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नागौर के रियांबड़ी में मेड़ता-पुष्कर रेलवे लाइन परियोजना के तहत रेलवे भूमि और संभावित जलभराव की समस्या पर गुरुवार को उपखंड कार्यालय में एक विशेष बैठक आयोजित की गई। उपखंड अधिकारी विनीत कुमार सुखाड़िया की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में संबंधित पटवारी, ग्राम सचिव, प्रशासक, अन्य विभागीय अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक के दौरान एसडीएम विनीत कुमार सुखाड़िया ने बताया कि प्रस्तावित रेलवे लाइन लगभग 5.5 मीटर की ऊंचाई पर बन रही है, जिसके कारण बारिश के मौसम में लाइन के दोनों ओर जलभराव की स्थिति उत्पन्न होने की आशंका है। जिला कलेक्टर से प्राप्त निर्देशों के बाद, यह बैठक आयोजित कर संबंधित अधिकारियों को ऐसे संभावित क्षेत्रों का सर्वेक्षण कर उनकी पहचान करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि समय रहते आवश्यक समाधान की कार्यवाही सुनिश्चित की जा सके।
CITY PRESS RIYAN BARI
नागौर के रियांबड़ी में मेड़ता-पुष्कर रेलवे लाइन परियोजना के तहत रेलवे भूमि और संभावित जलभराव की समस्या पर गुरुवार को उपखंड कार्यालय में एक विशेष बैठक आयोजित की गई। उपखंड अधिकारी विनीत कुमार सुखाड़िया की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में संबंधित पटवारी, ग्राम सचिव, प्रशासक, अन्य विभागीय अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक के दौरान एसडीएम विनीत कुमार सुखाड़िया ने बताया कि प्रस्तावित रेलवे लाइन लगभग 5.5 मीटर की ऊंचाई पर बन रही है, जिसके कारण बारिश के मौसम में लाइन के दोनों ओर जलभराव की स्थिति उत्पन्न होने की आशंका है। जिला कलेक्टर से प्राप्त निर्देशों के बाद, यह बैठक आयोजित कर संबंधित अधिकारियों को ऐसे संभावित क्षेत्रों का सर्वेक्षण कर उनकी पहचान करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि समय रहते आवश्यक समाधान की कार्यवाही सुनिश्चित की जा सके।
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- पुणे में आळंदी से आए भक्तजनों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। ये भक्तजन पल भर के लिए शहर में आए थे। इसके अतिरिक्त, आज पुणे में बारिश की संभावना जताई गई है, हालांकि अधिकांश समय मौसम साफ रहने का अनुमान है।3
- राजस्थान के अजमेर जिले के तिलोरा गांव में एक बेहद बड़ा और दर्दनाक हादसा सामने आया है। यह घटना तब हुई जब एक आदमी शौचालय बनाने के लिए कुआँ खोद रहा था। कुआँ खोदने के दौरान अचानक मिट्टी ढह गई, जिसके कारण वह व्यक्ति मिट्टी के मलबे में दब गया।1
- ब्यावर में वर्द्धमान शिक्षण समिति के तत्वावधान में महावीर इंटरनेशनल रीजन-3 और महावीर इंटरनेशनल बिजयनगर–ब्यावर जोन द्वारा भगवान महावीर के सिद्धांत "अहिंसा परमो धर्मः" को जन-जन तक पहुँचाने के उद्देश्य से एक अहिंसा रैली का आयोजन किया गया। इस प्रेरणादायी कार्यक्रम का लक्ष्य समाज में सेवा, करुणा और मानवता की भावना को सुदृढ़ करना था। यह रैली वर्द्धमान कन्या महाविद्यालय परिसर से प्रारंभ हुई। इसमें बड़ी संख्या में वीर एवं वीराओं ने हाथों में अहिंसा और सेवा के संदेश वाले ध्वज लेकर शहर में भ्रमण किया। उन्होंने नागरिकों को प्रेम, सद्भाव, जीवदया, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक सेवा के लिए प्रेरित किया। रैली के दौरान उपस्थित सदस्यों ने महावीर स्वामी के आदर्शों को अपनाने और समाज में भाईचारे, शांति तथा मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने का महत्वपूर्ण संदेश दिया। इस अवसर पर महावीर इंटरनेशनल गवर्निंग काउंसिल के सदस्य और वर्द्धमान शिक्षण समिति के मंत्री डा. नरेंद्र पारख ने इस बात पर जोर दिया कि भगवान महावीर का अहिंसा का संदेश आज भी संपूर्ण विश्व के लिए अत्यंत प्रासंगिक है। उन्होंने कहा कि यदि प्रत्येक व्यक्ति अपने जीवन में अहिंसा, दया, सेवा एवं सद्भाव को अपनाता है, तो समाज में शांति और सौहार्द की स्थापना संभव हो सकती है। कार्यक्रम में महावीर इंटरनेशनल के अंतर्राष्ट्रीय उपाध्यक्ष नरेन्द्र रांका, रीजन कोषाध्यक्ष दीपचंद कोठारी, इंटरनेशनल डायरेक्टर विनोद चौरड़िया, बिजयनगर–ब्यावर जोन चेयरमैन तेजमल बुरड़, अजमेर जोन चेयरमैन बाबूलाल जैन, जोन सचिव रूपेश कोठारी, जोन कोषाध्यक्षा आशा चौरड़िया, जोन समन्वयक विजयराज जैन, गवर्निंग काउंसिल सदस्य यशवंतराज कोठारी एवं सुशील छाजेड़, यूनिक चेयरमैन राजेंद्र सुराणा, ब्यावर सचिव निलेश बुरड़, युवा चेयरमैन राजेश रांका, रॉयल वीरा चेयरपर्सन दीपशिखा सकलेचा, पुष्पा बुरड़, दिलीप दक, और वीरेन्द्र मेडतवाल सहित बड़ी संख्या में वीर एवं वीराओं की गरिमामयी उपस्थिति रही। सभी उपस्थित सदस्यों ने अहिंसा, सेवा, सद्भाव और राष्ट्र निर्माण के कार्यों में निरंतर सक्रिय रहने का संकल्प लिया। इस कार्यक्रम ने समाज में सकारात्मक चेतना का संचार करते हुए लोगों को सेवा और मानवता के प्रति जागरूक करने का एक महत्वपूर्ण कार्य संपन्न किया।1
