काशी में आतिथ्य का नया अध्याय:होटल सम्राट शेरेटन' का भव्य शुभारंभ मुख्य अतिथि रहे,वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी न्यूज़ टू इंडिया से उप संपादक प्रदीप कुमार वर्मा उर्फ राजन की खास रिपोर्ट वाराणसी।काशी की धरती पर जब कोई नया सपना आकार लेता है, तो उसमें आस्था, मेहनत और अपनों का आशीर्वाद झलकता है। कुछ ऐसा ही नजारा 17 सितंबर को मंडुवाडीह में देखने को मिला,जहां मौर्य परिवार के सपनों का प्रतीक होटल सम्राट शेरेटन जगमगाती रोशनी और खुशियों के बीच अपने नए सफर पर निकल पड़ा।इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बने भारत सरकार के वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी,जिनके कर-कमलों से फीता काटकर होटल का शुभारंभ हुआ।परिवार के मुखिया मोतीलाल शास्त्री ने अंगवस्त्र ओढ़ाकर पुष्प गुच्छ और भगवान गौतम बुद्ध की प्रतिमा भेंट कर मुख्य अतिथि का हृदय से स्वागत किया।मां रुक्मिणी देवी के स्नेह,जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम मौर्य,कुंवर विरेंद्र और कुंवर सिद्धार्थ,लाइका के उत्साह के बीच पूरा परिसर बधाइयों और तालियों से गूंज उठा। हर चेहरा गर्व से खिला था,हर दिल में एक ही भाव था-मौर्य परिवार को इस नई उपलब्धि की ढेरों शुभकामनाएं।शुभारंभ के बाद आयोजन और भी खास बन गया,जब उपस्थित सभी अतिथियों,पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस को मिलकर धूमधाम से मनाया। सम्राट शेरेटन'सिर्फ एक होटल नहीं,एक एहसास है-जहां आधुनिक सुविधाओं से सजे एयर कंडीशन्ड कमरे,भव्य बैंक्वेट हॉल, स्वादिष्ट व्यंजनों वाला 'राजा रसोई' रेस्टोरेंट और सुलभ पार्किंग की व्यवस्था है।काशी आने वाले पर्यटकों और शुभ मांगलिक कार्यों के लिए यह एक उत्तम ठिकाना बनेगा,ऐसा विश्वास है।
काशी में आतिथ्य का नया अध्याय:होटल सम्राट शेरेटन' का भव्य शुभारंभ मुख्य अतिथि रहे,वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी न्यूज़ टू इंडिया से उप संपादक प्रदीप कुमार वर्मा उर्फ राजन की खास रिपोर्ट वाराणसी।काशी की धरती पर जब कोई नया सपना आकार लेता है, तो उसमें आस्था, मेहनत और अपनों का आशीर्वाद झलकता है। कुछ ऐसा ही नजारा 17 सितंबर को मंडुवाडीह में देखने को मिला,जहां मौर्य परिवार के सपनों का प्रतीक होटल सम्राट शेरेटन जगमगाती रोशनी और खुशियों के बीच अपने नए सफर पर निकल पड़ा।इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बने भारत सरकार के वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी,जिनके कर-कमलों से फीता काटकर होटल का शुभारंभ हुआ।परिवार के मुखिया मोतीलाल शास्त्री ने अंगवस्त्र ओढ़ाकर पुष्प गुच्छ और भगवान गौतम बुद्ध की प्रतिमा भेंट कर मुख्य अतिथि का हृदय से स्वागत किया।मां रुक्मिणी देवी के स्नेह,जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम मौर्य,कुंवर विरेंद्र और कुंवर सिद्धार्थ,लाइका के उत्साह के बीच पूरा परिसर बधाइयों और तालियों से गूंज उठा। हर चेहरा गर्व से खिला था,हर दिल में एक ही भाव था-मौर्य परिवार को इस नई उपलब्धि की ढेरों शुभकामनाएं।शुभारंभ के बाद आयोजन और भी खास बन गया,जब उपस्थित सभी अतिथियों,पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस को मिलकर धूमधाम से मनाया। सम्राट शेरेटन'सिर्फ एक होटल नहीं,एक एहसास है-जहां आधुनिक सुविधाओं से सजे एयर कंडीशन्ड कमरे,भव्य बैंक्वेट हॉल, स्वादिष्ट व्यंजनों वाला 'राजा रसोई' रेस्टोरेंट और सुलभ पार्किंग की व्यवस्था है।काशी आने वाले पर्यटकों और शुभ मांगलिक कार्यों के लिए यह एक उत्तम ठिकाना बनेगा,ऐसा विश्वास है।
- पीएम मोदी के जन्मदिन पर सेवा का संकल्प, चोलापुर सीएचसी में फल वितरण1
