बिजली विभाग की टीम ने दिखाई दरियादिली, 11 हजार केवी लाइन का शटडाउन लेकर पक्षी को बचाया महेवा (इटावा)। बिजली विभाग के कर्मचारियों ने मानवीय संवेदना और जीव-जंतुओं के प्रति अपनी जिम्मेदारी का परिचय देते हुए एक पक्षी की जान बचाई। 11 हजार केवी की विद्युत लाइन पर एक पक्षी फंस गया था। इसकी जानकारी बिजली विभाग के कर्मचारियों को मिली तो उन्होंने बिना देर किए मौके पर पहुंचकर पक्षी को सुरक्षित निकालने की पहल की। पक्षी की जान को खतरा देखते हुए बिजली विभाग की लाइन टीम ने पहले 11 हजार केवी की विद्युत लाइन का शटडाउन लिया। इसके बाद सुरक्षा मानकों का ध्यान रखते हुए लाइन को सुरक्षित कर पक्षी को सावधानीपूर्वक नीचे उतारा गया। पक्षी को सुरक्षित निकालने के बाद उसे खुले वातावरण में छोड़ दिया गया, जहां वह आजाद होकर उड़ गया। बिजली विभाग के कर्मचारियों की इस पहल की आसपास मौजूद लोगों ने सराहना की। लोगों का कहना था कि अक्सर विद्युत लाइनों पर पक्षियों के फंसने या करंट की चपेट में आने की घटनाएं सामने आती हैं, लेकिन इस मामले में विभागीय कर्मचारियों ने तत्परता दिखाते हुए एक बेजुबान जीव की जिंदगी बचाने का सराहनीय कार्य किया। स्थानीय लोगों ने कहा कि बिजली विभाग की टीम ने केवल अपनी ड्यूटी ही नहीं निभाई, बल्कि जीवों के प्रति संवेदनशीलता का भी परिचय दिया। समय रहते विद्युत आपूर्ति बंद कर पक्षी को सुरक्षित निकालना एक जिम्मेदार कदम रहा। पक्षी को खुले आसमान में उड़ता देखकर मौके पर मौजूद लोगों के चेहरे पर भी खुशी दिखाई दी। बिजली विभाग की इस दरियादिली और तत्परता की क्षेत्र में चर्चा हो रही है।
बिजली विभाग की टीम ने दिखाई दरियादिली, 11 हजार केवी लाइन का शटडाउन लेकर पक्षी को बचाया महेवा (इटावा)। बिजली विभाग के कर्मचारियों ने मानवीय संवेदना और जीव-जंतुओं के प्रति अपनी जिम्मेदारी का परिचय देते हुए एक पक्षी की जान बचाई। 11 हजार केवी की विद्युत लाइन पर एक पक्षी फंस गया था। इसकी जानकारी बिजली विभाग के कर्मचारियों को मिली तो उन्होंने बिना देर किए मौके पर पहुंचकर पक्षी को सुरक्षित निकालने की पहल की। पक्षी की जान को खतरा देखते हुए बिजली विभाग की लाइन टीम ने पहले 11 हजार केवी की विद्युत लाइन का शटडाउन लिया। इसके बाद सुरक्षा मानकों का ध्यान रखते हुए लाइन को सुरक्षित कर पक्षी को सावधानीपूर्वक नीचे उतारा गया। पक्षी को सुरक्षित निकालने के बाद उसे खुले वातावरण में छोड़ दिया गया, जहां वह आजाद होकर उड़ गया। बिजली विभाग के कर्मचारियों की इस पहल की आसपास मौजूद लोगों ने सराहना की। लोगों का कहना था कि अक्सर विद्युत लाइनों पर पक्षियों के फंसने या करंट की चपेट में आने की घटनाएं सामने आती हैं, लेकिन इस मामले में विभागीय कर्मचारियों ने तत्परता दिखाते हुए एक बेजुबान जीव की जिंदगी बचाने का सराहनीय कार्य किया। स्थानीय लोगों ने कहा कि बिजली विभाग की टीम ने केवल अपनी ड्यूटी ही नहीं निभाई, बल्कि जीवों के प्रति संवेदनशीलता का भी परिचय दिया। समय रहते विद्युत आपूर्ति बंद कर पक्षी को सुरक्षित निकालना एक जिम्मेदार कदम रहा। पक्षी को खुले आसमान में उड़ता देखकर मौके पर मौजूद लोगों के चेहरे पर भी खुशी दिखाई दी। बिजली विभाग की इस दरियादिली और तत्परता की क्षेत्र में चर्चा हो रही है।
