खरोरा के सरस्वती शिशु मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में 8 जुलाई को पूर्व छात्रों की एक बैठक आयोजित की गई। यह बैठक अखिल भारतीय संस्कार केंद्र संयोजक रामस्वरूप शर्मा के प्रवास के अवसर पर हुई, जिसका उद्देश्य क्षेत्र में संस्कार केंद्रों के विस्तार और संचालन पर विचार-विमर्श करना था। इस बैठक के दौरान, पूर्व छात्रों ने मिलकर 'सरस्वती सेवा मंडल, खरोरा' का गठन किया। इसी क्रम में, पूर्व छात्र विनय वर्मा ने अपने दादा स्वर्गीय तुलाराम वर्मा की स्मृति में एक संस्कार केंद्र शुरू करने की घोषणा की, जबकि लोमश देवांगन ने अपनी माता स्वर्गीय केजाबाई देवांगन की याद में एक अन्य संस्कार केंद्र प्रारंभ करने की घोषणा की। इस आयोजन में विद्यालय के प्राचार्य अश्वनी पाटकर, प्रधानाचार्य संजय वर्मा और प्रांतीय संस्कार केंद्र प्रमुख चंद्रकुमार डड़सेना सहित कई अन्य पूर्व छात्र उपस्थित रहे। वक्ताओं ने सभी से आह्वान किया कि वे इन संस्कार केंद्रों के माध्यम से समाज में भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों और सेवा भाव को बढ़ावा दें।
खरोरा के सरस्वती शिशु मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में 8 जुलाई को पूर्व छात्रों की एक बैठक आयोजित की गई। यह बैठक अखिल भारतीय संस्कार केंद्र संयोजक रामस्वरूप शर्मा के प्रवास के अवसर पर हुई, जिसका उद्देश्य क्षेत्र में संस्कार केंद्रों के विस्तार और संचालन पर विचार-विमर्श करना था। इस बैठक के दौरान, पूर्व छात्रों ने मिलकर 'सरस्वती सेवा मंडल, खरोरा' का गठन किया। इसी क्रम में, पूर्व छात्र विनय वर्मा ने अपने दादा स्वर्गीय तुलाराम वर्मा की स्मृति में
एक संस्कार केंद्र शुरू करने की घोषणा की, जबकि लोमश देवांगन ने अपनी माता स्वर्गीय केजाबाई देवांगन की याद में एक अन्य संस्कार केंद्र प्रारंभ करने की घोषणा की। इस आयोजन में विद्यालय के प्राचार्य अश्वनी पाटकर, प्रधानाचार्य संजय वर्मा और प्रांतीय संस्कार केंद्र प्रमुख चंद्रकुमार डड़सेना सहित कई अन्य पूर्व छात्र उपस्थित रहे। वक्ताओं ने सभी से आह्वान किया कि वे इन संस्कार केंद्रों के माध्यम से समाज में भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों और सेवा भाव को बढ़ावा दें।
- खरोरा के सरस्वती शिशु मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में 8 जुलाई को पूर्व छात्रों की एक बैठक आयोजित की गई। यह बैठक अखिल भारतीय संस्कार केंद्र संयोजक रामस्वरूप शर्मा के प्रवास के अवसर पर हुई, जिसका उद्देश्य क्षेत्र में संस्कार केंद्रों के विस्तार और संचालन पर विचार-विमर्श करना था। इस बैठक के दौरान, पूर्व छात्रों ने मिलकर 'सरस्वती सेवा मंडल, खरोरा' का गठन किया। इसी क्रम में, पूर्व छात्र विनय वर्मा ने अपने दादा स्वर्गीय तुलाराम वर्मा की स्मृति में एक संस्कार केंद्र शुरू करने की घोषणा की, जबकि लोमश देवांगन ने अपनी माता स्वर्गीय केजाबाई देवांगन की याद में एक अन्य संस्कार केंद्र प्रारंभ करने की घोषणा की। इस आयोजन में विद्यालय के प्राचार्य अश्वनी पाटकर, प्रधानाचार्य संजय वर्मा और प्रांतीय संस्कार केंद्र प्रमुख चंद्रकुमार डड़सेना सहित कई अन्य पूर्व छात्र उपस्थित रहे। वक्ताओं ने सभी से आह्वान किया कि वे इन संस्कार केंद्रों के माध्यम से समाज में भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों और सेवा भाव को बढ़ावा दें।2
- राज टॉकीज रायपुर में अब फिल्मों की टिकट ऑनलाइन बुक माई शो के माध्यम से बुक की जा सकती हैं। दर्शकों की सुविधा के लिए एक संपर्क नंबर 0771-2229223 भी उपलब्ध कराया गया है। इसके अतिरिक्त, सिनेमा हॉल ने एक व्हाट्सएप ग्रुप भी बनाया है, जिसमें जुड़ने और दूसरों को जोड़ने के लिए एक लिंक साझा किया गया है।1
- राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर, देश के प्रथम गृह मंत्री और लौह पुरुष सरदार पटेल की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में बलौदाबाजार-भाटापारा पुलिस ने पर्यावरण संरक्षण और राष्ट्रीय एकता का संदेश देते हुए एक अनूठी पहल की। पुलिस ने यातायात शाखा खपराडीह परिसर में 'एकता वृक्षारोपण अभियान' का आयोजन किया, जिसमें पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों और स्थानीय पत्रकारों ने सक्रिय रूप से भाग लेकर पौधारोपण किया और पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया। पुलिस अधीक्षक ओ.पी. शर्मा के निर्देशन में आयोजित इस अभियान में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमसागर सिदार, यातायात डीएसपी संजय कुमार साहू, एसडीओपी तारेश साहू और यातायात प्रभारी निरीक्षक नरेश कांगे सहित यातायात शाखा के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर फलदार एवं छायादार पौधे लगाए और उनके संरक्षण का संकल्प भी लिया। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमसागर सिदार ने कहा कि सरदार पटेल की जयंती पर लगाए गए ये 'एकता वृक्ष' राष्ट्रीय एकता, हरियाली और सतत विकास के प्रतीक बनेंगे। अधिकारियों ने पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने की आवश्यकता पर भी विशेष बल दिया। कार्यक्रम की एक महत्वपूर्ण बात यह रही कि भाटापारा के स्थानीय पत्रकारों ने भी पुलिस विभाग के साथ कंधे से कंधा मिलाकर वृक्षारोपण किया और पर्यावरण संरक्षण का संदेश प्रसारित किया। यातायात शाखा परिसर में लगाए गए इन सभी पौधों की नियमित देखभाल एवं सुरक्षा की जिम्मेदारी भी निर्धारित की गई है, ताकि यह पहल आने वाले वर्षों तक राष्ट्रीय एकता और हरित पर्यावरण की प्रेरणा बनी रहे।1
- राजस्थान में मानवता को शर्मसार करने वाली एक अत्यंत वीभत्स घटना सामने आई है, जहाँ एक नाबालिग बच्ची के साथ 32 लोगों ने पाँच दिनों तक सामूहिक बलात्कार कर हैवानियत की सारी हदें पार कर दीं। इस घिनौने कृत्य को 'इंसानियत का कत्ल' बताते हुए कड़ी न्याय की मांग की जा रही है। पूरी घटना 18 जून, 2026 की रात शुरू हुई, जब बच्ची गायब हो गई। एक स्थानीय ई-रिक्शा चालक ने बच्ची का अपहरण कर लिया और उसे एक होटल में बेच दिया, जिसके बाद दरिंदगी का यह सिलसिला लगातार चलता रहा। इस अपराध को सुप्रीम कोर्ट द्वारा परिभाषित "रेयरेस्ट ऑफ दी रेयर" यानी विरलतम श्रेणी के अपराधों में से एक बताया गया है। आक्रोशित जनता और नागरिक समाज की मांग है कि इस मामले के सभी दोषियों को निश्चित रूप से फांसी की सज़ा दी जानी चाहिए। इस हृदय विदारक घटना के बाद, सभी अभिभावकों से निवेदन किया गया है कि वे अपने बच्चों, चाहे लड़का हो या लड़की, को जब तक संभव हो अकेला न छोड़ें, क्योंकि उनकी सतर्कता ही उनका बचाव है।1
- मुंगेली जिले के हेडसपुर गांव में आयोजित चुलमाटी कार्यक्रम के दौरान बैंड बजाने को लेकर हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। इस विवाद में एक युवक पर चाकू से हमला किया गया। मुंगेली पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी महेंद्र जांगड़े को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर घटना में इस्तेमाल किया गया चाकू भी बरामद कर लिया है। कार्रवाई के बाद पुलिस ने आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।1
- रायपुर स्थित राज टॉकीज में दर्शक अब 'बुक माय शो' के ज़रिए अपनी सीटों की ऑनलाइन बुकिंग कर सकते हैं, जिसमें दिसंबर 2025 के लिए भी बुकिंग की सुविधा उपलब्ध है। सिनेमाघर से संबंधित जानकारी के लिए ग्राहक 0771-2229223 पर संपर्क कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त, राज टॉकीज ने दर्शकों को अपने व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ने का निमंत्रण भी दिया है, जिसके लिए एक लिंक प्रदान किया गया है; यह लिंक दूसरों को भी भेजा जा सकता है ताकि वे भी समूह में शामिल हो सकें।1
- बलौदाबाजार जिले के ग्राम पंचायत मल्लीन का एक वार्ड हर बरसात में टापू में बदल जाता है, जिससे लगभग 20-25 परिवारों की जिंदगी खतरे में पड़ जाती है। गांव का नाला इन ग्रामीणों के लिए एक बड़ी समस्या बन गया है, जिसके कारण लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस गंभीर स्थिति पर शासन-प्रशासन की बेखबर कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं, जहाँ यह पूछा जा रहा है कि क्या किसी मासूम की जान जाने के बाद ही यहाँ पुलिया का निर्माण किया जाएगा।1