जसवंत नगर में पाल, बघेल और धनगर समाज द्वारा पुण्य श्लोका लोकमाता महारानी अहिल्याबाई होलकर की 301वीं जयंती बड़े श्रद्धाभाव से मनाई गई। कोठी केस्त के सामने स्थित एक मैरिज होम में आयोजित इस समारोह में वक्ताओं ने महारानी अहिल्याबाई होलकर के व्यक्तित्व और कृतित्व को याद करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की, साथ ही उनके बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि, जिला समाज कल्याण अधिकारी संध्या रानी बघेल ने अपने संबोधन में लोकमाता अहिल्याबाई होलकर के जीवन चरित्र पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि समाज सेवा, धर्म और न्याय के क्षेत्र में उनके प्रेरणादाई कार्य आज भी समाज का मार्गदर्शन करते हैं। संध्या रानी बघेल ने अहिल्याबाई को एक वास्तविक आदर्श भारतीय नारी बताया, जिन्होंने जीवन में कभी परिस्थितियों के आगे हार नहीं मानी और एक कुशल योद्धा की तरह सफलतापूर्वक शासन करते हुए हर क्षेत्र में अपनी अमिट छाप छोड़ी। विशिष्ट अतिथि निधि पाल एडवोकेट ने राजमाता की न्यायप्रियता, धर्मपरायणता और परोपकार की भावना को समाज के लिए अत्यंत प्रेरणादायक बताया। उन्होंने समाज के लोगों से अपने घरों में राजमाता अहिल्याबाई होलकर का चित्र लगाने और बच्चों को उनके जीवनकाल के कार्यों का इतिहास बताने का आग्रह किया। निधि पाल ने यह भी उल्लेख किया कि अहिल्याबाई अनन्य शिव भक्त थीं और उन्होंने अपने जीवन काल में कई ज्योतिर्लिंगों का पुनरुद्धार कराया था। इस अवसर पर राकेश पाल, वीरेंद्र सिंह बघेल और राधेश्याम धनगर ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। अंत में, समाज के अध्यक्ष और पूर्व प्रधानाचार्य दाऊ दयाल धनगर ने समाज के लोगों से एकजुटता बनाए रखने और लोकमाता के आदर्शों का पालन करने का संदेश देते हुए, समारोह में भाग लेने के लिए सभी का धन्यवाद किया। इस कार्यक्रम में संरक्षक रामकृष्ण पाल, हरदयाल सिंह पाल, पूर्व प्रधान रामशरण धनगर, पूर्व प्रधान रामकुमार धनगर, पूर्व प्रधान शामले सिंह, अंकित पाल, मनीष धनगर एडवोकेट, गौरव धनगर एडवोकेट, वीरेंद्र सिंह डीलर सहित सैकड़ों लोग उपस्थित रहे।
जसवंत नगर में पाल, बघेल और धनगर समाज द्वारा पुण्य श्लोका लोकमाता महारानी अहिल्याबाई होलकर की 301वीं जयंती बड़े श्रद्धाभाव से मनाई गई। कोठी केस्त के सामने स्थित एक मैरिज होम में आयोजित इस समारोह में वक्ताओं ने महारानी अहिल्याबाई होलकर के व्यक्तित्व और कृतित्व को याद करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की, साथ ही उनके बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि, जिला समाज कल्याण अधिकारी संध्या रानी बघेल ने अपने संबोधन में लोकमाता अहिल्याबाई होलकर के जीवन चरित्र पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि समाज सेवा, धर्म और न्याय के क्षेत्र में उनके प्रेरणादाई कार्य आज भी समाज का मार्गदर्शन करते हैं। संध्या रानी बघेल ने अहिल्याबाई को एक वास्तविक आदर्श भारतीय नारी बताया, जिन्होंने जीवन में कभी परिस्थितियों के आगे हार नहीं मानी और एक कुशल योद्धा की तरह सफलतापूर्वक शासन करते हुए हर क्षेत्र में अपनी अमिट छाप छोड़ी। विशिष्ट अतिथि निधि पाल एडवोकेट ने राजमाता की न्यायप्रियता, धर्मपरायणता और परोपकार की भावना को समाज के लिए अत्यंत प्रेरणादायक बताया। उन्होंने समाज के लोगों से अपने घरों में राजमाता अहिल्याबाई होलकर का चित्र लगाने और बच्चों को उनके जीवनकाल के कार्यों का इतिहास बताने का आग्रह किया। निधि पाल ने यह भी उल्लेख किया कि अहिल्याबाई अनन्य शिव भक्त थीं और उन्होंने अपने जीवन काल में कई ज्योतिर्लिंगों का पुनरुद्धार कराया था। इस अवसर पर राकेश पाल, वीरेंद्र सिंह बघेल और राधेश्याम धनगर ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। अंत में, समाज के अध्यक्ष और पूर्व प्रधानाचार्य दाऊ दयाल धनगर ने समाज के लोगों से एकजुटता बनाए रखने और लोकमाता के आदर्शों का पालन करने का संदेश देते हुए, समारोह में भाग लेने के लिए सभी का धन्यवाद किया। इस कार्यक्रम में संरक्षक रामकृष्ण पाल, हरदयाल सिंह पाल, पूर्व प्रधान रामशरण धनगर, पूर्व प्रधान रामकुमार धनगर, पूर्व प्रधान शामले सिंह, अंकित पाल, मनीष धनगर एडवोकेट, गौरव धनगर एडवोकेट, वीरेंद्र सिंह डीलर सहित सैकड़ों लोग उपस्थित रहे।
