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बिलासपुर में बिजली बिलों में बढ़ोतरी के विरोध में कांग्रेस ने बिजली विभाग कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए बढ़ी हुई बिजली दरों को वापस लेने की मांग कर रहे थे। विधायक अटल श्रीवास्तव ने आरोप लगाया कि सरकार केवल उद्योगपतियों के हित में काम कर रही है, जबकि बढ़े हुए बिजली बिलों से आम जनता की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं।
द संक्षेप
बिलासपुर में बिजली बिलों में बढ़ोतरी के विरोध में कांग्रेस ने बिजली विभाग कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए बढ़ी हुई बिजली दरों को वापस लेने की मांग कर रहे थे। विधायक अटल श्रीवास्तव ने आरोप लगाया कि सरकार केवल उद्योगपतियों के हित में काम कर रही है, जबकि बढ़े हुए बिजली बिलों से आम जनता की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं।
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- बढ़ती बिजली दरों, पेयजल संकट और दैनिक उपयोग की वस्तुओं के बढ़ते दामों के विरोध में सोमवार को कांग्रेस पार्टी ने बिलासपुर स्थित CSEB जोन कार्यालय का जोरदार घेराव किया। इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता, पदाधिकारी और आम नागरिक शामिल हुए, जिन्होंने राज्य की जनता पर बढ़ते आर्थिक बोझ पर नाराजगी जाहिर करते हुए बिजली दरों में की गई बढ़ोतरी को तत्काल वापस लेने की मांग की। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि पिछले कुछ वर्षों से बिजली दरों में लगातार वृद्धि हो रही है, जिससे आम उपभोक्ताओं, किसानों और मध्यमवर्गीय परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक दबाव पड़ रहा है। उनका कहना था कि एक ओर जनता महंगाई की मार झेल रही है, वहीं दूसरी ओर बिजली, पानी और आवश्यक वस्तुओं के दामों में लगातार वृद्धि से लोगों का घरेलू बजट बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। घेराव के दौरान कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भी सौंपा, जिसमें घरेलू उपभोक्ताओं के बिजली बिलों में प्रति यूनिट बढ़ोतरी को तत्काल वापस लेने और प्रदेश की जनता को राहत देने के लिए बिजली शुल्क में कमी करने की मांग की गई। कांग्रेस नेताओं ने यह भी कहा कि कई क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति की समस्या बनी हुई है और खाद्य सामग्री, ईंधन तथा अन्य आवश्यक वस्तुओं के बढ़ते दामों ने आम नागरिकों की आर्थिक स्थिति को कमजोर कर दिया है। इन्हीं मुद्दों को लेकर कांग्रेस ने CSEB कार्यालय का घेराव कर सरकार और संबंधित विभागों का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया। इस आंदोलन में बिलासपुर शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष सिद्धांशु मिश्रा, ग्रामीण जिला कांग्रेस अध्यक्ष महेंद्र गंगोत्री सहित अनेक वरिष्ठ पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया कि यह आंदोलन केवल बिजली दरों तक सीमित नहीं है, बल्कि बिजली, पानी और महंगाई जैसी जनता को प्रभावित करने वाली सभी मूलभूत समस्याओं के खिलाफ एक जनआवाज है। उनके अनुसार, इस व्यापक प्रदर्शन और घेराव से संबंधित विभागों में दबाव बना और प्रशासनिक अधिकारियों को आंदोलनकारियों की मांगों पर ध्यान देने के लिए मजबूर होना पड़ा। मुख्य मांगों में बढ़ी हुई बिजली दरों को तत्काल वापस लेना, घरेलू एवं कृषि उपभोक्ताओं को राहत देना, पेयजल संकट का स्थायी समाधान करना, आवश्यक वस्तुओं की बढ़ती कीमतों पर नियंत्रण करना और आम जनता को महंगाई से राहत देने के लिए ठोस कदम उठाना शामिल है।4
