स्लग -खटीमा कांड की बरसी पर शहीद आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि, विधायक कापड़ी ने उठाई लंबित आंदोलनकारियों की मांग की बात। स्थान - खटीमा ऊधम सिंह नगर रिपोर्ट - अशोक सरकार मो -9758494633 एंकर/विजुअल- खटीमा गोली कांड की बरसी पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और खटीमा विधायक भुवन चंद्र कापड़ी ने शहीद राज्य आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारियों के संघर्ष, त्याग और बलिदान का परिणाम है। उन्होंने कहा कि 1 सितंबर का खटीमा कांड, 2 सितंबर का मसूरी गोलीकांड और 2 अक्टूबर का रामपुर तिराहा कांड उत्तराखंड के इतिहास के ऐसे काले अध्याय हैं, जिन्हें कभी भुलाया नहीं जा सकता।सीएम धामी ने कहा कि राज्य आंदोलनकारियों और उनके परिवारों का सम्मान सरकार की प्राथमिकता है। सरकार ने शहीद आंदोलनकारियों के आश्रितों की पेंशन 3 हजार से बढ़ाकर 5 हजार 500 रुपये प्रतिमाह करने का निर्णय लिया है। वहीं सात दिन जेल जाने या घायल हुए आंदोलनकारियों की पेंशन 6 हजार से बढ़ाकर 7 हजार रुपये तथा अन्य राज्य आंदोलनकारियों की पेंशन 4 हजार 500 से बढ़ाकर 5 हजार 500 रुपये प्रतिमाह की गई है।इसके अलावा पूर्ण रूप से शय्याग्रस्त दिव्यांग राज्य आंदोलनकारियों की पेंशन 20 हजार से बढ़ाकर 30 हजार रुपये प्रतिमाह करने और उनकी देखभाल के लिए मेडिकल अटेंडेंट की व्यवस्था का भी फैसला लिया गया है। और वहीं खटीमा विधायक भुवन चंद्र कापड़ी ने शहीद राज्य आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए अपनी आंदोलन कारियों के सामने अपनी बात रखते हुए कापड़ी ने कहा कि वह पिछले साढ़े चार साल से 253 लंबित राज्य आंदोलनकारियों को आंदोलनकारी घोषित करने की मांग लगातार उठाते आ रहे हैं, लेकिन अभी तक उनकी मांग पर कोई सुनवाई क्यों नहीं हुई। इसी लिए विधायक कापड़ी शहीदों को नमन कर चले गए। बाइट- 1 पुष्कर सिंह धामी मुख्यमंत्री उत्तराखंड बाइट -2 भुवन चन्द्र कापड़ी विधायक खटीमा
स्लग -खटीमा कांड की बरसी पर शहीद आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि, विधायक कापड़ी ने उठाई लंबित आंदोलनकारियों की मांग की बात। स्थान - खटीमा ऊधम सिंह नगर रिपोर्ट - अशोक सरकार मो -9758494633 एंकर/विजुअल- खटीमा गोली कांड की बरसी पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और खटीमा विधायक भुवन चंद्र कापड़ी ने शहीद राज्य आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारियों के संघर्ष, त्याग और बलिदान का परिणाम है। उन्होंने कहा कि 1 सितंबर का खटीमा कांड, 2 सितंबर का मसूरी गोलीकांड और 2 अक्टूबर का रामपुर तिराहा कांड उत्तराखंड के इतिहास के ऐसे काले अध्याय हैं, जिन्हें कभी भुलाया नहीं जा सकता।सीएम धामी ने कहा कि राज्य आंदोलनकारियों और उनके परिवारों का सम्मान सरकार की प्राथमिकता है। सरकार ने शहीद आंदोलनकारियों के आश्रितों की पेंशन 3 हजार से बढ़ाकर 5 हजार 500 रुपये प्रतिमाह करने का निर्णय लिया है। वहीं सात दिन जेल जाने या घायल हुए आंदोलनकारियों की पेंशन 6 हजार से बढ़ाकर 7 हजार रुपये तथा अन्य राज्य आंदोलनकारियों की पेंशन 4 हजार 500 से बढ़ाकर 5 हजार 500 रुपये प्रतिमाह की गई है।इसके अलावा पूर्ण रूप से शय्याग्रस्त दिव्यांग राज्य आंदोलनकारियों की पेंशन 20 हजार से बढ़ाकर 30 हजार रुपये प्रतिमाह करने और उनकी देखभाल के लिए मेडिकल अटेंडेंट की व्यवस्था का भी फैसला लिया गया है। और वहीं खटीमा विधायक भुवन चंद्र कापड़ी ने शहीद राज्य आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए अपनी आंदोलन कारियों के सामने अपनी बात रखते हुए कापड़ी ने कहा कि वह पिछले साढ़े चार साल से 253 लंबित राज्य आंदोलनकारियों को आंदोलनकारी घोषित करने की मांग लगातार उठाते आ रहे हैं, लेकिन अभी तक उनकी मांग पर कोई सुनवाई क्यों नहीं हुई। इसी लिए विधायक कापड़ी शहीदों को नमन कर चले गए। बाइट- 1 पुष्कर सिंह धामी मुख्यमंत्री उत्तराखंड बाइट -2 भुवन चन्द्र कापड़ी विधायक खटीमा
