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पीलीभीत में बाढ़ का अलर्ट, उफनाईं नदियांपीलीभीत में लगातार बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर से बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। शारदा नदी समेत कई नदियों के उफनाने से पूरनपुर और आसपास के क्षेत्रों में जलभराव की आशंका है। प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाते हुए लोगों को सतर्क रहने की अपील की है।
फास्ट न्यूज इंडिया पीलीभीत
पीलीभीत में बाढ़ का अलर्ट, उफनाईं नदियांपीलीभीत में लगातार बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर से बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। शारदा नदी समेत कई नदियों के उफनाने से पूरनपुर और आसपास के क्षेत्रों में जलभराव की आशंका है। प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाते हुए लोगों को सतर्क रहने की अपील की है।
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- पीलीभीत: शारदा बैराज बनबसा में पहाड़ों पर अत्यधिक वर्षा होने के कारण शारदा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है जिसके कारण आज दिनांक 1.09.2026 को शारदा नदी में बनबसा बैराज पर 2.00 बजे डिस्चार्ज 1.34 लाख क्यूसेक से ज्यादा हो गया है । 1.00 लाख से ज्यादा होने पर शारदा बैराज बनबसा से होने वाले आवागमन को बैराज की सुरक्षा के दृष्टिगत पूर्णतया बंद कर दिया जाता है।1
- शारदा नदी में 2 लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने और पूरनपुर विधायक बाबूराम पासवान की अपील के आधार पर विशेष रिपोर्ट। दृश्य: शारदा नदी का बढ़ता हुआ जलस्तर, उफनती लहरें, और निचले इलाकों में पानी का प्रभाव] [वीओ (Voice Over) शुरू:] बुलेट पॉइंट हाइलाइट्स: पहाड़ों पर लगातार भारी बारिश के बाद शारदा नदी उफान पर। नदी में 2 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया, जलस्तर में और बढ़ोतरी की आशंका। पूरनपुर विधायक बाबूराम पासवान ने की नदी किनारे के लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील। रात से हो रही लगातार बारिश के चलते जनजीवन बुरी तरह प्रभावित। [एंकर पीस / मुख्य समाचार:] नमस्कार, मैं सरफराज अहमद खान (UP News TV 24)। इस वक्त की एक बेहद महत्वपूर्ण और जरूरी सूचना शारदा नदी के तटीय इलाकों में रहने वाले सभी देशवासियों और क्षेत्रवासियों के लिए सामने आ रही है। पहाड़ों पर हो रही लगातार मूसलाधार बारिश के कारण शारदा नदी का जलस्तर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए नदी में 2 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है, और आने वाले समय में जलस्तर के और अधिक बढ़ने की पूरी संभावना जताई जा रही है। इस आपदा की स्थिति को देखते हुए पूरनपुर क्षेत्र के लोकप्रिय विधायक बाबूराम पासवान ने तत्काल प्रभाव से क्षेत्रवासियों से पूरी सतर्कता बरतने की अपील की है। [बाइट / विधायक बाबूराम पासवान की अपील के मुख्य अंश (यदि वीडियो या ऑडियो हो तो जोड़ें, अन्यथा रिपोर्टर के शब्दों में):] "प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद है और हर स्थिति पर पैनी नजर बनाए हुए है। मेरी सभी क्षेत्रीय नागरिकों से हाथ जोड़कर अपील है कि वे नदी के किनारों और निचले जलभराव वाले इलाकों से तुरंत दूरी बना लें। इस संकट की घड़ी में धैर्य रखें और सुरक्षित स्थानों पर शरण लें। आपकी सुरक्षा हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता है।" [आगे की रिपोर्ट:] बीती रात से हो रही लगातार बारिश के कारण मैदानी इलाकों में भी जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। कई जगहों पर जलभराव और आवागमन बाधित होने की खबरें सामने आ रही हैं। प्रशासन लगातार स्थिति की मॉनिटरिंग कर रहा है। हमारी भी आप सभी से यही अपील है कि अफवाहों से बचें, प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करें और पूरी तरह सुरक्षित रहें। सुरक्षित रहें, अपनों का ख्याल रखें! — सरफराज अहमद खान, UP News TV 241