- बिजली विभाग की टीम ने दिखाई दरियादिली, 11 हजार केवी लाइन का शटडाउन लेकर पक्षी को बचाया महेवा (इटावा)। बिजली विभाग के कर्मचारियों ने मानवीय संवेदना और जीव-जंतुओं के प्रति अपनी जिम्मेदारी का परिचय देते हुए एक पक्षी की जान बचाई। 11 हजार केवी की विद्युत लाइन पर एक पक्षी फंस गया था। इसकी जानकारी बिजली विभाग के कर्मचारियों को मिली तो उन्होंने बिना देर किए मौके पर पहुंचकर पक्षी को सुरक्षित निकालने की पहल की। पक्षी की जान को खतरा देखते हुए बिजली विभाग की लाइन टीम ने पहले 11 हजार केवी की विद्युत लाइन का शटडाउन लिया। इसके बाद सुरक्षा मानकों का ध्यान रखते हुए लाइन को सुरक्षित कर पक्षी को सावधानीपूर्वक नीचे उतारा गया। पक्षी को सुरक्षित निकालने के बाद उसे खुले वातावरण में छोड़ दिया गया, जहां वह आजाद होकर उड़ गया। बिजली विभाग के कर्मचारियों की इस पहल की आसपास मौजूद लोगों ने सराहना की। लोगों का कहना था कि अक्सर विद्युत लाइनों पर पक्षियों के फंसने या करंट की चपेट में आने की घटनाएं सामने आती हैं, लेकिन इस मामले में विभागीय कर्मचारियों ने तत्परता दिखाते हुए एक बेजुबान जीव की जिंदगी बचाने का सराहनीय कार्य किया। स्थानीय लोगों ने कहा कि बिजली विभाग की टीम ने केवल अपनी ड्यूटी ही नहीं निभाई, बल्कि जीवों के प्रति संवेदनशीलता का भी परिचय दिया। समय रहते विद्युत आपूर्ति बंद कर पक्षी को सुरक्षित निकालना एक जिम्मेदार कदम रहा। पक्षी को खुले आसमान में उड़ता देखकर मौके पर मौजूद लोगों के चेहरे पर भी खुशी दिखाई दी। बिजली विभाग की इस दरियादिली और तत्परता की क्षेत्र में चर्चा हो रही है।1
- बड़ी खबर | इटावा इटावा कचहरी परिसर से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। एडवोकेट विकास रावत 7 सितंबर से अपनी मांगों को लेकर आमरण अनशन पर बैठे हुए हैं। एडवोकेट विकास रावत का आरोप है कि क्षेत्र में सांसद निधि से कराए जाने वाले कई विकास कार्य पूरे नहीं कराए गए हैं। वहीं, सांसद से जुड़े कुछ कार्यों को लेकर भी उन्होंने गंभीर सवाल उठाए हैं। इन्हीं मांगों और कथित अनदेखी के विरोध में विकास रावत कचहरी परिसर में आमरण अनशन पर बैठे हैं। उनका कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर जिम्मेदार अधिकारियों की ओर से उचित कार्रवाई नहीं की जाती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। अब सवाल यह है कि आमरण अनशन पर बैठे एडवोकेट विकास रावत की मांगों पर प्रशासन क्या कदम उठाता है और सांसद निधि से जुड़े विकास कार्यों को लेकर लगाए गए आरोपों पर जिम्मेदार पक्ष क्या जवाब देता है। फिलहाल, इस मामले को लेकर कचहरी परिसर में लोगों की नजर प्रशासन की अगली कार्रवाई पर बनी हुई है। बड़ी खबर | इटावा इटावा कचहरी परिसर से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। एडवोकेट विकास रावत 7 सितंबर से अपनी मांगों को लेकर आमरण अनशन पर बैठे हुए हैं। एडवोकेट विकास रावत का आरोप है कि क्षेत्र में सांसद निधि से कराए जाने वाले कई विकास कार्य पूरे नहीं कराए गए हैं। वहीं, सांसद से जुड़े कुछ कार्यों को लेकर भी उन्होंने गंभीर सवाल उठाए हैं। इन्हीं मांगों और कथित अनदेखी के विरोध में विकास रावत कचहरी परिसर में आमरण अनशन पर बैठे हैं। उनका कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर जिम्मेदार अधिकारियों की ओर से उचित कार्रवाई नहीं की जाती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। अब सवाल यह है कि आमरण अनशन पर बैठे एडवोकेट विकास रावत की मांगों पर प्रशासन क्या कदम उठाता है और सांसद निधि से जुड़े विकास कार्यों को लेकर लगाए गए आरोपों पर जिम्मेदार पक्ष क्या जवाब देता है। फिलहाल, इस मामले को लेकर कचहरी परिसर में लोगों की नजर प्रशासन की अगली कार्रवाई पर बनी हुई है।1
