उपायुक्त प्रेरणा दीक्षित की अध्यक्षता में कृषि एवं संबद्ध विभागों की संयुक्त बैठक आयोजित गुमला: आज उपायुक्त प्रेरणा दीक्षित की अध्यक्षता में KCC, ऋण माफी, फसल राहत योजना, उद्योग, सहकारिता, JSLPS टास्क फोर्स, बैंक लिंकेज सहित कृषि, उद्यान, भूमि संरक्षण, मत्स्य, पशुपालन एवं गव्य विकास विभाग की संयुक्त समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। बैठक के दौरान उपायुक्त द्वारा फसल राहत योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित मद में व्यय (Expenditure) बढ़ाने तथा सभी पंचायतों में योजना के अंतर्गत अधिक से अधिक लाभुकों को जागरूक कर लाभान्वित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही कृषि से संबंधित सभी योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार पर विशेष बल देते हुए किसानों को योजनाओं से जोड़ने हेतु प्रभावी रणनीति अपनाने का निर्देश दिया गया।धान अधिप्राप्ति के अंतर्गत अब तक 575 पंजीकरण पूर्ण होने की जानकारी दी गई, जिस पर उपायुक्त द्वारा लैंप्स (LAMPS) पंजीकरण की संख्या बढ़ाने हेतु आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए। सिसई में निर्मित कृषि पाठशाला के सामने भूमि विवाद के मामले में संबंधित अंचल अधिकारी को सत्यापन कर आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। इसके साथ ही रबी, मक्का, मसूर एवं अन्य दलहन फसलों के क्षेत्र विस्तार पर विशेष फोकस करने तथा केसीसी के माध्यम से अधिक से अधिक नागरिकों को जोड़ने के निर्देश दिए गए। भूमि संरक्षण विभाग अंतर्गत ट्रैक्टर वितरण की समीक्षा की गई तथा तालाब जीवर्धन कार्य मार्च माह के अंत तक पूर्ण करने का निर्देश दिया गया। ई-नाम पोर्टल पर पंजीकरण को बढ़ावा देने एवं अधिक से अधिक किसानों को इससे जोड़ने हेतु भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। मत्स्य पालन के क्षेत्र में मछली उत्पादन एवं संबद्ध विकास कार्यों को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। भारत सरकार की Fisheries and Aquaculture Infrastructure Development Fund (FIDF) योजना के तहत निजी क्षेत्र में मत्स्य पालन एवं संबंधित स्टार्ट-अप कार्यों हेतु ऋण उपलब्ध कराने को लेकर लाभुकों को जोड़ने पर विशेष चर्चा की गई। उपायुक्त द्वारा सिसई क्लस्टर में तालाब निर्माण कार्य को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए। बैठक के अंत में उपायुक्त द्वारा सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।इस अवसर पर मुख्य रूप से जिला कृषि पदाधिकारी, जिला पशुपालन पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी, भूमि संरक्षण पदाधिकारी सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।
उपायुक्त प्रेरणा दीक्षित की अध्यक्षता में कृषि एवं संबद्ध विभागों की संयुक्त बैठक आयोजित गुमला: आज उपायुक्त प्रेरणा दीक्षित की अध्यक्षता में KCC, ऋण माफी, फसल राहत योजना, उद्योग, सहकारिता, JSLPS टास्क फोर्स, बैंक लिंकेज सहित कृषि, उद्यान, भूमि संरक्षण, मत्स्य, पशुपालन एवं गव्य विकास विभाग की संयुक्त समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। बैठक के दौरान उपायुक्त द्वारा फसल राहत योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित मद में व्यय (Expenditure) बढ़ाने तथा सभी पंचायतों में योजना के अंतर्गत अधिक से अधिक लाभुकों को जागरूक कर लाभान्वित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही कृषि से संबंधित सभी योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार पर विशेष बल देते हुए किसानों को योजनाओं से जोड़ने हेतु प्रभावी रणनीति अपनाने का निर्देश दिया गया।