पैरों में पहिए, दिल में महादेव! स्केटिंग से 12 ज्योतिर्लिंग की यात्रा पर निकला युवा, पहॅुचेगा मैहर *पैरों में पहिए, दिल में महादेव! स्केटिंग से 12 ज्योतिर्लिंग की यात्रा पर निकला युवा, पहॅुचेगा मैहर* सनातन संस्कृति का प्रचार प्रसार और युवाओं को नशे से दूर रहकर स्वास्थ्य के प्रति जागरूक का संदेश देने के लिए 12 ज्योतिर्लिंग और चारों धाम की कठिन यात्रा का संकल्प लेकर निकाला झारखंड का युवा अजय विश्वकर्मा, स्केटिंग के जरिए भारत की इस लंबी यात्रा पर निकले अजय विश्वकर्मा का आज कटनी के रास्ते मैहर आगमन हो रहा है अजय की यात्रा के आज 1 साल 15 दिन से ज्यादा हो चुके हैं और उनका कहना है कि जब तक 12 ज्योतिर्लिंग और चारों धाम की यात्रा स्केटिंग के जरिए पूरी नहीं हो जाती तब तक यह यात्रा अनवरत यूं ही चलती रहेगी। अभी अजय 17 राज्यों की सीमा को पार करते हुए मध्य प्रदेश के मैहर पहुंच रहे हैं। इस यात्रा का उद्देश्य युवाओं में सनातन के प्रति अटूट श्रद्धा और युवाओं में स्वास्थ्य के प्रति जन जागरूकता लाना है।
पैरों में पहिए, दिल में महादेव! स्केटिंग से 12 ज्योतिर्लिंग की यात्रा पर निकला युवा, पहॅुचेगा मैहर *पैरों में पहिए, दिल में महादेव! स्केटिंग से 12 ज्योतिर्लिंग की यात्रा पर निकला युवा, पहॅुचेगा मैहर* सनातन संस्कृति का प्रचार प्रसार और युवाओं को नशे से दूर रहकर स्वास्थ्य के प्रति जागरूक का संदेश देने के लिए 12 ज्योतिर्लिंग और चारों धाम की कठिन यात्रा का संकल्प लेकर निकाला झारखंड का युवा अजय विश्वकर्मा, स्केटिंग के जरिए भारत की इस लंबी यात्रा पर निकले अजय विश्वकर्मा का आज कटनी के रास्ते मैहर आगमन हो रहा है अजय की यात्रा के आज 1 साल 15 दिन से ज्यादा हो चुके हैं और उनका कहना है कि जब तक 12 ज्योतिर्लिंग और चारों धाम की यात्रा स्केटिंग के जरिए पूरी नहीं हो जाती तब तक यह यात्रा अनवरत यूं ही चलती रहेगी। अभी अजय 17 राज्यों की सीमा को पार करते हुए मध्य प्रदेश के मैहर पहुंच रहे हैं। इस यात्रा का उद्देश्य युवाओं में सनातन के प्रति अटूट श्रद्धा और युवाओं में स्वास्थ्य के प्रति जन जागरूकता लाना है।
- पैरों में पहिए, दिल में महादेव! स्केटिंग से 12 ज्योतिर्लिंग की यात्रा पर निकला युवा, पहॅुचेगा मैहर *पैरों में पहिए, दिल में महादेव! स्केटिंग से 12 ज्योतिर्लिंग की यात्रा पर निकला युवा, पहॅुचेगा मैहर* सनातन संस्कृति का प्रचार प्रसार और युवाओं को नशे से दूर रहकर स्वास्थ्य के प्रति जागरूक का संदेश देने के लिए 12 ज्योतिर्लिंग और चारों धाम की कठिन यात्रा का संकल्प लेकर निकाला झारखंड का युवा अजय विश्वकर्मा, स्केटिंग के जरिए भारत की इस लंबी यात्रा पर निकले अजय विश्वकर्मा का आज कटनी के रास्ते मैहर आगमन हो रहा है अजय की यात्रा के आज 1 साल 15 दिन से ज्यादा हो चुके हैं और उनका कहना है कि जब तक 12 ज्योतिर्लिंग और चारों धाम की यात्रा स्केटिंग के जरिए पूरी नहीं हो जाती तब तक यह यात्रा अनवरत यूं ही चलती रहेगी। अभी अजय 17 राज्यों की सीमा को पार करते हुए मध्य प्रदेश के मैहर पहुंच रहे हैं। इस यात्रा का उद्देश्य युवाओं में सनातन के प्रति अटूट श्रद्धा और युवाओं में स्वास्थ्य के प्रति जन जागरूकता लाना है।1
