कानपुर पुलिस ने शादी के नाम पर लोगों से ठगी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने एक फर्जी मैरिज ब्यूरो का भंडाफोड़ किया, जो शादी करवाने का झांसा देकर देशभर के अविवाहित युवक-युवतियों और उनके परिवारों से लाखों रुपये ऐंठ रहा था। यह गिरोह लोगों की भावनाओं और भरोसे को निशाना बनाकर ठगी करता था। जांच में सामने आया कि इस फर्जी मैरिज ब्यूरो में 23 टेली-कॉलर्स की एक टीम काम करती थी। यह टीम देशभर में अविवाहितों और उनके परिजनों से संपर्क कर उन्हें आकर्षक रिश्तों का लालच देती थी। शादी तय कराने, रजिस्ट्रेशन और प्रोफाइल दिखाने जैसे बहानों से हजारों से लेकर लाखों रुपये तक वसूले जाते थे, लेकिन न तो कोई रिश्ता होता था और न ही वसूली गई रकम वापस की जाती थी। पुलिस की कार्रवाई में कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, मोबाइल फोन, कंप्यूटर और ग्राहकों का विस्तृत डाटा बरामद हुआ है। शुरुआती जांच से पता चला है कि इस ठगी के शिकार लोगों की संख्या काफी अधिक हो सकती है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह गिरोह लंबे समय से संगठित तरीके से लोगों को अपना शिकार बना रहा था। पुलिस इस मामले की गहन जांच कर रही है और रैकेट से जुड़े अन्य सदस्यों की तलाश जारी है। पुलिस ने नागरिकों को चेतावनी दी है कि वे ऑनलाइन या निजी मैरिज ब्यूरो के माध्यम से रिश्ते तलाशते समय सतर्क रहें और किसी भी संस्था को धनराशि देने से पहले पूरी तरह से जांच-पड़ताल कर लें, ताकि ऐसे ठगों के जाल में फंसने से बचा जा सके।
कानपुर पुलिस ने शादी के नाम पर लोगों से ठगी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने एक फर्जी मैरिज ब्यूरो का भंडाफोड़ किया, जो शादी करवाने का झांसा देकर देशभर के अविवाहित युवक-युवतियों और उनके परिवारों से लाखों रुपये ऐंठ रहा था। यह गिरोह लोगों की भावनाओं और भरोसे को निशाना बनाकर ठगी करता था। जांच में सामने आया कि इस फर्जी मैरिज ब्यूरो में 23 टेली-कॉलर्स की एक टीम काम करती थी। यह टीम देशभर में अविवाहितों और उनके परिजनों से संपर्क कर उन्हें आकर्षक रिश्तों का लालच देती थी। शादी तय कराने, रजिस्ट्रेशन और प्रोफाइल दिखाने जैसे बहानों से हजारों से लेकर लाखों रुपये तक वसूले जाते थे, लेकिन न तो कोई रिश्ता होता था और न ही वसूली गई रकम वापस की जाती थी। पुलिस की कार्रवाई में कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, मोबाइल फोन, कंप्यूटर और ग्राहकों का विस्तृत डाटा बरामद हुआ है। शुरुआती जांच से पता चला है कि इस ठगी के शिकार लोगों की संख्या काफी अधिक हो सकती है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह गिरोह लंबे समय से संगठित तरीके से लोगों को अपना शिकार बना रहा था। पुलिस इस मामले की गहन जांच कर रही है और रैकेट से जुड़े अन्य सदस्यों की तलाश जारी है। पुलिस ने नागरिकों को चेतावनी दी है कि वे ऑनलाइन या निजी मैरिज ब्यूरो के माध्यम से रिश्ते तलाशते समय सतर्क रहें और किसी भी संस्था को धनराशि देने से पहले पूरी तरह से जांच-पड़ताल कर लें, ताकि ऐसे ठगों के जाल में फंसने से बचा जा सके।
- उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ड्यूटी के दौरान सोशल मीडिया रील बनाने वाले सरकारी कर्मचारियों और पुलिसकर्मियों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसे कृत्यों में शामिल कर्मचारियों को बख्शा नहीं जाएगा। यह सख्त संदेश मुख्यमंत्री ने लखनऊ में नवनियुक्त पुलिस कंप्यूटर ऑपरेटरों को नियुक्ति पत्र वितरित करते समय दिया।1
