राजस्थान के आबूरोड में महिला मोर्चा द्वारा "कम तेल की थाली, स्वस्थ भारत की खुशहाली" कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष दक्षा देवड़ा के निर्देशानुसार, मंडल अध्यक्ष संगीता शर्मा के नेतृत्व में और सीमा त्रिवेदी के सानिध्य में संपन्न हुआ। इस अवसर पर मंडल अध्यक्ष संगीता शर्मा ने बताया कि दैनिक भोजन में कम तेल का उपयोग करने से न केवल हमारा स्वास्थ्य बेहतर होगा, बल्कि विदेशों से आयात होने वाले खाद्य तेल पर हमारी निर्भरता भी कम होगी। योग प्रशिक्षक विन्नी ने कम तेल वाले भोजन के लाभों के साथ-साथ योग के माध्यम से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की जानकारी प्रदान की, वहीं खुशी गोयल ने फार्मेसी और स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं। सीमा त्रिवेदी ने कम तेल के सेवन के फायदे समझाते हुए परिवार को स्वस्थ रखने के लिए संतुलित आहार और स्वस्थ आदतों को अपनाने पर जोर दिया, जबकि अनुराधा जैन ने भी कम तेल वाले भोजन के स्वास्थ्य लाभों पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम में पूर्व जिला मंत्री सीमा त्रिवेदी, अनुराधा जैन, आशा प्रजापत, उर्मिला त्यागी, लाली शर्मा, मीना कर्दम, राजू, रेणुका, गीता परमार, रूबी शर्मा, विन्नी, सरोज, माया, नर्मदा, खुशी गोयल सहित महिला मोर्चा की अनेक कार्यकर्ता उपस्थित रहीं। इस पहल के माध्यम से महिला मोर्चा ने "कम तेल की थाली, स्वस्थ भारत की खुशहाली" का संदेश देते हुए स्वास्थ्य जागरूकता पर जोर दिया।
राजस्थान के आबूरोड में महिला मोर्चा द्वारा "कम तेल की थाली, स्वस्थ भारत की खुशहाली" कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष दक्षा देवड़ा के निर्देशानुसार, मंडल अध्यक्ष संगीता शर्मा के नेतृत्व में और सीमा त्रिवेदी के सानिध्य में संपन्न हुआ। इस अवसर पर मंडल अध्यक्ष संगीता शर्मा ने बताया कि दैनिक भोजन में कम तेल का उपयोग करने से न केवल हमारा स्वास्थ्य बेहतर होगा, बल्कि विदेशों से आयात
होने वाले खाद्य तेल पर हमारी निर्भरता भी कम होगी। योग प्रशिक्षक विन्नी ने कम तेल वाले भोजन के लाभों के साथ-साथ योग के माध्यम से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की जानकारी प्रदान की, वहीं खुशी गोयल ने फार्मेसी और स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं। सीमा त्रिवेदी ने कम तेल के सेवन के फायदे समझाते हुए परिवार को स्वस्थ रखने के लिए संतुलित आहार और स्वस्थ आदतों को अपनाने पर जोर दिया, जबकि अनुराधा
जैन ने भी कम तेल वाले भोजन के स्वास्थ्य लाभों पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम में पूर्व जिला मंत्री सीमा त्रिवेदी, अनुराधा जैन, आशा प्रजापत, उर्मिला त्यागी, लाली शर्मा, मीना कर्दम, राजू, रेणुका, गीता परमार, रूबी शर्मा, विन्नी, सरोज, माया, नर्मदा, खुशी गोयल सहित महिला मोर्चा की अनेक कार्यकर्ता उपस्थित रहीं। इस पहल के माध्यम से महिला मोर्चा ने "कम तेल की थाली, स्वस्थ भारत की खुशहाली" का संदेश देते हुए स्वास्थ्य जागरूकता पर जोर दिया।
- आबूरोड शहर के आकरा भट्टा क्षेत्र निवासी इस्माइल खान के 10 वर्षीय पुत्र अली शेख के घर से लापता होने पर उनके परिजनों में गहरी चिंता का माहौल बन गया था। बालक के गुम होने की सूचना मिलते ही आबूरोड शहर थाना पुलिस ने बिना किसी देरी के उसकी तलाश शुरू कर दी। इस तलाश अभियान के दौरान, आबूरोड शहर थाना में तैनात कांस्टेबल ओमप्रकाश (बैज नंबर 340) ने सक्रियता और तत्परता दिखाते हुए बालक की खोजबीन की। उनके लगातार प्रयासों के परिणामस्वरूप, अली शेख को आबूरोड शहर क्षेत्र से सुरक्षित बरामद कर लिया गया। बालक के सुरक्षित मिलने की सूचना मिलते ही परिजन थाने पहुंचे, जहां आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद अली शेख को सकुशल उसके परिवार के सुपुर्द कर दिया गया। अपने बेटे को सुरक्षित वापस पाकर परिजनों ने राहत की सांस ली और आबूरोड शहर थाना पुलिस तथा कांस्टेबल ओमप्रकाश का हृदय से आभार व्यक्त किया। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई और संवेदनशीलता की स्थानीय लोगों ने भी जमकर सराहना की।1