- पति की तलाश में दुबई से सतना पहुंची पत्नी: बोलीं— बिना बताए भारत लौटे, अब नहीं मिल रहे; 12 साल छोटे युवक से की थी शादी सतना (मध्य भारत न्यूज़): दुबई से सतना पहुंची एक महिला अपने लापता पति सुनील ठाकुर की तलाश में दर-दर भटक रही है। पीड़िता ने सतना पुलिस से गुहार लगाते हुए पति को ढूंढने में मदद मांगी है। महिला के मुताबिक, उसके पति अचानक बिना कुछ बताए दुबई से भारत लौट आए। 31 जुलाई के बाद से उनका कोई सुराग नहीं मिल पा रहा है और न ही उनसे कोई संपर्क हो पा रहा है। महिला ने बताया कि उसने अपने से 12 साल छोटे युवक से शादी की थी। अचानक संपर्क टूटने के बाद वह बेहद परेशान है और उसने पुलिस प्रशासन से अपने पति को जल्द से जल्द खोजने की अपील की है।1
- सीएम योगी ने चित्रकूट में बाढ़ पीड़ितों को बांटी राहत, बोले- कोई वंचित नहीं रहेगा चित्रकूट। मंदाकिनी की भयावह बाढ़ के बाद रविवार को सीएम योगी आदित्यनाथ चित्रकूट पहुंचे। उन्होंने रामघाट का हवाई व स्थलीय निरीक्षण किया, रैन बसेरा में पीड़ितों से मिले। रामायण मेला परिसर में 800 परिवारों को 50 किलो की 26 सामान वाली राहत किट बांटी। सीएम ने कहा- जनहानि न होना कामतानाथ का आशीर्वाद है, डबल इंजन सरकार साथ खड़ी है। जिनके घर बहे, उन्हें पीएम/सीएम आवास और जमीन का पट्टा मिलेगा। अतिक्रमण पर समीक्षा होगी। बाक्स की ख़बर सीएम दौरे से पहले सपा नेता हाउस अरेस्ट3
- "ॐ शारदा माता ईश्वरी, मैं नित सुमरि तोय। हाथ जोड़ अरजी करूं, विद्या वर दे मोय॥" प्रात:कालीन दिव्य श्रृंगार दर्शन, मां शारदा मैया आपकी कृपा से मेरा सब काम हो रहा है करती है मेरी मां शारदा मैया नाम मेरा हो रहा है जय मां शारदा भवानी !! जय माई की!! !! जय माई की !! !! जय माई की !! !! जय माई की !! !!जय हो माई शारदा की!! !!जय हो माई शारदा की!!1
- प्रति, श्रीमान जिला कलेक्टर महोदय, जिला मैहर, मध्यप्रदेश। विषय: ग्राम जरियारी एवं बुड़ेरुआ को जोड़ने वाली क्षतिग्रस्त नहर की पुलिया के बगल से तत्काल अस्थायी डायवर्सन मार्ग बनाए जाने तथा पुलिया निर्माण की गुणवत्ता की जांच कर जिम्मेदार ठेकेदार एवं इंजीनियर के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही के संबंध में। महोदय, सविनय निवेदन है कि ग्राम पंचायत जरियारी एवं बुड़ेरुआ सहित आसपास के कई गांवों को जोड़ने वाली नहर की पुलिया क्षतिग्रस्त हो जाने के कारण उक्त मार्ग पर आवागमन बंद कर दिया गया है। प्रशासन द्वारा सुरक्षा की दृष्टि से मार्ग बंद किया जाना उचित