- स्लग -खटीमा कांड की बरसी पर शहीद आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि, विधायक कापड़ी ने उठाई लंबित आंदोलनकारियों की मांग की बात। स्थान - खटीमा ऊधम सिंह नगर रिपोर्ट - अशोक सरकार मो -9758494633 एंकर/विजुअल- खटीमा गोली कांड की बरसी पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और खटीमा विधायक भुवन चंद्र कापड़ी ने शहीद राज्य आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारियों के संघर्ष, त्याग और बलिदान का परिणाम है। उन्होंने कहा कि 1 सितंबर का खटीमा कांड, 2 सितंबर का मसूरी गोलीकांड और 2 अक्टूबर का रामपुर तिराहा कांड उत्तराखंड के इतिहास के ऐसे काले अध्याय हैं, जिन्हें कभी भुलाया नहीं जा सकता।सीएम धामी ने कहा कि राज्य आंदोलनकारियों और उनके परिवारों का सम्मान सरकार की प्राथमिकता है। सरकार ने शहीद आंदोलनकारियों के आश्रितों की पेंशन 3 हजार से बढ़ाकर 5 हजार 500 रुपये प्रतिमाह करने का निर्णय लिया है। वहीं सात दिन जेल जाने या घायल हुए आंदोलनकारियों की पेंशन 6 हजार से बढ़ाकर 7 हजार रुपये तथा अन्य राज्य आंदोलनकारियों की पेंशन 4 हजार 500 से बढ़ाकर 5 हजार 500 रुपये प्रतिमाह की गई है।इसके अलावा पूर्ण रूप से शय्याग्रस्त दिव्यांग राज्य आंदोलनकारियों की पेंशन 20 हजार से बढ़ाकर 30 हजार रुपये प्रतिमाह करने और उनकी देखभाल के लिए मेडिकल अटेंडेंट की व्यवस्था का भी फैसला लिया गया है। और वहीं खटीमा विधायक भुवन चंद्र कापड़ी ने शहीद राज्य आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए अपनी आंदोलन कारियों के सामने अपनी बात रखते हुए कापड़ी ने कहा कि वह पिछले साढ़े चार साल से 253 लंबित राज्य आंदोलनकारियों को आंदोलनकारी घोषित करने की मांग लगातार उठाते आ रहे हैं, लेकिन अभी तक उनकी मांग पर कोई सुनवाई क्यों नहीं हुई। इसी लिए विधायक कापड़ी शहीदों को नमन कर चले गए। बाइट- 1 पुष्कर सिंह धामी मुख्यमंत्री उत्तराखंड बाइट -2 भुवन चन्द्र कापड़ी विधायक खटीमा1
- तेंदुए की दस्तक से कई गांवों में दहशत, ग्रामीणों में भय का माहौल। बीसलपुर चुरा सकतपुर क्षेत्र में तेंदुए की गतिविधियों से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है। बताया जा रहा है कि तेंदुआ क्षेत्र के जल्लापुर, सायर, पटनिया मलकपुर, सिसैया, श्यामपुर, चुरा, अभयपुर और रिछोला घासी समेत कई गांवों में दस्तक दे चुका है। तेंदुए की आहट से ग्रामीणों में डर का माहौल है। शाम होते ही लोग खेतों की ओर जाने से बच रहे हैं और बच्चों को भी अकेले बाहर नहीं निकलने दिया जा रहा है। ग्रामीणों ने वन विभाग से तेंदुए की तलाश कर उसे पकड़ने तथा क्षेत्र में गश्त बढ़ाने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते तेंदुए को नहीं पकड़ा गया तो किसी बड़ी घटना का खतरा बना रह सकता है।1
- पीलीभीत: शारदा बैराज बनबसा में पहाड़ों पर अत्यधिक वर्षा होने के कारण शारदा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है जिसके कारण आज दिनांक 1.09.2026 को शारदा नदी में बनबसा बैराज पर 2.00 बजे डिस्चार्ज 1.34 लाख क्यूसेक से ज्यादा हो गया है । 1.00 लाख से ज्यादा होने पर शारदा बैराज बनबसा से होने वाले आवागमन को बैराज की सुरक्षा के दृष्टिगत पूर्णतया बंद कर दिया जाता है।1
