जयपुर के विराटनगर क्षेत्र के राजकीय आयुर्वेद औषधालय किशनपुरा में पिछले कई वर्षों से भारी अव्यवस्थाएं फैली हुई हैं, जिसके कारण स्थानीय ग्रामीणों और मरीजों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। औषधालय परिसर और उसके आसपास पिछले कई सालों से गंदा पानी जमा है, जिससे क्षेत्र में मच्छरों का प्रकोप बढ़ने के साथ-साथ संक्रामक बीमारियां फैलने का खतरा लगातार बना हुआ है। इसके अलावा, अस्पताल के गोदाम की स्थिति भी अत्यंत दयनीय है। बारिश के मौसम में गोदाम की छत से पानी टपकता है, जिससे वहां रखी बेशकीमती सरकारी दवाइयों और रिकॉर्ड के खराब होने की आशंका बनी रहती है। ग्रामीणों ने इस समस्या को लेकर कई बार ग्राम पंचायत के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को लिखित व मौखिक रूप से अवगत कराया, लेकिन इसके बावजूद प्रशासन इस गंभीर समस्या की तरफ कोई ध्यान नहीं दे रहा है, जिससे ग्रामीणों में गहरा रोष है। औषधालय में स्टाफ की कमी के चलते स्वास्थ्य सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हो रही हैं। अस्पताल की चिकित्सा अधिकारी डॉ. मोनिका भारद्वाज ने बताया कि औषधालय में लंबे समय से कंपाउंडर (नर्स) और सफाई कर्मचारी के पद खाली पड़े हैं। स्टाफ न होने के कारण उन्हें मरीजों को देखने के साथ-साथ कंपाउंडिंग, दवा वितरण, साफ-सफाई और कागजी कार्रवाई तक का सारा काम खुद अकेले ही संभालना पड़ रहा है, जिससे उन पर काम का अत्यधिक बोझ बढ़ गया है। ग्रामीणों ने अब जिला प्रशासन और आयुर्वेद विभाग के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि औषधालय के बाहर से गंदे पानी की तुरंत निकासी करवाई जाए, टपकती छत की मरम्मत हो और रिक्त पदों पर जल्द से जल्द स्टाफ की नियुक्ति की जाए ताकि मरीजों को सुचारू रूप से इलाज मिल सके।
जयपुर के विराटनगर क्षेत्र के राजकीय आयुर्वेद औषधालय किशनपुरा में पिछले कई वर्षों से भारी अव्यवस्थाएं फैली हुई हैं, जिसके कारण स्थानीय ग्रामीणों और मरीजों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। औषधालय परिसर और उसके आसपास पिछले कई सालों से गंदा पानी जमा है, जिससे क्षेत्र में मच्छरों का प्रकोप बढ़ने के साथ-साथ संक्रामक बीमारियां फैलने का खतरा लगातार बना हुआ है। इसके अलावा, अस्पताल के गोदाम की स्थिति भी अत्यंत दयनीय है। बारिश के मौसम में गोदाम की छत से पानी टपकता है, जिससे वहां रखी बेशकीमती सरकारी दवाइयों और रिकॉर्ड के खराब होने की आशंका बनी रहती है। ग्रामीणों ने इस समस्या को लेकर कई बार ग्राम पंचायत के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को लिखित व मौखिक रूप से अवगत कराया, लेकिन इसके बावजूद प्रशासन इस गंभीर समस्या की तरफ कोई ध्यान नहीं दे रहा है, जिससे ग्रामीणों में गहरा रोष है। औषधालय में स्टाफ की कमी के चलते स्वास्थ्य सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हो रही हैं। अस्पताल की चिकित्सा अधिकारी डॉ. मोनिका भारद्वाज ने बताया कि औषधालय में लंबे समय से कंपाउंडर (नर्स) और सफाई कर्मचारी के पद खाली पड़े हैं। स्टाफ न होने के कारण उन्हें मरीजों को देखने के साथ-साथ कंपाउंडिंग, दवा वितरण, साफ-सफाई और कागजी कार्रवाई तक का सारा काम खुद अकेले ही संभालना पड़ रहा है, जिससे उन पर काम का अत्यधिक बोझ बढ़ गया है। ग्रामीणों ने अब जिला प्रशासन और आयुर्वेद विभाग के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि औषधालय के बाहर से गंदे पानी की तुरंत निकासी करवाई जाए, टपकती छत की मरम्मत हो और रिक्त पदों पर जल्द से जल्द स्टाफ की नियुक्ति की जाए ताकि मरीजों को सुचारू रूप से इलाज मिल सके।