धान अधिप्राप्ति के अंतर्गत अब तक 575 पंजीकरण पूर्ण होने की जानकारी दी गई, जिस पर उपायुक्त द्वारा लैंप्स (LAMPS) पंजीकरण की संख्या बढ़ाने हेतु आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए। सिसई में निर्मित कृषि पाठशाला के सामने भूमि विवाद के मामले में संबंधित अंचल अधिकारी को सत्यापन कर आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। इसके साथ ही रबी, मक्का, मसूर एवं अन्य दलहन फसलों के क्षेत्र विस्तार पर विशेष फोकस करने तथा केसीसी के माध्यम से अधिक से अधिक नागरिकों को जोड़ने के निर्देश दिए गए। भूमि संरक्षण विभाग अंतर्गत ट्रैक्टर वितरण की समीक्षा की गई तथा तालाब जीवर्धन कार्य मार्च माह के अंत तक पूर्ण करने का निर्देश दिया गया। ई-नाम पोर्टल पर पंजीकरण को बढ़ावा देने एवं अधिक से अधिक किसानों को इससे जोड़ने हेतु भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। मत्स्य पालन के क्षेत्र में मछली उत्पादन एवं संबद्ध विकास कार्यों को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। भारत सरकार की Fisheries and Aquaculture Infrastructure Development Fund (FIDF) योजना के तहत निजी क्षेत्र में मत्स्य पालन एवं संबंधित स्टार्ट-अप कार्यों हेतु ऋण उपलब्ध कराने को लेकर लाभुकों को जोड़ने पर विशेष चर्चा की गई। उपायुक्त द्वारा सिसई क्लस्टर में तालाब निर्माण कार्य को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए। बैठक के अंत में उपायुक्त द्वारा सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।इस अवसर पर मुख्य रूप से जिला कृषि पदाधिकारी, जिला पशुपालन पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी, भूमि संरक्षण पदाधिकारी सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।
- चैनपुर: महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर शिव-पार्वती विवाह उत्सव को ऐतिहासिक और भव्य बनाने के लिए चैनपुर प्रखंड मुख्यालय में महिलाओं ने कमर कस ली है। इसी कड़ी में 'मातृशक्ति' से जुड़ी महिलाओं द्वारा पूरे क्षेत्र में विशेष जनसंपर्क अभियान चलाया गया।धार्मिक परंपराओं का निर्वहन करते हुए महिलाओं ने टोली बनाकर प्रखंड के मुख्यालय के मोहल्लों का भ्रमण किया। महिलाओं ने प्रेमनगर, बस स्टैंड, पीपल चौक, एम.एल.ए. रोड, ठाकुर बस्ती, ब्लॉक चौक और हरिजन बस्ती सहित अन्य क्षेत्रों में घर-घर जाकर लोगों को माथे पर तिलक लगाया और सप्रेम अक्षत भेंट कर शिव-पार्वती विवाह उत्सव में शामिल होने का निमंत्रण दिया।कार्यक्रम को लेकर महिलाओं में भारी उत्साह देखा जा रहा है। इस अभियान का नेतृत्व कर रही महिलाओं ने बताया कि महाशिवरात्रि केवल एक पर्व नहीं, बल्कि आस्था का महापर्व है। इसे भव्य रूप देने के लिए प्रखंड की हर महिला को इस आयोजन से जोड़ा जा रहा है ताकि शिव की बारात और विवाह समारोह यादगार बन सके।इस निमंत्रण वितरण कार्यक्रम में मातृशक्ति की महिलाओं का अहम योगदान रहा। सामूहिक भजन और जयकारों के साथ महिलाओं ने पूरे चैनपुर प्रखंड को शिवमय कर दिया है।1
- गुमला: आज उपायुक्त प्रेरणा दीक्षित की अध्यक्षता में KCC, ऋण माफी, फसल राहत योजना, उद्योग, सहकारिता, JSLPS टास्क फोर्स, बैंक लिंकेज सहित कृषि, उद्यान, भूमि संरक्षण, मत्स्य, पशुपालन एवं गव्य विकास विभाग की संयुक्त समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। बैठक के दौरान उपायुक्त द्वारा फसल राहत योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित मद में व्यय (Expenditure) बढ़ाने तथा सभी पंचायतों में योजना के अंतर्गत अधिक से अधिक लाभुकों को जागरूक कर लाभान्वित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही कृषि से संबंधित सभी योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार पर विशेष बल देते हुए किसानों को योजनाओं से जोड़ने हेतु प्रभावी रणनीति अपनाने का निर्देश दिया गया।