अयोध्या के मिल्कीपुर स्थित हैरिंग्टनगंज ब्लॉक की ग्राम पंचायत रूरूखाश में जल जीवन मिशन के तहत लगभग 436.67 लाख रुपये की लागत से पेयजल योजना का निर्माण कार्य पूरा होने का दावा किया गया है। हालांकि, धरातल पर योजना का लाभ ग्रामीणों तक नहीं पहुंच सका है। गांव में बनी पानी की टंकी से अब तक मुख्य पाइपलाइन का कनेक्शन नहीं किया गया है। अधिकांश घरों में नल कनेक्शन नहीं दिए गए हैं, जबकि कई मोहल्लों तक पाइपलाइन ही नहीं बिछाई गई है। इससे ग्रामीण आज भी पेयजल के लिए परेशान हैं। योजना के सूचना बोर्ड पर प्रतिदिन सुबह 6 से 8 बजे तथा शाम 5 से 7 बजे तक जलापूर्ति का समय अंकित है, लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि आज तक एक भी दिन एक बूंद पानी की आपूर्ति नहीं हुई। बोर्ड पर 2,838 घरों को पेयजल उपलब्ध कराने का दावा किया गया है, जबकि जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग दिखाई दे रही है। इतना ही नहीं, सूचना पट्ट पर कार्य समाप्ति की तिथि भी मिटा दी गई है, जिससे योजना के पूर्ण होने की वास्तविक स्थिति पर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीण तुलसीराम, रामदीन जायसवाल, सुरेश पासी, जमीर अहमद, जगदेव पासी, ललित अग्रहरि और राधेश्याम अग्रहरि ने बताया कि उनके घरों में आज तक नल से पानी नहीं पहुंचा है। इस संबंध में अधिशासी अभियंता अरविंद कुमार यादव ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में है। संबंधित कर्मचारियों से बात कर टंकी को पाइपलाइन से जोड़ने और शीघ्र जलापूर्ति शुरू कराने के निर्देश दिए जा रहे हैं। ग्रामीणों ने योजना को जल्द पूर्ण रूप से चालू कर नियमित पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित कराने की मांग की है।
अयोध्या के मिल्कीपुर स्थित हैरिंग्टनगंज ब्लॉक की ग्राम पंचायत रूरूखाश में जल जीवन मिशन के तहत लगभग 436.67 लाख रुपये की लागत से पेयजल योजना का निर्माण कार्य पूरा होने का दावा किया गया है। हालांकि, धरातल पर योजना का लाभ ग्रामीणों तक नहीं पहुंच सका है। गांव में बनी पानी की टंकी से अब तक मुख्य पाइपलाइन का कनेक्शन नहीं किया गया है। अधिकांश घरों में नल कनेक्शन नहीं दिए गए हैं, जबकि कई मोहल्लों तक पाइपलाइन ही नहीं बिछाई गई है। इससे ग्रामीण आज भी पेयजल के लिए परेशान हैं। योजना के सूचना बोर्ड पर प्रतिदिन सुबह 6 से 8 बजे तथा शाम 5 से 7 बजे तक जलापूर्ति का समय अंकित है, लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि आज तक एक भी दिन एक बूंद पानी की आपूर्ति नहीं हुई। बोर्ड पर 2,838 घरों को पेयजल उपलब्ध कराने का दावा किया गया है, जबकि जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग दिखाई दे रही है। इतना ही नहीं, सूचना पट्ट पर कार्य समाप्ति की तिथि भी मिटा दी गई है, जिससे योजना के पूर्ण होने की वास्तविक स्थिति पर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीण तुलसीराम, रामदीन जायसवाल, सुरेश पासी, जमीर अहमद, जगदेव पासी, ललित अग्रहरि और राधेश्याम अग्रहरि ने बताया कि उनके घरों में आज तक नल से पानी नहीं पहुंचा है। इस संबंध में अधिशासी अभियंता अरविंद कुमार यादव ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में है। संबंधित कर्मचारियों से बात कर टंकी को पाइपलाइन से जोड़ने और शीघ्र जलापूर्ति शुरू कराने के निर्देश दिए जा रहे हैं। ग्रामीणों ने योजना को जल्द पूर्ण रूप से चालू कर नियमित पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित कराने की मांग की है।
