दरभंगा जिले के बहादुरपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत पंडासराय गुमटी के समीप स्थित एक मकान में शनिवार को कथित रूप से नाबालिग लड़की से अवैध धंधा कराए जाने के आरोप को लेकर घंटों हाई-वोल्टेज ड्रामा चलता रहा। सूचना मिलने पर बहादुरपुर थाना पुलिस मौके पर पहुँची और बंद कमरे की जाँच की, लेकिन वहाँ कोई लड़की नहीं मिली। इस मामले में एक महिला, जिसने खुद को आर्केस्ट्रा संचालिका बताया, ने आरोप लगाया कि एक नाबालिग लड़की ने उन्हें जानकारी दी थी कि उसे एक युवक द्वारा जबरन रखा गया है और उससे अवैध गतिविधियाँ कराई जा रही हैं। महिला ने दावा किया कि 27 मई को राधेश्याम नामक युवक लड़की को अपने साथ ले गया था, जिसके बाद से उसका कोई पता नहीं चल रहा है। इसी आशंका के आधार पर वह अन्य लड़कियों के साथ उस मकान पर पहुँची थी। हालाँकि, मकान का दरवाजा खुलवाने पर कथित तौर पर लापता लड़की वहाँ नहीं मिली, लेकिन आरोप लगाने वाली महिलाओं ने कमरे से लड़की के कपड़े और अन्य सामान बरामद होने का दावा किया, जिससे उसके वहाँ रहने की आशंका को बल मिला। वहीं, आरोपित युवक कृष्ण कन्हैया उर्फ राधेश्याम ने सभी आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वह लड़की उसकी पत्नी है और दोनों ने मंदिर में शादी की है। हालांकि, वह मौके पर विवाह से संबंधित कोई दस्तावेज या प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद पुलिस युवक को पूछताछ के लिए थाने ले गई, जहाँ थाना परिसर में भी महिला और उसके साथ आई अन्य लड़कियां कथित रूप से लापता लड़की को सामने लाने की मांग करती रहीं ताकि पूरे मामले की सच्चाई स्पष्ट हो सके। बाद में महिला ने बहेड़ी थाना जाकर प्राथमिकी दर्ज कराने की बात कही। इस घटना को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं होती रहीं और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग घटनास्थल पर जुट गए। कुछ स्थानीय लोगों ने युवक की गतिविधियों पर संदेह जताते हुए दावा किया कि उसके यहाँ देर रात लोगों का आना-जाना होता था। उन्होंने पुलिस से सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल फोन की जांच कर मामले की निष्पक्ष पड़ताल करने की मांग की। कानूनी जानकारों का कहना है कि यदि लड़की की उम्र 18 वर्ष से कम है, तो विवाह की वैधता और उससे जुड़े अन्य पहलुओं की जांच आवश्यक होगी। फिलहाल, पुलिस की ओर से मामले में आधिकारिक बयान आने और जांच पूरी होने का इंतजार किया जा रहा है ताकि लड़की की वास्तविक स्थिति, उम्र और दोनों पक्षों के दावों की पुष्टि हो सके।
दरभंगा जिले के बहादुरपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत पंडासराय गुमटी के समीप स्थित एक मकान में शनिवार को कथित रूप से नाबालिग लड़की से अवैध धंधा कराए जाने के आरोप को लेकर घंटों हाई-वोल्टेज ड्रामा चलता रहा। सूचना मिलने पर बहादुरपुर थाना पुलिस मौके पर पहुँची और बंद कमरे की जाँच की, लेकिन वहाँ कोई लड़की नहीं मिली। इस मामले में एक महिला, जिसने खुद को आर्केस्ट्रा संचालिका बताया, ने आरोप लगाया कि एक नाबालिग लड़की ने उन्हें जानकारी दी थी कि उसे एक युवक द्वारा जबरन रखा गया है और उससे अवैध गतिविधियाँ कराई जा रही हैं। महिला ने दावा किया कि 27 मई को राधेश्याम नामक युवक लड़की को अपने साथ ले गया था, जिसके बाद से उसका कोई पता नहीं चल रहा है। इसी आशंका के आधार पर वह अन्य लड़कियों के साथ उस मकान पर पहुँची थी। हालाँकि, मकान का दरवाजा खुलवाने पर कथित तौर पर लापता लड़की वहाँ नहीं मिली, लेकिन आरोप लगाने वाली महिलाओं ने कमरे से लड़की के कपड़े और अन्य सामान बरामद होने का दावा किया, जिससे उसके वहाँ रहने की