जौनपुर के शाहगंज स्थित तहसील परिसर में शनिवार को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर एक विशेष योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान तहसील प्रशासन के अधिकारियों और कर्मचारियों ने करन गुरु के मार्गदर्शन में विभिन्न योगासनों और प्राणायाम का अभ्यास किया, साथ ही योग के महत्व को गहराई से समझा। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातःकाल सामूहिक योगाभ्यास से हुआ, जिसमें करन गुरु ने उपस्थित सभी प्रतिभागियों को ताड़ासन, वृक्षासन, भुजंगासन और वज्रासन सहित अनेक योग क्रियाओं का अभ्यास कराया। उन्होंने योग के स्वास्थ्य संबंधी लाभों के बारे में विस्तार से बताया, और कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अमूल्य धरोहर है जो व्यक्ति को शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ बनाता है। करन गुरु ने नियमित योगाभ्यास को तनाव, चिंता और कई बीमारियों से बचाव के लिए आवश्यक बताया। इस अवसर पर, तहसील प्रशासन के अधिकारियों ने मौजूदा भागदौड़ भरी जीवनशैली में योग को स्वस्थ जीवन का आधार बताया। उन्होंने जोर दिया कि योग न केवल शरीर को स्वस्थ रखता है, बल्कि मन को भी एकाग्र और संतुलित बनाने में सहायक है। अधिकारियों ने सभी कर्मचारियों और नागरिकों से नियमित रूप से योग अपनाने की अपील भी की। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य लोगों को योग के प्रति जागरूक करना और उन्हें स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था, जिसमें अधिकारियों और कर्मचारियों ने पूरे उत्साह के साथ भाग लिया। अंत में, सभी प्रतिभागियों ने प्रतिदिन योग करने का संकल्प लिया, और इस कार्यक्रम में तहसील प्रशासन के अधिकारियों, कर्मचारियों के साथ-साथ अन्य गणमान्य लोग भी उपस्थित रहे।
जौनपुर के शाहगंज स्थित तहसील परिसर में शनिवार को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर एक विशेष योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान तहसील प्रशासन के अधिकारियों और कर्मचारियों ने करन गुरु के मार्गदर्शन में विभिन्न योगासनों और प्राणायाम का अभ्यास किया, साथ ही योग के महत्व को गहराई से समझा। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातःकाल सामूहिक योगाभ्यास से हुआ, जिसमें करन गुरु ने उपस्थित सभी प्रतिभागियों को ताड़ासन, वृक्षासन, भुजंगासन और वज्रासन सहित अनेक योग क्रियाओं का अभ्यास कराया। उन्होंने योग के स्वास्थ्य संबंधी लाभों के बारे में विस्तार से बताया, और कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अमूल्य धरोहर है जो व्यक्ति को शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ बनाता है। करन गुरु ने नियमित योगाभ्यास को तनाव, चिंता और कई बीमारियों से बचाव के लिए आवश्यक बताया। इस अवसर पर, तहसील प्रशासन के अधिकारियों ने मौजूदा भागदौड़ भरी जीवनशैली में योग को स्वस्थ जीवन का आधार बताया। उन्होंने जोर दिया कि योग न केवल शरीर को स्वस्थ रखता है, बल्कि मन को भी एकाग्र और संतुलित बनाने में सहायक है। अधिकारियों ने सभी कर्मचारियों और नागरिकों से नियमित रूप से योग अपनाने की अपील भी की। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य लोगों को योग के प्रति जागरूक करना और उन्हें स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था, जिसमें अधिकारियों और कर्मचारियों ने पूरे उत्साह के साथ भाग लिया। अंत में, सभी प्रतिभागियों ने प्रतिदिन योग करने का संकल्प लिया, और इस कार्यक्रम में तहसील प्रशासन के अधिकारियों, कर्मचारियों के साथ-साथ अन्य गणमान्य लोग भी उपस्थित रहे।