- अयोध्या के मिल्कीपुर स्थित हैरिंग्टनगंज ब्लॉक की ग्राम पंचायत रूरूखाश में जल जीवन मिशन के तहत लगभग 436.67 लाख रुपये की लागत से पेयजल योजना का निर्माण कार्य पूरा होने का दावा किया गया है। हालांकि, धरातल पर योजना का लाभ ग्रामीणों तक नहीं पहुंच सका है। गांव में बनी पानी की टंकी से अब तक मुख्य पाइपलाइन का कनेक्शन नहीं किया गया है। अधिकांश घरों में नल कनेक्शन नहीं दिए गए हैं, जबकि कई मोहल्लों तक पाइपलाइन ही नहीं बिछाई गई है। इससे ग्रामीण आज भी पेयजल के लिए परेशान हैं। योजना के सूचना बोर्ड पर प्रतिदिन सुबह 6 से 8 बजे तथा शाम 5 से 7 बजे तक जलापूर्ति का समय अंकित है, लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि आज तक एक भी दिन एक बूंद पानी की आपूर्ति नहीं हुई। बोर्ड पर 2,838 घरों को पेयजल उपलब्ध कराने का दावा किया गया है, जबकि जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग दिखाई दे रही है। इतना ही नहीं, सूचना पट्ट पर कार्य समाप्ति की तिथि भी मिटा दी गई है, जिससे योजना के पूर्ण होने की वास्तविक स्थिति पर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीण तुलसीराम, रामदीन जायसवाल, सुरेश पासी, जमीर अहमद, जगदेव पासी, ललित अग्रहरि और राधेश्याम अग्रहरि ने बताया कि उनके घरों में आज तक नल से पानी नहीं पहुंचा है। इस संबंध में अधिशासी अभियंता अरविंद कुमार यादव ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में है। संबंधित कर्मचारियों से बात कर टंकी को पाइपलाइन से जोड़ने और शीघ्र जलापूर्ति शुरू कराने के निर्देश दिए जा रहे हैं। ग्रामीणों ने योजना को जल्द पूर्ण रूप से चालू कर नियमित पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित कराने की मांग की है।1
- उत्तर प्रदेश के अमेठी जिले के जगदीशपुर कोतवाली क्षेत्र स्थित गुलाबगंज चौराहे से एक वीडियो सामने आया है, जिसने खाकी की साख पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। वायरल वीडियो में ड्यूटी पर तैनात एक सिपाही नो-एंट्री का डर दिखाकर ट्रक चालक से कथित तौर पर 'सुविधा शुल्क' (रिश्वत) लेता नजर आ रहा है। यदि यह वीडियो सच है, तो यह न सिर्फ पुलिस महकमे की साख को बट्टा लगाता है, बल्कि कानून व्यवस्था के दावों की पोल भी खोलता है। स्थानीय लोगों और सोशल मीडिया पर अब इस मामले की निष्पक्ष जांच और दोषी सिपाही के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग उठ रही है, ताकि खाकी पर लगा यह दाग धोया जा सके।1
- उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्या ऋतु शाही ने अयोध्या के सर्किट हाउस के मीटिंग सभागार में एक महिला जन सुनवाई का आयोजन किया। इस दौरान शहर और ग्रामीण इलाकों से आई पीड़ित महिलाओं की समस्याएं सुनीं गईं। ऋतु शाही ने बताया कि आज 22 समस्याओं में से 18 का निस्तारण मौके पर ही कर दिया गया, जबकि बाकी के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। जन सुनवाई के दौरान महिलाओं ने घरेलू हिंसा, स्वास्थ्य, सुरक्षा, सड़क और स्ट्रीट लाइट जैसी समस्याएं रखीं। संबंधित अधिकारियों को इन शिकायतों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए गए। उत्तर प्रदेश सरकार की मंशा के अनुरूप, पीड़ित महिलाओं को त्वरित न्याय और सुरक्षा उपलब्ध कराने के लिए राज्य महिला आयोग तत्पर है। ऋतु शाही ने मसौधा स्थित आंगनबाड़ी केंद्र का भी निरीक्षण किया और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। कार्यक्रम के दौरान महिलाओं के स्वास्थ्य परीक्षण के लिए एक हेल्थ डेस्क भी स्थापित की गई थी। महिला आयोग के पास सबसे अधिक शिकायतें घरेलू हिंसा से संबंधित आती हैं और प्राप्त सभी मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण कराया जा रहा है। जनसुनवाई कार्यक्रम में जिला प्रोबेशन अधिकारी जयपाल वर्मा, सीओ सिटी श्रेयश त्रिपाठी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। महिला जनसुनवाई के माध्यम से महिलाओं को अपनी समस्याएं सीधे आयोग के समक्ष रखने का अवसर मिल रहा है।3
