दूध के दाम नहीं बढ़े तो थम सकती है दूध की सप्लाई,आम लोगों की बढ़ सकती है परेशानी। दूध विक्रेताओं ने चेतावनी दी है। दूध के दाम नहीं बढ़े तो थम सकती है दूध की सप्लाई,आम लोगों की बढ़ सकती है परेशानी। दूध विक्रेताओं ने चेतावनी दी है। दैनिक जरूरत की सबसे जरूरी चीजों में शामिल दूध को लेकर अब बड़ी खबर सामने आ रही है। अगर दूध के दामों को लेकर जल्द उचित निर्णय नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। छापीहेड़ा के रामपुरिया बालाजी मंदिर परिसर में क्षेत्र के दूध विक्रेता और दूध उत्पादक गुरुवार की रात 9:30 बजे एकत्रित हुए, जहां दूध के उचित दाम तय करने को लेकर चर्चा हुई। दूध विक्रेताओं का कहना है कि महंगाई लगातार बढ़ रही है, लेकिन दूध के दाम उस अनुपात में नहीं बढ़े हैं। पशुओं के चारे, भूसे और दाने की कीमतें बढ़ने से पशुपालन करना मुश्किल होता जा रहा है। दूध विक्रेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि दूध का उचित मूल्य निर्धारण नहीं किया गया तो वे मजबूरन अनिश्चितकालीन हड़ताल का रास्ता अपना सकते हैं। विक्रेताओं का कहना है कि हड़ताल की स्थिति में वे दूध की बिक्री नहीं करेंगे और अन्य माध्यमों से होने वाली बिक्री का भी विरोध करेंगे। अब सबसे बड़ा सवाल यही है— क्या दूध के दाम बढ़ेंगे या फिर आम जनता को दूध की किल्लत का सामना करना पड़ेगा? इस पूरे मामले पर प्रशासन और संबंधित जिम्मेदारों का क्या रुख रहता है,यह देखने वाली बात होगी दूध के दाम पर संग्राम! उचित मूल्य नहीं मिला तो अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी”
दूध के दाम नहीं बढ़े तो थम सकती है दूध की सप्लाई,आम लोगों की बढ़ सकती है परेशानी। दूध विक्रेताओं ने चेतावनी दी है। दूध के दाम नहीं बढ़े तो थम सकती है दूध की सप्लाई,आम लोगों की बढ़ सकती है परेशानी। दूध विक्रेताओं ने चेतावनी दी है। दैनिक जरूरत की सबसे जरूरी चीजों में शामिल दूध को लेकर अब बड़ी खबर सामने आ रही है। अगर दूध के दामों को लेकर जल्द उचित निर्णय नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। छापीहेड़ा के रामपुरिया बालाजी मंदिर परिसर में क्षेत्र के दूध विक्रेता और दूध उत्पादक गुरुवार की रात 9:30 बजे एकत्रित हुए, जहां दूध के उचित दाम तय करने को लेकर चर्चा हुई। दूध विक्रेताओं का कहना है कि महंगाई लगातार बढ़ रही है, लेकिन दूध के दाम उस अनुपात में नहीं बढ़े हैं। पशुओं के चारे, भूसे और दाने की कीमतें बढ़ने से पशुपालन करना मुश्किल होता जा रहा है। दूध विक्रेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि दूध का उचित मूल्य निर्धारण नहीं किया गया तो वे मजबूरन अनिश्चितकालीन हड़ताल का रास्ता अपना सकते हैं। विक्रेताओं का कहना है कि हड़ताल की स्थिति में वे दूध की बिक्री नहीं करेंगे और अन्य माध्यमों से होने वाली बिक्री का भी विरोध करेंगे। अब सबसे बड़ा सवाल यही है— क्या दूध के दाम बढ़ेंगे या फिर आम जनता को दूध की किल्लत का सामना करना पड़ेगा? इस पूरे मामले पर प्रशासन और संबंधित जिम्मेदारों का क्या रुख रहता है,यह देखने वाली बात होगी दूध के दाम पर संग्राम! उचित मूल्य नहीं मिला तो अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी”
