कठूमर पूर्व विधायक बाबूलाल बैरवा का निधन, कांग्रेस कार्यकर्ताओं में दौड़ी शोक की लहर कठूमर विधानसभा के पूर्व विधायक बाबूलाल बैरवा का 73 साल की उम्र में रविवार तड़के निधन हो गया। वे पिछले करीब 20 दिनों से अस्वस्थ चल रहे थे और 13 अप्रैल से एसएमएस अस्पताल जयपुर में भर्ती थे, जहां उनका इलाज जारी था। आज सुबह करीब 3 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। जानकारी के अनुसार, बाबूलाल बैरवा लंबे समय से बीपी, शुगर और अस्थमा जैसी बीमारियों से जूझ रहे थे। स्वास्थ्य लगातार गिरने के चलते उन्हें जयपुर रेफर किया गया था, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। नवंबर 1953 में जन्मे बाबूलाल बैरवा खेड़ली बाइपास रोड स्थित अपने निवास पर रहते थे। वे अपने राजनीतिक जीवन में चार बार विधायक चुने गए और अलग-अलग दलों से जनता का प्रतिनिधित्व किया। साल 1980 में उन्होंने निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में जीत दर्ज की, 1985 में कांग्रेस के टिकट पर विधायक बने। इसके बाद 2008 में भाजपा से चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे और 2018 में एक बार फिर कांग्रेस के टिकट पर जीत हासिल की। इस तरह उन्होंने अपने राजनीतिक सफर में विभिन्न दलों के साथ रहते हुए क्षेत्र की सेवा की। बाबूलाल बैरवा को क्षेत्र में एक जमीनी नेता के रूप में जाना जाता था। उन्होंने कठूमर विधानसभा क्षेत्र में सड़क, पानी, शिक्षा और अन्य बुनियादी सुविधाओं के विकास में अहम भूमिका निभाई। उनके कार्यकाल में कई विकास कार्य हुए, जिनका लाभ आज भी क्षेत्र की जनता को मिल रहा है। उनके निधन की खबर मिलते ही खेड़ली, कठूमर और आसपास के क्षेत्रों में शोक की लहर दौड़ गई। कांग्रेस कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने इसे पार्टी और क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति बताया है। बड़ी संख्या में समर्थक और कार्यकर्ता उनके निवास पर पहुंच रहे हैं।पूर्व विधायक का पार्थिव शरीर खेड़ली बाइपास रोड स्थित उनके निवास पर लाया जाएगा, जहां अंतिम दर्शन के बाद उनकी अंतिम यात्रा निकाली जाएगी। अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों, कार्यकर्ताओं और आमजन के शामिल होने की संभावना है।बाबूलाल बैरवा के निधन से न केवल राजनीतिक जगत, बल्कि पूरे कठूमर क्षेत्र ने एक अनुभवी और लोकप्रिय जननेता को खो दिया है।
कठूमर पूर्व विधायक बाबूलाल बैरवा का निधन, कांग्रेस कार्यकर्ताओं में दौड़ी शोक की लहर कठूमर विधानसभा के पूर्व विधायक बाबूलाल बैरवा का 73 साल की उम्र में रविवार तड़के निधन हो गया। वे पिछले करीब 20 दिनों से अस्वस्थ चल रहे थे और 13 अप्रैल से एसएमएस अस्पताल जयपुर में भर्ती थे, जहां उनका इलाज जारी था। आज सुबह करीब 3 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। जानकारी के अनुसार, बाबूलाल बैरवा लंबे समय से बीपी, शुगर और अस्थमा जैसी बीमारियों से जूझ रहे थे। स्वास्थ्य लगातार गिरने के चलते उन्हें जयपुर रेफर किया गया था, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। नवंबर 1953 में जन्मे बाबूलाल बैरवा खेड़ली बाइपास रोड स्थित अपने निवास पर रहते थे।
वे अपने राजनीतिक जीवन में चार बार विधायक चुने गए और अलग-अलग दलों से जनता का प्रतिनिधित्व किया। साल 1980 में उन्होंने निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में जीत दर्ज की, 1985 में कांग्रेस के टिकट पर विधायक बने। इसके बाद 2008 में भाजपा से चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे और 2018 में एक बार फिर कांग्रेस के टिकट पर जीत हासिल की। इस तरह उन्होंने अपने राजनीतिक सफर में विभिन्न दलों के साथ रहते हुए क्षेत्र की सेवा की। बाबूलाल बैरवा को क्षेत्र में एक जमीनी नेता के रूप में जाना जाता था। उन्होंने कठूमर विधानसभा क्षेत्र में सड़क, पानी, शिक्षा और अन्य बुनियादी सुविधाओं के विकास में अहम भूमिका निभाई। उनके कार्यकाल में कई विकास कार्य हुए, जिनका लाभ