- बिलासपुर में बिजली बिलों में बढ़ोतरी के विरोध में कांग्रेस ने बिजली विभाग कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए बढ़ी हुई बिजली दरों को वापस लेने की मांग कर रहे थे। विधायक अटल श्रीवास्तव ने आरोप लगाया कि सरकार केवल उद्योगपतियों के हित में काम कर रही है, जबकि बढ़े हुए बिजली बिलों से आम जनता की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं।1
- मध्य प्रदेश के मैहर जिले से सामने आए एक वीडियो ने सरकारी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस वीडियो में एक बुजुर्ग ने अपनी जमीन पर कथित अवैध अतिक्रमण का दावा करते हुए बताया कि वह वर्ष 1988 से न्याय पाने के लिए अधिकारियों और दफ्तरों के चक्कर लगा रहा है, लेकिन आज तक उसे कोई समाधान नहीं मिला है। अपनी 37 वर्षों से चली आ रही इस लड़ाई में थक-हार कर अब बुजुर्ग सीधे सिस्टम से सवाल पूछ रहा है, "साहब, मैं किस अधिकारी के पास जाऊं? कौन मेरी सुनेगा?" यह घटना आम नागरिकों को दशकों तक न्याय के लिए भटकने की विवशता पर चिंता पैदा करती है, जहाँ आज भी बुजुर्ग को इंसाफ का इंतजार है।1
- रायगढ़ के कोतरारोड थाना में आबकारी अधिनियम के तहत गिरफ्तार बंदी संजय बघेल की संदिग्ध मृत्यु के मामले में ज़िला पुलिस ने पहली बार सार्वजनिक रूप से अपना पक्ष रखा है। मंगलवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में, एसएसपी शशि मोहन सिंह ने मीडिया के सामने थाना परिसर के सीसीटीवी फुटेज, मेडिकल रिपोर्ट और पूरी कार्रवाई का ब्यौरा प्रस्तुत किया। पुलिस ने दावा किया है कि गिरफ्तारी से लेकर जेल भेजे जाने तक आरोपी के साथ किसी भी चरण में मारपीट या दुर्व्यवहार नहीं किया गया। पुलिस के अनुसार, 10 जून को मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए संजय बघेल के कब्ज़े से 30 लीटर अवैध महुआ शराब बरामद की गई थी। दोपहर 12:43 बजे उसे कोतरारोड थाना लाया गया और वैधानिक प्रक्रिया पूरी कर दोपहर 2:15 बजे विधिवत गिरफ्तार किया गया। एसएसपी ने बताया कि थाना परिसर के सीसीटीवी फुटेज में संजय बघेल के साथ पुलिस का सामान्य और मानवीय व्यवहार स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है, जिसमें उसे पानी पिलाते, भोजन कराते और परिजनों से मुलाकात कराते हुए भी दिखाया गया है। शाम 4:35 बजे संजय बघेल को मेडिकल परीक्षण और न्यायालयीन प्रक्रिया के लिए थाना से रवाना किया गया था, जहाँ चिकित्सीय परीक्षण के दौरान उसने किसी चोट या शारीरिक परेशानी की शिकायत नहीं की, और मेडिकल रिपोर्ट में उसे फिट बताया गया था। इसके बाद शाम करीब 6:30 बजे परिजनों की मौजूदगी में उसे जेल दाखिल कराया गया। पुलिस ने मामले में प्राप्त पोस्टमार्टम रिपोर्ट का हवाला देते हुए बताया कि मृतक के शरीर पर पाई गई चोटों को मृत्यु का प्रत्यक्ष कारण नहीं माना गया है। मृत्यु के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए विसरा और हिस्टोपैथोलॉजिकल जांच कराई जा रही है, जिनकी रिपोर्ट आने के बाद ही अंतिम स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। संजय बघेल की मृत्यु की न्यायिक जांच जेएमएफसी रायगढ़ द्वारा की जा रही है, जिसमें पुलिस पूरा सहयोग देने और जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित करने की बात कह रही है। हालांकि, मृतक के परिजनों द्वारा पुलिसकर्मियों पर रुपये लेने के आरोप को एसएसपी ने गंभीरता से लिया है। इस आरोप के चलते मामले के जांचकर्ता प्रधान आरक्षक श्यामदेव साहू और आरक्षक शंभू चौहान को तत्काल प्रभाव से लाइन अटैच कर दिया गया है। इस शिकायत की विस्तृत जांच डीएसपी मुख्यालय को सौंपी गई है।1