- कानपुर पुलिस ने शादी के नाम पर लोगों से ठगी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने एक फर्जी मैरिज ब्यूरो का भंडाफोड़ किया, जो शादी करवाने का झांसा देकर देशभर के अविवाहित युवक-युवतियों और उनके परिवारों से लाखों रुपये ऐंठ रहा था। यह गिरोह लोगों की भावनाओं और भरोसे को निशाना बनाकर ठगी करता था। जांच में सामने आया कि इस फर्जी मैरिज ब्यूरो में 23 टेली-कॉलर्स की एक टीम काम करती थी। यह टीम देशभर में अविवाहितों और उनके परिजनों से संपर्क कर उन्हें आकर्षक रिश्तों का लालच देती थी। शादी तय कराने, रजिस्ट्रेशन और प्रोफाइल दिखाने जैसे बहानों से हजारों से लेकर लाखों रुपये तक वसूले जाते थे, लेकिन न तो कोई रिश्ता होता था और न ही वसूली गई रकम वापस की जाती थी। पुलिस की कार्रवाई में कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, मोबाइल फोन, कंप्यूटर और ग्राहकों का विस्तृत डाटा बरामद हुआ है। शुरुआती जांच से पता चला है कि इस ठगी के शिकार लोगों की संख्या काफी अधिक हो सकती है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह गिरोह लंबे समय से संगठित तरीके से लोगों को अपना शिकार बना रहा था। पुलिस इस मामले की गहन जांच कर रही है और रैकेट से जुड़े अन्य सदस्यों की तलाश जारी है। पुलिस ने नागरिकों को चेतावनी दी है कि वे ऑनलाइन या निजी मैरिज ब्यूरो के माध्यम से रिश्ते तलाशते समय सतर्क रहें और किसी भी संस्था को धनराशि देने से पहले पूरी तरह से जांच-पड़ताल कर लें, ताकि ऐसे ठगों के जाल में फंसने से बचा जा सके।1
- सुल्तानपुर के अहिबरनपुर गाँव के निवासी श्री भगवान दिन यादव ने 111 वर्ष की आयु में, अपने नाती राधेश्याम यादव और सुरेंद्र यादव के साथ हुई एक बातचीत में बताया कि पहले कार्यक्रम कैसे आयोजित किए जाते थे। उनकी इस चर्चा और अनुभवों को साझा करने से लोगों को बीते हुए कल की कल्पना आज के परिप्रेक्ष्य में करने का अवसर मिला।1
- उत्तर प्रदेश के लम्भुआ में समाजवादी पार्टी (सपा) कार्यकर्ताओं ने विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष लाल बिहारी यादव का जोरदार स्वागत किया। इस दौरान सपा कार्यकर्ताओं ने ढोल-नगाड़ों के साथ उनका अभिनंदन किया। राजभर द्वारा सपा में फूट पड़ने संबंधी बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए लाल बिहारी यादव ने कहा कि राजभर का कोई वजूद नहीं है और उनका बयान बेबुनियाद है।3
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- सोशल मीडिया पर एक नाबालिग लड़की को भगाने एवं नकदी चोरी के संबंध में सूचना प्रसारित हो रही है। इस संबंध में अवगत कराना है कि दिनांक 17 जून 2026 को थाना सोशल मीडिया पर एक नाबालिग लड़की को भगाने एवं नकदी चोरी के संबंध में सूचना प्रसारित हो रही है। इस संबंध में अवगत कराना है कि दिनांक 17 जून 2026 को थाना बल्दीराय में एक पिता द्वारा उसकी बालिग लड़की को किसी के द्वारा भगा ले जाने के संबंध में सूचना दी गई एवं उनके द्वारा यह भी बताया गया कि उनकी पुत्री द्वारा कुछ कैश और जेवर साथ ले जाने के संबंध में बात बताई। इस संबंध में अभियोग पंजीकृत कर लिया गया है एवं अग्रिम विधिक कार्यवाही प्रचलित है। सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहे नाबालिग लड़की के भगाने के संबंध में एवं नकदी चोरी के संबंध में जो सूचना प्रसारित हो रही है, वह असत्य एवं निराधार है, इसका पूरे तरीके से खंडन किया जाता है।" उक्त के सम्बन्ध में क्षेत्राधिकारी बल्दीराय श्री आशुतोष कुमार द्वारा दी गयी बाइटः*1
- अम्बेडकरनगर में बड़ा खुलासा! नाबालिग बने मतदाता, ग्रामीणों ने उठाए सवाल1
- शिवगढ़ थाना क्षेत्र के भिटौरा गांव में 28 अप्रैल, 2026 को हुई जसवंत सिंह हत्याकांड के मुख्य आरोपी और ₹25,000 के इनामी प्रधान मान सिंह को शिवगढ़ पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर शंभूगंज चौराहे से गिरफ्तार कर लिया है। जसवंत सिंह पुत्र विजय बहादुर सिंह की हत्या के बाद से मान सिंह लगातार फरार चल रहे थे, जिसके कारण उन पर इनाम घोषित किया गया था। पुलिस ने आरोपी को पकड़ने के बाद अब माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत करने की तैयारी की जा रही है। मामले में अग्रिम विधिक कार्यवाही जारी है। इस संबंध में क्षेत्राधिकारी लम्भुआ ऋतिक कपूर ने भी बयान दिया है।1