- जौनपुर के शाहगंज स्थित तहसील परिसर में शनिवार को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर एक विशेष योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान तहसील प्रशासन के अधिकारियों और कर्मचारियों ने करन गुरु के मार्गदर्शन में विभिन्न योगासनों और प्राणायाम का अभ्यास किया, साथ ही योग के महत्व को गहराई से समझा। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातःकाल सामूहिक योगाभ्यास से हुआ, जिसमें करन गुरु ने उपस्थित सभी प्रतिभागियों को ताड़ासन, वृक्षासन, भुजंगासन और वज्रासन सहित अनेक योग क्रियाओं का अभ्यास कराया। उन्होंने योग के स्वास्थ्य संबंधी लाभों के बारे में विस्तार से बताया, और कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अमूल्य धरोहर है जो व्यक्ति को शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ बनाता है। करन गुरु ने नियमित योगाभ्यास को तनाव, चिंता और कई बीमारियों से बचाव के लिए आवश्यक बताया। इस अवसर पर, तहसील प्रशासन के अधिकारियों ने मौजूदा भागदौड़ भरी जीवनशैली में योग को स्वस्थ जीवन का आधार बताया। उन्होंने जोर दिया कि योग न केवल शरीर को स्वस्थ रखता है, बल्कि मन को भी एकाग्र और संतुलित बनाने में सहायक है। अधिकारियों ने सभी कर्मचारियों और नागरिकों से नियमित रूप से योग अपनाने की अपील भी की। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य लोगों को योग के प्रति जागरूक करना और उन्हें स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था, जिसमें अधिकारियों और कर्मचारियों ने पूरे उत्साह के साथ भाग लिया। अंत में, सभी प्रतिभागियों ने प्रतिदिन योग करने का संकल्प लिया, और इस कार्यक्रम में तहसील प्रशासन के अधिकारियों, कर्मचारियों के साथ-साथ अन्य गणमान्य लोग भी उपस्थित रहे।1
- यह पोस्ट मानवीय रिश्तों और भावनाओं पर एक मार्मिक विचार प्रस्तुत करती है। इसमें कहा गया है कि कुछ रिश्ते, भले ही अधूरे रह जाएं, वे हमेशा यादों में स्पष्ट रूप से बसे रहते हैं। इसी तरह, कुछ लोग शारीरिक रूप से दूर होने के बावजूद भी कभी दिल से नहीं जाते हैं, उनकी उपस्थिति हमेशा मन में बनी रहती है।1
- बदलापुर में इस समय जो भी प्रमुख विकास कार्य दिखाई दे रहे हैं, उनमें से अधिकांश महत्वपूर्ण परियोजनाओं की नींव और उनकी पूर्ण स्वीकृति माननीय पूर्व विधायक बाबा दुबे जी के कार्यकाल में ही सुनिश्चित की गई थी। राजनीतिक गलियारों में श्रेय लेने के प्रयास अपनी जगह हैं, परंतु जनता जनार्दन जागरूक है और इन तथ्यों से भली-भांति परिचित है। विकास का इतिहास स्वयं इस बात का गवाह है कि बदलापुर के भविष्य को एक मजबूत आधार प्रदान करने में बाबा दुबे जी की भूमिका ऐतिहासिक रही है। 17 अगस्त 2015 का एक वीडियो इस बात का जीवंत प्रमाण है कि माननीय पूर्व विधायक बाबा दुबे जी ने बदलापुर विधानसभा के समग्र विकास के लिए कितनी व्यापक और दूरदर्शी सोच रखी थी, और उनके इस अमूल्य योगदान को सदैव याद रखा जाएगा।1
- सुल्तानपुर के बल्दीराय तहसील क्षेत्र के मथाना मजरे रसहरा गांव में सार्वजनिक रास्ते पर कथित अवैध कब्जे को लेकर ग्रामीणों में गहरा रोष व्याप्त है। दर्जनों ग्रामीणों ने उपजिलाधिकारी बल्दीराय प्रवीण कुमार को एक शिकायती पत्र सौंपा है, जिसमें उन्होंने रास्ते से अवैध निर्माण हटवाने और आवागमन बहाल करने की मांग की है। ग्रामीणों का आरोप है कि तालाब की गाटा संख्या 115 से होकर गुजरने वाला यह सार्वजनिक मार्ग वर्षों से गांववासियों के आवागमन का मुख्य रास्ता रहा है। उनका कहना