प्राधिकरण सचिव विक्रम सिंह भाटी ने जिला कारागृह का किया निरीक्षण’ पाली,मनीष राठौड़। राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देशानुसार सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (अपर जिला न्यायाधीश) विक्रम सिंह भाटी, द्वारा मंगलवार को जिला कारागृह, पाली का आकस्मिक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान 72 बन्दी जिला कारागृह, पाली में निरूद्ध मिले। निरीक्षण के दौराण सचिव भाटी द्वारा बन्दीगण से वार्तालाप कर कारागृह में भोजन, चिकित्सीय सुविधा, पेयजल, सफाई व्यवस्था इत्यादि के संबंध में जानकारी ली गई। इसके अतिरिक्त कोई भी बन्दी निजी अधिवक्ता करने में असमर्थ हो अथवा विधिक सहायता के अभाव में बिना अधिवक्ता के कारागृह में निरूद्ध ना रहे, इस के लिए सचिव भाटी द्वारा कारागृह में बन्दीगण को निःशुल्क विधिक सहायता की जानकारी दी गई। साथ ही ऐसे बन्दी जिनकी जमानत होने के उपरांत भी कारागृह में निरूद्ध हो इस संबंध में भी जानकारी ली गई तथा बंदियों को उनके प्रकरणों की स्थिति के बारे में बताया। सचिव भाटी द्वारा बंदियों से वार्तालाप कर समस्याओं के बारे में पूछा तथा नवआगन्तुक बंदियों से वार्तालाप कर वक्त घटना/आरोपित अपराध के समय उनकी आयु के संबंध में जानकारी ली गई। सभी बन्दी की ओपीडी के समय में स्वास्थ्य जांच की जाती है तथा इमरजेन्सी होने पर बन्दीगण को राजकीय बांगड़ अस्पताल पाली रेफर किया जाता है। दौराने निरीक्षण कारापाल जिला कारागृह जोराराम, चिकित्सक जेल डिस्पेंसरी, डॉ. रॉयमेन जोसेफ, मेलनर्स जेल डिस्पेंसरी रविंद्र परिहार, सहायक जेल विजिटिंग लॉयर, अल्ताफ हुसैन, अधिकार मित्र मांगीलाल तंवर आदि उपस्थित रहे।
प्राधिकरण सचिव विक्रम सिंह भाटी ने जिला कारागृह का किया निरीक्षण’ पाली,मनीष राठौड़। राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देशानुसार सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (अपर जिला न्यायाधीश) विक्रम सिंह भाटी, द्वारा मंगलवार को जिला कारागृह, पाली का आकस्मिक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान 72 बन्दी जिला कारागृह, पाली में निरूद्ध मिले। निरीक्षण के दौराण सचिव भाटी द्वारा बन्दीगण से वार्तालाप कर कारागृह में भोजन, चिकित्सीय सुविधा, पेयजल, सफाई व्यवस्था इत्यादि के संबंध में जानकारी ली गई। इसके अतिरिक्त
कोई भी बन्दी निजी अधिवक्ता करने में असमर्थ हो अथवा विधिक सहायता के अभाव में बिना अधिवक्ता के कारागृह में निरूद्ध ना रहे, इस के लिए सचिव भाटी द्वारा कारागृह में बन्दीगण को निःशुल्क विधिक सहायता की जानकारी दी गई। साथ ही ऐसे बन्दी जिनकी जमानत होने के उपरांत भी कारागृह में निरूद्ध हो इस संबंध में भी जानकारी ली गई तथा बंदियों को उनके प्रकरणों की स्थिति के बारे में बताया। सचिव भाटी द्वारा बंदियों से वार्तालाप कर समस्याओं
के बारे में पूछा तथा नवआगन्तुक बंदियों से वार्तालाप कर वक्त घटना/आरोपित अपराध के समय उनकी आयु के संबंध में जानकारी ली गई। सभी बन्दी की ओपीडी के समय में स्वास्थ्य जांच की जाती है तथा इमरजेन्सी होने पर बन्दीगण को राजकीय बांगड़ अस्पताल पाली रेफर किया जाता है। दौराने निरीक्षण कारापाल जिला कारागृह जोराराम, चिकित्सक जेल डिस्पेंसरी, डॉ. रॉयमेन जोसेफ, मेलनर्स जेल डिस्पेंसरी रविंद्र परिहार, सहायक जेल विजिटिंग लॉयर, अल्ताफ हुसैन, अधिकार मित्र मांगीलाल तंवर आदि उपस्थित रहे।
- Post by District.reporter.babulaljogaw1