- भगवान विश्वकर्मा को ब्रह्मांड का दिव्य वास्तुकार और शिल्पकार माना जाता है। पूरी कहानी केशव की जुबानी में देखे 🙏 भगवान विश्वकर्मा को ब्रह्मांड का दिव्य वास्तुकार और शिल्पकार माना जाता है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, वे देवराज इंद्र के महलों से लेकर देवताओं के एक से बढ़कर एक दिव्य अस्त्रों के निर्माता हैं। विश्वकर्मा पूजा के अवसर पर उनके जन्म, उनके द्वारा किए गए अद्भुत निर्माणों और एक विशेष रथकार दंपती की कथा सुनने का विधान है।उनकी पावन कथाएँ कुछ इस प्रकार हैं:1. भगवान विश्वकर्मा के जन्म की कथापौराणिक ग्रंथों और विकिपीडिया पर भगवान विश्वकर्मा से जुड़े विवरणों के अनुसार, सृष्टि के रचयिता ब्रह्मा जी के पुत्र 'धर्म' का विवाह 'वस्तु' नाम की स्त्री से हुआ था। धर्म और वस्तु के आठ पुत्र हुए, जिन्हें 'अष्ट वसु' कहा जाता है। इन अष्ट वसुओं में से आठवें वसु का नाम 'प्रभास' था। प्रभास का विवाह देवगुरु बृहस्पति की बहन 'वरूत्री' (या अंगिरसी) से हुआ। इन्हीं दोनों की संतान के रूप में भगवान विश्वकर्मा का जन्म हुआ। वे अपने पिता की तरह ही वास्तुकला और शिल्प कौशल में अत्यंत निपुण हुए और आगे चलकर देवताओं के प्रधान शिल्पकार बने।2. सूर्य देव का तेज कम करने की कथाएक प्रसिद्ध पौराणिक कथा के अनुसार, भगवान विश्वकर्मा ने अपनी पुत्री संज्ञा का विवाह सूर्य देव के साथ किया था। लेकिन सूर्य देव का तेज इतना भयंकर और तीव्र था कि संज्ञा उसे सहन नहीं कर पाती थीं। दुखी होकर संज्ञा ने यह बात अपने पिता विश्वकर्मा को बताई।1
- पूरा कैथी में आयोजित हुआ 24वां विश्वकर्मा पूजनोत्सव, कलाकारों को अंगवस्त्रम देकर किया सम्मानित जनता न्यूज़ टीवी ब्यूरो चीफ़ राजमणी पाण्डेय चंदौली1
- काशी में आतिथ्य का नया अध्याय:होटल सम्राट शेरेटन' का भव्य शुभारंभ मुख्य अतिथि रहे,वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी न्यूज़ टू इंडिया से उप संपादक प्रदीप कुमार वर्मा उर्फ राजन की खास रिपोर्ट वाराणसी।काशी की धरती पर जब कोई नया सपना आकार लेता है, तो उसमें आस्था, मेहनत और अपनों का आशीर्वाद झलकता है। कुछ ऐसा ही नजारा 17 सितंबर को मंडुवाडीह में देखने को मिला,जहां मौर्य परिवार के सपनों का प्रतीक होटल सम्राट शेरेटन जगमगाती रोशनी और खुशियों के बीच अपने नए सफर पर निकल पड़ा।इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बने भारत सरकार के वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी,जिनके कर-कमलों से फीता काटकर होटल का शुभारंभ हुआ।परिवार के मुखिया मोतीलाल शास्त्री ने अंगवस्त्र ओढ़ाकर पुष्प गुच्छ और भगवान गौतम बुद्ध की प्रतिमा भेंट कर मुख्य अतिथि का हृदय से स्वागत किया।मां रुक्मिणी देवी के स्नेह,जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम मौर्य,कुंवर विरेंद्र और कुंवर सिद्धार्थ,लाइका के उत्साह के बीच पूरा परिसर बधाइयों और तालियों से गूंज उठा। हर चेहरा गर्व से खिला था,हर दिल में एक ही भाव था-मौर्य परिवार को इस नई उपलब्धि की ढेरों शुभकामनाएं।शुभारंभ के बाद आयोजन और भी खास बन गया,जब उपस्थित सभी अतिथियों,पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस को मिलकर धूमधाम से मनाया। सम्राट शेरेटन'सिर्फ एक होटल नहीं,एक एहसास है-जहां आधुनिक सुविधाओं से सजे एयर कंडीशन्ड कमरे,भव्य बैंक्वेट हॉल, स्वादिष्ट व्यंजनों वाला 'राजा रसोई' रेस्टोरेंट और सुलभ पार्किंग की व्यवस्था है।काशी आने वाले पर्यटकों और शुभ मांगलिक कार्यों के लिए यह एक उत्तम ठिकाना बनेगा,ऐसा विश्वास है।1
- सरकारी सिस्टम और दावों की पोल खोलता कांशी राम आवास के लोग एक तरफ जहां सरकार और सरकारी दावों में तमाम तरह के दावों और वादों की झड़ी दिखाई देती है लेकिन इन सभी दावों की पोल तब खुल जाती है जब आप वाराणसी मे स्थिति मान्यवर कांशी राम आवास में जाते है। यहाँ पर लोगो का जीवन किसी नर्क से कम नहीं। रिपोर्ट Varanasi Breking News1