- जयपुर के विराटनगर क्षेत्र के राजकीय आयुर्वेद औषधालय किशनपुरा में पिछले कई वर्षों से भारी अव्यवस्थाएं फैली हुई हैं, जिसके कारण स्थानीय ग्रामीणों और मरीजों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। औषधालय परिसर और उसके आसपास पिछले कई सालों से गंदा पानी जमा है, जिससे क्षेत्र में मच्छरों का प्रकोप बढ़ने के साथ-साथ संक्रामक बीमारियां फैलने का खतरा लगातार बना हुआ है। इसके अलावा, अस्पताल के गोदाम की स्थिति भी अत्यंत दयनीय है। बारिश के मौसम में गोदाम की छत से पानी टपकता है, जिससे वहां रखी बेशकीमती सरकारी दवाइयों और रिकॉर्ड के खराब होने की आशंका बनी रहती है। ग्रामीणों ने इस समस्या को लेकर कई बार ग्राम पंचायत के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को लिखित व मौखिक रूप से अवगत कराया, लेकिन इसके बावजूद प्रशासन इस गंभीर समस्या की तरफ कोई ध्यान नहीं दे रहा है, जिससे ग्रामीणों में गहरा रोष है। औषधालय में स्टाफ की कमी के चलते स्वास्थ्य सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हो रही हैं। अस्पताल की चिकित्सा अधिकारी डॉ. मोनिका भारद्वाज ने बताया कि औषधालय में लंबे समय से कंपाउंडर (नर्स) और सफाई कर्मचारी के पद खाली पड़े हैं। स्टाफ न होने के कारण उन्हें मरीजों को देखने के साथ-साथ कंपाउंडिंग, दवा वितरण, साफ-सफाई और कागजी कार्रवाई तक का सारा काम खुद अकेले ही संभालना पड़ रहा है, जिससे उन पर काम का अत्यधिक बोझ बढ़ गया है। ग्रामीणों ने अब जिला प्रशासन और आयुर्वेद विभाग के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि औषधालय के बाहर से गंदे पानी की तुरंत निकासी करवाई जाए, टपकती छत की मरम्मत हो और रिक्त पदों पर जल्द से जल्द स्टाफ की नियुक्ति की जाए ताकि मरीजों को सुचारू रूप से इलाज मिल सके।1
- पांवटा स्थित कुजोता-अजीतपुरा कलां संघर्ष समिति के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने दिल्ली जाकर राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के सुप्रीमो हनुमान बेनीवाल से मुलाक़ात की। समिति के सदस्यों ने उन्हें अवगत कराया कि 2 जून को नेशनल लाइम स्टोन कम्पनी और ग्रामीणों के बीच जो समझौता हुआ था, वही बरकरार रहना चाहिए। इस पर हनुमान बेनीवाल ने दूरभाष के माध्यम से कोटपूतली बहरोड़ की कलेक्टर और एडिशनल SP नाज़िम अली खान से बात की। बेनीवाल ने अधिकारियों से कहा कि उनके और उनकी टीम के साथ हुए समझौते में किसी प्रकार का फेरबदल नहीं होना चाहिए और A ब्लॉक पूरी तरह निरस्त व बंद रहना चाहिए। उन्होंने ग्रामीणों को मदद का आश्वासन देते हुए चेतावनी दी कि यदि बंद किए गए A ब्लॉक को फिर से चलाने की कोशिश की गई, तो राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी ग्रामीणों के लिए फिर से पुरज़ोर तरीक़े से आंदोलन करेगी। दिल्ली में हुई इस वार्ता के दौरान संघर्ष समिति के सचिव महेन्द्र मीणा, शीशराम होलदार, भागीरथ मीणा, जगदीश मीणा और अशोक समेत कई अन्य लोग उपस्थित रहे।1
- कोटपूतली-बहरोड़ के जिला कलेक्ट्रेट सभागार स्थित जिला महिला सभागार में जिला कलेक्टर अपर्णा गुप्ता की अध्यक्षता में जिला स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य महिला सुरक्षा, सशक्तिकरण और वन स्टॉप सेंटर के प्रभावी संचालन की समीक्षा करना था। बैठक में विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारियों ने हिस्सा लिया और महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों तथा विभागीय समन्वय पर विस्तृत चर्चा की। बैठक में जिला कलेक्टर अपर्णा गुप्ता ने कहा कि महिलाओं और बालिकाओं को समयबद्ध, संवेदनशील और प्रभावी सहायता उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने वन स्टॉप सेंटर के माध्यम से पीड़ित महिलाओं को कानूनी सहायता, परामर्श, चिकित्सा सुविधा और आवश्यक संरक्षण प्रदान करने की व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने के निर्देश दिए। इसके अलावा, कलेक्टर ने महिला सुरक्षा से जुड़े सभी मामलों में संवेदनशीलता के साथ कार्य करते हुए लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण करने और जरूरतमंद महिलाओं तक सरकारी योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचाने पर जोर दिया। बैठक के दौरान महिला