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मैहर जिले में जल गंगा संवर्धन अभियान के दूसरे चरण के अंतर्गत, गंगा दशहरा के पावन अवसर पर आल्हा ताल में भव्य महाआरती और दीपदान किया गया। इस दौरान आल्हा जयंती के उपलक्ष्य में शास्त्रीय गायन और लोक नृत्य सहित विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने समां बांध दिया, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्सव का माहौल रहा। इस विशेष आयोजन में मैहर के विधायक श्रीकांत चतुर्वेदी, अमरपाटन के विधायक डॉ. राजेन्द्र कुमार सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष रामखेलावन कोल और मैहर नगर पालिका अध्यक्ष गीता संतोष सोनी सहित कई प्रमुख हस्तियां उपस्थित रहीं। कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी, एसडीएम मैहर दिव्या पटेल, तहसीलदार जीतेन्द्र पटेल, सीएमओ प्रिंस अग्रवाल और जनपद सीईओ अशोक तिवारी समेत अन्य जनप्रतिनिधियों ने मैहर पहाड़ी के पीछे स्थित प्रसिद्ध आल्हा ताल में दीपदान कर मां गंगा की भव्य महाआरती संपन्न करवाई। सांस्कृतिक संध्या के दौरान, आल्हा मंदिर के पुजारी डॉ. रामगोपाल दास ने आल्हा जयंती के अवसर पर आल्हा देव की जीवनी, उनके सामाजिक और आध्यात्मिक योगदान पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने बताया कि आल्हा देव सामाजिक समरसता के प्रेरणा स्त्रोत हैं और उन्हें मां शारदा के आशीर्वाद से अद्भुत क्षमता और भक्ति मिली। कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी ने अपने उद्बोधन में इसे एक संयोग बताया कि गंगा दशहरा पर आल्हा जयंती भी उनकी आराध्य देवी मां शारदा की नगरी में मनाई जा रही है। उन्होंने भागीरथ के प्रयासों से ब्रह्मा जी के कमण्डल से मां गंगा के पृथ्वी पर अवतरण की कथा भी सुनाई और बताया कि जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत पूरे प्रदेश के साथ मैहर में भी ग्राम पंचायत और नगरीय क्षेत्रों में गंगा दशहरा के विविध कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। सांस्कृतिक संध्या की शुरुआत देवांश मिश्रा की भक्तिमय प्रस्तुति "जमुना किनारे मेरो गांव..." से हुई। इसके बाद संस्कृति चौरसिया, मानसी तिवारी और उनके साथियों ने कथक समूह नृत्य प्रस्तुत किया। शासकीय संगीत महाविद्यालय के संगीत विद्यार्थियों ने भी शास्त्रीय संगीत और नृत्य की मनमोहक प्रस्तुतियां दीं, जिसमें सुखदेव प्रजापति, अम्बिकेश चौधरी और उनके साथियों द्वारा स्वर वाद्य समूह की प्रस्तुति भी शामिल थी। इस कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य तारा विजय पटेल, जयंती तिवारी, सांसद प्रतिनिधि संतोष सोनी, कौशल विकास समिति सदस्य गणेश विश्वकर्मा, भाजपा नेता दिनेश मौर्य, भाजपा नेता कुलदीप तिवारी, शारदा प्रबंधन समिति सदस्य आलोक अग्रवाल और राकेश मौर्य सहित कई अन्य गणमान्य व्यक्ति भी मौजूद रहे।

2 hrs ago
user_Satyaprakash Media Maihar
Satyaprakash Media Maihar
मैहर, सतना, मध्य प्रदेश•
2 hrs ago

मैहर जिले में जल गंगा संवर्धन अभियान के दूसरे चरण के अंतर्गत, गंगा दशहरा के पावन अवसर पर आल्हा ताल में भव्य महाआरती और दीपदान किया गया। इस दौरान आल्हा जयंती के उपलक्ष्य में शास्त्रीय गायन और लोक नृत्य सहित विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने समां बांध दिया, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्सव का माहौल रहा। इस विशेष आयोजन में मैहर के विधायक श्रीकांत चतुर्वेदी, अमरपाटन के विधायक डॉ. राजेन्द्र कुमार सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष रामखेलावन कोल और मैहर नगर पालिका अध्यक्ष गीता संतोष सोनी सहित कई प्रमुख हस्तियां उपस्थित रहीं। कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी, एसडीएम