- दूध के दाम नहीं बढ़े तो थम सकती है दूध की सप्लाई,आम लोगों की बढ़ सकती है परेशानी। दूध विक्रेताओं ने चेतावनी दी है। दूध के दाम नहीं बढ़े तो थम सकती है दूध की सप्लाई,आम लोगों की बढ़ सकती है परेशानी। दूध विक्रेताओं ने चेतावनी दी है। दैनिक जरूरत की सबसे जरूरी चीजों में शामिल दूध को लेकर अब बड़ी खबर सामने आ रही है। अगर दूध के दामों को लेकर जल्द उचित निर्णय नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। छापीहेड़ा के रामपुरिया बालाजी मंदिर परिसर में क्षेत्र के दूध विक्रेता और दूध उत्पादक गुरुवार की रात 9:30 बजे एकत्रित हुए, जहां दूध के उचित दाम तय करने को लेकर चर्चा हुई। दूध विक्रेताओं का कहना है कि महंगाई लगातार बढ़ रही है, लेकिन दूध के दाम उस अनुपात में नहीं बढ़े हैं। पशुओं के चारे, भूसे और दाने की कीमतें बढ़ने से पशुपालन करना मुश्किल होता जा रहा है। दूध विक्रेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि दूध का उचित मूल्य निर्धारण नहीं किया गया तो वे मजबूरन अनिश्चितकालीन हड़ताल का रास्ता अपना सकते हैं। विक्रेताओं का कहना है कि हड़ताल की स्थिति में वे दूध की बिक्री नहीं करेंगे और अन्य माध्यमों से होने वाली बिक्री का भी विरोध करेंगे। अब सबसे बड़ा सवाल यही है— क्या दूध के दाम बढ़ेंगे या फिर आम जनता को दूध की किल्लत का सामना करना पड़ेगा? इस पूरे मामले पर प्रशासन और संबंधित जिम्मेदारों का क्या रुख रहता है,यह देखने वाली बात होगी दूध के दाम पर संग्राम! उचित मूल्य नहीं मिला तो अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी” 1
- दूध के दाम पर संग्राम! उचित मूल्य नहीं मिला तो अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी” दूध के दाम नहीं बढ़े तो थम सकती है दूध की सप्लाई! आम लोगों की बढ़ सकती है परेशानी दैनिक जरूरत की सबसे जरूरी चीजों में शामिल दूध को लेकर अब बड़ी खबर सामने आ रही है। अगर दूध के दामों को लेकर जल्द उचित निर्णय नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। छापीहेड़ा के रामपुरिया बालाजी मंदिर परिसर में क्षेत्र के दूध विक्रेता और दूध उत्पादक एकत्रित हुए, जहां दूध के उचित दाम तय करने को लेकर चर्चा हुई। दूध विक्रेताओं का कहना है कि महंगाई लगातार बढ़ रही है, लेकिन दूध के दाम उस अनुपात में नहीं बढ़े हैं। पशुओं के चारे, भूसे और दाने की कीमतें बढ़ने से पशुपालन करना मुश्किल होता जा रहा है। दूध विक्रेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि दूध का उचित मूल्य निर्धारण नहीं किया गया तो वे मजबूरन अनिश्चितकालीन हड़ताल का रास्ता अपना सकते हैं। विक्रेताओं का कहना है कि हड़ताल की स्थिति में वे दूध की बिक्री नहीं करेंगे और अन्य माध्यमों से होने वाली बिक्री का भी विरोध करेंगे। अब सबसे बड़ा सवाल यही है— क्या दूध के दाम बढ़ेंगे या फिर आम जनता को दूध की किल्लत का सामना करना पड़ेगा? इस पूरे मामले पर प्रशासन और संबंधित जिम्मेदारों का क्या रुख रहता है, यह देखने वाली बात होगी दूध के दाम पर संग्राम! उचित मूल्य नहीं मिला तो अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी”1