आशंका को बल मिला। वहीं, आरोपित युवक कृष्ण कन्हैया उर्फ राधेश्याम ने सभी आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वह लड़की उसकी पत्नी है और दोनों ने मंदिर में शादी की है। हालांकि, वह मौके पर विवाह से संबंधित कोई दस्तावेज या प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद पुलिस युवक को पूछताछ के लिए थाने ले गई, जहाँ थाना परिसर में भी महिला और उसके साथ आई अन्य लड़कियां कथित रूप से लापता लड़की को सामने लाने की मांग करती रहीं ताकि पूरे मामले की सच्चाई स्पष्ट हो सके। बाद में महिला ने बहेड़ी थाना जाकर प्राथमिकी दर्ज कराने की बात कही। इस घटना को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं होती रहीं और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग घटनास्थल पर जुट गए। कुछ स्थानीय लोगों ने युवक की गतिविधियों पर संदेह जताते हुए दावा किया कि उसके यहाँ देर रात लोगों का आना-जाना होता था। उन्होंने पुलिस से सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल फोन की जांच कर मामले की निष्पक्ष पड़ताल करने की मांग की। कानूनी जानकारों का कहना है कि यदि लड़की की उम्र 18 वर्ष से कम है, तो विवाह की वैधता और उससे जुड़े अन्य पहलुओं की जांच आवश्यक होगी। फिलहाल, पुलिस की ओर से मामले में आधिकारिक बयान आने और जांच पूरी होने का इंतजार किया जा रहा है ताकि लड़की की वास्तविक स्थिति, उम्र और दोनों पक्षों के दावों की पुष्टि हो सके।
- नमस्कार दोस्तों, दिनांक 30 मई 2026 को भारतीय प्रखंड कुशहरा पंचायत और प्रखंड को-सजा पंचायत से यह महत्वपूर्ण खबर आप तक पहुंचाई जा रही है। आज बारिश का मौसम होने के कारण लोगों को घर से बाहर न निकलने और बच्चों को भी बाहर जाने न देने की सलाह दी गई है। किसान भाइयों से विशेष निवेदन किया गया है कि वे अपने कौशल की सुरक्षा करें और बारिश के मौसम में खेत में न जाएं। इसके साथ ही यह चेतावनी भी दी गई है कि सभी लोग घर में ही रहें और मोबाइल का नेट बंद करके रखें, अन्यथा बिजली गिरने का खतरा हो सकता है।1
- बहादुरपुर प्रखंड की बहादुरपुर देकुली पंचायत में लाखों रुपये के फंड से एक नई सड़क और नाले का निर्माण किया गया है। यह नवनिर्मित ढाँचा सीधे तौर पर भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया है, जिसके कारण जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस सड़क की गुणवत्ता इतनी खराब है कि इस पर चलना तो दूर, नाले से पानी भी ठीक से नहीं बहता। स्थिति इतनी बदतर है कि लोग अपनी नाक बंद किए बिना पैदल भी नहीं चल सकते, जो बदबू और गंदगी की गंभीर समस्या को दर्शाता है। इन सभी समस्याओं के बावजूद, संवेदक और अभियंता कथित तौर पर अपनी स्थिति से खुश दिखाई देते हैं।1
- बिहार के समस्तीपुर जिले में स्थित मथुरापुर घाट से एक वीडियो सामने आया है। इस वीडियो में तेज़ हवा, आंधी और पानी का ज़बरदस्त मंजर दिखाया जा रहा है। यह वीडियो विशेष रूप से समस्तीपुर के मथुरापुर घाट का है, जहाँ प्रकृति का यह विकराल रूप स्पष्ट देखा जा सकता है।1
- देश में आम आदमी, खासकर ग़रीबों की हालत पर चिंता जताते हुए, एक ऑटो चालक के मार्मिक बयान को उजागर किया गया है। चालक ने कहा, "हम तो तबाह हो गए हैं - और सुनने वाला कोई नहीं।" यह एक वाक्य देश के लाखों ग़रीबों की पूरी कहानी बयाँ करता है, जहाँ उनकी आमदनी का मीटर बंद हो चुका है, लेकिन महंगाई का ब्रेक फेल हो गया है, और कथित तौर पर सुनने वाली सरकार बहरी बनी हुई है। सीएनजी से लेकर एलपीजी तक, बच्चों की पढ़ाई से लेकर इलाज तक, और दूध से लेकर खाने के तेल तक, हर बढ़ती कीमत ग़रीबों के बजट और उनकी रसोई पर सीधा वार कर रही है। इस स्थिति पर कटाक्ष करते हुए, 'महंगाई मानव मोदी जी' पर आरोप लगाया गया है कि वे एक ओर सार्वजनिक परिवहन इस्तेमाल करने की सलाह देते हैं, वहीं दूसरी ओर वे लोग जो सार्वजनिक परिवहन की रीढ़ हैं, आज महंगाई के भारी बोझ तले टूट रहे हैं। आज इन लोगों की थाली में रोटी-दाल के साथ यह सवाल भी मौजूद है कि कल की रोटी कहाँ से आएगी।1