- जसवंत नगर में पाल, बघेल और धनगर समाज द्वारा पुण्य श्लोका लोकमाता महारानी अहिल्याबाई होलकर की 301वीं जयंती बड़े श्रद्धाभाव से मनाई गई। कोठी केस्त के सामने स्थित एक मैरिज होम में आयोजित इस समारोह में वक्ताओं ने महारानी अहिल्याबाई होलकर के व्यक्तित्व और कृतित्व को याद करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की, साथ ही उनके बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि, जिला समाज कल्याण अधिकारी संध्या रानी बघेल ने अपने संबोधन में लोकमाता अहिल्याबाई होलकर के जीवन चरित्र पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि समाज सेवा, धर्म और न्याय के क्षेत्र में उनके प्रेरणादाई कार्य आज भी समाज का मार्गदर्शन करते हैं। संध्या रानी बघेल ने अहिल्याबाई को एक वास्तविक आदर्श भारतीय नारी बताया, जिन्होंने जीवन में कभी परिस्थितियों के आगे हार नहीं मानी और एक कुशल योद्धा की तरह सफलतापूर्वक शासन करते हुए हर क्षेत्र में अपनी अमिट छाप छोड़ी। विशिष्ट अतिथि निधि पाल एडवोकेट ने राजमाता की न्यायप्रियता, धर्मपरायणता और परोपकार की भावना को समाज के लिए अत्यंत प्रेरणादायक बताया। उन्होंने समाज के लोगों से अपने घरों में राजमाता अहिल्याबाई होलकर का चित्र लगाने और बच्चों को उनके जीवनकाल के कार्यों का इतिहास बताने का आग्रह किया। निधि पाल ने यह भी उल्लेख किया कि अहिल्याबाई अनन्य शिव भक्त थीं और उन्होंने अपने जीवन काल में कई ज्योतिर्लिंगों का पुनरुद्धार कराया था। इस अवसर पर राकेश पाल, वीरेंद्र सिंह बघेल और राधेश्याम धनगर ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। अंत में, समाज के अध्यक्ष और पूर्व प्रधानाचार्य दाऊ दयाल धनगर ने समाज के लोगों से एकजुटता बनाए रखने और लोकमाता के आदर्शों का पालन करने का संदेश देते हुए, समारोह में भाग लेने के लिए सभी का धन्यवाद किया। इस कार्यक्रम में संरक्षक रामकृष्ण पाल, हरदयाल सिंह पाल, पूर्व प्रधान रामशरण धनगर, पूर्व प्रधान रामकुमार धनगर, पूर्व प्रधान शामले सिंह, अंकित पाल, मनीष धनगर एडवोकेट, गौरव धनगर एडवोकेट, वीरेंद्र सिंह डीलर सहित सैकड़ों लोग उपस्थित रहे।1
- इटावा पुलिस ने कथित अपहरण और नशीला पदार्थ देकर बेहोश करने की एक घटना का सफलतापूर्वक पर्दाफाश करते हुए इसे पूरी तरह फर्जी पाया है। पुलिस जांच में सामने आया कि एक महिला ने अपने सहयोगी के साथ मिलकर निर्दोष लोगों को झूठे मुकदमे में फंसाने के इरादे से यह साजिश रची थी। यह मामला तब सामने आया जब 27 मई 2026 को सरिता पत्नी राजेश कुमार ने थाना लवेदी क्षेत्र में शिकायत दर्ज कराई कि कुछ अज्ञात लोगों ने उसे एक वाहन में बैठाकर कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ पिलाया और बेहोशी की हालत में एक सुनसान जगह पर छोड़ दिया। घटना की गंभीरता को देखते हुए, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एसओजी, सर्विलांस और थाना लवेदी पुलिस की एक संयुक्त टीम गठित कर जांच शुरू की गई। जांच के दौरान, सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन, तकनीकी विश्लेषण और अन्य साक्ष्यों का गहनता से अध्ययन किया गया, जिसमें आरोपित व्यक्तियों की घटनास्थल पर कोई मौजूदगी नहीं पाई गई। साथ ही, यह भी पता चला कि शिकायतकर्ता और शिकायत में नामजद किए गए लोगों के बीच पहले से ही विवाद चल रहा था। विवेचना में सरिता और अमरपाल यादव की भूमिका स्पष्ट हुई। इन दोनों ने मिलकर एक झूठी कहानी तैयार की थी और पुलिस को गुमराह करने का प्रयास किया था। पुलिस ने अब अमरपाल यादव और सरिता को गिरफ्तार कर लिया है। इस मामले में आगे की कार्रवाई भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 231, 61(2) और 319(2) के तहत की जा रही है।2
- चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के एक समर्पित प्रशंसक ने टीम और उसके प्रमुख खिलाड़ी महेंद्र सिंह धोनी (@mahi7781) के प्रति अपना गहरा और अटूट समर्थन व्यक्त किया है। प्रशंसक ने चेन्नई सुपर किंग्स की सेना (@cskarmy_07) और टीम के आधिकारिक हैंडल (@chennaiipl) को टैग करते हुए 'हमेशा CSK' के नारे के साथ अपनी वफादारी दोहराई। यह पोस्ट 'CSK फॉरएवर' के संदेश को पुष्ट करती है और IPL 2026 तक के लिए भी टीम के प्रति उत्साह प्रदर्शित करती है।1
- इटावा जनपद के निवासियों की समस्याओं को लेकर 1 जून को नगर पालिका इटावा का घेराव किया जाएगा। इस संबंध में विस्तृत जानकारी समाजसेवी विकास रावत ने दी।1
- उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद में एक हृदय विदारक घटना सामने आई है, जहाँ एक व्यक्ति ने एकतरफा प्यार में पागल होकर अपने डेढ़ वर्षीय मासूम रिश्तेदार की बेरहमी से पटक-पटक कर हत्या कर दी। इस पूरी घटना की जानकारी बच्चे की माँ की जुबानी सामने आई है, जिसमें उसने इस क्रूर वारदात का विवरण दिया है।1
- जसवंतनगर में, पुलिस और राजस्व विभाग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के उद्देश्य से क्षेत्राधिकारी आयुषी सिंह ने नए नियुक्त आरक्षियों को तहसील और एसडीएम कार्यालय का दौरा कराया। इस दौरान आरक्षियों को प्रशासनिक कार्यप्रणाली और विभिन्न विभागों के कार्यों से अवगत कराया गया। क्षेत्राधिकारी आयुषी सिंह ने आरक्षियों को तहसील परिसर में स्थित रजिस्ट्रार और तहसीलदार कार्यालयों के साथ-साथ लेखपालों के कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि राजस्व और पुलिस विभाग अक्सर जमीनी विवादों, कब्जा विवादों, पैमाइश और अन्य संवेदनशील मामलों के निपटारे में मिलकर कार्य करते हैं, इसलिए पुलिसकर्मियों के लिए राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली को समझना अत्यंत आवश्यक है। भ्रमण के दौरान, लेखपालों ने नव नियुक्त आरक्षियों को खेतों की पैमाइश, मेड़बंदी, कुराबंदी, खातेदारी और भूमि संबंधी विवादों के निपटारे की प्रक्रिया समझाई, साथ ही जमीन की नापजोख के तरीके और विवादित मामलों में राजस्व अभिलेखों के महत्व पर भी प्रकाश डाला। सीओ आयुषी सिंह ने बताया कि कई बार क्षेत्र में होने वाले विवादों में पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम मौके पर भेजी जाती है, और यह प्रशिक्षण इसलिए दिया जा रहा है ताकि आरक्षी मौके पर पहुंचकर राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली को बेहतर ढंग से समझ सकें और आम जनता की समस्याओं के समाधान में प्रभावी भूमिका निभा सकें। इसके अतिरिक्त, आरक्षियों को एसडीएम कोर्ट की कार्यवाही के बारे में भी जानकारी प्रदान की गई। क्षेत्राधिकारी ने बताया कि धारा 151 सहित कई मामलों की सुनवाई एसडीएम न्यायालय में होती है, और ऐसे मामलों में पुलिस की भूमिका, कार्रवाई का तरीका तथा न्यायालयीन प्रक्रिया के संचालन की विस्तृत जानकारी दी गई। नव नियुक्त आरक्षियों को तहसील कार्यालय में तैनात कर्मचारियों के दायित्वों, अभिलेखों के रखरखाव, प्रशासनिक कार्यशैली और जनता से जुड़े मामलों के निपटारे की प्रक्रिया से भी अवगत कराया गया। इस अवसर पर तहसीलदार नेहा सचान, लेखपाल मनीष दुबे, मोहम्मद जहीर खान, अनुराग सिंह यादव, समशेर सिंह सहित अन्य कर्मचारी एवं अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने यह भी कहा कि इस प्रकार का प्रशिक्षण पुलिसकर्मियों के व्यवहारिक ज्ञान को मजबूत करेगा और भविष्य में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ जनसमस्याओं के समाधान में भी मददगार साबित होगा।1
- इटावा शहर में महिलाओं ने देशी शराब के एक ठेके के खिलाफ जमकर विरोध प्रदर्शन किया। विरोध के दौरान, महिलाओं ने दुकान में रखी सारी शराब सड़क पर फेंक दी। इस अचानक हुई कार्रवाई से शराब ठेके का मालिक भी हैरान रह गया, क्योंकि महिलाओं ने दुकान को भी नहीं बख्शा। इस घटना के बाद मौके पर कुछ झड़प हुई, जिसकी सूचना मिलने पर पुलिस तत्काल पहुँची और स्थिति को शांत किया। महिलाओं ने शराब के ठेके को पूरी तरह से बंद करने की मांग की, जिसे वे अपने क्षेत्र से हटवाना चाहती हैं।1