- बनबसा में शहीद स्मारक और विशाल तिरंगे का लोकार्पण, सीएम धामी ने वीरों को किया नमन। बनबसा में शहीद स्मारक और विशाल तिरंगे का लोकार्पण, सीएम धामी ने वीरों को किया नमन चम्पावत। भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा के सीमांत क्षेत्र बनबसा में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सैनिक स्मारक एवं झंडा पार्क का विधिवत पूजा-अर्चना के साथ लोकार्पण किया। इस अवसर पर उन्होंने नवनिर्मित शहीद स्मारक पर पुष्पचक्र अर्पित कर वीर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। एसएसबी जवानों द्वारा बिगुल वादन के बीच मुख्यमंत्री सहित उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर देश के लिए सर्वस्व न्योछावर करने वाले वीर जवानों को नमन किया। कार्यक्रम में सीमांत क्षेत्र में विशाल राष्ट्रध्वज तिरंगा भी फहराया गया। मुख्यमंत्री ने शहीद स्मारक को देश सेवा, त्याग और बलिदान का प्रतीक बताते हुए कहा कि यह स्मारक आने वाली पीढ़ियों को हमेशा याद दिलाएगा कि देश के वीर जवान कठिन और विषम परिस्थितियों में भी राष्ट्र की रक्षा के लिए डटे रहते हैं। उन्होंने कहा कि यह स्थल युवाओं को देश सेवा और राष्ट्र के प्रति समर्पण की प्रेरणा देता रहेगा। “मैं सैनिक परिवार से आता हूं, सैनिकों से मेरा गहरा जुड़ाव” मुख्यमंत्री ने कहा कि वह स्वयं एक सैनिक के पुत्र हैं, इसलिए सैनिकों के सम्मान से जुड़े इस कार्य में सहभागी बनना उनके लिए गर्व और भावुकता का विषय है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सीमावर्ती क्षेत्रों के विकास और सैनिकों तथा उनके परिवारों के कल्याण को दी जा रही प्राथमिकता का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पहले देश के अंतिम गांव कहे जाने वाले सीमावर्ती क्षेत्रों को अब भारत के ‘पहले क्षेत्र’ के रूप में देखा जा रहा है। उत्तराखंड को वीर सैनिकों की भूमि बताते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश के लगभग हर परिवार से कोई न कोई सदस्य सेना या अर्धसैनिक बलों के माध्यम से राष्ट्र की सुरक्षा में योगदान दे रहा है। वीर नारियों और वीरता पदक विजेता सम्मानित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने वीर नारियों और वीरता पदक विजेताओं को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया। सम्मानित होने वालों में वीर नारी सरस्वती देवी, लक्ष्मी देवी, कमला देवी, खीमा देवी, माया चन्द, सरस्वती देवी, ललिता चन्द, गीता देवी और पिंकी रैसवाल शामिल रहीं। इसके अलावा वीर माता लक्ष्मी देवी, माता स्व. नायक खीम सिंह तथा वीरता पदक विजेता सूबेदार गोपाल दत्त शर्मा (सेना मेडल) को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने वीर नारियों एवं भूतपूर्व सैनिकों से संवाद किया तथा एसएसबी जवानों के साथ फोटो खिंचवाकर उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि राष्ट्र की सुरक्षा में सैनिकों का योगदान सर्वोपरि है और राज्य सरकार सैनिकों एवं उनके परिवारों के सम्मान और कल्याण के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है। इस अवसर पर जिलाधिकारी मनीष कुमार, जिला सैनिक कल्याण अधिकारी कर्नल उमेद सिंह (से.नि.), एसएसबी कमांडेंट सुरेंद्र विक्रम सहित अन्य अधिकारी, सेवानिवृत्त सैनिक, वीर माताएं एवं अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।4
- चम्पावत: में खेल महाकुंभ-2026 का धमाकेदार आगाज, CM धामी ने खिलाड़ियों को दी बड़ी सौगात!चम्पावत: में खेल महाकुंभ-2026 का धमाकेदार आगाज, CM धामी ने खिलाड़ियों को दी बड़ी सौगात! चम्पावत: में खेल महाकुंभ-2026 का धमाकेदार आगाज, CM धामी ने खिलाड़ियों को दी बड़ी सौगात!1