- अयोध्या के जिला मजिस्ट्रेट श्री रणजय कुमार वर्मा जी ने अयोध्या ग्रामीण पत्रकार सम्मेलन में हिस्सा लिया। इस सम्मेलन में श्री वर्मा जी की उपस्थिति ने कार्यक्रम को एक आधिकारिक स्वरुप प्रदान किया। सम्मेलन में स्थानीय और ग्रामीण पत्रकारों ने हिस्सा लिया और विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। श्री वर्मा जी ने सम्मेलन में उपस्थित पत्रकारों से बातचीत की और उनके सुझावों को सुना। इस सम्मेलन का उद्देश्य ग्रामीण पत्रकारिता को बढ़ावा देना और स्थानीय समुदाय की आवाज़ को मज़बूत करना है।1
- अयोध्या में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ कथित आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर सनातन रक्षक संघ ने ज्योतिर्मठ पीठ के शंकराचार्य स्वामी अभिमुक्तेश्वरानंद सरस्वती सहित अन्य संबंधित व्यक्तियों को विधिक नोटिस जारी किया है। शनिवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में संगठन के पदाधिकारियों ने इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यदि 15 दिनों के भीतर संतोषजनक जवाब नहीं मिला तो न्यायालय का दरवाजा खटखटाया जाएगा। सनातन रक्षक संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकुंद माधव त्रिपाठी ने बताया कि संगठन की विधि प्रकोष्ठ के जिला अध्यक्ष एवं वरिष्ठ अधिवक्ता अजय कुमार त्रिपाठी के माध्यम से यह नोटिस जारी किया गया है। उनका आरोप है कि संबंधित कार्यक्रम राजनीतिक उद्देश्य से आयोजित किया गया था और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के संबंध में की गई टिप्पणी से करोड़ों लोगों की धार्मिक एवं सामाजिक भावनाएं आहत हुई हैं। मुकुंद माधव त्रिपाठी ने दावा किया कि अयोध्या के साथ-साथ गुजरात, राजस्थान एवं अन्य राज्यों में भी संगठन के पदाधिकारी अपने-अपने स्तर पर कानूनी कार्रवाई करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि यदि समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव इस मामले में सार्वजनिक रूप से अपना पक्ष स्पष्ट करते हैं तो संगठन अपने आगे के रुख पर पुनर्विचार कर सकता है। प्रेस वार्ता में वरिष्ठ अधिवक्ता अजय कुमार त्रिपाठी ने बताया कि विधिक नोटिस के माध्यम से संबंधित पक्षों से 15 दिन के भीतर जवाब मांगा गया है। जवाब संतोषजनक न होने की स्थिति में न्यायालय में वाद दायर किया जाएगा। इस अवसर पर सनातन रक्षक संत सभा की राष्ट्रीय अध्यक्ष साध्वी जया किशोरी भी मौजूद रहीं। उन्होंने कहा कि सनातन परंपरा, संत समाज और प्रदेश के मुख्यमंत्री के संबंध में अमर्यादित टिप्पणियों का संगठन लोकतांत्रिक एवं कानूनी तरीके से विरोध करेगा।1