- बरेमा गांव में भारत सेवा संघ ट्रस्ट की विचार गोष्ठी,वार्षिक अधिवेशन में सामाजिक सरोकारों और जनहित के मुद्दों पर हुई चर्चा बरेमा गांव में भारत सेवा संघ ट्रस्ट की विचार गोष्ठी,वार्षिक अधिवेशन में सामाजिक सरोकारों और जनहित के मुद्दों पर हुई चर्चा वाराणसी ।सेवापुरी विकासखंड अंतर्गत बरेमा गांव में शुक्रवार को भारत सेवा संघ ट्रस्ट की ओर से विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम दोपहर करीब दो बजे आयोजित हुआ। गोष्ठी के मुख्य अतिथि प्रो. गोपाल नाथ वर्मा रहे। कार्यक्रम में ट्रस्ट से जुड़े पदाधिकारियों, सदस्यों तथा ग्रामीणों ने सहभागिता की। गोष्ठी को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि प्रो. गोपाल नाथ वर्मा ने कहा कि समाज के विकास के लिए लोगों में जागरूकता और आपसी सहयोग की भावना जरूरी है। सामाजिक संस्थाओं को जनहित से जुड़े विषयों पर निरंतर कार्य करते हुए समाज के जरूरतमंद लोगों तक सहायता पहुंचाने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामाजिक जागरूकता के माध्यम से ही समाज में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है। इस दौरान भारत सेवा संघ ट्रस्ट का वार्षिक अधिवेशन भी आयोजित किया गया। अधिवेशन में ट्रस्ट की ओर से किए जा रहे सामाजिक कार्यों की समीक्षा के साथ भविष्य में किए जाने वाले कार्यों को लेकर विचार-विमर्श किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित अन्य वक्ताओं ने भी सामाजिक सेवा, जनजागरूकता और समाज के विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम के अंत में ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने सामाजिक कार्यों को निरंतर आगे बढ़ाने और जरूरतमंद लोगों की सहायता के लिए मिलकर कार्य करने का संकल्प लिया। वही इस मौके पर मिशन पंचमुखी के तहत बरगद ,जामुन,पीपल,नीम ,एवं कदम के पौधों का रोपण भी किया गया। इस अवसर पर ट्रस्टी ओमप्रकाश पटेल, सुनील सैनी, अजीत कुमार, मुन्ना मौर्य , अखिलेश, रमेश पटेल, प्यारे लाल, अरविंद पटेल ,रविशंकर पटेल सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।1
- चहनिया बलुआ गंगा घाट पर शवदाह में आया युवक डूबा, तलाश जारी स्नान के दौरान तेज बहाव में बहा 30 वर्षीय लवकुश प्राइवेट गोताखोर कर रहे खोज न्यूज टू इंडिया से संवाददाता विनीत कुमार गुप्ता जिला चीफ ब्यूरो की खास रिपोर्ट बलुआ थाना क्षेत्र के स्थानीय गंगा तट पर शुक्रवार की शाम शवदाह में शामिल होने आए 30 वर्षीय युवक लवकुश गंगा में स्नान के दौरान डूब गया घटना की सूचना पर बलुआ पुलिस ने प्राइवेट गोताखोर लगाकर खोजवाया, किंतु तेज बहाव के कारण नहीं मिल पाया चंदौली कोतवाली के सुल्तानपुर के रहने वाले उदल राम की पत्नी का शुक्रवार को बीमारी से निधन हो गया था बलुआ घाट पर अंतिम संस्कार में सुल्तानपुर के ही रहने वाले लवकुश पुत्र बेचन राम शामिल होने आए थे, शवदाह के बाद वे स्नान करने लगे और तेज बहाव में गहरे पानी में चले गए मौजूद ग्रामीणों ने उसे आगे जाने से रोका भी था घटना की सूचना पर पहुंची बलुआ पुलिस ने प्राइवेट गोताखोर की मदद से युवक को खोजने का प्रयास किया, किंतु वह नहीं मिला इस संदर्भ में बलुआ थाने के इंचार्ज संतोष सिंह ने बताया कि युवक की तलाश की गई, नहीं मिला, प्रयास जारी है और आसपास के ग्रामीणों को सूचना दी जा रही है।1
- करौता बाजार में आशा क्लिनिक को लेकर उठे सवाल, पंजीकरण और इलाज की व्यवस्था की जांच की मांग जनता न्यूज़ टीवी संवाददाता गुलशन कुमार वाराणसी1
- जलभराव के बीच बर्थरा खुर्द में ग्रामीणों ने मनाया पीएम मोदी का जन्मदिन1