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार के 12 साल पूरे होने के अवसर पर 13 जून को सुमेरपुर में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस उस समय विवादों में घिर गई, जब पत्रकारों ने पाली शहर की बदहाल व्यवस्थाओं पर सवाल उठा दिए। पत्रकारों ने शहर की गंदगी, सीवरेज व्यवस्था, डेंगू-मलेरिया के बढ़ते मामलों और अन्य मूलभूत समस्याओं पर सवाल पूछे, जिससे यूडीएच मंत्री और पाली जिला प्रभारी मंत्री झाबर सिंह खर्रा नाराज़ हो गए। प्रेस वार्ता का माहौल तनावपूर्ण हो गया और चर्चा के दौरान मंत्री खर्रा ने पाली को "नकारात्मक सोच" वाला जिला तक बता दिया। इस बहस का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रहा है, जिसमें मंत्री पत्रकारों के सवालों पर नाराज़ होते दिख रहे हैं। मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने अपनी बात रखते हुए कहा कि प्रेस कॉन्फ्रेंस केंद्र सरकार की 12 साल की उपलब्धियों को बताने के लिए बुलाई गई थी, और स्थानीय मुद्दों पर अलग से बात की जा सकती है। वहीं, पत्रकारों का कहना था कि जब प्रभारी मंत्री जिले में ही मौजूद हों, तो शहर की समस्याओं पर सवाल पूछना लाज़मी है। पूरे घटनाक्रम के बाद राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा का विषय बन गया है कि क्या मंत्री सवालों से बच रहे थे या मीडिया ने ऐसे सवाल पूछ लिए जिनका जवाब देना मुश्किल था। पाली को "नकारात्मक सोच" वाला जिला बताने पर भी स्थानीय लोगों में काफ़ी नाराज़गी है। फ़िलहाल, इस प्रेस कॉन्फ्रेंस का वीडियो सोशल मीडिया पर लगातार चर्चा का विषय बना हुआ है।1
- राजस्थान के सिंगानिया गांव में दिनदहाड़े एक टाइगर को शिकार करते हुए देखा गया है। इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों में टाइगर का जबरदस्त खौफ फैल गया है।1
- भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और विधायक प्रत्याशी बंशीलाल कटारा ने राजस्थान सरकार के सामाजिक कल्याण विभाग के कैबिनेट मंत्री अविनाश गहलोत को पत्र लिखकर डूंगरपुर जिले में 'दिव्यांगजन स्कूटी योजना' के तहत आवंटित स्कूटियों का कोटा बढ़ाने की आधिकारिक मांग की है। उन्होंने क्षेत्र की विषम भौगोलिक परिस्थितियों का हवाला देते हुए वर्तमान वित्तीय वर्ष में इस कोटे को बढ़ाकर 200 से 250 करने का आग्रह किया है। भाजपा नेता बंशीलाल कटारा ने अपने पत्र में कैबिनेट मंत्री को बताया कि डूंगरपुर जिले की विशिष्ट भौगोलिक स्थिति और दिव्यांगों की व्यावहारिक समस्याओं को देखते हुए वर्तमान निर्धारित कोटा बेहद कम है। उन्होंने जानकारी दी कि विगत वित्तीय वर्ष 2025-2026 में सरकार द्वारा डूंगरपुर जिले के लिए केवल 45 स्कूटियों का लक्ष्य रखा गया था, जबकि इसके विपरीत जिले से लगभग 500 दिव्यांगजनों ने ऑनलाइन आवेदन किया था। इस बेहद कम लक्ष्य के कारण सैकड़ों पात्र और जरूरतमंद दिव्यांगजन इस महत्वाकांक्षी योजना के लाभ से पूरी तरह वंचित रह गए, जिससे उन्हें भारी निराशा हुई। 'आपणो संस्थान राजस्थान' एवं समस्त जिलावासियों की ओर से कटारा ने कैबिनेट मंत्री से सहृदय प्रार्थना करते हुए वर्तमान वित्तीय वर्ष 2026-2027 में डूंगरपुर के लिए विशेष राहत देने की वकालत की है। उन्होंने मांग की है कि लंबित आवेदनों की भारी संख्या को ध्यान में रखते हुए इस बार जिले का कोटा कम से कम 200 से 250 किया जाए, ताकि पिछले वर्ष वंचित रहे पात्र आवेदकों को प्राथमिकता के आधार पर लाभान्वित कर स्वावलंबन की राह दिखाई जा सके। कटारा ने उम्मीद जताई है कि संवेदनशील राज्य सरकार दिव्यांगजनों के सुलभ आवागमन से जुड़ी इस गंभीर समस्या पर शीघ्र ही सकारात्मक निर्णय लेगी।1