मैहर दिव्या पटेल, तहसीलदार जीतेन्द्र पटेल, सीएमओ प्रिंस अग्रवाल और जनपद सीईओ अशोक तिवारी समेत अन्य जनप्रतिनिधियों ने मैहर पहाड़ी के पीछे स्थित प्रसिद्ध आल्हा ताल में दीपदान कर मां गंगा की भव्य महाआरती संपन्न करवाई। सांस्कृतिक संध्या के दौरान, आल्हा मंदिर के पुजारी डॉ. रामगोपाल दास ने आल्हा जयंती के अवसर पर आल्हा देव की जीवनी, उनके सामाजिक और आध्यात्मिक योगदान पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने बताया कि आल्हा देव सामाजिक समरसता के प्रेरणा स्त्रोत हैं और उन्हें मां शारदा के आशीर्वाद से अद्भुत क्षमता और भक्ति मिली। कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी ने

अपने उद्बोधन में इसे एक संयोग बताया कि गंगा दशहरा पर आल्हा जयंती भी उनकी आराध्य देवी मां शारदा की नगरी में मनाई जा रही है। उन्होंने भागीरथ के प्रयासों से ब्रह्मा जी के कमण्डल से मां गंगा के पृथ्वी पर अवतरण की कथा भी सुनाई और बताया कि जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत पूरे प्रदेश के साथ मैहर में भी ग्राम पंचायत और नगरीय क्षेत्रों में गंगा दशहरा के विविध कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। सांस्कृतिक संध्या की शुरुआत देवांश मिश्रा की भक्तिमय प्रस्तुति "जमुना किनारे मेरो गांव..." से हुई। इसके

बाद संस्कृति चौरसिया, मानसी तिवारी और उनके साथियों ने कथक समूह नृत्य प्रस्तुत किया। शासकीय संगीत महाविद्यालय के संगीत विद्यार्थियों ने भी शास्त्रीय संगीत और नृत्य की मनमोहक प्रस्तुतियां दीं, जिसमें सुखदेव प्रजापति, अम्बिकेश चौधरी और उनके साथियों द्वारा स्वर वाद्य समूह की प्रस्तुति भी शामिल थी। इस कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य तारा विजय पटेल, जयंती तिवारी, सांसद प्रतिनिधि संतोष सोनी, कौशल विकास समिति सदस्य गणेश विश्वकर्मा, भाजपा नेता दिनेश मौर्य, भाजपा नेता कुलदीप तिवारी, शारदा प्रबंधन समिति सदस्य आलोक अग्रवाल और राकेश मौर्य सहित कई अन्य गणमान्य व्यक्ति भी मौजूद रहे।