- बिहार की राजनीति से जुड़ी एक अहम खबर में, पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने दस सर्कुलर रोड स्थित अपने सरकारी आवास को खाली करने के आदेश को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने कड़े शब्दों में स्पष्ट कहा है कि वह किसी भी कीमत पर अपना आवास खाली नहीं करेंगी और चाहे कुछ भी हो जाए, वह अपना घर नहीं छोड़ेंगी। इस मामले में राबड़ी देवी ने प्रशासन पर गंभीर आरोप भी लगाए हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें आवास खाली करने के लिए मजबूर किया जा रहा है और 'बल' का प्रयोग किया जा रहा है, जिस पर उन्होंने सवाल उठाया कि क्या यह तरीका उचित है। इसी दौरान, तीखी बहस और आक्रोश भी देखने को मिला, जब पत्रकारों ने इस विषय पर उनसे सवाल पूछने का प्रयास किया, तो राबड़ी देवी का गुस्सा भड़क उठा। उन्होंने गुस्से में एक पत्रकार के हाथ से माइक झटक कर किनारे कर दिया, जिसका वीडियो भी स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है। सरकार की ओर से सरकारी आवास खाली करने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन राबड़ी देवी ने अपनी बात साफ करते हुए कहा है कि वह झुकने वाली नहीं हैं। अब यह देखना होगा कि सरकार इस विवाद को लेकर अगला कदम क्या उठाती है और क्या यह मुद्दा और गहराएगा।1
- समस्तीपुर जिले के वारिसनगर प्रखंड क्षेत्र की छत्नेश्वर पंचायत निवासी 20 वर्षीय चांदनी प्रबीन की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। उसके परिजनों ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि ससुराल पक्ष के लोगों ने चांदनी के साथ मारपीट की, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई, और फिर उसे घर के पास सड़क किनारे फेंक दिया गया। बताया गया है कि चांदनी की शादी करीब एक माह पहले कल्याणपुर थाना क्षेत्र के इस्लामपुर निवासी मोहम्मद साहीद से हुई थी। परिजनों के अनुसार, शुक्रवार देर शाम लोगों ने चांदनी को सड़क किनारे घायल अवस्था में देखा और पहचान के बाद उसके परिजनों को सूचना दी। परिजन मौके पर पहुंचे और उसे गंभीर हालत में अपने घर ले गए। उनकी मानें तो चांदनी उस समय जीवित थी, लेकिन हालत बिगड़ने पर उसे रात में ही उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। परिजनों ने मृतका के पति मोहम्मद साहीद पर नशे का आदी होने और अक्सर नशे की हालत में अपनी पत्नी के साथ मारपीट करने का आरोप लगाया है। उनका दावा है कि इसी मारपीट के कारण चांदनी की मौत हुई है। मृतका छह माह की गर्भवती भी बताई जा रही है। इस घटना के बाद परिवार में कोहराम मचा हुआ है। परिजन मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। वहीं, पुलिस ने बताया है कि मौत के वास्तविक कारणों का पता पुलिस की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल पाएगा।1
