दिल्ली में मजदूरी करने वाले उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले के एक युवक की मामूली विवाद के बाद कथित तौर पर फरसे से हमला किए जाने के कारण इलाज के दौरान मौत हो गई। मृतक की पहचान प्रयागराज के होलागढ़ थाना क्षेत्र के भगौतीपुर खुटहना गांव निवासी हंसराज गौतम (पुत्र दशरथ लाल) के रूप में हुई है, जो दिल्ली में अपने ही गांव के एक युवक के साथ रहकर मजदूरी करते थे। जानकारी के अनुसार, दिल्ली में किसी मामूली कहासुनी के बाद विवाद इतना बढ़ गया कि साथ रह रहे आरोपी युवक ने कथित तौर पर फरसे से हंसराज के सिर पर वार कर दिया। इस हमले में गंभीर रूप से घायल हंसराज को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां कई दिनों तक जिंदगी और मौत से जूझने के बाद आखिरकार बुधवार सुबह इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। हंसराज की मौत की खबर जैसे ही उनके गांव पहुंची, परिवार में कोहराम मच गया और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और घटना के सभी पहलुओं की पड़ताल करते हुए कानूनी कार्रवाई जारी है। इस दर्दनाक हादसे के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि जांच निष्पक्ष और तेजी से पूरी होगी तथा दोषी के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
दिल्ली में मजदूरी करने वाले उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले के एक युवक की मामूली विवाद के बाद कथित तौर पर फरसे से हमला किए जाने के कारण इलाज के दौरान मौत हो गई। मृतक की पहचान प्रयागराज के होलागढ़ थाना क्षेत्र के भगौतीपुर खुटहना गांव निवासी हंसराज गौतम (पुत्र दशरथ लाल) के रूप में हुई है, जो दिल्ली में अपने ही गांव के एक युवक के साथ रहकर मजदूरी करते थे। जानकारी के अनुसार, दिल्ली में किसी मामूली कहासुनी के बाद विवाद इतना बढ़ गया कि साथ रह रहे आरोपी युवक ने कथित तौर पर फरसे से हंसराज के सिर पर वार कर दिया। इस हमले में गंभीर रूप से घायल हंसराज को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां कई दिनों तक जिंदगी और मौत से जूझने के बाद आखिरकार बुधवार सुबह इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। हंसराज की मौत की खबर जैसे ही उनके गांव पहुंची, परिवार में कोहराम मच गया और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और घटना के सभी पहलुओं की पड़ताल करते हुए कानूनी कार्रवाई जारी है। इस दर्दनाक हादसे के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि जांच निष्पक्ष और तेजी से पूरी होगी तथा दोषी के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- राहुल गांधी और छात्रों पर हुई बर्बरता के विरोध में बांसवाड़ा के कुशलगढ़ में कांग्रेस महिला नेत्री रींकी सिंह अंता की अगुवाई में महिलाओं ने जंगी प्रदर्शन किया है। प्रदर्शन के दौरान महिलाओं ने इस बर्बरता के खिलाफ कड़ा आक्रोश जताते हुए जोरदार विरोध दर्ज कराया।4
- रतलाम जिले के बाजना क्षेत्र में जमीन के पट्टा-पावती न होने और गिरवी रखी गई जमीनों के कारण किसान भारी परेशानियों का सामना कर रहे हैं। गांवों में कई ऐसे किसान हैं जिनके पास अपनी जमीन के पट्टा या जरूरी दस्तावेज उपलब्ध नहीं हैं। इसके साथ ही जिनकी जमीन गिरवी रखी गई है, उन्हें भी कोई उचित सहायता या ध्यान नहीं दिया जा रहा है। जमीन के कागजात न होने और गिरवी जमीन की समस्याओं से किसान बेहद चिंतित और परेशान हैं।1
- राजस्थान के बांसवाड़ा जिले के गनोड़ा क्षेत्र में हाल ही में एक अद्भुत और भावुक धार्मिक समागम का आयोजन हुआ। जगन्नाथ पुरी से पधारे परम पूज्य अक्ष गोविंदा जी महाराज के आगमन से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो उठा। महाराज जी की इच्छा थी कि जगन्नाथ पुरी की तर्ज पर गनोड़ा में भी एक भव्य यात्रा निकाली जाए। हालांकि, 23 और 24 तारीख से पहले समय की भारी कमी के कारण यह यात्रा संभव नहीं हो सकी, लेकिन इसके बावजूद श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं आई।1
- ग्राम पंचायत भूतपाड़ा के गांव कुपड़ा छत्री से पाटी का माल जाने वाला रास्ता अत्यधिक क्षतिग्रस्त हो चुका है। इस रास्ते पर जमा कीचड़ की वजह से लोग बार-बार गिरते रहते हैं और आवाजाही में काफी परेशानी हो रही है। रास्ते की इस खराब हालत को देखते हुए ग्राम पंचायत भूतपाड़ा के गांव कुपड़ा छत्री में सी सी रोड (CC रोड) का निर्माण कराने का आग्रह किया गया है।2