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  • मैहर जिले में जल गंगा संवर्धन अभियान के दूसरे चरण के अंतर्गत, गंगा दशहरा के पावन अवसर पर आल्हा ताल में भव्य महाआरती और दीपदान किया गया। इस दौरान आल्हा जयंती के उपलक्ष्य में शास्त्रीय गायन और लोक नृत्य सहित विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने समां बांध दिया, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्सव का माहौल रहा। इस विशेष आयोजन में मैहर के विधायक श्रीकांत चतुर्वेदी, अमरपाटन के विधायक डॉ. राजेन्द्र कुमार सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष रामखेलावन कोल और मैहर नगर पालिका अध्यक्ष गीता संतोष सोनी सहित कई प्रमुख हस्तियां उपस्थित रहीं। कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी, एसडीएम मैहर दिव्या पटेल, तहसीलदार जीतेन्द्र पटेल, सीएमओ प्रिंस अग्रवाल और जनपद सीईओ अशोक तिवारी समेत अन्य जनप्रतिनिधियों ने मैहर पहाड़ी के पीछे स्थित प्रसिद्ध आल्हा ताल में दीपदान कर मां गंगा की भव्य महाआरती संपन्न करवाई। सांस्कृतिक संध्या के दौरान, आल्हा मंदिर के पुजारी डॉ. रामगोपाल दास ने आल्हा जयंती के अवसर पर आल्हा देव की जीवनी, उनके सामाजिक और आध्यात्मिक योगदान पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने बताया कि आल्हा देव सामाजिक समरसता के प्रेरणा स्त्रोत हैं और उन्हें मां शारदा के आशीर्वाद से अद्भुत क्षमता और भक्ति मिली। कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी ने अपने उद्बोधन में इसे एक संयोग बताया कि गंगा दशहरा पर आल्हा जयंती भी उनकी आराध्य देवी मां शारदा की नगरी में मनाई जा रही है। उन्होंने भागीरथ के प्रयासों से ब्रह्मा जी के कमण्डल से मां गंगा के पृथ्वी पर अवतरण की कथा भी सुनाई और बताया कि जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत पूरे प्रदेश के साथ मैहर में भी ग्राम पंचायत और नगरीय क्षेत्रों में गंगा दशहरा के विविध कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। सांस्कृतिक संध्या की शुरुआत देवांश मिश्रा की भक्तिमय प्रस्तुति "जमुना किनारे मेरो गांव..." से हुई। इसके बाद संस्कृति चौरसिया, मानसी तिवारी और उनके साथियों ने कथक समूह नृत्य प्रस्तुत किया। शासकीय संगीत महाविद्यालय के संगीत विद्यार्थियों ने भी शास्त्रीय संगीत और नृत्य की मनमोहक प्रस्तुतियां दीं, जिसमें सुखदेव प्रजापति, अम्बिकेश चौधरी और उनके साथियों द्वारा स्वर वाद्य समूह की प्रस्तुति भी शामिल थी। इस कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य तारा विजय पटेल, जयंती तिवारी, सांसद प्रतिनिधि संतोष सोनी, कौशल विकास समिति सदस्य गणेश विश्वकर्मा, भाजपा नेता दिनेश मौर्य, भाजपा नेता कुलदीप तिवारी, शारदा प्रबंधन समिति सदस्य आलोक अग्रवाल और राकेश मौर्य सहित कई अन्य गणमान्य व्यक्ति भी मौजूद रहे।
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    मैहर जिले में जल गंगा संवर्धन अभियान के दूसरे चरण के अंतर्गत, गंगा दशहरा के पावन अवसर पर आल्हा ताल में भव्य महाआरती और दीपदान किया गया। इस दौरान आल्हा जयंती के उपलक्ष्य में शास्त्रीय गायन और लोक नृत्य सहित विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने समां बांध दिया, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्सव का माहौल रहा।

इस विशेष आयोजन में मैहर के विधायक श्रीकांत चतुर्वेदी, अमरपाटन के विधायक डॉ. राजेन्द्र कुमार सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष रामखेलावन कोल और मैहर नगर पालिका अध्यक्ष गीता संतोष सोनी सहित कई प्रमुख हस्तियां उपस्थित रहीं। कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी, एसडीएम मैहर दिव्या पटेल, तहसीलदार जीतेन्द्र पटेल, सीएमओ प्रिंस अग्रवाल और जनपद सीईओ अशोक तिवारी समेत अन्य जनप्रतिनिधियों ने मैहर पहाड़ी के पीछे स्थित प्रसिद्ध आल्हा ताल में दीपदान कर मां गंगा की भव्य महाआरती संपन्न करवाई।

सांस्कृतिक संध्या के दौरान, आल्हा मंदिर के पुजारी डॉ. रामगोपाल दास ने आल्हा जयंती के अवसर पर आल्हा देव की जीवनी, उनके सामाजिक और आध्यात्मिक योगदान पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने बताया कि आल्हा देव सामाजिक समरसता के प्रेरणा स्त्रोत हैं और उन्हें मां शारदा के आशीर्वाद से अद्भुत क्षमता और भक्ति मिली। कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी ने अपने उद्बोधन में इसे एक संयोग बताया कि गंगा दशहरा पर आल्हा जयंती भी उनकी आराध्य देवी मां शारदा की नगरी में मनाई जा रही है। उन्होंने भागीरथ के प्रयासों से ब्रह्मा जी के कमण्डल से मां गंगा के पृथ्वी पर अवतरण की कथा भी सुनाई और बताया कि जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत पूरे प्रदेश के साथ मैहर में भी ग्राम पंचायत और नगरीय क्षेत्रों में गंगा दशहरा के विविध कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।