- *दि0 01.09.2026 को ग्राम भिलईया, PS बहेड़ी में डॉ. भीमराव अम्बेडकर की प्रतिमा क्षतिग्रस्त किए जाने की सूचना पर पुलिस कार्रवाई के संबंध में श्री अरुण कुमार सिंह, #COBahedi की बाइट।* #UPPolice *दि0 01.09.2026 को ग्राम भिलईया, PS बहेड़ी में डॉ. भीमराव अम्बेडकर की प्रतिमा क्षतिग्रस्त किए जाने की सूचना पर पुलिस कार्रवाई के संबंध में श्री अरुण कुमार सिंह, #COBahedi की बाइट।* #UPPolice2
- शारदा नदी में 2 लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने और पूरनपुर विधायक बाबूराम पासवान की अपील के आधार पर विशेष रिपोर्ट। दृश्य: शारदा नदी का बढ़ता हुआ जलस्तर, उफनती लहरें, और निचले इलाकों में पानी का प्रभाव] [वीओ (Voice Over) शुरू:] बुलेट पॉइंट हाइलाइट्स: पहाड़ों पर लगातार भारी बारिश के बाद शारदा नदी उफान पर। नदी में 2 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया, जलस्तर में और बढ़ोतरी की आशंका। पूरनपुर विधायक बाबूराम पासवान ने की नदी किनारे के लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील। रात से हो रही लगातार बारिश के चलते जनजीवन बुरी तरह प्रभावित। [एंकर पीस / मुख्य समाचार:] नमस्कार, मैं सरफराज अहमद खान (UP News TV 24)। इस वक्त की एक बेहद महत्वपूर्ण और जरूरी सूचना शारदा नदी के तटीय इलाकों में रहने वाले सभी देशवासियों और क्षेत्रवासियों के लिए सामने आ रही है। पहाड़ों पर हो रही लगातार मूसलाधार बारिश के कारण शारदा नदी का जलस्तर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए नदी में 2 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है, और आने वाले समय में जलस्तर के और अधिक बढ़ने की पूरी संभावना जताई जा रही है। इस आपदा की स्थिति को देखते हुए पूरनपुर क्षेत्र के लोकप्रिय विधायक बाबूराम पासवान ने तत्काल प्रभाव से क्षेत्रवासियों से पूरी सतर्कता बरतने की अपील की है। [बाइट / विधायक बाबूराम पासवान की अपील के मुख्य अंश (यदि वीडियो या ऑडियो हो तो जोड़ें, अन्यथा रिपोर्टर के शब्दों में):] "प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद है और हर स्थिति पर पैनी नजर बनाए हुए है। मेरी सभी क्षेत्रीय नागरिकों से हाथ जोड़कर अपील है कि वे नदी के किनारों और निचले जलभराव वाले इलाकों से तुरंत दूरी बना लें। इस संकट की घड़ी में धैर्य रखें और सुरक्षित स्थानों पर शरण लें। आपकी सुरक्षा हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता है।" [आगे की रिपोर्ट:] बीती रात से हो रही लगातार बारिश के कारण मैदानी इलाकों में भी जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। कई जगहों पर जलभराव और आवागमन बाधित होने की खबरें सामने आ रही हैं। प्रशासन लगातार स्थिति की मॉनिटरिंग कर रहा है। हमारी भी आप सभी से यही अपील है कि अफवाहों से बचें, प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करें और पूरी तरह सुरक्षित रहें। सुरक्षित रहें, अपनों का ख्याल रखें! — सरफराज अहमद खान, UP News TV 241
- पीलीभीत में बाढ़ का अलर्ट, उफनाईं नदियांपीलीभीत में लगातार बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर से बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। शारदा नदी समेत कई नदियों के उफनाने से पूरनपुर और आसपास के क्षेत्रों में जलभराव की आशंका है। प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाते हुए लोगों को सतर्क रहने की अपील की है।1