है, किंतु इसके कारण ग्रामीणों तथा विशेष रूप से विद्यालय जाने वाले छात्र-छात्राओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पुलिया क्षतिग्रस्त होने के कारण छात्र-छात्राओं को विद्यालय आने-जाने में काफी असुविधा हो रही है। प्रशासन द्वारा वैकल्पिक डायवर्सन मार्ग निर्धारित किया गया है, किंतु उक्त मार्ग की दूरी अधिक होने के कारण विद्यार्थियों एवं ग्रामीणों का अतिरिक्त समय और धन खर्च हो रहा है। साथ ही, लंबी दूरी के कारण छात्र-छात्राओं को समय पर विद्यालय पहुंचने एवं वापस आने में भी परेशानी हो रही है, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है। पुलिया की स्थायी मरम्मत में यदि समय लगना है, तो तब तक पुलिया के बगल से मिट्टी डालकर सुरक्षित एवं अस्थायी डायवर्सन मार्ग बनाया जाना अत्यंत आवश्यक है, ताकि ग्रामीणों एवं विद्यार्थियों का आवागमन सुचारू हो सके और बच्चों की पढ़ाई बाधित न हो। इसके साथ ही, ग्रामीणों का कहना है कि उक्त पुलिया का निर्माण होने के लगभग 14 माह के अंदर ही पुलिया क्षतिग्रस्त होकर ध्वस्त होने की स्थिति में पहुंच गई है। इससे निर्माण कार्य की गुणवत्ता एवं उपयोग की गई सामग्री पर गंभीर प्रश्न खड़े होते हैं। अतः पुलिया निर्माण कार्य की तकनीकी एवं गुणवत्तापूर्ण जांच कराना आवश्यक है। यदि जांच में निर्माण कार्य में गुणवत्ता-विहीन सामग्री का उपयोग अथवा निर्माण मापदंडों में अनियमितता पाई जाती है, तो संबंधित ठेकेदार, इंजीनियर एवं अन्य जिम्मेदार अधिकारियों/व्यक्तियों की जवाबदेही निर्धारित कर उनके विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्यवाही की जाए। अतः हमारी प्रमुख मांगें निम्नलिखित हैं— 1. पुलिया के बगल से तत्काल मिट्टी डालकर सुरक्षित अस्थायी डायवर्सन मार्ग बनाया जाए, ताकि बच्चों एवं ग्रामीणों का आवागमन सुचारू हो सके। 2. क्षतिग्रस्त नहर पुलिया की शीघ्र स्थायी मरम्मत/पुनर्निर्माण कराया जाए। 3. पुलिया निर्माण की तकनीकी एवं गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच कराई जाए। 4. यदि जांच में गुणवत्ता-विहीन सामग्री अथवा निर्माण कार्य में अनियमितता पाई जाती है, तो संबंधित ठेकेदार एवं इंजीनियर सहित जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही की जाए। अतः श्रीमान जी से विनम्र निवेदन है कि उक्त जनहित एवं विद्यार्थियों के भविष्य से जुड़ी गंभीर समस्या को संज्ञान में लेते हुए तीन दिवस के अंदर संबंधित अधिकारियों को तत्काल आवश्यक कार्यवाही हेतु निर्देशित नहीं किया जाता तो समस्त ग्रामवासी जनाक्रोश प्रदर्शन एवं चक्का जाम के लिए बाध्य होगें जिसकी समस्त जवाबदारी शासन व प्रशासन की होगी। दिनांक: 06 सितंबर 2026 स्थान: बुड़ेरुआ पुलिया, मैहर (म.प्र.) भवदीय समस्त ग्रामवासी ग्राम जरियारी एवं बुड़ेरुआ तहसील एवं जिला मैहर (म.प्र.) मो. 