है कि कुछ दबंग प्रवृत्ति के लोगों ने इस रास्ते पर निर्माण कर उसे अवरुद्ध कर दिया है। इस अवरोध के कारण ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है और उनका रोजमर्रा का आवागमन बुरी तरह प्रभावित हो गया है। अब्दुल कयूम, जुबेर अहमद, जावेद अहमद, मोतीब, मोहम्मद जमील, मुन्नू सहित कई अन्य ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मामले की मौके पर जांच कर सार्वजनिक भूमि को कब्जामुक्त कराने का आग्रह किया है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि इस मामले में जल्द कार्रवाई नहीं की गई, तो गांव में विवाद की स्थिति उत्पन्न हो सकती है, जिससे उनके बीच व्याप्त रोष और बढ़ सकता है।1
- लम्भुआ विधानसभा से शिक्षक श्याम लाल निषाद ने देश हित को सर्वोपरि बताते हुए एक महत्वपूर्ण संदेश दिया है। उनके अनुसार, जीवन में देश के हित में शहीद होने के अवसर बहुत ही दुर्लभ होते हैं। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि इतिहास में अमर वही होता है जो राष्ट्र और समाज के लिए संघर्ष करता है।1
- अंबेडकर नगर के जैतपुर थाना क्षेत्र में मोटरसाइकिल पर सवार दो बदमाशों ने दिन दहाड़े असलहे की नोंक पर एक दंपति को निशाना बनाया और लूट की वारदात को अंजाम दिया। इस घटना के बाद, पुलिस के उच्च अधिकारी मौके पर पहुंच चुके हैं और मामले की पड़ताल जारी है। फायरिंग और लूट की सूचना मिलने पर इलाके में हड़कंप मच गया है।1
- जौनपुर के शाहगंज में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर शनिवार को नगर के विभिन्न स्थानों पर योग शिविरों और सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रमों का भव्य आयोजन किया गया। इन कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। लाल बहादुर शास्त्री मार्ग स्थित प्राथमिक पाठशाला में आयोजित योग कार्यक्रम में पतंजलि योग पीठ शाहगंज इकाई के अध्यक्ष डॉ. आर.पी. सिंह, उपाध्यक्ष योगगुरु शिव कुमार यादव, और कोषाध्यक्ष योगाचार्य ओमप्रकाश चौबे के मार्गदर्शन में योग साधकों ने विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास किया। इस दौरान योग के शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक लाभों पर भी विस्तार से प्रकाश डाला गया। इसी क्रम में, लक्ष्मी नारायण वाटिका में भी एक योग शिविर का आयोजन किया गया, जहाँ योग गुरु विरेंद्र कुमार वीरू के सानिध्य में लोगों ने उत्साहपूर्वक योगाभ्यास किया। प्रतिभागियों को नियमित योग के अभ्यास के माध्यम से स्वस्थ और तनावमुक्त जीवन जीने के लिए प्रेरित किया गया। इसके अतिरिक्त, शाहगंज नगर के अन्य संस्थानों, विद्यालयों और सार्वजनिक स्थलों पर भी योग दिवस के उपलक्ष्य में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए। वक्ताओं ने योग को भारत की प्राचीन संस्कृति की अमूल्य धरोहर बताया, जो व्यक्ति को स्वस्थ शरीर, शांत मन और सकारात्मक जीवन दृष्टि प्रदान करती है। इन आयोजनों में युवाओं, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों और बच्चों की उल्लेखनीय भागीदारी देखी गई, और पूरे नगर में यह योग दिवस उत्साह, उमंग और व्यापक जनजागरूकता के वातावरण के बीच सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।1
- महाराष्ट्र के परभणी जिले में स्थित यशवाड़ी देवस्थान के हनुमान मंदिर के हॉल की छत गिरने से एक बड़ा हादसा हो गया है। इस घटना में 30 से 40 श्रद्धालु घायल हुए हैं। शुरुआती रिपोर्ट्स के अनुसार, इस दुखद हादसे में कुछ लोगों की मौत होने की भी खबर है, जिससे कइयों के हताहत होने की जानकारी मिल रही है।1