- बिलासपुर जिले की हिर्री पुलिस ने गैरेज यार्ड से ट्रक के टायर चोरी करने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस द्वारा बुधवार शाम जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, आरोपियों में ऋषि धीवर (27), संदीप कश्यप (32) और शेखर चंद्राकर (20) शामिल हैं। इनमें ऋषि धीवर सेमरताल, कोनी थाना क्षेत्र का रहने वाला है, जबकि संदीप कश्यप और शेखर चंद्राकर दोनों गढ़वट, रतनपुर थाना क्षेत्र, बिलासपुर के निवासी हैं। यह मामला तब सामने आया जब प्रार्थी दीपक सिंह मरकाम ने हिर्री थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई। आवेदन के मुताबिक, 9 जून 2026 की रात 8 बजे से 10 जून 2026 की सुबह 9 बजे के बीच ग्राम झल्फा स्थित विश्वकर्मा गैरेज में खड़ी एक ट्रक (क्रमांक CG 04 PII 0757) के डिस्क सहित 9/20 साइज के कुल 4 नग टायर चोरी हो गए थे, जिनकी कीमत 80 हजार रुपये आंकी गई है। प्रथम दृष्टया धारा 303 (2) बीएनएस के तहत अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। विवेचना के दौरान, बिलासपुर के उमनि एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री रजनेश सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण श्रीमती मधुलिका सिंह और नगर पुलिस अधीक्षक चकरभाठा श्रीमती नूपुर उपाध्याय से मिले आवश्यक दिशा-निर्देशों पर थाना प्रभारी हिर्री दामोदर मिश्रा के नेतृत्व में एक टीम बनाई गई। 16 जून 2026 को मुखबिर से सूचना मिली कि भोजपुरी टोल प्लाजा के पास तीन लड़के ट्रकों से टायर बेचने के लिए ग्राहक तलाश रहे हैं। पुलिस ने सूचना की तस्दीक की और तीनों संदिग्धों को पकड़कर पूछताछ की, जिन्होंने जुर्म करना स्वीकार कर लिया। ऋषि धीवर के मेमोरेंडम कथन के आधार पर पता चला कि उसने 9 जून 2026 की रात अपने दोस्त संदीप कश्यप, शेखर चंद्राकर और मालटन उर्फ मीनू बैसवाड़े (तीनों गढ़बट निवासी) के साथ मिलकर चोरी की थी। 17 जून 2026 को चोरी हुए सभी टायरों को 100 प्रतिशत बरामद कर लिया गया और आरोपियों के खिलाफ पर्याप्त सबूत पाए जाने पर उन्हें विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।1
- बिलासपुर के व्यापार विहार इलाके में एक महिला के साथ करोड़ों रुपये की जमीन की रजिस्ट्री बिना कोई भुगतान किए किए जाने का बड़ा धोखा हुआ है। पीड़ित महिला अपनी समस्या लेकर जनदर्शन कार्यक्रम में कलेक्ट्रेट पहुंची थी।1
- मुंगेली के फास्टरपुर स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें एसएसपी भोजराम पटेल और जिला पंचायत सीईओ प्रभाकर पाण्डेय ने शिरकत की। इस अवसर पर एसएसपी भोजराम पटेल ने बच्चों को सफलता का मंत्र दिया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को शिक्षा, अनुशासन और नैतिक मूल्यों का महत्व समझाया गया। साथ ही, बच्चों में उत्साह बढ़ाने के उद्देश्य से उन्हें साइकिल, पाठ्यपुस्तकें और गणवेश वितरित किए गए। अतिथियों ने विद्यार्थियों के साथ न्योता भोज में भी भाग लिया, जिससे उनका और भी उत्साहवर्धन हुआ।1
- बिलासपुर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र स्थित संगम नगर में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जहाँ 70 वर्षीय पंचूराम सोनवानी ने अपनी पत्नी सुमित्रा बाई सोनवानी की हत्या कर दी। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, आरोपी पंचूराम अपनी पत्नी के चरित्र पर संदेह करता था, जिसके चलते दोनों के बीच अक्सर झगड़े होते रहते थे। मंगलवार को उनका विवाद हिंसक हो गया और पंचूराम ने धारदार हथियार से सुमित्रा बाई पर हमला कर दिया, जिससे महिला की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुँची और आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया। इस भयावह घटना ने पूरे बिलासपुर को झकझोर कर रख दिया है, खासकर इसलिए क्योंकि एक ही दिन में सिविल लाइन और सिरगिट्टी क्षेत्र में हुई यह हत्या की दूसरी वारदात थी। 70 साल की उम्र में हत्यारा बनकर सलाखों के पीछे पहुँचे पंचूराम सोनवानी की इस करतूत ने इलाके में सनसनी फैला दी है।1