सांस्कृतिक संध्या की शुरुआत देवांश मिश्रा की भक्तिमय प्रस्तुति "जमुना किनारे मेरो गांव..." से हुई। इसके बाद संस्कृति चौरसिया, मानसी तिवारी और उनके साथियों ने कथक समूह नृत्य प्रस्तुत किया। शासकीय संगीत महाविद्यालय के संगीत विद्यार्थियों ने भी शास्त्रीय संगीत और नृत्य की मनमोहक प्रस्तुतियां दीं, जिसमें सुखदेव प्रजापति, अम्बिकेश चौधरी और उनके साथियों द्वारा स्वर वाद्य समूह की प्रस्तुति भी शामिल थी। इस कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य तारा विजय पटेल, जयंती तिवारी, सांसद प्रतिनिधि संतोष सोनी, कौशल विकास समिति सदस्य गणेश विश्वकर्मा, भाजपा नेता दिनेश मौर्य, भाजपा नेता कुलदीप तिवारी, शारदा प्रबंधन समिति सदस्य आलोक अग्रवाल और राकेश मौर्य सहित कई अन्य गणमान्य व्यक्ति भी मौजूद रहे।
    user_Satyaprakash Media Maihar
    Satyaprakash Media Maihar
    मैहर, सतना, मध्य प्रदेश•
    2 hrs ago
  • सतना में एक अस्पताल के निरीक्षण के दौरान, फिजियोथेरेपी सेवाओं पर गंभीर सवाल उठ गए हैं, जो स्वास्थ्य सेवा में एक संभावित संकट और व्यवस्थागत विफलता की ओर इशारा करते हैं। एक मरीज ने शिकायत की कि दोपहर 1:30 बजे तक उसे फिजियोथेरेपी नहीं मिली थी। हालांकि, अस्पताल प्रभारी ने बताया कि फिजियोथेरेपी का निर्धारित समय सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक है, जिससे तय समय के भीतर भी मरीज को सेवा न मिल पाने को लेकर जनता के बीच सवाल उठ रहे हैं।
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    सतना में एक अस्पताल के निरीक्षण के दौरान, फिजियोथेरेपी सेवाओं पर गंभीर सवाल उठ गए हैं, जो स्वास्थ्य सेवा में एक संभावित संकट और व्यवस्थागत विफलता की ओर इशारा करते हैं। एक मरीज ने शिकायत की कि दोपहर 1:30 बजे तक उसे फिजियोथेरेपी नहीं मिली थी। हालांकि, अस्पताल प्रभारी ने बताया कि फिजियोथेरेपी का निर्धारित समय सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक है, जिससे तय समय के भीतर भी मरीज को सेवा न मिल पाने को लेकर जनता के बीच सवाल उठ रहे हैं।
    user_Satyanarayan tiwari
    Satyanarayan tiwari
    Local News Reporter मैहर•
    3 hrs ago
  • मैहर जिले में नौतपा की शुरुआत होते ही भीषण गर्मी और तपिश ने लोगों को बेहाल करना शुरू कर दिया है। नौतपा के पहले ही दिन सोमवार को मैहर जिले में तापमान में भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई। तेज धूप और गर्म हवाओं (लू) के कारण दोपहर होते ही सड़कों और बाजारों में सन्नाटा पसर गया, जिससे लोग केवल बेहद जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकल रहे हैं। मौसम विभाग और स्थानीय आंकड़ों के अनुसार, सोमवार को मैहर का अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रहा। सुबह से ही सूरज के कड़े तेवर दिखने शुरू हो गए थे, और दोपहर तक आते-आते तीखी धूप व गर्म हवाओं ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया। इस भीषण गर्मी और लू के चलते मौसमी बीमारियों का प्रकोप भी बढ़ गया है; जिला अस्पताल और निजी क्लीनिकों में उल्टी, दस्त, तेज बुखार और डिहाइड्रेशन (पानी की कमी) के मरीजों की संख्या में अचानक तेजी आई है। स्थानीय डॉक्टरों ने आम जनता से अपील की है कि वे इस जानलेवा गर्मी और लू से अपना बचाव करें। डॉक्टरों ने स्वास्थ्य को लेकर कई जरूरी सावधानियां बरतने की सलाह दी है, जिनमें दोपहर 11 बजे से शाम 4 बजे के बीच बिना वजह बाहर न निकलना, थोड़ी-थोड़ी देर में पानी, ओआरएस घोल, नींबू पानी या छाछ का सेवन करके हाइड्रेटेड रहना, खाली पेट धूप में न निकलना, और बाहर जाते समय सूती व हल्के रंग के कपड़े पहनकर सिर को टोपी, अंगोछे या छाते से ढकना शामिल है। उन्होंने यह भी सलाह दी है कि यदि चक्कर आना, तेज सिरदर्द, उल्टी या अत्यधिक कमजोरी महसूस हो, तो तुरंत नजदीकी डॉक्टर से संपर्क करें। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में नौतपा के चलते तापमान में और भी बढ़ोतरी होने की संभावना है, जिसके मद्देनजर प्रशासन ने भी लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। मध्य भारत न्यूज़ भी सभी नागरिकों से अपील करता है कि इस भीषण गर्मी में अपना और अपने परिवार का ख्याल रखें, पक्षियों के लिए छत पर पानी रखें और सुरक्षित रहें।
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    मैहर जिले में नौतपा की शुरुआत होते ही भीषण गर्मी और तपिश ने लोगों को बेहाल करना शुरू कर दिया है। नौतपा के पहले ही दिन सोमवार को मैहर जिले में तापमान में भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई। तेज धूप और गर्म हवाओं (लू) के कारण दोपहर होते ही सड़कों और बाजारों में सन्नाटा पसर गया, जिससे लोग केवल बेहद जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकल रहे हैं।