7509878020 प्रति, श्रीमान जिला कलेक्टर महोदय, जिला मैहर, मध्यप्रदेश। विषय: ग्राम जरियारी एवं बुड़ेरुआ को जोड़ने वाली क्षतिग्रस्त नहर की पुलिया के बगल से तत्काल अस्थायी डायवर्सन मार्ग बनाए जाने तथा पुलिया निर्माण की गुणवत्ता की जांच कर जिम्मेदार ठेकेदार एवं इंजीनियर के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही के संबंध में। महोदय, सविनय निवेदन है कि ग्राम पंचायत जरियारी एवं बुड़ेरुआ सहित आसपास के कई गांवों को जोड़ने वाली नहर की पुलिया क्षतिग्रस्त हो जाने के कारण उक्त मार्ग पर आवागमन बंद कर दिया गया है। प्रशासन द्वारा सुरक्षा की दृष्टि से मार्ग बंद किया जाना उचित है, किंतु इसके कारण ग्रामीणों तथा विशेष रूप से विद्यालय जाने वाले छात्र-छात्राओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पुलिया क्षतिग्रस्त होने के कारण छात्र-छात्राओं को विद्यालय आने-जाने में काफी असुविधा हो रही है। प्रशासन द्वारा वैकल्पिक डायवर्सन मार्ग निर्धारित किया गया है, किंतु उक्त मार्ग की दूरी अधिक होने के कारण विद्यार्थियों एवं ग्रामीणों का अतिरिक्त समय और धन खर्च हो रहा है। साथ ही, लंबी दूरी के कारण छात्र-छात्राओं को समय पर विद्यालय पहुंचने एवं वापस आने में भी परेशानी हो रही है, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है। पुलिया की स्थायी मरम्मत में यदि समय लगना है, तो तब तक पुलिया के बगल से मिट्टी डालकर सुरक्षित एवं अस्थायी डायवर्सन मार्ग बनाया जाना अत्यंत आवश्यक है, ताकि ग्रामीणों एवं विद्यार्थियों का आवागमन सुचारू हो सके और बच्चों की पढ़ाई बाधित न हो। इसके साथ ही, ग्रामीणों का कहना है कि उक्त पुलिया का निर्माण होने के लगभग 14 माह के अंदर ही पुलिया क्षतिग्रस्त होकर ध्वस्त होने की स्थिति में पहुंच गई है। इससे निर्माण कार्य की गुणवत्ता एवं उपयोग की गई सामग्री पर गंभीर प्रश्न खड़े होते हैं। अतः पुलिया निर्माण कार्य की तकनीकी एवं गुणवत्तापूर्ण जांच कराना आवश्यक है। यदि जांच में निर्माण कार्य में गुणवत्ता-विहीन सामग्री का उपयोग अथवा निर्माण मापदंडों में अनियमितता पाई जाती है, तो संबंधित ठेकेदार, इंजीनियर एवं अन्य जिम्मेदार अधिकारियों/व्यक्तियों की जवाबदेही निर्धारित कर उनके विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्यवाही की जाए। अतः हमारी प्रमुख मांगें निम्नलिखित हैं— 1. पुलिया के बगल से तत्काल मिट्टी डालकर सुरक्षित अस्थायी डायवर्सन मार्ग बनाया जाए, ताकि बच्चों एवं ग्रामीणों का आवागमन सुचारू हो सके। 2. क्षतिग्रस्त नहर पुलिया की शीघ्र स्थायी मरम्मत/पुनर्निर्माण कराया जाए। 3. पुलिया निर्माण की तकनीकी एवं गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच कराई जाए। 