- मंडोर के सरकारी स्कूल के बाहर जलभराव, बच्चों की पढ़ाई से पहले ‘पानी की परीक्षा’ जोधपुर शहर के मंडोर क्षेत्र में स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय मंडोर नंबर 1 के बाहर बदहाल हालात सामने आए हैं। स्कूल के मुख्य द्वार के ठीक सामने सड़क पर भारी जलभराव हो गया है, जिससे विद्यार्थियों को स्कूल में प्रवेश करने के लिए पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है। सुबह के समय, जब छोटे-छोटे बच्चे पढ़ाई के लिए स्कूल पहुंचते हैं, तब उन्हें सबसे पहले इस गंदे पानी से जूझना पड़ता है। कई बच्चे जूते-चप्पल हाथ में लेकर अंदर जाते नजर आये हैं, वहीं फिसलने और चोट लगने का भी खतरा बना हुआ है। स्थानीय लोगों मे और बच्चों के अभिभावकों मे गुस्सा देखने को मीला उनका कहना है कि यह समस्या लंबे समय से बनी हुई है, लेकिन प्रशासन द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने के कारण हल्की बारिश या पानी बहाव के बाद भी यहां हालात बिगड़ जाते हैं। जिला प्रशाशन को इस समस्या का समाधान करना चाहिए।1
- रायपुर (ब्यावर) पत्रकार श्याम सैनी जिला जन अभाव-अभियोग एवं सतर्कता समिति की मासिक बैठक व जनसुनवाई आयोजित ब्यावर में जिला जन अभाव-अभियोग एवं सतर्कता समिति, ब्यावर की नियमित मासिक बैठक एवं जिला स्तरीय जनसुनवाई का आयोजन जिला कलेक्ट्रेट सभागार में किया गया। बैठक की अध्यक्षता जिला कलक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट, ब्यावर द्वारा की गई। इस दौरान सभी ब्लॉक एवं उपखण्ड कार्यालयों से अधिकारी वीसी (वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग) के माध्यम से बैठक से जुड़े। अतिरिक्त जिला कलेक्टर श्री ब्रह्म लाल जाट ने जानकारी देते हुए बताया कि सतर्कता समिति की बैठक में कुल 22 परिवादों पर चर्चा की गई, जिनमें से 6 परिवादों का निस्तारण किया गया। निस्तारित प्रकरणों में दिव्यांग पेंशन आवेदन में आ रही तकनीकी समस्या का समाधान, अंबेडकर अंतर्जातीय विवाह योजना के अंतर्गत लाभ दिलाने, नया कृषि विद्युत कनेक्शन उपलब्ध कराने तथा रोड लाइट संबंधी समस्या का निराकरण सहित अन्य मामलों का समाधान किया गया। शेष प्रकरणों के संबंध में संबंधित अधिकारियों को वर्तमान स्थिति की समीक्षा करते हुए आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए। जिला स्तरीय जनसुनवाई में कुल 19 परिवाद प्राप्त हुए, जिनकी सुनवाई कर उपस्थित संबंधित अधिकारियों को उन्हें शीघ्र एवं प्रभावी रूप से निस्तारित करने के निर्देश दिए गए। बैठक में नगर परिषद आयुक्त श्री श्रवण राम, तहसीलदार श्री हनुत सिंह सहित जिला स्तरीय अधिकारीगण उपस्थित रहे, जबकि ब्लॉक एवं उपखण्ड स्तर के अधिकारी वीसी के माध्यम से जुड़े रहे।2
- सुमेरपुर उपखण्ड के जाखोड़ा गांव की प्रमुख समस्या को लेकर ग्रामीणों ने गुरुवार काे सुमेरपुर विधायक कार्यालय पहुंच राजस्थान सरकार के कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत से मुलाकात की। इस दाैरान ग्रामीणाें ने मंत्री का स्वागत किया व जाखाेड़ा बस स्टैंड से बिलेश्वर महादेव मंदिर तक बने ग्रेवल सड़क की जगह पक्की सड़क स्वीकृत करवाने की मांग रखी। इस दौरान मंत्री ने समस्या के समाधान का आश्वासन दिया। ग्रामीणों ने बताया कि जाखोड़ा बस स्टैंड से बिलेश्वर महादेव मंदिर तक वर्तमान में ग्रेवल सड़क है, जो ग्राम आबादी से सटी हुई है। बारिश के दिनों में इस मार्ग पर पानी भराव की समस्या गंभीर हो जाती