ऊंचाहार:राजस्व टीम के रोक के बावजूद जबरन गेट लगाकर बन्द कर दिया रास्ता, पुलिस ने खड़े किए हाथ , रविवार अवकाश का उठाया फायदा रिपोर्ट- सागर तिवारी ऊंचाहार , रायबरेली । जमीन संबंधी विवाद के मामले में एक व्यक्ति ने पूरे गांव का आवागमन रोक दिया । राजस्व टीम के रोक के बावजूद उसने पुलिस से सेटिंग की और रविवार अवकाश का फायदा उठाकर आम रास्ते में गेट लगा दिया । मामला कोतवाली क्षेत्र के गांव पूरे पुरई मजरे कोटरा बहादुर गंज का है । यहां के रहने वाले राम आसरे का कहना है कि गांव के पास उनकी तथा गांव के अन्य लोगों की जमीन है । खेत को आने जाने के लिए एक आम रास्ता आबादी की भूमि से होकर जाता है । इस रास्ते पर गांव के एक व्यक्ति की नजर थी । उसने रास्ते पर कुछ दिन पूर्व निर्माण की कोशिश की तो मामले की शिकायत राजस्व अधिकारियों से की गई । जिसके बाद नायब तहसीलदार के नेतृत्व में राजस्व निरीक्षक और लेखपाल की टीम मौके पर पहुंची और रास्ते में हो रहे निर्माण को रोक दिया , साथ ही हिदायत दी कि इस मार्ग पर कोई भी निर्माण नहीं किया जाएगा । इसके बाद उसने रविवार होने का फायदा उठाया और पुलिस की मिलीभगत से रास्ते को बंद करके गेट लगा दिया है । परेशान ग्रामीण पुलिस से मदद की गुहार लगाते रहे , किंतु उनकी एक भी नहीं सुनी गई है । इस बीच गांव का रास्ता रोक दिया गया है । उधर कोतवाल अजय कुमार राय का कहना है कि मामला राजस्व विभाग से संबंधित है, इसका निराकरण राजस्व टीम के साथ ही किया जाएगा ।
ऊंचाहार:राजस्व टीम के रोक के बावजूद जबरन गेट लगाकर बन्द कर दिया रास्ता, पुलिस ने खड़े किए हाथ , रविवार अवकाश का उठाया फायदा रिपोर्ट- सागर तिवारी ऊंचाहार , रायबरेली । जमीन संबंधी विवाद के मामले में एक व्यक्ति ने पूरे गांव का आवागमन रोक दिया । राजस्व टीम के रोक के बावजूद उसने पुलिस से सेटिंग की और रविवार अवकाश का फायदा उठाकर आम रास्ते में गेट लगा दिया । मामला कोतवाली क्षेत्र के गांव पूरे पुरई मजरे कोटरा बहादुर गंज का है । यहां के रहने वाले राम आसरे का कहना है कि गांव के पास उनकी तथा गांव के अन्य लोगों की जमीन है । खेत को आने जाने के लिए एक आम रास्ता आबादी की भूमि से होकर जाता है । इस रास्ते पर गांव के एक व्यक्ति की नजर थी । उसने रास्ते पर कुछ दिन पूर्व निर्माण की कोशिश की तो मामले की शिकायत राजस्व अधिकारियों से की गई । जिसके बाद नायब तहसीलदार के नेतृत्व में राजस्व निरीक्षक और लेखपाल की टीम मौके पर पहुंची और रास्ते में हो रहे निर्माण को रोक दिया , साथ ही हिदायत दी कि इस मार्ग पर कोई भी निर्माण नहीं किया जाएगा । इसके बाद उसने रविवार होने का फायदा उठाया और पुलिस की मिलीभगत से रास्ते को बंद करके गेट लगा दिया है । परेशान ग्रामीण पुलिस से मदद की गुहार लगाते रहे , किंतु उनकी एक भी नहीं सुनी गई है । इस बीच गांव का रास्ता रोक दिया गया है । उधर कोतवाल अजय कुमार राय का कहना है कि मामला राजस्व विभाग से संबंधित है, इसका निराकरण राजस्व टीम के साथ ही किया जाएगा ।
- Post by Dhirendra Shukla1
- Post by प्रदुम कुमार मीडिया कौशाम्बी1
- Post by कौशाम्बी एक्सप्रेस न्यूज1
- Post by T B NEWS1
- सलोन,रायबरेली।सलोन क्षेत्र में गेहूं की मड़ाई के दौरान थ्रेसर मशीन की चपेट में आने से 13 वर्षीय किशोरी गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया।आनन फानन घायल को सीएचसी ले जाया गया।यहां से गम्भीर अवस्था मे जिला अस्पताल रैफर किया गया है। सलोन कोतवाली अंतर्गत क्षेत्र निवासी इंद्रपाल अपने परिजनों के साथ शनिवार को खेत मे थ्रेसर से गेंहू की मड़ाई करा रहा था।इस बीच अचानक इंद्रपाल की 13 वर्षीय पुत्री राधिका का बाल मशीन के घूमते हुए पट्टे में फंस गया।देखते ही देखते स्थिति बेकाबू हो गई और किशोरी के सिर के बाल के साथ उसका कान भी मशीन में बुरी तरह फंसकर गंभीर रूप से घायल हो गई।घटना इतनी भयावह थी कि मौके पर मौजूद लोग स्तब्ध रह गए।हादसे के तुरंत बाद आसपास के लोगों ने हिम्मत दिखाते हुए मशीन को बंद किया और घायल हुई किशोरी को थ्रेसर से बाहर निकाला।आनन-फानन में इलाज के लिए घायल किशोरी को सीएचसी सलोन में भर्ती कराया गया।यहां हालत गम्भीर होने पर उसे जिला चिकित्सालय रायबरेली रैफर किया गया।डॉक्टर रितेश पांडे ने बताया कि किशोरी के सिर में गम्भीर चोट आई है।सिर की स्किन निकल गई है।हालत गम्भीर होने के चलते जिला अस्पताल रैफर किया गया है।2