मौसम विभाग और स्थानीय आंकड़ों के अनुसार, सोमवार को मैहर का अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रहा। सुबह से ही सूरज के कड़े तेवर दिखने शुरू हो गए थे, और दोपहर तक आते-आते तीखी धूप व गर्म हवाओं ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया। इस भीषण गर्मी और लू के चलते मौसमी बीमारियों का प्रकोप भी बढ़ गया है; जिला अस्पताल और निजी क्लीनिकों में उल्टी, दस्त, तेज बुखार और डिहाइड्रेशन (पानी की कमी) के मरीजों की संख्या में अचानक तेजी आई है।

स्थानीय डॉक्टरों ने आम जनता से अपील की है कि वे इस जानलेवा गर्मी और लू से अपना बचाव करें। डॉक्टरों ने स्वास्थ्य को लेकर कई जरूरी सावधानियां बरतने की सलाह दी है, जिनमें दोपहर 11 बजे से शाम 4 बजे के बीच बिना वजह बाहर न निकलना, थोड़ी-थोड़ी देर में पानी, ओआरएस घोल, नींबू पानी या छाछ का सेवन करके हाइड्रेटेड रहना, खाली पेट धूप में न निकलना, और बाहर जाते समय सूती व हल्के रंग के कपड़े पहनकर सिर को टोपी, अंगोछे या छाते से ढकना शामिल है। उन्होंने यह भी सलाह दी है कि यदि चक्कर आना, तेज सिरदर्द, उल्टी या अत्यधिक कमजोरी महसूस हो, तो तुरंत नजदीकी डॉक्टर से संपर्क करें। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में नौतपा के चलते तापमान में और भी बढ़ोतरी होने की संभावना है, जिसके मद्देनजर प्रशासन ने भी लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।

मध्य भारत न्यूज़ भी सभी नागरिकों से अपील करता है कि इस भीषण गर्मी में अपना और अपने परिवार का ख्याल रखें, पक्षियों के लिए छत पर पानी रखें और सुरक्षित रहें।
    user_MADHYA BHARAT NEWS
    MADHYA BHARAT NEWS
    Local News Reporter मैहर, सतना, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
  • मैहर सिविल अस्पताल में उस समय अव्यवस्था और कर्मचारियों के व्यवहार पर गंभीर सवाल खड़े हो गए, जब कुछ पत्रकार अस्पताल की व्यवस्थाओं की कवरेज के लिए वहाँ पहुँचे। आरोप है कि अस्पताल में मौजूद कुछ नर्सों ने पत्रकारों से न केवल ठीक ढंग से बात नहीं की, बल्कि उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और वीडियो बंद करने की धमकी भी दी। पत्रकारों का कहना है कि यदि मीडिया कर्मियों के साथ ऐसा व्यवहार किया जा रहा है, तो आम मरीजों और उनके परिजनों के साथ किस तरह का बर्ताव होता होगा, इसका सहज अंदाजा लगाया जा सकता है। उन्होंने चिंता व्यक्त की कि अस्पताल में इलाज के लिए आने वाले लोग पहले से ही परेशान होते हैं, और ऐसे में कर्मचारियों का रूखा व्यवहार उनकी समस्याओं को और बढ़ा देता है। स्थानीय लोगों ने भी अस्पताल प्रशासन से कर्मचारियों के व्यवहार में सुधार लाने की मांग की है। उनका कहना है कि अस्पताल सेवा का स्थान होता है, जहाँ मरीजों और उनके परिजनों के साथ संवेदनशीलता और सम्मानपूर्वक व्यवहार किया जाना चाहिए। अब यह देखना होगा कि अस्पताल प्रशासन इस मामले को कितनी गंभीरता से लेता है और कर्मचारियों को अनुशासन तथा बेहतर व्यवहार के लिए क्या निर्देश देता है।
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    मैहर सिविल अस्पताल में उस समय अव्यवस्था और कर्मचारियों के व्यवहार पर गंभीर सवाल खड़े हो गए, जब कुछ पत्रकार अस्पताल की व्यवस्थाओं की कवरेज के लिए वहाँ पहुँचे। आरोप है कि अस्पताल में मौजूद कुछ नर्सों ने पत्रकारों से न केवल ठीक ढंग से बात नहीं की, बल्कि उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और वीडियो बंद करने की धमकी भी दी।