- तेंदुए की दस्तक से कई गांवों में दहशत, ग्रामीणों में भय का माहौल। बीसलपुर चुरा सकतपुर क्षेत्र में तेंदुए की गतिविधियों से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है। बताया जा रहा है कि तेंदुआ क्षेत्र के जल्लापुर, सायर, पटनिया मलकपुर, सिसैया, श्यामपुर, चुरा, अभयपुर और रिछोला घासी समेत कई गांवों में दस्तक दे चुका है। तेंदुए की आहट से ग्रामीणों में डर का माहौल है। शाम होते ही लोग खेतों की ओर जाने से बच रहे हैं और बच्चों को भी अकेले बाहर नहीं निकलने दिया जा रहा है। ग्रामीणों ने वन विभाग से तेंदुए की तलाश कर उसे पकड़ने तथा क्षेत्र में गश्त बढ़ाने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते तेंदुए को नहीं पकड़ा गया तो किसी बड़ी घटना का खतरा बना रह सकता है।1
- स्लग -खटीमा कांड की बरसी पर शहीद आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि, विधायक कापड़ी ने उठाई लंबित आंदोलनकारियों की मांग की बात। स्थान - खटीमा ऊधम सिंह नगर रिपोर्ट - अशोक सरकार मो -9758494633 एंकर/विजुअल- खटीमा गोली कांड की बरसी पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और खटीमा विधायक भुवन चंद्र कापड़ी ने शहीद राज्य आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारियों के संघर्ष, त्याग और बलिदान का परिणाम है। उन्होंने कहा कि 1 सितंबर का खटीमा कांड, 2 सितंबर का मसूरी गोलीकांड और 2 अक्टूबर का रामपुर तिराहा कांड उत्तराखंड के इतिहास के ऐसे काले अध्याय हैं, जिन्हें कभी भुलाया नहीं जा सकता।सीएम धामी ने कहा कि राज्य आंदोलनकारियों और उनके परिवारों का सम्मान सरकार की प्राथमिकता है। सरकार ने शहीद आंदोलनकारियों के आश्रितों की पेंशन 3 हजार से बढ़ाकर 5 हजार 500 रुपये प्रतिमाह करने का निर्णय लिया है। वहीं सात दिन जेल जाने या घायल हुए आंदोलनकारियों की पेंशन 6 हजार से बढ़ाकर 7 हजार रुपये तथा अन्य राज्य आंदोलनकारियों की पेंशन 4 हजार 500 से बढ़ाकर 5 हजार 500 रुपये प्रतिमाह की गई है।इसके अलावा पूर्ण रूप से शय्याग्रस्त दिव्यांग राज्य आंदोलनकारियों की पेंशन 20 हजार से बढ़ाकर 30 हजार रुपये प्रतिमाह करने और उनकी देखभाल के लिए मेडिकल अटेंडेंट की व्यवस्था का भी फैसला लिया गया है। और वहीं खटीमा विधायक भुवन चंद्र कापड़ी ने शहीद राज्य आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए अपनी आंदोलन कारियों के सामने अपनी बात रखते हुए कापड़ी ने कहा कि वह पिछले साढ़े चार साल से 253 लंबित राज्य आंदोलनकारियों को आंदोलनकारी घोषित करने की मांग लगातार उठाते आ रहे हैं, लेकिन अभी तक उनकी मांग पर कोई सुनवाई क्यों नहीं हुई। इसी लिए विधायक कापड़ी शहीदों को नमन कर चले गए। बाइट- 1 पुष्कर सिंह धामी मुख्यमंत्री उत्तराखंड बाइट -2 भुवन चन्द्र कापड़ी विधायक खटीमा1
- *बीसलपुर में उत्सव जैसा स्वागत: फूल-मालाओं से लदे डॉ. रत्नेश गंगवार, नारों से गूंजा शहर* *रौनक अली अंसारी, पीलीभीत।* समाजवादी पार्टी में ‘घर वापसी’ के बाद मंगलवार सुबह जैसे ही डॉ. रत्नेश गंगवार का काफिला बीसलपुर पहुंचा, पूरा शहर उत्सव में बदल गया। समर्थकों और स्थानीय लोगों ने फूल-मालाओं से लादकर उनका जोरदार स्वागत किया और नारेबाजी से पूरा बीसलपुर गूंज उठा। सपा में वापसी के बाद बीसलपुर में यह उनका पहला बड़ा स्वागत कार्यक्रम था जिसमें उमड़ी भीड़ ने सियासी हलचल तेज कर दी।1
- पीलीभीत में बाढ़ का बड़ा अलर्ट! शारदा में 2 लाख क्यूसेक पानी, पूरनपुर से बीसलपुर तक मचा हड़कंप1
- अब कैसे बचेगा जसनगर का अस्तित्व सैकड़ों एकड़ की फैसले बर्बाद ।।1
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