- बागीदौरा, आनंदपुरी, उदयपुरा बड़ा और मानगढ़ धाम समेत आसपास के आदिवासी इलाकों और गाँवों में लंबे समय के इंतजार के बाद आखिरकार बारिश शुरू हो गई है। काफी दिनों बाद अब यहाँ फुल बारिश होने लगी है, जिससे क्षेत्र में बड़ा आनंद का माहौल बना हुआ है। बहुत दिनों के बाद हुई इस बारिश को लेकर माना जा रहा है कि अब बारिश रुकने वाली नहीं है और तेज दौर जारी रहेगा।1
- राजस्थान के डूंगरपुर जिले में चौरासी थाना पुलिस ने वर्ष 2023 में हुए हत्या के मामले में तीन वर्षों से फरार चल रहे आरोपी बाबूलाल पुत्र काउडा गरासिया को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। आरोपी वारदात के बाद मजदूरी करने कुवैत भाग गया था। हाल ही में उसके कुवैत से गांव लौटने की भनक लगते ही पुलिस ने घेराबंदी की और जंगल में पीछा कर उसे धर दबोचा। मामले की शुरुआत 7 सितंबर 2023 को हुई थी, जब सोनल पुत्री मंजीलाल कटारा (निवासी गलन्दर फला तालाब, थाना रामसागड़ा) ने रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। सोनल, महेन्द्र के साथ मोटरसाइकिल पर जा रही थी और 1 बजे गेजी पहुँचने पर नितेश पुत्र गौतम कटारा, अनिल पुत्र मगन कटारा तथा बाबूलाल पुत्र काउडा गरासिया ने उनका रास्ता रोक लिया था। नितेश और अनिल ने महेन्द्र के सिर पर लाठी से वार कर उसकी हत्या कर दी थी, जबकि बीच-बचाव में सोनल भी घायल हो गई थी। इस मामले में पुलिस पूर्व में आरोपी नितेश कटारा और अनिल कटारा को गिरफ्तार कर चालान पेश कर चुकी है तथा एक विधि से संघर्षरत बालक को भी निरुद्ध कर चुकी है, लेकिन बाबूलाल घटना के बाद से लगातार फरार चल रहा था। पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक खींव सिंह के मार्गदर्शन, वृत्ताधिकारी सीमलवाड़ा मदनलाल बिश्नोई के सुपरविजन तथा थानाधिकारी रतनलाल के नेतृत्व में गठित टीम को 21 जुलाई 2026 को मुखबिर से सूचना मिली कि बाबूलाल कुवैत से वापस घर आया है। पुलिस टीम ने उसके घर दबिश दी तो आरोपी गलन्दर के जंगल की ओर भागने लगा। पुलिस ने करीब दो किलोमीटर तक पीछा कर घेराबंदी की और उसे गिरफ्तार कर लिया। बाद में न्यायालय में पेश कर आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। कार्रवाई करने वाली टीम में थानाधिकारी रतनलाल, सहायक उप निरीक्षक ईश्वरलाल रोत, कांस्टेबल अनिल कुमार, डायालाल और पप्पू कुमार शामिल रहे।1
- दिल्ली में मजदूरी करने वाले उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले के एक युवक की मामूली विवाद के बाद कथित तौर पर फरसे से हमला किए जाने के कारण इलाज के दौरान मौत हो गई। मृतक की पहचान प्रयागराज के होलागढ़ थाना क्षेत्र के भगौतीपुर खुटहना गांव निवासी हंसराज गौतम (पुत्र दशरथ लाल) के रूप में हुई है, जो दिल्ली में अपने ही गांव के एक युवक के साथ रहकर मजदूरी करते थे। जानकारी के अनुसार, दिल्ली में किसी मामूली कहासुनी के बाद विवाद इतना बढ़ गया कि साथ रह रहे आरोपी युवक ने कथित तौर पर फरसे से हंसराज के सिर पर वार कर दिया। इस हमले में गंभीर रूप से घायल हंसराज को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां कई दिनों तक जिंदगी और मौत से जूझने के बाद आखिरकार बुधवार सुबह इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। हंसराज की मौत की खबर जैसे ही उनके गांव पहुंची, परिवार में कोहराम मच गया और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और घटना के सभी पहलुओं की पड़ताल करते हुए कानूनी कार्रवाई जारी है। इस दर्दनाक हादसे के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि जांच निष्पक्ष और तेजी से पूरी होगी तथा दोषी के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।1
- हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले की सिराज विधानसभा क्षेत्र स्थित उप तहसील बागा चनोगी से दो दिव्यांग नाबालिग बच्चों के साथ कथित जातीय उत्पीड़न और मारपीट का गंभीर मामला सामने आया है। पीड़ित परिवार का आरोप है कि बच्चों को पूरी रात बंधक बनाकर रखा गया, जातिसूचक शब्दों से अपमानित किया गया और बेरहमी से पीटा गया। इस घटना में बड़े बेटे की आंख में गंभीर चोट आई है, जिसके चलते उसे इलाज के लिए पीजीआई रेफर किया गया है। परिवार का कहना है कि शिकायत दर्ज कराने के बावजूद अब तक पुलिस ने एफआईआर दर्ज नहीं की है। इस मामले में जय भीम आंबेडकर मिशन, जिला मंडी ने पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर एससी/एसटी अत्याचार निवारण अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में तुरंत एफआईआर दर्ज करने तथा निष्पक्ष जांच की मांग की है।2