है। इससे आमजन व श्रद्धालुओं को भारी दिक्क्त का सामना करना पड़ता है। उन्हाेंने बताया कि उक्त मार्ग पर देवासियाें का वास में बारिश के दिनाें में भराव हाेता हैं। ऐसे में वहां हाेकर निकलना भी मुश्किल हाेता है। ग्रामीणाें ने उक्त मार्ग पर पक्की सड़क स्वीकृत करवाने की मांग की ताकि आवागमन सुगम हो सके और पानी भराव की समस्या से राहत मिले। ज्ञापन देने के दाैरान विधायक प्रतिनिधि इंद्रसिंह जाखोड़ा, निंबाराम, केसाराम, देवाराम, गेनाराम, वजाराम, पोसाराम, हिराराम, गणेशराम, हरीश, दलपत सहित ग्रामीण मौजूद रहे।2
- जालौर उत्तर पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक ने जालौर रेलवे स्टेशन का नव निर्माण के तहत चल रहे कार्यों का अवलोकन किया इस दौरान उत्तर पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक ने पार्किंग व्यवस्था प्रतीक्षालय कक्ष बैठने की व्यवस्था सहित अन्य कार्यों का अवलोकन कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए इस दौरान राजस्थान सरकार के मुख्य सचेतक जालोर विधायक जोगेश्वर गर्ग सहित बड़ी संख्या में शहर वासी मौजूद रहे साथ रेलवे के महाप्रबंधक ने कहा कि शीघ्र ही जालौर से दिल्ली के लिए ट्रेन शुरू होगी4
- Post by Jalampura AC morcha adhyaks D.1
- Post by District.reporter.babulaljogaw1
- *कोटा शहर एसपी तेजस्विनी गौतम राजस्थान पुलिस दिवस की पूर्व संध्या कार्यक्रम मे 'अपने मोबाइल को चोरो से सुरक्षित रखें कुछ इस तरह से आप अपने मोबाइल को चोरी होने से बचा सकते हैं', के बारे मे आमजन को जागरूक करते हुए।*1
- रायपुर (ब्यावर) पत्रकार श्याम सैनी टिकट सेंदड़ा का, लेकिन बस नहीं ले जा रही थी अंदर — यात्रियों ने जताई नाराज़गी ब्यावर। राजस्थान रोडवेज के ब्यावर डिपो की बस (संख्या RJ 14 PE 4799) में गुरुवार को चालक व परिचालक की मनमर्जी का मामला सामने आया, जिससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। जानकारी के अनुसार, एक पुरुष यात्री और एक महिला यात्री अपने दो बच्चों के साथ सेंदड़ा जाने के लिए बस में सवार हुए थे। परिचालक द्वारा उन्हें सेंदड़ा का टिकट तो दे दिया गया, लेकिन गंतव्य से पहले ही यात्रियों को यह कह दिया गया कि बस सेंदड़ा गांव के अंदर नहीं जाएगी और उन्हें बायपास हाईवे पर उतरना होगा। पाली से सेंदड़ा जा रहे दिव्यांग यात्री महेश टांक को भी सेंदड़ा का टिकट दिया गया, लेकिन उन्हें भी गांव के अंदर नहीं ले जाने की बात कही गई। वहीं, चंडावल से सेंदड़ा जा रही महिला यात्री को भी इसी तरह का जवाब मिला, जिससे यात्रियों और परिचालक के बीच बहस की स्थिति बन गई। गौरतलब है कि इस बस का निर्धारित स्टॉप सेंदड़ा गांव में है, इसके बावजूद अंदर जाने से इनकार किया गया। परेशान यात्रियों ने बस में बैठे-बैठे सामाजिक कार्यकर्ता शीतल प्रजापत को फोन कर समस्या बताई। उस समय शीतल प्रजापत बर बस स्टैंड पर सेंदड़ा जाने के लिए बस का इंतजार कर रही थीं। संयोगवश वही बस वहां पहुंची और वे भी उसमें सवार हो गईं। बस में चढ़ने के बाद उन्होंने दोनों यात्रियों से बात कर समस्या जानी और परिचालक से सेंदड़ा गांव में बस नहीं ले जाने का कारण पूछा, लेकिन परिचालक संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया। इसके बाद चालक व परिचालक ने बस को सेंदड़ा गांव के अंदर ले जाकर यात्रियों को उतारा। इस पर दिव्यांग यात्री महेश टांक और महिला यात्री ने सामाजिक कार्यकर्ता शीतल प्रजापत का आभार व्यक्त किया।1