Shuru
Apke Nagar Ki App…
परीक्षा देने गए छात्र को रोड पर कितनी भीड़ का सामना करना पड़ रहा है परीक्षा देने गए छात्र को रोड पर कितनी भीड़ का सामना करना पड़ रहा है
Jitendra kumar
परीक्षा देने गए छात्र को रोड पर कितनी भीड़ का सामना करना पड़ रहा है परीक्षा देने गए छात्र को रोड पर कितनी भीड़ का सामना करना पड़ रहा है
More news from बिहार and nearby areas
- परीक्षा देने गए छात्र को रोड पर कितनी भीड़ का सामना करना पड़ रहा है1
- नगर के ऐतिहासिक "शहीद स्मारक" के सौंदर्यीकरण और संरक्षण कार्य के नगर निगम की 14.61 लाख की योजना पूरी होने पर महापौर ने किया निरीक्षण, आज की युवा पीढ़ी से की अपने अमर स्वाधीनता सेनानी पूर्वजों के इतिहास को जानने के साथ नगर के यागदार स्मारक पर आदर पूर्वक पहुंच कर किया देखने की अपील बेतिया। महापौर गरिमा देवी सिकारिया ने कहा कि चंपारण के स्वाधीनता संग्राम से जुड़ी अमूल्य विरासत को सहेजने की दिशा में पश्चिम Ijचंपारण जिला मुख्यालय के ऐतिहासिक "शहीद स्मारक" के सौंदर्यीकरण और संरक्षण कार्य को नगर निगम बोर्ड की योजना के अनुसार 14.61 लाख की योजना पूरी होने पर पूरी कर ली गई है। महापौर श्रीमती सिकारिया दल-बल के साथ स्थल का निरीक्षण के क्रम में उन्होंने कार्य की गुणवत्ता,संरचना की मजबूती और सौंदर्यात्मक पक्षों का बारीकी से अवलोकन किया। निरीक्षण उपरांत महापौर गरिमा देवी सिकारिया ने कहा कि नगर निगम क्षेत्र में स्थित सभी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहरों को सुरक्षित, सुसज्जित और संरक्षित रखना नगर निगम की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि शहीद स्मारक केवल एक संरचना नहीं, बल्कि देश की आज़ादी के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीर पूर्वजों की स्मृति का प्रतीक है, जिसका सम्मान और संरक्षण हम सभी का दायित्व है। महापौर ने जानकारी दी कि शहीद स्मारक को पूज्य स्थल के रूप में सुरक्षित रखने के उद्देश्य से अब इसकी घेराबंदी कर दी गई है, ताकि स्मारक परिसर में चप्पल-जूते पहनकर प्रवेश न हो सके। इसके साथ ही स्मारक परिसर में ग्रेनाइट का प्रयोग कर आकर्षक साज-सज्जा, सुंदर छतरी का निर्माण तथा उच्च स्तरीय प्रकाश व्यवस्था की गई है। इस संपूर्ण योजना पर कुल 14.61 लाख रुपये की लागत आई है। महापौर श्रीमती सिकारिया ने नगरवासियों, विशेषकर युवाओं से अपील की कि वे एक बार अवश्य शहीद स्मारक आएं, इसके ऐतिहासिक महत्व को जानें और स्वतंत्रता संग्राम के बलिदानियों से प्रेरणा लें। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयासों से नई पीढ़ी में देशभक्ति और ऐतिहासिक चेतना को मजबूती मिलेगी।1
- +2 बिपिन उच्च माध्यमिक विद्यालय में इंटरमीडिएट का परीक्षा चल रहा है। परिक्षार्थियों से हुई परीक्षा पर चर्चा। 05.02.2026.1
- बेतिया पुलिस की बड़ी कार्रवाई: आठ साल से फरार लूट-डकैती कांड का आरोपी गिरफ्तार बेतिया मुफस्सिल थाना क्षेत्र में वर्ष 2016 में दर्ज एक गंभीर डकैती के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। मुफस्सिल थाना कांड संख्या 301/16, दिनांक 02 जुलाई 2016, धारा 395 भारतीय दंड संहिता (डकैती) के तहत नामजद आरोपी असलम अंसारी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपी चनपटिया थाना क्षेत्र के खड़देउर महना (वार्ड संख्या-02) का निवासी है। उसके पिता का नाम हदीश अंसारी है। यह गिरफ्तारी पुलिस के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है, क्योंकि आरोपी लंबे समय से कानून की गिरफ्त से बाहर चल रहा था। डकैती की घटना के बाद से ही पुलिस लगातार उसकी तलाश में छापामारी कर रही थी। गुप्त सूचना के आधार पर की गई इस कार्रवाई में पुलिस ने आरोपी को धर दबोचा। गिरफ्तार अभियुक्त को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। इस गिरफ्तारी से क्षेत्र में अपराधियों के बीच हड़कंप मचा हुआ है और पुलिस इसे अपनी सतत एवं सक्रिय कार्रवाई का परिणाम बता रही है।1