- राज्य सरकार के 'शुद्ध आहार, मिलावट पर वार' अभियान के तहत, चिकित्सा विभाग की खाद्य सुरक्षा टीम ने 12 जून 2026 को पाली जिले के सुमेरपुर कस्बे में जाखामाता रीको क्षेत्र स्थित विनायक कॉर्पोरेशन सरसों तेल निर्माण इकाई पर औचक निरीक्षण कर बड़ी कार्रवाई की है। आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण श्रीमती टी. शुभमंगला के निर्देश और सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल के निर्देशन में हुई इस कार्रवाई में, खाद्य सुरक्षा अधिकारियों सुरेश चन्द्र शर्मा और दिलीप सिंह यादव के नेतृत्व वाली टीम ने मौके से भारी मात्रा में सरसों तेल सीज किया। निरीक्षण के दौरान, टीम ने 15 किलोग्राम क्षमता के कुल 533 टीन 'नौ दुर्गा' ब्रांड और 300 टीन 'ज्योति' ब्रांड सरसों तेल जब्त किया, जिसकी कुल मात्रा 12,495 किलोग्राम है। इन दोनों ब्रांडों के नमूने जांच के लिए राज्य खाद्य प्रयोगशाला भेजे गए हैं। फैक्ट्री संचालक खीमाराम माली द्वारा विभिन्न कंपनियों जैसे गुलाब, अडानी, रानी, श्री जी, बनास और अंकुर के खाली टीनों का उपयोग कर 'ज्योति' और 'नौ दुर्गा' ब्रांड नाम से सरसों तेल की पैकिंग की जा रही थी। सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल ने बताया कि पूर्व में भी इस फर्म के खाद्य तेल के नमूने अवमानक पाए गए थे, जिस पर न्यायालय ने जुर्माना लगाया था। राजस्थान सहित अन्य राज्यों में भी 'नौ दुर्गा' ब्रांड के तेल नमूने गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतरे थे, इसके बावजूद फर्म संचालक लगातार नियमों की अवहेलना कर रहा था। जांच के दौरान, फैक्ट्री परिसर में बने अंडरग्राउंड तेल टैंकों के आसपास कीचड़, रेत और गंदगी मिली, साथ ही फिल्टर हाउस में निर्माण सामग्री पाई गई, जिससे तेल में बाहरी अशुद्धियां मिलने की आशंका जताई गई। विभाग ने तत्काल स्वच्छता सुधारने के निर्देश दिए हैं। मिलावट और गुणवत्ता संबंधी गंभीर संदेह के आधार पर 12,495 किलोग्राम सरसों तेल को मौके पर ही सीज कर दिया गया है। पूर्व में नमूने फेल होने और वर्तमान अनियमितताओं को देखते हुए पुनः कानूनी नमूने लिए गए हैं, जिनकी जांच रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। डॉ. मारवाल ने स्पष्ट किया कि जनस्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ विभाग का अभियान जारी रहेगा और दोषियों पर नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।1
- डूंगरपुर जिले में अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ 'ऑपरेशन त्रिनेत्र' और 'एरिया डॉमिनेशन' अभियान के तहत जिला पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। जिला अधीक्षक महोदय श्री आईपीएस मनीष कुमार के निर्देशन में, वरदा पुलिस थाना ने अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ यह लगातार तीसरी कार्रवाई की है। पुलिस ने गांव हिराता फला धरतीमाता में मंगला रोत के घर के अंदर से काट कर छुपाए गए गांजे के 51 हरे पौधे बरामद किए, जिनका कुल वजन 5 किलो 292 ग्राम है। जब्त किए गए गांजे की अनुमानित कीमत लगभग 80 हजार रुपए बताई गई है। इस कार्रवाई के दौरान आरोपी मंगला रोत को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस आरोपी से यह पता लगाने के लिए पूछताछ कर रही है कि उसने अब तक किस-किस को गांजा बेचा है, जिससे और भी नामों का खुलासा होने की संभावना है। इस सराहनीय कार्य में वरदा थानाधिकारी रिजवान खान के नेतृत्व में संपूर्ण वरदा पुलिस थाना का महत्वपूर्ण योगदान रहा।2