धान अधिप्राप्ति के अंतर्गत अब तक 575 पंजीकरण पूर्ण होने की जानकारी दी गई, जिस पर उपायुक्त द्वारा लैंप्स (LAMPS) पंजीकरण की संख्या बढ़ाने हेतु आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए। सिसई में निर्मित कृषि पाठशाला के सामने भूमि विवाद के मामले में संबंधित अंचल अधिकारी को सत्यापन कर आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। इसके साथ ही रबी, मक्का, मसूर एवं अन्य दलहन फसलों के क्षेत्र विस्तार पर विशेष फोकस करने तथा केसीसी के माध्यम से अधिक से अधिक नागरिकों को जोड़ने के निर्देश दिए गए। भूमि संरक्षण विभाग अंतर्गत ट्रैक्टर वितरण की समीक्षा की गई तथा तालाब जीवर्धन कार्य मार्च माह के अंत तक पूर्ण करने का निर्देश दिया गया। ई-नाम पोर्टल पर पंजीकरण को बढ़ावा देने एवं अधिक से अधिक किसानों को इससे जोड़ने हेतु भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। मत्स्य पालन के क्षेत्र में मछली उत्पादन एवं संबद्ध विकास कार्यों को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। भारत सरकार की Fisheries and Aquaculture Infrastructure Development Fund (FIDF) योजना के तहत निजी क्षेत्र में मत्स्य पालन एवं संबंधित स्टार्ट-अप कार्यों हेतु ऋण उपलब्ध कराने को लेकर लाभुकों को जोड़ने पर विशेष चर्चा की गई। उपायुक्त द्वारा सिसई क्लस्टर में तालाब निर्माण कार्य को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए। बैठक के अंत में उपायुक्त द्वारा सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।इस अवसर पर मुख्य रूप से जिला कृषि पदाधिकारी, जिला पशुपालन पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी, भूमि संरक्षण पदाधिकारी सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।1
- चैनपुर थाना क्षेत्र के भठौली गांव में डायन बिसाही के शक में एक वृद्ध महिला की हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है पुलिस ने हत्या के आरोपी बिट्टू रौतियां पिता सुनू रौतिया को गिरफ्तार कर बुधवार को जेल भेज दिया है।1
- ग्रामीणों की निशानदेही पर पुलिस ने 38 वर्षीय बिट्टू रौतिया को दबोचा आरोपी ने कबूला जुर्म, पहले ही जेल जा चुके हैं तीन नामजद आरोपी.…...........….1
- मोर संगे. करले प्यार♥️♥️♥️♥️1
- घाघरा में नशा तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, पूरी अफीम फसल तबाह घाघरा थाना क्षेत्र अंतर्गत सेहल चतमदाग इलाके में अवैध नशे के कारोबार के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी और निर्णायक कार्रवाई करते हुए अफीम की अवैध खेती को पूरी तरह नष्ट कर दिया। गुप्त सूचना के आधार पर घाघरा थाना पुलिस, अंचल प्रशासन और अन्य अधिकारियों की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची और योजनाबद्ध तरीके से पूरे क्षेत्र में चल रही अवैध फसल को जड़ से उखाड़ दिया। इस अभियान में पुलिस की सतर्कता, तत्परता और सख्ती स्पष्ट रूप से दिखाई दी, जिसकी स्थानीय लोगों ने भी सराहना की। अंचल अधिकारी खाखा सुशील कुमार और थाना प्रभारी मोहन कुमार सिंह के नेतृत्व में की गई इस त्वरित कार्रवाई को प्रशासन की बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। अधिकारियों ने स्पष्ट संदेश दिया कि क्षेत्र में किसी भी कीमत पर नशे का अवैध कारोबार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और ऐसे