अधिकारिता सहायक निदेशक जुगल किशोर निठारवाल ने महिला अत्याचार से संबंधित मामलों की समीक्षा की और संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में महिला सुरक्षा एवं अधिकारों के प्रति व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाने और पीड़ितों को एक ही स्थान पर सभी आवश्यक सेवाएं उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया गया। इस महत्वपूर्ण बैठक में पुलिस विभाग, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, शिक्षा विभाग, श्रम विभाग, नगर परिषद, पंचायती राज और विधिक सेवा प्राधिकरण सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।1
- जय श्री श्याम! बाबा श्याम के दर्शन कर सभी लोग धन्य हो जाएं।1
- राजस्थान के दौसा जिले के सैंथल उपखंड क्षेत्र में कई दिनों की भीषण गर्मी के बाद दोपहर से रिमझिम बारिश का दौर शुरू हो गया है। इस बारिश से मौसम सुहावना हो गया है और ग्रामीणों को भीषण गर्मी से काफी राहत मिली है। ग्रामीण रोशन, नवरत्न और सूरज ने बताया कि कई दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी के कारण जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया था, लेकिन इस बारिश से बड़ी राहत मिली है। यह रिमझिम बारिश खरीफ की फसलों के लिए भी बहुत फायदेमंद मानी जा रही है। मौसम विभाग ने कई जिलों में भारी बारिश, मेघ गर्जना, आंधी, तूफान और ओलावृष्टि की संभावना जताई है। आसमान में कई दिनों से काले-पीले बादल छाए हुए हैं और लगातार बिजली कड़कने व बादल गरजने की आवाजें आ रही हैं। ग्रामीणों ने दिन भर भारी बारिश होने की संभावना जताई थी, हालांकि दोपहर से रिमझिम बारिश का ही दौर जारी है।2
- जयपुर के विराटनगर क्षेत्र में आयोजित एक कार्यक्रम में पावटा की तालुका विधिक सेवा समिति की सचिव एवं सिविल न्यायाधीश पूजा धानिया मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। उन्होंने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए नशे के दुष्प्रभावों के बारे में विस्तार से जानकारी दी और उन्हें नशे से दूर रहकर शिक्षा, अनुशासन व अपने जीवन के लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति ही राष्ट्र का भविष्य है और यदि विद्यार्थी अपने सपनों को साकार करना चाहते हैं, तो उन्हें नशे जैसी सामाजिक बुराइयों से सदैव दूर रहना चाहिए। कार्यक्रम में ममता शर्मा (पीएलवी) ने भी विद्यार्थियों को कानूनी जागरूकता, नशा मुक्ति और सामाजिक उत्तरदायित्व से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान कर एक जिम्मेदार नागरिक बनने का संदेश दिया। विद्यालय के अकादमिक डायरेक्टर श्री दीपक यादव ने मुख्य अतिथि एवं उपस्थित अतिथियों का स्वागत व अभिनंदन करते हुए आभार व्यक्त किया। इसके साथ ही विद्यालय की डायरेक्टर डॉ. नेहा यादव ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि सफलता का मार्ग परिश्रम, अनुशासन और अच्छे संस्कारों से होकर गुजरता है। उन्होंने छात्र-छात्राओं से नशे से दूर रहने, सकारात्मक सोच अपनाने तथा अपने सपनों को साकार करने के लिए निरंतर प्रयास करने का आह्वान किया। इस अवसर पर विद्यालय के लगभग 200 विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक कार्यक्रम में भाग लेकर नशा मुक्ति, कानूनी जागरूकता एवं स्वस्थ जीवनशैली की जानकारी प्राप्त की। कार्यक्रम का समापन विद्यार्थियों द्वारा नशामुक्त समाज एवं स्वस्थ भारत के निर्माण का संकल्प लेने के साथ हुआ।1
- जयपुर में शांतिपूर्ण तरीके से विरोध प्रदर्शन कर रहे पूर्व मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत जी और राजस्थान कांग्रेस अध्यक्ष श्री गोविंद सिंह डोटासरा जी सहित कई कांग्रेस विधायकों, नेताओं और कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया गया है। शांतिपूर्वक अपनी बात रख रहे नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ की गई इस गिरफ्तारी की कार्रवाई को बेहद निंदनीय बताया गया है।1