- *सात बेटियों ने मां को दिया कंधा, छोटी बेटी ने निभाया बेटे का फर्ज रूढ़िवादी सोच को तोड़कर बेटियों ने किया मां का अंतिम संस्कार, भावुक हुआ माहौल* “ओ मां, तू कितनी भोली है, कितनी प्यारी है... मां वो हैं किस्मत वाले, जिनके मां होती है।” यह भावुक कर देने वाला दृश्य उस समय देखने को मिला, जब जनपद इटावा से करीब 50 किलोमीटर दूर कस्बा दिबियापुर में सात बेटियों ने रूढ़िवादी सोच को तोड़ते हुए अपनी मां को अंतिम विदाई दी। दिबियापुर निवासी कृष्णा देवी के पति रामकिशोर का कई वर्ष पूर्व निधन हो गया था। उनके सात बेटियां थीं और कोई बेटा नहीं था। पति के निधन के बाद कृष्णा देवी ने मेहनत-मजदूरी कर अपनी सातों बेटियों का पालन-पोषण किया और उन्हें अच्छी शिक्षा दिलाई। सोमवार शाम कृष्णा देवी के निधन के बाद सभी सात बेटियां एकत्र हुईं। उन्होंने निर्णय लिया कि मां का अंतिम संस्कार वे स्वयं करेंगी। इसके बाद बेटियों ने बारी-बारी से अपनी मां की अर्थी को कंधा दिया और श्मशान घाट तक पहुंचाया। मां की अंतिम विदाई के दौरान सबसे छोटी बेटी ने आगे बढ़कर बेटों का फर्ज निभाते हुए विधि-विधान से अपनी मां को मुखाग्नि दी और अंतिम संस्कार संपन्न किया। यह दृश्य देखकर श्मशान घाट पर मौजूद लोग भावुक हो उठे। लोगों का कहना था कि उन्होंने अपने जीवन में पहली बार ऐसा दृश्य देखा है, जहां सात बेटियों ने मिलकर अपनी मां को कंधा दिया और बेटी ने मुखाग्नि देकर अंतिम संस्कार किया। बेटियों के इस साहसिक कदम की क्षेत्र में चारों ओर सराहना हो रही है। लोगों ने कहा कि बेटियां आज किसी भी क्षेत्र में बेटों से कम नहीं हैं। कृष्णा देवी ने जिस मेहनत और त्याग से अपनी बेटियों का पालन-पोषण किया, अंतिम विदाई के समय बेटियों ने भी मां के प्रति अपना फर्ज निभाकर समाज के सामने एक मिसाल पेश की। रजत यादव पत्रकार जन नीति 24 इटावा मो.74171970641
- इटावा के जसवंतनगर थाना क्षेत्र से एक युवती के लापता होने का मामला सामने आया है। परिजनों ने पुलिस पर गुमशुदगी दर्ज होने के बावजूद प्रभावी कार्रवाई न करने का आरोप लगाते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से शिकायत की है। इटावा के जसवंतनगर थाना क्षेत्र से एक युवती के लापता होने का मामला सामने आया है। परिजनों ने पुलिस पर गुमशुदगी दर्ज होने के बावजूद प्रभावी कार्रवाई न करने का आरोप लगाते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से शिकायत की है। दरअसल, प्रार्थी लक्ष्मण सिंह, निवासी परसौआ थाना जसवंतनगर ने एसएसपी इटावा को दिए शिकायती पत्र में बताया कि उनकी करीब 20 वर्षीय पुत्री ज्योति 4 मई 2026 की रात करीब ढाई बजे घर से बिना बताए चली गई। परिजनों ने काफी तलाश करने के बाद 8 मई को थाना जसवंतनगर में गुमशुदगी दर्ज कराई। शिकायत पत्र के मुताबिक, पुलिस ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज तो की, लेकिन करीब चार महीने बीत जाने के बाद भी युवती का कोई पता नहीं चल सका है। परिजनों का आरोप है कि उन्हें मामले की जांच और कार्रवाई के संबंध में कोई ठोस जानकारी नहीं दी गई। शिकायत में मोबाइल नंबरों से संबंधित जानकारी