- पाली के सादड़ी से परशुराम महादेव धाम तक जाने वाले सड़क मार्ग की जर्जर हालत को लेकर श्रद्धालुओं और आमजन ने वन विभाग के रेंज कार्यालय में एक ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन में क्षेत्रीय वन अधिकारी जितेंद्र सिंह को बताया गया कि वन विभाग की अनुमति नहीं मिलने के कारण सड़क मरम्मत का कार्य रुका हुआ है, जिससे लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षा को खतरा है। यह सड़क अगस्त में आयोजित होने वाले वार्षिक परशुराम महादेव मेले से पहले ही खराब हालत में है, जहाँ हर साल बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। श्रद्धालुओं ने आरोप लगाया कि चूंकि यह सड़क वन्यजीव अभयारण्य क्षेत्र से गुजरती है, इसलिए वन विभाग द्वारा सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) को आवश्यक अनुमति नहीं दी जा रही है। इसी वजह से वर्षों से इस महत्वपूर्ण मार्ग का निर्माण और मरम्मत कार्य ठप पड़ा है। लोगों ने मांग की है कि वन विभाग तुरंत आवश्यक अनुमति जारी करे, ताकि सार्वजनिक निर्माण विभाग समय पर सड़क का निर्माण और मरम्मत कार्य पूरा कर सके और श्रद्धालुओं को सुरक्षित यात्रा मिल सके। ज्ञापन के माध्यम से वन विभाग को चेतावनी दी गई है कि यदि सात दिन के भीतर इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की जाती है, तो वे वन विभाग कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन करेंगे।2
- जैतारण में एक व्यक्ति की डंपर से हुई दर्दनाक मौत के बाद नगर पालिका प्रशासन हरकत में आ गया है। इस घटना के बाद, जैतारण नगर पालिका द्वारा सड़कों के दोनों तरफ हुए अवैध अतिक्रमण को हटाया जा रहा है।1
- रियान बड़ी-रोहिसी रोड पर एक बड़ा सड़क हादसा उस समय टल गया, जब एक चलते ट्रैक्टर-ट्रॉली के पीछे के दोनों पहिए अचानक अलग होकर सड़क पर लुढ़कने लगे। गनीमत रही कि घटना के समय सड़क पर वाहनों की आवाजाही कम थी, जिससे कोई गंभीर दुर्घटना नहीं हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जब ट्रॉली के पहिए निकले तो आसपास मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई और वे तुरंत सुरक्षित स्थान पर चले गए। ट्रैक्टर चालक ने बताया कि पहिए निकलने के बाद ट्रॉली का संतुलन बिगड़ गया और वह करीब 50 मीटर तक ट्रैक्टर के पीछे सड़क पर घिसटती रही। चालक ने सावधानी बरतते हुए ट्रैक्टर को रोका और स्थिति को नियंत्रित किया। इस घटना में किसी भी प्रकार की जनहानि या चोट की कोई सूचना नहीं है। स्थानीय लोगों ने इसे महज संयोग बताया कि सड़क खाली होने से बड़ा हादसा टल गया, क्योंकि यदि उस समय कोई बाइक सवार, अन्य वाहन या राहगीर मौजूद होता तो दौड़ते हुए पहिए उनकी चपेट में आ सकते थे, जिससे गंभीर दुर्घटना हो सकती थी। घटना के बाद कुछ समय के लिए सड़क पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित रही, लेकिन आसपास के लोगों की मदद से ट्रैक्टर-ट्रॉली को सड़क किनारे हटाने के बाद यातायात सुचारु हो सका। इस घटना के बाद स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन और वाहन चालकों से मालवाहक ट्रैक्टर-ट्रॉलियों की नियमित तकनीकी जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि ऐसे वाहनों के पहिए, एक्सल, नट-बोल्ट और अन्य महत्वपूर्ण हिस्सों की समय-समय पर जांच आवश्यक है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके। यह घटना वाहन सुरक्षा और नियमित रखरखाव की आवश्यकता की ओर गंभीर संकेत देती है।1
- आज पुणे का मौसम हल्का-फुल्का साफ है, और बारिश की कोई संभावना नहीं है। मौसम विभाग ने आज ज्यादातर समय मौसम साफ रहने का अनुमान जताया है।1
- राजस्थान तकनीकी विश्वविद्यालय परिसर, कोटा में 'एक पेड़ माँ के नाम' नामक एक विशेष अभियान के तहत सघन वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।1
- जैतारण क्षेत्र से आज की ताज़ा खबर उपलब्ध है।1