4. यदि जांच में गुणवत्ता-विहीन सामग्री अथवा निर्माण कार्य में अनियमितता पाई जाती है, तो संबंधित ठेकेदार एवं इंजीनियर सहित जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही की जाए। अतः श्रीमान जी से विनम्र निवेदन है कि उक्त जनहित एवं विद्यार्थियों के भविष्य से जुड़ी गंभीर समस्या को संज्ञान में लेते हुए तीन दिवस के अंदर संबंधित अधिकारियों को तत्काल आवश्यक कार्यवाही हेतु निर्देशित नहीं किया जाता तो समस्त ग्रामवासी जनाक्रोश प्रदर्शन एवं चक्का जाम के लिए बाध्य होगें जिसकी समस्त जवाबदारी शासन व प्रशासन की होगी। दिनांक: 06 सितंबर 2026 स्थान: बुड़ेरुआ पुलिया, मैहर (म.प्र.) भवदीय समस्त ग्रामवासी ग्राम जरियारी एवं बुड़ेरुआ तहसील एवं जिला मैहर (म.प्र.) मो. 75098780201
- *बाबा उस्ताद अलाउद्दीन ख़ाँ की पुण्यतिथि पर मैहर बैंड के कलाकारों ने अर्पित की श्रद्धांजलि* *बाबा उस्ताद अलाउद्दीन ख़ाँ की पुण्यतिथि पर मैहर बैंड के कलाकारों ने अर्पित की श्रद्धांजलि* मैहर - मैहर विश्वविख्यात संगीत साधक एवं पद्म श्री बाबा उस्ताद अलाउद्दीन ख़ाँ की पुण्यतिथि पर मैहर बैंड के कलाकारों ने मैहर स्थित बाबा के मदीना भवन एवं मजार पर पहुंचकर श्रद्धांजलि अर्पित की। कलाकारों द्वारा मजार पर पुष्प अर्पित कर धूप-बत्ती जलाई गई तथा पुष्पांजलि अर्पित कर बाबा की स्मृति को नमन किया गया। इस अवसर पर मैहर बैंड के कलाकारों ने बाबा उस्ताद अलाउद्दीन ख़ाँ के स्वयं निर्मित नल तरंग वाद्य से उनकी प्रिय धुन प्रस्तुत कर संगीतमय श्रद्धांजलि दी। बाबा द्वारा निर्मित यह अनूठा वाद्य उनकी रचनात्मकता और संगीत साधना का अद्भुत उदाहरण है। बताया गया कि द्वितीय विश्व युद्ध के बाद बेकार पड़ी बंदूकों की नलियों से बाबा ने नल तरंग का निर्माण किया था। यह वाद्य आज भी देश-विदेश के विभिन्न मंचों पर अपनी प्रस्तुतियों के माध्यम से बाबा की संगीत विरासत को जीवंत बनाए हुए है।श्रद्धांजलि कार्यक्रम में मैहर बैंड के कलाकारों ने सहभागिता की। कलाकारों ने कहा कि बाबा उस्ताद अलाउद्दीन ख़ाँ की संगीत साधना, अनुशासन और समर्पण भारतीय शास्त्रीय संगीत जगत के लिए अमूल्य धरोहर है। मैहर घराने की इस महान परंपरा को आगे बढ़ाना ही बाबा के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।3
- पुल तक पहुँचने से पहले ग्रामीणों ने थाना प्रभारी की गाड़ी रोकी पुलिस की समझाइश के बाद ग्रामीण सड़क से हटे, थाना प्रभारी की गाड़ी निकली मैहर के जरियारी गांव में क्षतिग्रस्त पुल को लेकर ग्रामीणों का प्रदर्शन, सड़क पर बैठकर की डायवर्सन की मांग मैहर के जरियारी गांव में बीते दिनों क्षतिग्रस्त पुल को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश सामने आया है। पुल की मरम्मत और आवागमन के लिए वैकल्पिक डायवर्सन की मांग को लेकर कुछ ग्रामीण जरियारी मार्ग पर सड़क पर बैठ गए। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए जल्द से जल्द डायवर्सन मार्ग बनाए जाने की मांग की।ग्रामीणों का कहना है कि क्षतिग्रस्त पुल के कारण उन्हें आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है3