पत्रकारों का कहना है कि यदि मीडिया कर्मियों के साथ ऐसा व्यवहार किया जा रहा है, तो आम मरीजों और उनके परिजनों के साथ किस तरह का बर्ताव होता होगा, इसका सहज अंदाजा लगाया जा सकता है। उन्होंने चिंता व्यक्त की कि अस्पताल में इलाज के लिए आने वाले लोग पहले से ही परेशान होते हैं, और ऐसे में कर्मचारियों का रूखा व्यवहार उनकी समस्याओं को और बढ़ा देता है।

स्थानीय लोगों ने भी अस्पताल प्रशासन से कर्मचारियों के व्यवहार में सुधार लाने की मांग की है। उनका कहना है कि अस्पताल सेवा का स्थान होता है, जहाँ मरीजों और उनके परिजनों के साथ संवेदनशीलता और सम्मानपूर्वक व्यवहार किया जाना चाहिए। अब यह देखना होगा कि अस्पताल प्रशासन इस मामले को कितनी गंभीरता से लेता है और कर्मचारियों को अनुशासन तथा बेहतर व्यवहार के लिए क्या निर्देश देता है।
    user_विक्रम रजक
    विक्रम रजक
    Local News Reporter मैहर, सतना, मध्य प्रदेश•
    8 hrs ago
  • गंगा दशहरा के पावन अवसर पर सतना जिले की तहसील रामपुर बघेलान और मैहर जिले की जनपद पंचायत अमरपाटन के ग्राम बेला में गंगा महोत्सव के विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इन आयोजनों के तहत, सी ई ओ जिला पंचायत शैलेंद्र सिंह के नेतृत्व और जनअभियान परिषद के तत्वावधान में ग्राम बेला में एक भव्य जल कलश यात्रा निकाली गई, जो बेला ग्राम पंचायत से प्रारंभ होकर बेला तालाब तक पहुंची। तालाब पर पहुंचने के उपरांत, महिलाओं ने मंगलगीत गाते हुए गंगा जल का पूजन किया। इस महत्वपूर्ण मौके पर, बेला तालाब में बड़ी संख्या में ग्रामीणों, अधिकारियों और कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक श्रम दान किया, जिससे कार्यक्रम सफल रहा।
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    गंगा दशहरा के पावन अवसर पर सतना जिले की तहसील रामपुर बघेलान और मैहर जिले की जनपद पंचायत अमरपाटन के ग्राम बेला में गंगा महोत्सव के विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इन आयोजनों के तहत, सी ई ओ जिला पंचायत शैलेंद्र सिंह के नेतृत्व और जनअभियान परिषद के तत्वावधान में ग्राम बेला में एक भव्य जल कलश यात्रा निकाली गई, जो बेला ग्राम पंचायत से प्रारंभ होकर बेला तालाब तक पहुंची।