- अयोध्या के दंतधावन कुंड स्थित महायोगी आश्रम के महंत पंकज दास ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को प्रार्थना पत्र भेजकर मंदिर पर अवैध कब्जे की कोशिश और जान से मारने की धमकी मिलने का गंभीर आरोप लगाया है। महंत का कहना है कि कुछ लोगों द्वारा उनके मंदिर पर जबरन कब्जा करने का प्रयास किया जा रहा है और विरोध करने पर उन्हें लगातार धमकियां दी जा रही हैं। उन्होंने आशंका जताई है कि उनकी हत्या भी कराई जा सकती है। अपने पत्र में महंत ने कुछ व्यक्तियों पर आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त होने के स्पष्ट आरोप लगाए हैं। महंत पंकज दास ने बताया कि उन्होंने इस मामले की शिकायत स्थानीय पुलिस और प्रशासन से भी की थी, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया है। उनका आरोप है कि आरोपी पक्ष के खिलाफ पहले से ही कई आपराधिक मामले दर्ज हैं, इसके बावजूद उन्हें संरक्षण दिया जा रहा है। मामले में तुरंत कार्रवाई न होने पर अप्रिय घटना या मंदिर पर कब्जे की आशंका जताते हुए महंत ने मुख्यमंत्री से निष्पक्ष जांच, दोषियों पर सख्त कार्रवाई और अपनी व मंदिर की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। इस पूरे मामले पर फिलहाल प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।1
- उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया के जिम्मेदार उपयोग पर जोर देते हुए कहा है कि आज के दौर में सोशल मीडिया एक महत्वपूर्ण आवश्यकता बन चुका है, लेकिन सही और विश्वसनीय जानकारी का चुनाव करना उससे भी कहीं अधिक आवश्यक है। उन्होंने नागरिकों से डिजिटल माध्यमों का जिम्मेदारी के साथ उपयोग करने और समाज में गलत सूचनाओं के प्रसार से बचने का आग्रह किया है। मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील की है कि किसी भी सूचना पर विश्वास करने या उसे आगे साझा करने से पहले उसकी सत्यता की जांच जरूर कर लें। उन्होंने कहा कि अफवाहों और भ्रामक जानकारी से दूर रहते हुए एक जिम्मेदार डिजिटल नागरिक की भूमिका निभाना आज के समय की मांग है। तथ्य-आधारित और प्रमाणित जानकारी ही समाज में सकारात्मक माहौल बनाए रखने में मददगार साबित होती है।1
- हैरिंग्टनगंज (अयोध्या) स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में सोमवार सुबह करीब 11:00 बजे पर्ची काउंटर पर अव्यवस्था का नजारा देखने को मिला। दैनिक भास्कर संवाददाता के निरीक्षण के दौरान पर्ची बनवाने के लिए बड़ी संख्या में मरीजों की भीड़ जमा थी। कई मरीज करीब दो-दो घंटे से अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे, लेकिन उन्हें समय पर पर्ची नहीं मिल सकी। उमस भरी गर्मी के बीच काउंटर के पास पंखे की व्यवस्था भी नहीं थी, जिससे मरीजों और उनके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। मौके पर पर्ची काटने का कार्य स्वीपर जितेंद्र कुमार करते मिले, जबकि अस्पताल में तैनात दोनों डाटा ऑपरेटर उमानाथ और अवधेश पर्ची काउंटर पर मौजूद नहीं मिले। इससे पर्ची बनाने की प्रक्रिया काफी धीमी हो गई और मरीजों की लंबी कतार लग गई। जब इस संबंध में जितेंद्र कुमार से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि सर्वर स्लो होने के कारण पर्ची बनने में देरी हो रही है। पर्ची के इंतजार में परेशान मरीजों में राधिका, रामा, कमलेश कुमारी, गायत्री, दर्शन मौर्य, पम्मी प्रजापति और लक्ष्मी सहित कई लोग शामिल रहे। मरीजों ने समय पर पर्ची न मिलने और अव्यवस्था पर नाराजगी जताई। इस संबंध में सीएचसी अधीक्षक डॉ. डी.एन. द्विवेदी ने बताया कि अब पर्चियां ऑनलाइन कट रही हैं, इसलिए ओपीडी में कुछ समय लग रहा है। इमरजेंसी मरीजों के लिए अलग व्यवस्था की जा रही है ताकि उनका उपचार पहले हो सके। डाटा ऑपरेटरों की अनुपस्थिति पर उन्होंने कहा कि उमानाथ का व्यवहार संतोषजनक नहीं होने के कारण उन्हें वहां नहीं बैठाया गया है। जितेंद्र कार्य संभाल लेते हैं, जबकि अवधेश अन्य कार्यालयीय कार्यों में लगे रहते हैं। उन्होंने व्यवस्था को और बेहतर बनाने का आश्वासन दिया।1