आज भी क्षेत्र की जनता को मिल रहा है। उनके निधन की खबर मिलते ही खेड़ली, कठूमर और आसपास के क्षेत्रों में शोक की लहर दौड़ गई। कांग्रेस कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने इसे पार्टी और क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति बताया है। बड़ी संख्या में समर्थक और कार्यकर्ता उनके निवास पर पहुंच रहे हैं।पूर्व विधायक का पार्थिव शरीर खेड़ली बाइपास रोड स्थित उनके निवास पर लाया जाएगा, जहां अंतिम दर्शन के बाद उनकी अंतिम यात्रा निकाली जाएगी। अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों, कार्यकर्ताओं और आमजन के शामिल होने की संभावना है।बाबूलाल बैरवा के निधन से न केवल राजनीतिक जगत, बल्कि पूरे कठूमर क्षेत्र ने एक अनुभवी और लोकप्रिय जननेता को खो दिया है।
- कठूमर विधानसभा के पूर्व विधायक बाबूलाल बैरवा का 73 साल की उम्र में रविवार तड़के निधन हो गया। वे पिछले करीब 20 दिनों से अस्वस्थ चल रहे थे और 13 अप्रैल से एसएमएस अस्पताल जयपुर में भर्ती थे, जहां उनका इलाज जारी था। आज सुबह करीब 3 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। जानकारी के अनुसार, बाबूलाल बैरवा लंबे समय से बीपी, शुगर और अस्थमा जैसी बीमारियों से जूझ रहे थे। स्वास्थ्य लगातार गिरने के चलते उन्हें जयपुर रेफर किया गया था, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। नवंबर 1953 में जन्मे बाबूलाल बैरवा खेड़ली बाइपास रोड स्थित अपने निवास पर रहते थे। वे अपने राजनीतिक जीवन में चार बार विधायक चुने गए और अलग-अलग दलों से जनता का प्रतिनिधित्व किया। साल 1980 में उन्होंने निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में जीत दर्ज की, 1985 में कांग्रेस के टिकट पर विधायक बने। इसके बाद 2008 में भाजपा से चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे और 2018 में एक बार फिर कांग्रेस के टिकट पर जीत हासिल की। इस तरह उन्होंने अपने राजनीतिक सफर में विभिन्न दलों के साथ रहते हुए क्षेत्र की सेवा की। बाबूलाल बैरवा को क्षेत्र में एक जमीनी नेता के रूप में जाना जाता था। उन्होंने कठूमर विधानसभा क्षेत्र में सड़क, पानी, शिक्षा और अन्य बुनियादी सुविधाओं के विकास में अहम भूमिका निभाई। उनके कार्यकाल में कई विकास कार्य हुए, जिनका लाभ आज भी क्षेत्र की जनता को मिल रहा है। उनके निधन की खबर मिलते ही खेड़ली, कठूमर और आसपास के क्षेत्रों में शोक की लहर दौड़ गई। कांग्रेस कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने इसे पार्टी और क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति बताया है। बड़ी संख्या में समर्थक और कार्यकर्ता उनके निवास पर पहुंच रहे हैं।पूर्व विधायक का पार्थिव शरीर खेड़ली बाइपास रोड स्थित उनके निवास पर लाया जाएगा, जहां अंतिम दर्शन के बाद उनकी अंतिम यात्रा निकाली जाएगी। अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों, कार्यकर्ताओं और आमजन के शामिल होने की संभावना है।बाबूलाल बैरवा के निधन से न केवल राजनीतिक जगत, बल्कि पूरे कठूमर क्षेत्र ने एक अनुभवी और लोकप्रिय जननेता को खो दिया है।3
- मित्रों अगर आपको यह जानकारी पसंद आई है तो लाइक करें शेयर करें और हमें Follow 🎉 करना न भूले। स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के समाधान नदबई भरतपुर से लाइव अपडेट।1
- पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोतजी के 75वें जन्मदिन पर महिला कांग्रेस जिला अध्यक्ष एडवोकेट स्वेता यादव द्वारा सेवा कार्य अशोक गहलोत के 75वें जन्मदिन के अवसर पर महिला कांग्रेस की जिला अध्यक्ष एडवोकेट स्वेता यादव के नेतृत्व में कच्ची बस्ती क्षेत्र में सेवा कार्य आयोजित किए गए। इस दौरान जरूरतमंद बच्चों एवं महिलाओं के बीच फल, बिस्किट तथा महिलाओं को सैनिटरी पैड वितरित किए गए। जिला अध्यक्ष एडवोकेट स्वेता यादव ने बताया कि कांग्रेस पार्टी की विचारधारा हमेशा से गरीब, कमजोर एवं जरूरतमंद वर्ग की सेवा करने की रही है। इसी भावना के साथ पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के जन्मदिन को सेवा दिवस के रूप में मनाया गया। उन्होंने कहा कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक मदद पहुंचाना ही सच्ची राजनीति का उद्देश्य होना चाहिए। कार्यक्रम के दौरान महिलाओं एवं बच्चों ने इस पहल के लिए आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर महिला कांग्रेस की टीम एवं स्थानीय कार्यकर्ता भी मौजूद रहे और उन्होंने बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाई। अंत में सभी कार्यकर्ताओं ने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के दीर्घायु एवं स्वस्थ जीवन की कामना की।1
- न्यूज संवाददाता जयराम सैनी डीग, 3 मई। राज्य सरकार की अंत्योदय की भावना और जनकल्याणकारी नीतियां प्रदेश के गरीब एवं जरूरतमंद परिवारों के लिए एक बड़ा संबल बन रही हैं। समाज के अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति को खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से संचालित राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना ने डीग जिले के कामां तहसील के एक गरीब परिवार को बड़ी राहत प्रदान की है। इस योजना का लाभ पाकर नगला वादीपुर के निवासी मुस्तफा के जीवन में एक सकारात्मक बदलाव आया है। आर्थिक तंगी और खाद्य सुरक्षा की चुनौती कामां तहसील के अंतर्गत ग्राम नगला वादीपुर के निवासी मुस्तफा पुत्र जैकम का परिवार सीमित आय के कारण आर्थिक चुनौतियों का सामना कर रहा था। परिवार की मूलभूत आवश्यकताओं, विशेषकर पर्याप्त और पौष्टिक भोजन की व्यवस्था करना उनके लिए एक निरंतर संघर्ष था। कमजोर आर्थिक स्थिति के चलते परिवार के भरण-पोषण में कई कठिनाइयां आ रही थीं। ग्राम रथ अभियान के दौरान मुस्तफा को राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के बारे में जानकारी प्राप्त हुई। योजना के प्रावधानों को समझने के पश्चात उन्होंने निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवेदन किया। प्रशासन द्वारा उनके आवेदन का त्वरित निस्तारण करते हुए, उन्हें पात्रता के आधार पर एनएफएसए के तहत खाद्य सुरक्षा योजना का लाभार्थी घोषित किया गया। एनएफएसए के तहत नियमित और रियायती दरों पर राशन प्राप्त होने से मुस्तफा के परिवार को एक बड़ी राहत मिली है। योजना से जुड़ने के बाद उनके परिवार की खाद्य आवश्यकताएं सुगमता से पूरी हो रही हैं, जिससे परिवार पर पड़ने वाला आर्थिक बोझ काफी कम हुआ है। इस योजना के लाभ से न केवल परिवार की खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित हुई है, बल्कि उनके जीवन स्तर और आर्थिक स्थिति में भी उल्लेखनीय सुधार हुआ है। राज्य सरकार का जताया आभार इस राहत के लिए मुस्तफा ने राज्य सरकार का हृदय से आभार व्यक्त किया है। उनका कहना है कि इस योजना ने उनके जैसे गरीब परिवार को भुखमरी और कुपोषण से बचाने के साथ-साथ एक सम्मानजनक जीवन जीने का अवसर प्रदान किया है। उनकी यह कहानी इस बात का प्रमाण है कि सरकार की कल्याणकारी नीतियां जरूरतमंदों तक पहुंचकर उनके जीवन में किस प्रकार सकारात्मक परिवर्तन ला रही हैं।1