- आवाज़ें कभी खामोश नहीं होतीं… वो हमेशा दिलों में गूंजती रहती हैं..!! #RIP अलविदा आशा ताई #AshaBhosle मशहूर बॉलीवुड सिंगर आशा भोसले का 92 साल की उम्र में रविवार को निधन हो गया। उन्होंने मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में आखिरी सांस ली। उनका जन्म 8 सितंबर 1933 सांगली में हुआ था। उनका नाम गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज है। आशा भोसले ने मात्र 10 साल की उम्र से गायकी की शुरुआत की थी। उन्हें पद्म विभूषण और दादा साहब फाल्के पुरस्कार जैसे सर्वोच्च सम्मानों से नवाजा जा चुका है। आशा भोसले जी के गाए हुए ये सुपरहिट गाने 'दम मारो दम', 'ये मेरा दिल', 'चुरा लिया है तुमने', 'इन आंखों की मस्ती के', 'दिल चीज क्या है' देश दुनिया में आज भी ट्रेडिंग में हैं। #JanSaamna1
- ऊँचाहार (रायबरेली): कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत गणेशगंज (मजरे इटौरा बुजुर्ग) गाँव में रविवार को बिजली के शॉर्ट सर्किट के कारण गेहूं के खेत में भीषण आग लग गई। इस अग्निकांड में किसान की लगभग 6 बीघे तैयार खड़ी गेहूं की फसल जलकर पूरी तरह राख हो गई है। घटना का विवरण प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोपहर के समय खेतों के ऊपर से गुजर रही बिजली की लाइनों में अचानक शॉर्ट सर्किट हुआ, जिससे निकली चिंगारी सूखी फसल पर जा गिरी। तेज हवाओं के कारण आग ने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया और आसपास के खेतों को अपनी चपेट में ले लिया। ग्रामीणों का साहस आग की लपटें उठती देख बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। फायर ब्रिगेड को सूचना देने के साथ ही ग्रामीणों ने हिम्मत दिखाते हुए खुद ही आग पर काबू पाने के प्रयास शुरू कर दिए। संसाधनों के अभाव के बावजूद, ग्रामीणों ने घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग को और आगे फैलने से रोका। किसानों का भारी नुकसान हादसे में फसल के पूरी तरह नष्ट होने से पीड़ित किसानों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि जर्जर बिजली के तारों को दुरुस्त किया जाए और पीड़ित किसान को उचित मुआवजा दिलाया जाए।1
- रायबरेली के ऊंचाहार क्षेत्र के अकोदिया गांव में जल मिशन योजना की जमीनी हकीकत आई सामने अप्रैल माह में गर्मी अपने चरम पर है, वहीं सरकार की प्रमुख योजना हर घर जल हर घर नल योजना की हकीकत आई सामने पाइप लाइन तो बिछाकर कहीं कहीं नल की टोंटी लगा दी गई ,लेकिन अभी तक पानी की बूंद भी नहीं आई है, पूरे गांव में जहां पानी सप्लाई दी ही नहीं गई है, जहां पर लगाई भी है,अभी तक पानी की एक बूंद भी नहीं आई तो जल मिशन योजना कागजों में दफन हो जाएगी। की ज़िम्मेदारों की मनमानी जारी रहेगी। इस भीषण गर्मी के मौसम के बाद पानी की सप्लाई संचालित की जाएगी । की लाखों करोड़ों की योजना भी केवल और केवल कागजों तक ही सीमित रह जाएगी । जल जीवन मिशन योजना 15 अगस्त 2019 को हुई शुरुआत वहीं स्थानीय निवासी मुकेश कुमार ने बताया कि इस गांव में सरकार की योजना तो आती है, लेकिन अधिकारियों और जिम्मेदारो की मिली भगत से कागजों तक ही सीमित रह जाती है। इससे पहले भी राजीव गांधी जल मिशन योजना से हर गांव में पानी टंकी लगवाई गई थी लेकिन इस गांव में पानी की टंकी कुछ दिन तक तो पड़ी थी धीरे धीरे गायब हो गई ठीहा तो बनवाया गया लेकिन आज तक टंकी लगवाई नहीं गई, सरकारी रुपए की बरबादी की गवाह बनी वह योजना धीरे-धीरे गायब हो गई, वहीं स्थानीय निवासी ने बताया कि इस योजना में भी महेज खाना पूर्ति की गई है। वहीं स्थानीय निवासी रंजीत, किशुन व अन्य ने भी यही बात कही है।1
- Post by प्रदुम कुमार मीडिया कौशाम्बी1