तालाब पर पहुंचने के उपरांत, महिलाओं ने मंगलगीत गाते हुए गंगा जल का पूजन किया। इस महत्वपूर्ण मौके पर, बेला तालाब में बड़ी संख्या में ग्रामीणों, अधिकारियों और कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक श्रम दान किया, जिससे कार्यक्रम सफल रहा।
    user_रोहित कुमार पाठक
    रोहित कुमार पाठक
    Lawyer अमरपाटन, सतना, मध्य प्रदेश•
    49 min ago
  • भाजपा के तीन बार के पूर्व पार्षद राजू अग्रवाल ने कांग्रेस पार्टी की सदस्यता ग्रहण कर ली है। उन्होंने पीसीसी चीफ जीतू पटवारी की उपस्थिति में कांग्रेस का दामन थामा।
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    भाजपा के तीन बार के पूर्व पार्षद राजू अग्रवाल ने कांग्रेस पार्टी की सदस्यता ग्रहण कर ली है। उन्होंने पीसीसी चीफ जीतू पटवारी की उपस्थिति में कांग्रेस का दामन थामा।
    user_Shiv Singh rajput dahiya journ
    Shiv Singh rajput dahiya journ
    Court reporter Amarpatan, Satna•
    2 hrs ago
  • मध्य प्रदेश के सतना जिले की उचेहरा तहसील के पहाड़ी ग्राम पोस्ट परसमनिया गाँव में पानी की गंभीर समस्या ने विकराल रूप ले लिया है। यहाँ के ग्रामीण प्रतिदिन जल संकट से बुरी तरह परेशान हैं, क्योंकि गाँव में लगे नल पिछले दो साल से बंद पड़े हैं। इस स्थिति पर न तो कोई सरपंच ध्यान दे रहा है और न ही कोई सरकारी कर्मचारी। ग्रामीणों का कहना है कि चूँकि यह पूरा गाँव आदिवासी समाज का है, इसलिए कोई भी उनकी समस्या पर ध्यान नहीं दे रहा है। लोग बताते हैं कि चुनावों के समय तो सभी नेता गाँव में आते हैं, लेकिन अब कोई उनकी सुध नहीं ले रहा। इस गंभीर पेयजल संकट के कारण गरीब लोग प्रतिदिन परेशान हो रहे हैं। इसके अलावा, बंद पड़े नलों के पास एक बड़ा गड्ढा बन गया है, जिसमें किसी भी व्यक्ति या बच्चे के गिरने का खतरा है, जिससे उनकी जान को भी खतरा हो सकता है।
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    मध्य प्रदेश के सतना जिले की उचेहरा तहसील के पहाड़ी ग्राम पोस्ट परसमनिया गाँव में पानी की गंभीर समस्या ने विकराल रूप ले लिया है। यहाँ के ग्रामीण प्रतिदिन जल संकट से बुरी तरह परेशान हैं, क्योंकि गाँव में लगे नल पिछले दो साल से बंद पड़े हैं। इस स्थिति पर न तो कोई सरपंच ध्यान दे रहा है और न ही कोई सरकारी कर्मचारी।

ग्रामीणों का कहना है कि चूँकि यह पूरा गाँव आदिवासी समाज का है, इसलिए कोई भी उनकी समस्या पर ध्यान नहीं दे रहा है। लोग बताते हैं कि चुनावों के समय तो सभी नेता गाँव में आते हैं, लेकिन अब कोई उनकी सुध नहीं ले रहा। इस गंभीर पेयजल संकट के कारण गरीब लोग प्रतिदिन परेशान हो रहे हैं। इसके अलावा, बंद पड़े नलों के पास एक बड़ा गड्ढा बन गया है, जिसमें किसी भी व्यक्ति या बच्चे के गिरने का खतरा है, जिससे उनकी जान को भी खतरा हो सकता है।
    user_MADAN RAWAT
    MADAN RAWAT
    नागौद, सतना, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • एक तीखे सवाल में पूछा गया है कि आखिर जनता अपने हक की लड़ाई कब तक लड़ती रहेगी, और क्या देश के नेताओं का कोई दायित्व नहीं बनता। यह सवाल सीधे तौर पर नेताओं की जवाबदेही पर उठाया गया है, जो जनता की समस्याओं और उनके अधिकारों से जुड़ा है, और लोकतंत्र में उनकी आवाज को उजागर करता है।
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    एक तीखे सवाल में पूछा गया है कि आखिर जनता अपने हक की लड़ाई कब तक लड़ती रहेगी, और क्या देश के नेताओं का कोई दायित्व नहीं बनता। यह सवाल सीधे तौर पर नेताओं की जवाबदेही पर उठाया गया है, जो जनता की समस्याओं और उनके अधिकारों से जुड़ा है, और लोकतंत्र में उनकी आवाज को उजागर करता है।
    user_Satyanarayan tiwari
    Satyanarayan tiwari
    Local News Reporter मैहर•
    5 hrs ago
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