- आबूरोड के सांतपुर स्कूल स्थित बालाजी मंदिर के सामने बालाजी मित्र मंडल द्वारा रात्रिकालीन क्रिकेट प्रतियोगिता का आयोजन किया गया है। इस प्रतियोगिता का शुभारंभ हनुमान चालीसा के सामूहिक पाठ के साथ हुआ, जिससे पूरे वातावरण में भक्तिमय माहौल बन गया। आयोजन समिति के सदस्य आकाश माली ने बताया कि यह क्रिकेट प्रतियोगिता चार दिनों तक चलेगी, जिसमें क्षेत्र की अनेक टीमों ने भाग लिया है, जिससे खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों में काफी उत्साह देखने को मिल रहा है। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि भाजपा के वरिष्ठ नेता बाबू भाई पटेल रहे, जिन्होंने दोनों टीमों के खिलाड़ियों का परिचय प्राप्त किया, टॉस करवाया और विधिवत रूप से प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। इस अवसर पर प्रदेश ओबीसी मोर्चा प्रवक्ता सतीश सेठी, मंडल अध्यक्ष मनीष, आकाश माली, दिनेश, दशरथ महाराज, गोविंद सिंह, जिगर सिंह, भगवानजी, दवेजी, निकेतन, मोंटू बारोट, गोविंद सिंह, संदीप पांडे, अनिल, लाला, रिंका, गंगा सिंह एवं विजय सिंह सहित कई गणमान्य नागरिक और खेल प्रेमी मौजूद रहे। प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों ने खेल भावना के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। आयोजकों ने जानकारी दी कि आगामी दिनों में भी रोमांचक मुकाबले आयोजित किए जाएंगे।4
- सुमेरपुर के तखतगढ़ कस्बे में स्थित खेडावास उद्यान लंबे समय से मूलभूत सुविधाओं की कमी से जूझ रहा है, जिससे यहाँ आने वाले नगरवासियों को विभिन्न कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। विशेष रूप से रात के समय अपर्याप्त प्रकाश व्यवस्था के कारण उद्यान में अंधेरा छाया रहता है, जिससे सुबह-शाम टहलने और व्यायाम करने वालों को परेशानी होती है। इसके अलावा, उद्यान में लगे झूले, व्यायाम उपकरण और गमले भी क्षतिग्रस्त अवस्था में हैं। स्थानीय लोगों ने उद्यान में असामाजिक तत्वों की गतिविधियों को लेकर भी चिंता व्यक्त की है। इन समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए, नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी मगराज चौधरी, निवर्तमान उपाध्यक्ष मनोज नामा और समाजसेवी रामसिंह कांबावत ने खेडावास उद्यान का निरीक्षण किया और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान, उद्यान परिसर में भवन के रंग-रोगन, विद्युत व्यवस्था में सुधार, क्षतिग्रस्त झूलों और व्यायाम उपकरणों की मरम्मत, तथा अन्य आवश्यक विकास कार्यों को शीघ्र पूरा करने पर चर्चा हुई। अधिशासी अधिकारी मगराज चौधरी ने बताया कि उद्यान में भवन का रंग-रोगन किया जाएगा, बिजली व्यवस्था को सुदृढ़ किया जाएगा और बीच में स्थित फव्वारे को भी जल्द शुरू कराया जाएगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि नगरवासियों को बेहतर वातावरण उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक सुधार कार्य प्राथमिकता के आधार पर करवाए जाएंगे। उल्लेखनीय है कि पूर्व अधिशासी अधिकारी योगेश आचार्य के कार्यकाल में इस उद्यान का विकास कर इसे हराभरा बनाया गया था और झूले तथा व्यायाम उपकरण स्थापित किए गए थे। हाल ही में कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत को भी उद्यान की समस्याओं से अवगत कराया गया था, जिसके बाद अब सुधार कार्यों में गति आने की उम्मीद बढ़ गई है।4
- सांचौर में एक ब्लाइंड मर्डर केस का खुलासा हुआ है, जिसमें एक बेटे और बेटी ने मिलकर अपने ही पिता की हत्या कर दी। पुलिस की जांच-पड़ताल में सामने आया कि सगे बेटे और बेटी ने पिता को मौत के घाट उतारने के बाद उनके शव को नहर में फेंक दिया था। इस नृशंस हत्याकांड के पीछे की वजह केवल जमीन का लालच था। चौंकाने वाली बात यह है कि जमीन वैसे भी उन्हीं के नाम होने वाली थी, लेकिन उन्हें इंतजार नहीं हुआ और उन्होंने अपने पिता को मार डाला।1