- सात दिवसीय श्री मद भागवत कथा का समापन आज श्री कृष्ण सुदामा की मित्रता पर प्रसिद्ध कथा वाचक श्री कमलेश जी के मुखबिंद से सुनाई गई भारी संख्या में नगर के श्रोताभक्तगण परोंडा बालाजी संकट मोचन मंदिर परिसर आवास कॉलोनी माचलपुर पहुंच कर कथा का पुण्य लाभ अर्जित किया।1
- पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह का बडा बयान देखे पुरी विडियो1
- यह देखिए ग्राम बाईहेड़ा मे रोड की हालत भंगार टेम्पू रास्ते में रखा जो रास्ता बसंद हो रहा इसका यह कारण है कि यहां हरिजन रहते हैं अगर कोई और जाति होती तो यह टेंपो और इठ यह रोड साफ सुथरा रहता हरिजन को दबाया जाता है सरपंच को बोला गया लेकिन सरपंच कुछ नहीं करेंगे क्योंकि उनके रिलेशन में उनकी जाती है और कोई समाज होती तो कब के हटाया जाता आप देखिए वीडियो में यहां से बाइक लेकर के कोई बच्चों को या किसी को आटा गेहूं पिसवाना हो तो कैसे लेकर जाएगा सरकार से प्रशासन से मेरा निवेदन है किसी कार्यवाही करें जो रोड पर ऐसी स्थिति में पाए गए और मुखिया के होते हुए भी उनकी निगरानी में भी या हेल रोड़ों पर तो मुखिया किस लिए है गांव में1
- पूर्वमंत्री ने बताया कहां ओर कैसे होता हे भ्रष्टाचार,हर विभाग से आता हे कमीशन सुने राजगढ़ में कांग्रेस के पूर्व मंत्री रहे जिला कांग्रेस अध्यक्ष प्रियव्रत सिंह खींची ने बताया कि कहां ओर कैसे किया जाता हे भ्रष्टाचार , पुलिस ,महिला बाल विकास ,कृषि विभाग,पंचायत ,जनपद पंचायत से खूब आता हे कमीशन। विधायकों को फुर्सत नहीं। नरसिंहगढ़ में जनसभा को संबोधित करते हुए का वीडियो वायरल।1
- थाना क्षेत्र के करल गांव में करीब ढाई वर्ष पूर्व नरसिंह मंदिर में हुई चोरी की वारदात का अब तक पुलिस खुलासा नहीं कर पाई थी। लंबे समय से ग्रामीण चोरी का खुलासा करने की मांग कर रहे थे। इसी बीच बुधवार को मंदिर में चोरी हुआ चांदी का सामान टुकड़ों के रूप में वापस मिलने से गांव में चर्चा का माहौल बन गया। थाना क्षेत्र के करल गांव में करीब ढाई वर्ष पूर्व नरसिंह मंदिर में हुई चोरी की वारदात का अब तक पुलिस खुलासा नहीं कर पाई थी। लंबे समय से ग्रामीण चोरी का खुलासा करने की मांग कर रहे थे। इसी बीच बुधवार को मंदिर में चोरी हुआ चांदी का सामान टुकड़ों के रूप में वापस मिलने से गांव में चर्चा का माहौल बन गया। ग्रामीण इसे भगवान का चमत्कार मान रहे हैं। जानकारी के अनुसार करीब ढाई वर्ष पूर्व गांव के बीच स्थित नरसिंह मंदिर में अज्ञात चोरों ने चोरी की वारदात को अंजाम दिया था। चोर मंदिर से चांदी के तीन मुकुट, एक छत्र, करीब 400 ग्राम चांदी के आभूषण सहित पीतल का सिंहासन और आरती का सामान चोरी कर ले गए थे। घटना के बाद ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से चोरी का जल्द खुलासा करने की मांग की थी, लेकिन करीब ढाई वर्ष बीत जाने के बावजूद मामले का खुलासा नहीं हो सका। मंदिर के पुजारी मोहनलाल बैरागी ने बताया कि गांव में मंदिर पर कथा का आयोजन चल रहा था। मंगलवार रात भजन संध्या के बाद बुधवार सुबह देव-देवी का विमान लेकर ग्रामीण बाहर गए