मिलने के बावजूद प्रभावी कार्रवाई न होने की बात भी कही गई है। परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस कुछ लोगों को पूछताछ के बाद छोड़ चुकी है और युवती के बारे में अभी तक कोई सुराग नहीं मिला है। अब पीड़ित परिवार ने एसएसपी से मामले को गंभीरता से लेते हुए जसवंतनगर थाना पुलिस को तत्काल जांच कर युवती को सकुशल बरामद करने के निर्देश देने की मांग की है। अब देखना होगा कि शिकायत के बाद पुलिस इस मामले में क्या कार्रवाई करती है और लापता युवती की तलाश कब तक पूरी हो पाती है।1
- दो दिन से लापता 60 वर्षीय व्यक्ति का तालाब में मिला शव दो दिन से लापता 60 वर्षीय व्यक्ति का तालाब में मिला शव अजीतमल। अजीतमल कोतवाली क्षेत्र के संफार ग्राम में दो दिन से लापता करीब 60 वर्षीय दया शंकर त्रिपाठी का शव मंगलवार सुबह घर के पास स्थित तालाब में मृत अवस्था में मिलने से हड़कंप मच गया। बताया जा रहा है कि दया शंकर त्रिपाठी दो दिन पहले रात करीब 8 बजे घर से निकले थे, जिसके बाद वापस नहीं लौटे। परिजन उनकी तलाश कर रहे थे। मंगलवार सुबह घर के पास तालाब में उनका शव मिला। सूचना मिलते ही कोतवाली प्रभारी विनोद कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है। मौत के कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।3
- तुरुकपुर में रासलीला के दूसरे दिन हुआ पूतना वध का मंचन, जयकारों से गूंजा परिसर जनपद इटावा के विकास खंड महेवा के ग्राम तुरुकपुर स्थित शिव मंदिर राधा-कृष्ण धाम में आयोजित छह दिवसीय भव्य रासलीला के दूसरे दिन पूतना वध की लीला का मनोहारी मंचन किया गया। कलाकारों ने भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं और पूतना के वध का सजीव मंचन कर श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। लीला के दौरान दिखाया गया कि किस प्रकार राक्षसी पूतना छलपूर्वक बालक श्रीकृष्ण को विषपान कराने पहुंचती है, लेकिन भगवान श्रीकृष्ण उसके प्राणों का हरण कर उसका उद्धार करते हैं। पूतना वध की लीला देखकर श्रद्धालुओं ने भगवान श्रीकृष्ण के जयकारे लगाए, जिससे पूरा मंदिर परिसर भक्तिमय हो गया। रासलीला का शुभारंभ भाजपा इटावा के मंडल मंत्री पंकज कुशवाहा, कुशवाहा महासभा इटावा के जिलाध्यक्ष यशवंत सिंह कुशवाहा एवं विनोद कुशबंशी ने किया। रासलीला का आयोजन राधा-कृष्ण रासलीला मंडल, कानपुर की ओर से किया जा रहा है। आयोजन के प्रमुख महंत नागा पूरन गिरी महाराज मुड़ाखेड़ा, जिला अमरोहा तथा मंडलाधीश विनय कृष्ण महाराज, औरैया हैं। आयोजन को सफल बनाने में रासलीला कमेटी के देवेंद्र कुशवाहा, तिलक कुशवाहा, सुनील कुशवाहा, पृथ्वीराज सिंह कुशवाहा, नागेंद्र सहित अन्य सदस्य व्यवस्थाओं में जुटे हुए हैं। रासलीला देखने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।4
- औरैया अजीतमल कोतवाली क्षेत्र 2500 रुपये के विवाद में युवक की हत्या, 36 घंटे में खुलासा औरैया। अजीतमल कोतवाली क्षेत्र के हालेपुर गांव के पास मूली के खेत में युवक सुमित नारायण की हत्या का पुलिस ने 36 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया। थाना अजीतमल पुलिस और एसओजी/सर्विलांस की संयुक्त टीम ने हत्यारोपित रितिक कुमार (19) निवासी हालेपुर को गिरफ्तार किया है। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने लोहे का वांका, मृतक का मोबाइल फोन तथा रक्तरंजित टीशर्ट और हाफ लोवर बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार, पांच सितंबर को हालेपुर-एल्चीनगर मार्ग किनारे मूली के खेत में करीब 25 वर्षीय सुमित नारायण का शव मिला था। मृतक के पिता की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना के शीघ्र अनावरण के लिए पांच पुलिस टीमों का गठन किया गया था। पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार आरोपी ने बताया कि उसने करीब छह माह पूर्व सुमित से 2500 रुपये उधार लिए थे। सुमित बार-बार रुपये वापस मांग रहा था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद चल रहा था। आरोपी के मुताबिक, सुमित द्वारा सार्वजनिक स्थान पर उसके और परिवार की बेइज्जती किए जाने से वह क्षुब्ध था। आरोप है कि चार सितंबर की शाम रितिक ने फोन कर सुमित को खेतों की ओर बुलाया। वह अपने साथ लोहे का वांका लेकर पहुंचा। बातचीत के बाद जब सुमित घर लौटने लगा तो आरोपी ने पीछे से उसके सिर पर वांके से वार कर दिया। इसके बाद भाग रहे सुमित पर दोबारा हमला किया और गंभीर चोटों के कारण उसकी मौत हो गई। आरोपी ने मृतक का मोबाइल निकालकर वांका और मोबाइल झाड़ियों में छिपा दिया। पुलिस ने एल्चीनगर से हालेपुर जाने वाले रोड के तिराहे से आरोपी को गिरफ्तार किया। बरामदगी के आधार पर मुकदमे में आयुध अधिनियम की धारा 4/25 की बढ़ोतरी की गई है। पुलिस आरोपी के आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटा रही है।1
- इटावा में डबल डेकर बस में लगी भीषण आग, यात्रियों में मची अफरा-तफरी इटावा में डबल डेकर बस में लगी भीषण आग, यात्रियों में मची अफरा-तफरी इटावा। शहर के फ्रेंड्स कॉलोनी क्षेत्र में सोमवार की अल सुबह उस समय हड़कंप मच गया, जब दिल्ली से हमीरपुर जा रही एक डबल डेकर बस में अचानक भीषण आग लग गई। बस में आग लगते ही यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। बताया जा रहा है कि हादसे के समय बस में करीब 40 यात्री सवार थे। जानकारी के अनुसार, बस फ्रेंड्स कॉलोनी क्षेत्र से गुजर रही थी। इसी दौरान बस में अचानक आग भड़क उठी। आग की लपटें दिखाई देते ही यात्रियों में दहशत फैल गई। यात्रियों ने किसी तरह बस से बाहर निकलकर अपनी जान बचाई। घटना के बाद मौके पर काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। आग लगने के बाद बस चालक और परिचालक के मौके से फरार होने की बात सामने आई है। घटना की सूचना तत्काल पुलिस और फायर ब्रिगेड को दी गई। सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का काम शुरू किया गया। फायर टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद बस में लगी आग पर काबू पाया। बताया गया कि बस दिल्ली से हमीरपुर जा रही थी। हालांकि आग लगने के वास्तविक कारणों का अभी स्पष्ट पता नहीं चल सका है। प्रारंभिक तौर पर शॉर्ट सर्किट या किसी तकनीकी खराबी की आशंका जताई जा सकती है, लेकिन इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। घटना में किसी यात्री के हताहत होने की सूचना फिलहाल सामने नहीं आई है। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटाई और यात्रियों से भी पूछताछ की। आग की घटना के कारण कुछ समय के लिए क्षेत्र में लोगों की भीड़ जमा हो गई। पुलिस और दमकल विभाग की टीम ने स्थिति को नियंत्रित किया। घटना के बाद बस की सुरक्षा व्यवस्था और आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है।1