- केरल के पूर्व मुख्यमंत्री और सीपीआई(एम) पोलित ब्यूरो सदस्य के आवास पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की कार्रवाई के विरोध में भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) की दरभंगा जिला कमेटी ने शनिवार को एक प्रतिवाद मार्च और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन कार्यक्रम आयोजित किया। यह विरोध प्रदर्शन केंद्र सरकार और ईडी की कार्रवाई के खिलाफ था, जिसे पार्टी ने राजनीतिक दुर्भावना से प्रेरित कदम बताया। कार्यक्रम के तहत, दोपहर 12 बजे पालो मैदान से प्रतिवाद मार्च निकाला गया, जो लहेरियासराय टावर होते हुए कर्पूरी चौक तक पहुंचा। मार्च के दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं ने केंद्र सरकार तथा ईडी की कार्रवाई के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। मार्च समाप्त होने के बाद लहेरियासराय टावर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन किया गया। इस अवसर पर वक्ताओं ने आरोप लगाया कि केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल विपक्षी नेताओं को निशाना बनाने के लिए किया जा रहा है, और लोकतांत्रिक संस्थाओं की निष्पक्षता बनाए रखना आवश्यक है। वक्ताओं ने यह भी स्पष्ट किया कि राजनीतिक प्रतिशोध की भावना से की जा रही ऐसी कार्रवाई का विरोध लगातार जारी रहेगा। इस कार्यक्रम में सीपीआई(एम) के जिला पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और समर्थकों की बड़ी संख्या मौजूद रही।1
- दरभंगा जिले के बहादुरपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत पंडासराय गुमटी के समीप स्थित एक मकान में शनिवार को कथित रूप से नाबालिग लड़की से अवैध धंधा कराए जाने के आरोप को लेकर घंटों हाई-वोल्टेज ड्रामा चलता रहा। सूचना मिलने पर बहादुरपुर थाना पुलिस मौके पर पहुँची और बंद कमरे की जाँच की, लेकिन वहाँ कोई लड़की नहीं मिली। इस मामले में एक महिला, जिसने खुद को आर्केस्ट्रा संचालिका बताया, ने आरोप लगाया कि एक नाबालिग लड़की ने उन्हें जानकारी दी थी कि उसे एक युवक द्वारा जबरन रखा गया है और उससे अवैध गतिविधियाँ कराई जा रही हैं। महिला ने दावा किया कि 27 मई को राधेश्याम नामक युवक लड़की को अपने साथ ले गया था, जिसके बाद से उसका कोई पता नहीं चल रहा है। इसी आशंका के आधार पर वह अन्य लड़कियों के साथ उस मकान पर पहुँची थी। हालाँकि, मकान का दरवाजा खुलवाने पर कथित तौर पर लापता लड़की वहाँ नहीं मिली, लेकिन आरोप लगाने वाली महिलाओं ने कमरे से लड़की के कपड़े और अन्य सामान बरामद होने का दावा किया, जिससे उसके वहाँ रहने की आशंका को बल मिला। वहीं, आरोपित युवक कृष्ण कन्हैया उर्फ राधेश्याम ने सभी आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वह लड़की उसकी पत्नी है और दोनों ने मंदिर में शादी की है। हालांकि, वह मौके पर विवाह से संबंधित कोई दस्तावेज या प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद पुलिस युवक को पूछताछ के लिए थाने ले गई, जहाँ थाना परिसर में भी महिला और उसके साथ आई अन्य लड़कियां कथित रूप से लापता लड़की को सामने लाने की मांग करती रहीं ताकि पूरे मामले की सच्चाई स्पष्ट हो सके। बाद में महिला ने बहेड़ी थाना जाकर प्राथमिकी दर्ज कराने की बात कही। इस घटना को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं होती रहीं और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग घटनास्थल पर जुट गए। कुछ स्थानीय लोगों ने युवक की गतिविधियों पर संदेह जताते हुए दावा किया कि उसके यहाँ देर रात लोगों का आना-जाना होता था। उन्होंने पुलिस से सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल फोन की जांच कर मामले की निष्पक्ष पड़ताल करने की मांग की। कानूनी जानकारों का कहना है कि यदि लड़की की उम्र 18 वर्ष से कम है, तो विवाह की वैधता और उससे जुड़े अन्य पहलुओं की जांच आवश्यक होगी। फिलहाल, पुलिस की ओर से मामले में आधिकारिक बयान आने और जांच पूरी होने का इंतजार किया जा रहा है ताकि लड़की की वास्तविक स्थिति, उम्र और दोनों पक्षों के दावों की पुष्टि हो सके।1