थे। इसके बाद उन्होंने मंदिर परिसर की सफाई की। इस दौरान उन्हें मंदिर परिसर में एक थैली पड़ी दिखाई दी। उन्होंने उसे प्रसादी समझकर एक तरफ रख दिया। बुधवार शाम करीब 5 बजे जब पुजारी मंदिर में पूजा-अर्चना की तैयारी कर रहे थे, तब उनकी नजर दोबारा उस थैली पर पड़ी। थैली खोलकर देखने पर उसमें मंदिर से चोरी किए गए मुकुट सहित अन्य चांदी के आभूषणों के टुकड़े मिले। साथ ही थैली में ₹2000 नकद और एक पत्र भी रखा हुआ था। बताया जा रहा है कि पत्र में चोरी करने वाले व्यक्ति ने शराब के नशे में चोरी करने की बात स्वीकार करते हुए माफी मांगी है। साथ ही मंदिर के सामान की मरम्मत के लिए ₹2000 भी छोड़ने की बात सामने आई है।1
- श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिन श्री कृष्ण का जन्म उत्सव मनाया,श्रद्धालु भक्ति में -लीन होकर जमकर झूमते नजर आए। श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिन श्री कृष्ण का जन्म उत्सव मनाया,श्रद्धालु भक्ति में -लीन होकर जमकर झूमते नजर आए। छापीहेड़ा समीप ग्राम नाटाराम में बाबा रामदेव सेवा समिति एवं ग्राम वासियों के सहयोग से बाबा रामदेव धर्मशाला परिसर में 6 सितम्बर से चल रही, सात दिवसीय संगीतमय श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिन गुरुवार को भगवान श्रीकृष्ण का जन्मदिन उत्सव पंडाल में धूमधाम से मनाया गया। पूरा पंडाल भगवान श्रीकृष्ण के जय कारों से गुंजने लगा। श्रद्धालु भक्ति में लीन होकर जमकर झूमते नजर आए। श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव पर व्यास पीठ से कथावाचक हीरालाल जी शर्मा जीरापुर वाले ने श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की कथा सुनाई। कथा सुनकर श्रद्धालु भाव विभोर हो गए। उन्होंने कहा कि जिस समय भगवान कृष्ण का जन्म हुआ जेल के ताले टूट गए, पहरेदार सो गए। वासुदेव देवकी बंधनमुक्त हो गए। प्रभु की कृपा से कुछ भी असंभव नहीं है। कृपा न होने पर प्रभु मनुष्य को सभी सुखों से वंचित कर देते है। चौथे दिन गुरुवार को श्रीकृष्ण जन्मोत्सव मनाया। नन्हें बालक को कृष्ण के रूप में सजाकर पंडाल में लाते ही जय कन्हैयालाल के जयकारे गूंज उठे। भक्तों ने बाल कृष्ण को दुलार किया। भगवान को माखन-मिश्री का भोग लगाकर आरती की गई। कथा वाचक हीरालाल जी शर्मा द्वारा किया जा रहा है। कथा वाचक ने श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का वर्णन कर उनके जन्म का उद्देश्य भी बताया। भगवान का जन्म होने के बाद वासुदेव ने भरी यमुना पार करके इन्हें गोकुल पहुंचा दिया, वहां यशोदा के यह पैदा हुईं, शक्तिरूपा बेटी को लेकर चले आए, श्री कृष्ण जन्मोत्सव पर नंद घर आनंद भयो जय कन्हैया लाल की गीत पर एवं संगीतकारों द्बारा सुंदर भजनों की प्रस्तुति देकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया। भगवान श्री कृष्ण की एक झलक पाने के लिए पंडाल में बैठे श्रद्धालु भक्त भाव विभोर हो गए कथा पंडाल में महिलाएं उत्साहित होकर नाचने लगी। श्री कृष्ण के जन्मोत्सव पर माखन मिश्री का प्रसाद खिलाया गया और जयकारे लगाए गए। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। 1