- बिहार विधानसभा के सदन में आज पश्चिम चंपारण जिला मुख्यालय स्थित राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल (जीएमसीएच), बेतिया की बदहाल और चिंताजनक स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए गए। सदन के माध्यम से सरकार का ध्यान आकृष्ट कराते हुए कहा गया कि जीएमसीएच अस्पताल केवल पश्चिम चंपारण ही नहीं, बल्कि पूर्वी चंपारण, गोपालगंज जिले और पड़ोसी देश नेपाल से आने वाले हजारों मरीजों के लिए सबसे बड़ा और प्रमुख इलाज केंद्र है, लेकिन इसके बावजूद यहां इलाज के नाम पर अव्यवस्था, असुरक्षा और अमानवीय व्यवहार का माहौल बना हुआ है। सदन में यह तथ्य सामने रखा गया कि जीएमसीएच बेतिया में जूनियर और इंटर्न डॉक्टरों द्वारा मरीजों एवं उनके परिजनों के साथ मारपीट की घटनाएं अब अपवाद नहीं, बल्कि लगातार होने वाली घटनाएं बन चुकी हैं। बीते मात्र तीन महीनों के भीतर ऐसी पांच गंभीर घटनाएं सामने आ चुकी हैं, जिनमें से हाल की दो घटनाओं के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होकर अस्पताल की कार्यशैली और प्रशासनिक नियंत्रण की पोल खोल चुके हैं। इसके बावजूद एक मामले में नगर थाना कांड संख्या 46/26 दर्ज होने के बाद भी अब तक किसी भी दोषी डॉक्टर के खिलाफ ठोस और प्रभावी कार्रवाई नहीं होना प्रशासनिक उदासीनता और संरक्षण की ओर इशारा करता है। विधानसभा में यह भी जोर देकर कहा गया कि जीएमसीएच अस्पताल से जुड़ी अव्यवस्थाओं, विवादों और गंभीर आरोपों की खबरें लगातार सामने आ रही हैं। इलाज की बदहाली, मरीजों से दुर्व्यवहार, सुरक्षा व्यवस्था की कमी और प्रशासनिक नियंत्रण का अभाव अब जीएमसीएच की पहचान बनता जा रहा है, जो एक मेडिकल कॉलेज और रेफरल अस्पताल के लिए बेहद शर्मनाक स्थिति है। सबसे हैरान करने वाली बात यह बताई गई कि माननीय स्वास्थ्य मंत्री स्वयं पश्चिम चंपारण जिले के प्रभारी मंत्री हैं, इसके बावजूद जीएमसीएच बेतिया की स्थिति में आज तक कोई ठोस, स्थायी और प्रभावी सुधार देखने को नहीं मिला है। विधानसभा में सवाल उठाया गया कि जब प्रभारी मंत्री के जिले के सबसे बड़े अस्पताल का यह हाल है, तो राज्य के अन्य अस्पतालों की स्थिति का अंदाजा आसानी से लगाया जा सकता है। सदन के माध्यम से सरकार से स्पष्ट, सख्त और बिना किसी लाग-लपेट के मांग की गई कि मरीजों और उनके परिजनों के साथ मारपीट करने वाले दोषी डॉक्टरों के विरुद्ध अविलंब कड़ी कानूनी और विभागीय कार्रवाई की जाए, दोषियों को संरक्षण देने वाले अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाए और जीएमसीएच अस्पताल की संपूर्ण व्यवस्था की उच्चस्तरीय जांच कराकर त्वरित और प्रभावी सुधार सुनिश्चित किया जाए। ताकि इलाज के लिए अस्पताल आने वाला आम नागरिक भय नहीं, बल्कि भरोसा महसूस कर सके और उसे सुरक्षित, सम्मानजनक तथा मानवीय उपचार मिल सके।1
- Post by Sadhana national News1
- Mere Bhai kheti ho ya beti Sab Tumhen hi bachani padegi Satta Mein maujud Jeene Ka Kuchh Nahin kar Payenge Kyunki na to Inki beti hai aur Nain ki kheti hai. . . #trending #reality #indianleaderreality #indianthought1
- चनपटिया विधानसभा के विधायक अभिषेक रंजन ने विधानसभा सदन में पश्चिम चंपारण जिला मुख्यालय स्थित जीएमसीएच अस्पताल की गंभीर बदहाली का मुद्दा जोरदार तरीके से उठाया। उन्होंने कहा कि यह अस्पताल केवल पश्चिम चंपारण ही नहीं, बल्कि पूर्वी चंपारण, गोपालगंज और पड़ोसी देश नेपाल से आने वाले हजारों मरीजों का प्रमुख इलाज केंद्र है। इसके बावजूद यहां मरीजों और उनके परिजनों के साथ लगातार मारपीट जैसी घटनाएं सामने आ रही हैं, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और चिंताजनक है। विधायक ने सदन में मांग करते हुए कहा कि दोषी डॉक्टरों एवं संबंधित कर्मियों पर अविलंब सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। साथ ही अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्था में तत्काल सुधार कर मरीजों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराई जाए। विधायक ने कहा कि जनता के स्वास्थ्य से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। इस संबंध में विधायक ने गुरुवार दोपहर करीब एक बजे अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर वीडियो साझा कर जानकारी दी।1