Shuru
Apke Nagar Ki App…
बलौदाबाजार जिले के ग्राम पंचायत मल्लीन का एक वार्ड हर बरसात में टापू में बदल जाता है, जिससे लगभग 20-25 परिवारों की जिंदगी खतरे में पड़ जाती है। गांव का नाला इन ग्रामीणों के लिए एक बड़ी समस्या बन गया है, जिसके कारण लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस गंभीर स्थिति पर शासन-प्रशासन की बेखबर कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं, जहाँ यह पूछा जा रहा है कि क्या किसी मासूम की जान जाने के बाद ही यहाँ पुलिया का निर्माण किया जाएगा।
Toshan Prasad Choubey
बलौदाबाजार जिले के ग्राम पंचायत मल्लीन का एक वार्ड हर बरसात में टापू में बदल जाता है, जिससे लगभग 20-25 परिवारों की जिंदगी खतरे में पड़ जाती है। गांव का नाला इन ग्रामीणों के लिए एक बड़ी समस्या बन गया है, जिसके कारण लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस गंभीर स्थिति पर शासन-प्रशासन की बेखबर कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं, जहाँ यह पूछा जा रहा है कि क्या किसी मासूम की जान जाने के बाद ही यहाँ पुलिया का निर्माण किया जाएगा।
More news from छत्तीसगढ़ and nearby areas
- राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर, देश के प्रथम गृह मंत्री और लौह पुरुष सरदार पटेल की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में बलौदाबाजार-भाटापारा पुलिस ने पर्यावरण संरक्षण और राष्ट्रीय एकता का संदेश देते हुए एक अनूठी पहल की। पुलिस ने यातायात शाखा खपराडीह परिसर में 'एकता वृक्षारोपण अभियान' का आयोजन किया, जिसमें पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों और स्थानीय पत्रकारों ने सक्रिय रूप से भाग लेकर पौधारोपण किया और पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया। पुलिस अधीक्षक ओ.पी. शर्मा के निर्देशन में आयोजित इस अभियान में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमसागर सिदार, यातायात डीएसपी संजय कुमार साहू, एसडीओपी तारेश साहू और यातायात प्रभारी निरीक्षक नरेश कांगे सहित यातायात शाखा के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर फलदार एवं छायादार पौधे लगाए और उनके संरक्षण का संकल्प भी लिया। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमसागर सिदार ने कहा कि सरदार पटेल की जयंती पर लगाए गए ये 'एकता वृक्ष' राष्ट्रीय एकता, हरियाली और सतत विकास के प्रतीक बनेंगे। अधिकारियों ने पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने की आवश्यकता पर भी विशेष बल दिया। कार्यक्रम की एक महत्वपूर्ण बात यह रही कि भाटापारा के स्थानीय पत्रकारों ने भी पुलिस विभाग के साथ कंधे से कंधा मिलाकर वृक्षारोपण किया और पर्यावरण संरक्षण का संदेश प्रसारित किया। यातायात शाखा परिसर में लगाए गए इन सभी पौधों की नियमित देखभाल एवं सुरक्षा की जिम्मेदारी भी निर्धारित की गई है, ताकि यह पहल आने वाले वर्षों तक राष्ट्रीय एकता और हरित पर्यावरण की प्रेरणा बनी रहे।1
- खरोरा के सरस्वती शिशु मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में 8 जुलाई को पूर्व छात्रों की एक बैठक आयोजित की गई। यह बैठक अखिल भारतीय संस्कार केंद्र संयोजक रामस्वरूप शर्मा के प्रवास के अवसर पर हुई, जिसका उद्देश्य क्षेत्र में संस्कार केंद्रों के विस्तार और संचालन पर विचार-विमर्श करना था। इस बैठक के दौरान, पूर्व छात्रों ने मिलकर 'सरस्वती सेवा मंडल, खरोरा' का गठन किया। इसी क्रम में, पूर्व छात्र विनय वर्मा ने अपने दादा स्वर्गीय तुलाराम वर्मा की स्मृति में एक संस्कार केंद्र शुरू करने की घोषणा की, जबकि लोमश देवांगन ने अपनी माता स्वर्गीय केजाबाई देवांगन की याद में एक अन्य संस्कार केंद्र प्रारंभ करने की घोषणा की। इस आयोजन में विद्यालय के प्राचार्य अश्वनी पाटकर, प्रधानाचार्य संजय वर्मा और प्रांतीय संस्कार केंद्र प्रमुख चंद्रकुमार डड़सेना सहित कई अन्य पूर्व छात्र उपस्थित रहे। वक्ताओं ने सभी से आह्वान किया कि वे इन संस्कार केंद्रों के माध्यम से समाज में भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों और सेवा भाव को बढ़ावा दें।2
- बिलासपुर जिले में बारिश की गतिविधियों में वृद्धि के साथ ही धान की बोनी और रोपाई का काम शुरू हो गया है। यह कृषि कार्य जिले भर में किसानों द्वारा किया जा रहा है।1
- सभी मित्रों को सुप्रभात कहा गया है, साथ ही उनके दिन के शुभ और मंगलमय होने की कामना की गई है।1
- बलौदाबाजार जिले के ग्राम पंचायत मल्लीन का एक वार्ड हर बरसात में टापू में बदल जाता है, जिससे लगभग 20-25 परिवारों की जिंदगी खतरे में पड़ जाती है। गांव का नाला इन ग्रामीणों के लिए एक बड़ी समस्या बन गया है, जिसके कारण लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस गंभीर स्थिति पर शासन-प्रशासन की बेखबर कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं, जहाँ यह पूछा जा रहा है कि क्या किसी मासूम की जान जाने के बाद ही यहाँ पुलिया का निर्माण किया जाएगा।1