुलिस भी अस्पताल पहुंची और घायल मिस्त्री से घटना की जानकारी ली। अनिल महतो ने सियानी फीडर में कार्यरत एसबीओ पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि जब मरम्मत कार्य के लिए बाकायदा शटडाउन लिया गया था, तब बिजली आपूर्ति बहाल करने से पहले संबंधित कर्मियों को सूचना देना जरूरी था। बिना किसी पूर्व सूचना के लाइन चालू कर देना बिजली मिस्त्री की जान के साथ खिलवाड़ है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब लाइन पर शटडाउन लिया गया था तो फिर बिजली आपूर्ति अचानक कैसे बहाल हुई? क्या शटडाउन की सूचना और प्रक्रिया का सही तरीके से पालन नहीं किया गया? यदि समय रहते सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त नहीं की गई तो भविष्य में इससे भी बड़ा हादसा हो सकता है। घटना ने बिजली विभाग की शटडाउन व्यवस्था, आपसी समन्वय और सुरक्षा प्रोटोकॉल पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बिजली मिस्त्रियों को अपनी जान जोखिम में डालकर काम करना पड़ता है, ऐसे में लाइन चालू करने से पहले सुरक्षा मानकों का पालन बेहद जरूरी है। अनिल महतो ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और लापरवाही के लिए जिम्मेदार कर्मी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। ग्रामीणों ने भी मांग की है कि बिजली विभाग घटना को गंभीरता से लेते हुए शटडाउन प्रक्रिया की समीक्षा करे, ताकि भविष्य में किसी बिजली कर्मी की जान खतरे में न पड़े।1
- prasant Kishor1
- 72 घंटे में दीपनगर डकैती कांड का खुलासा, चार अपराधी गिरफ्तार।1