- एमडी शौकीन खान संवादाता डीग कामां। शहर के मुख्य बाजार लक्कड़ बाजार और वार्ड नं 23 बल्लूबास रोड में गंदगी और कूड़े के ढेर लगे हुए हैं। लक्कड़ बाजार की हालत ये है कि बाजार झड़ना, ना झड़ना एक बराबर है, क्योंकि दिखावे के लिए सुबह सफाईकर्मी झाड़ते हैं, पर नालियों में गंदगी भरी रहती है और सड़क पर जगह जगह कूड़ा पड़ा रहता है और कूड़े के ढेर भी हर दो तीन मीटर की दूरी पर लगा दिया जाता है। कूड़ा समय से उठता भी नहीं है जिससे पूरे बाजार में बदबू की वजह से ग्राहकों और व्यापारियों का जीना मुश्किल हो गया है। यहीं पर महादेव का मंदिर है, दर्शनार्थियों को भी दिक्कत होती है। और बल्लूबास रोड वाली गली का तो ये हाल है कि एक एक महीने तक कूड़ा नहीं उठता है। नगरपालिका प्रशासन की सफाई व्यवस्था इन जगहों पर बिल्कुल खराब है। इसी को लेकर आज मोहल्ले वासियों ने कवि डी के जैन मित्तल के नेतृत्व में नगरपालिका की सफाई व्यवस्था के लिए नारेबाजी की और इस लचर व्यवस्था का विरोध किया।3
- निःशुल्क परामर्श शिविर में करीब 400 से अधिक मरीजों का किया स्वास्थ्य परीक्षण अमरदीप सैन डीग। रविवार को श्री राम कृष्ण सेवा ट्रस्ट भोलेश्वर मंदिर में स्वर्गीय रमेश चंद गुप्ता की पंचम पुण्यतिथि पर एडवांस्ड न्यूरोलॉजी एण्ड सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल के संयुक्त तत्वावधान में निःशुल्क परामर्श शिविर का आयोजन किया गया। नीता गुप्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि परामर्श शिविर में राजस्थान के जाने-माने प्रसिद्ध डॉ सुनीत शाह, डॉ विदिता कालरा शाह, डॉ मो.बिलाल, डॉ आशीष यादव ने अपनी सेवाएं देते हुए करीब 400 से अधिक संख्या में मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण करते हुए ऑर्थोपेडिक बीपी ,सुगर,मेडिसिन सहित विभिन्न जांचें भी निशुल्क की गई।और दवाई वितरण की गई।इस अवसर पर अध्यक्ष प्रकाश चंद गुप्ता ने कहा कि नर ही नारायण की सेवा को सर्वश्रेष्ठ मानते हुए हमारे परिवार के द्वारा हर वर्ष यह शिविर लगाया जाता है।और रोगियों की जांच करते हुए निशुल्क दवाई वितरण की जाती है। प्रसिद्ध डॉ सुनील शाह डॉ विदिता कालराने कहानर सेवा नारायण सेवा में जितनी दवाई एवं जांच होगी परामर्श एवं निशुल्क की जावेगीऔर आगे से भी और भी जांचों के लिए मशीन लाया करेंगे जयपुर में कुछ ही शुल्क लेकर मरीजों की एडवांस न्यूरो एवं सभी जांच ऑपरेशन किए जाएंगे इस अवसर पर सुशीला गुप्ता, प्रकाश चंद गोयल ,श्याम सुंदर,दाऊ दयाल ,तरुण,मदन लाल, विष्णु दत्त शर्मा,धनेष, घनश्याम शर्मा रश्मिकांत शर्मा मौजूद थे।4
- डीग में निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर, 400 से अधिक मरीजों की जांच डीग। शहर के भोलेश्वर मंदिर स्थित श्री राम कृष्ण सेवा ट्रस्ट में रविवार को स्वर्गीय रमेश चंद गुप्ता की पंचम पुण्यतिथि के अवसर पर निःशुल्क परामर्श शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर एडवांस्ड न्यूरोलॉजी एण्ड सुपरस्पेशलिटी हॉस्पिटल के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हुआ। शिविर में प्रदेश के अनुभवी चिकित्सकों—डॉ. सुनीत शाह, डॉ. विदिता कालरा शाह, डॉ. मो. बिलाल एवं डॉ. आशीष यादव—ने अपनी सेवाएं प्रदान कीं। इस दौरान 400 से अधिक मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। मरीजों की ऑर्थोपेडिक, बीपी, शुगर और सामान्य बीमारियों से संबंधित विभिन्न जांचें निशुल्क की गईं तथा दवाइयों का भी वितरण किया गया। ट्रस्ट के अध्यक्ष प्रकाश चंद गुप्ता ने बताया कि मानव सेवा को सर्वोच्च मानते हुए हर वर्ष इस प्रकार के शिविर आयोजित किए जाते हैं, ताकि जरूरतमंद लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें। चिकित्सकों ने बताया कि भविष्य में और उन्नत जांच सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए आधुनिक मशीनें लाई जाएंगी। साथ ही जयपुर में न्यूरो से संबंधित उन्नत जांच एवं ऑपरेशन भी न्यूनतम शुल्क पर किए जाएंगे। इस अवसर पर सुशीला गुप्ता, श्याम सुंदर, दाऊ दयाल, तरुण, मदन लाल, विष्णु दत्त शर्मा, धनेष, घनश्याम शर्मा एवं रश्मिकांत शर्मा सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।4
- आज के पंचांग संबंधी संपूर्ण जानकारी नदबई भरतपुर से लाइव अपडेट। जानकारी पसंद आई है तो लाइक शेयर और कमेंट करें। तो बने रहें शुरू ऐप पर इसके लिए आप हमें Follow 🎉 करें।1