कार्यों में संलिप्त लोगों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी। जांच के दौरान यह तथ्य भी सामने आया कि इस अवैध खेती के पीछे बाहरी अफीम तस्करों का हाथ रहता है, जो भोले-भाले और अशिक्षित आदिवासी ग्रामीणों को गुमराह कर उनसे खेती करवाते हैं। कई ग्रामीण अफीम के पौधे को पहचान नहीं पाते और उसे साधारण फूल की खेती समझकर तस्करों के बहकावे में आ जाते हैं। तस्कर जानबूझकर वन भूमि, सरकारी जमीन और दुर्गम इलाकों को चुनते हैं, जहां सड़क या आम आवाजाही नहीं होती, ताकि प्रशासन की नजर से बचा जा सके। प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध खेती या बाहरी लोगों की गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें और ऐसे झांसे में न आएं। यह कार्रवाई न केवल नशा तस्करों के खिलाफ सख्त संदेश है, बल्कि निर्दोष ग्रामीणों को शोषण से बचाने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।3
- जशपुर जिले के सन्ना–चंपा मार्ग को डामरीकरण के लिए राज्य शासन ने 8 करोड़ 82 हजार रुपये की स्वीकृति प्रदान की है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की पहल पर मिली इस मंजूरी से क्षेत्रवासियों की वर्षों पुरानी मांग पूरी होने जा रही है। जानकारी के अनुसार करीब 13 किलोमीटर लंबे इस मार्ग के डामरीकरण से सन्ना और चंपा के बीच आवागमन सुगम होगा। विशेषकर बरसात के दिनों में जर्जर सड़क के कारण लोगों को जिन कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था,उससे राहत मिलने की उम्मीद है।1
- डुमरी: आगामी महाशिवरात्रि मेला को लेकर डुमरी प्रखंड मुख्यालय में बाबा टंगीनाथ धाम विकास समिति एवं प्रशासन की संयुक्त बैठक आयोजित की गई। जानकारी देते हुए शाम के चार बजे बताया गया कि बैठक की अध्यक्षता चैनपुर अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीओ) श्रीमती पूर्णिमा कुमारी ने की। बैठक में शिवरात्रि मेले को शांतिपूर्ण, व्यवस्थित एवं सफल बनाने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में मेले के दौरान श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ को देखते हुए सुरक्षा, यातायात नियंत्रण, साफ-सफाई, पेयजल, अस्थायी शौचालय, प्रकाश व्यवस्था तथा स्वास्थ्य शिविर की व्यवस्था सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया। अनुमंडल पदाधिकारी श्रीमती पूर्णिमा कुमारी ने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने का निर्देश देते हुए कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। प्रखंड विकास पदाधिकारी, मजगांव मुखिया ज्योति बहर, एसआई अंकित कुमार सहित अन्य अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों की तैयारियों की जानकारी दी। पुलिस प्रशासन की ओर से मेले के दौरान अतिरिक्त बल की तैनाती, भीड़ नियंत्रण एवं संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी की बात कही गई। वहीं विकास समिति के सदस्यों ने धाम परिसर की साफ-सफाई, सड़क मरम्मत एवं अस्थायी दुकानों की सुव्यवस्थित व्यवस्था की मांग रखी। बैठक में वीरेंद्र जायसवाल, बृजेंद्र पांडे, अरविंद सिंह, गोविंद सिंह, उमेश कुमार, जयश्री साहू, प्रदीप प्रसाद सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित थे। सभी ने मिलकर शिवरात्रि मेले को भव्य एवं सुव्यवस्थित तरीके से आयोजित करने का संकल्प लिया। अंत में यह निर्णय लिया गया कि मेले की तैयारियों की नियमित समीक्षा की जाएगी तथा सभी विभाग निर्धारित समय सीमा के भीतर अपनी-अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन सुनिश्चित करेंगे, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।1