- *12 ज्योतिर्लिंग की यात्रा पर निकले स्केटर अजय ने सुनाया मैहर की सड़कों का हाल* *12 ज्योतिर्लिंग की यात्रा पर निकले स्केटर अजय ने सुनाया मैहर की सड़कों का हाल* सनातन संस्कृति के प्रचार-प्रसार, युवाओं को नशे से दूर रहने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश लेकर झारखंड के युवा अजय विश्वकर्मा स्केटिंग के जरिए देश की कठिन यात्रा पर निकले हैं। 12 ज्योतिर्लिंग और चारों धाम की यात्रा पूरी करने का संकल्प लेकर निकले अजय विश्वकर्मा की यात्रा को एक साल से अधिक समय हो चुका है। 17 राज्यों की सीमाएं पार करने के बाद अब वे मध्यप्रदेश में प्रवेश कर मैहर की ओर बढ़ रहे हैं। अजय का कहना है कि जब तक स्केटिंग के जरिए 12 ज्योतिर्लिंग और चारों धाम की यात्रा पूरी नहीं हो जाती, तब तक उनका सफर अनवरत जारी रहेगा। इस यात्रा के माध्यम से वे युवाओं को सनातन संस्कृति से जुड़ने, नशे से दूर रहने और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने का संदेश दे रहे हैं। *NH-30 पर स्केटिंग ने बढ़ाई मुश्किलें* मैहर पहुंचने के दौरान अजय विश्वकर्मा को NH-30 की जर्जर और खराब सड़क से गुजरना पड़ा। जहां सामान्य वाहन चालकों के लिए सड़क की बदहाल स्थिति परेशानी का कारण बनती है, वहीं स्केटिंग करने वाले अजय के लिए यह सफर और भी चुनौतीपूर्ण हो गया। सड़क पर जगह-जगह गड्ढे, उखड़ी हुई सतह और असमतल रास्ते स्केटिंग के दौरान खतरा पैदा करते हैं। पहियों पर सफर करने वाले अजय को हर कदम बेहद संभलकर रखना पड़ा। ऐसे में उनकी यात्रा ने मैहर की सड़कों की बदहाली को भी सामने ला दिया। *अजय की स्केटिंग ने उठाए सड़क पर सवाल* एक ओर अजय विश्वकर्मा देशभर में युवाओं को स्वास्थ्य और नशामुक्ति का संदेश देते हुए हजारों किलोमीटर का सफर स्केटिंग से तय कर रहे हैं, वहीं मैहर में खराब सड़कें उनके संकल्प की परीक्षा लेती नजर आईं। यह है कि जब एक युवा स्केटिंग के जरिए देश की कठिन यात्रा कर सकता है, तो क्या जिम्मेदार विभाग NH-30 और शहर की प्रमुख सड़कों को सुरक्षित और सुगम बनाने की दिशा में गंभीरता से काम नहीं कर सकते? अजय की यात्रा केवल धार्मिक आस्था और संकल्प की कहानी नहीं, बल्कि रास्ते में मिलने वाली सड़क, व्यवस्था और बुनियादी सुविधाओं की वास्तविक तस्वीर भी सामने ला रही है। मैहर की जर्जर सड़कों से गुजरते हुए अजय ने जिस मुश्किल का सामना किया, उसने एक बार फिर सड़क निर्माण और रखरखाव की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पैरों में पहिए और दिल में महादेव लेकर निकला यह युवा अपने संकल्प पर आगे बढ़ रहा है, लेकिन मैहर की सड़कें उसकी राह आसान करने के बजाय मुश्किल जरूर बढ़ा रही हैं।1