जालौन जिले के रामपुरा कस्बे के वार्ड संख्या-2, सुभाष नगर में रहने वाले एक बुजुर्ग दंपति ने अपने बड़े बेटे पर गंभीर आरोप लगाए हैं। दंपति ने थाना रामपुरा में तहरीर देकर बताया है कि उनका बड़ा बेटा शराब के नशे में उनके साथ मारपीट और गाली-गलौज करता है, जिससे वे बेहद परेशान हैं। कमलेश नाम के बुजुर्ग ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि उनके दो बेटे हैं। बड़ा बेटा पान सिंह अपनी पत्नी रेखाबाई के साथ अलग रहता है, जबकि कमलेश और उनकी पत्नी अपने छोटे बेटे के परिवार के साथ रहते हैं। छोटे बेटे के बाहर काम करने और घर खर्च के लिए पैसे भेजने से ही बुजुर्ग दंपति का भरण-पोषण होता है। कमलेश का आरोप है कि बड़ा बेटा अक्सर शराब पीकर घर आता है और हंगामा करता है। जब बुजुर्ग दंपति उसे समझाने की कोशिश करते हैं या बीच-बचाव करते हैं, तो वह उनके साथ मारपीट करने और गाली-गलौज करने लगता है। इस व्यवहार से दंपति अत्यंत परेशान हैं। त्रस्त दंपति ने पुलिस से मामले की जांच कर उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने यह भी आग्रह किया है कि यदि आवश्यक हो तो पुलिस उनके बड़े बेटे को अपनी चल-अचल संपत्ति से बेदखल करने की प्रक्रिया में भी सहयोग दे। पुलिस ने शिकायत प्राप्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
जालौन जिले के रामपुरा कस्बे के वार्ड संख्या-2, सुभाष नगर में रहने वाले एक बुजुर्ग दंपति ने अपने बड़े बेटे पर गंभीर आरोप लगाए हैं। दंपति ने थाना रामपुरा में तहरीर देकर बताया है कि उनका बड़ा बेटा शराब के नशे में उनके साथ मारपीट और गाली-गलौज करता है, जिससे वे बेहद परेशान हैं। कमलेश नाम के बुजुर्ग ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि उनके दो बेटे हैं। बड़ा बेटा पान सिंह अपनी पत्नी रेखाबाई के साथ अलग रहता है, जबकि कमलेश और उनकी पत्नी अपने छोटे बेटे के परिवार के साथ रहते हैं। छोटे बेटे के बाहर काम करने और घर खर्च के लिए पैसे भेजने से ही बुजुर्ग दंपति का भरण-पोषण होता है। कमलेश का आरोप है कि बड़ा बेटा अक्सर शराब पीकर घर आता है और हंगामा करता है। जब बुजुर्ग दंपति उसे समझाने की कोशिश करते हैं या बीच-बचाव करते हैं, तो वह उनके साथ मारपीट करने और गाली-गलौज करने लगता है। इस व्यवहार से दंपति अत्यंत परेशान हैं। त्रस्त दंपति ने पुलिस से मामले की जांच कर उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने यह भी आग्रह किया है कि यदि आवश्यक हो तो पुलिस उनके बड़े बेटे को अपनी चल-अचल संपत्ति से बेदखल करने की प्रक्रिया में भी सहयोग दे। पुलिस ने शिकायत प्राप्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
- जालौन के सिरसाकलार थाना क्षेत्र में शनिवार को पुलिस टीम पर हुए हमले से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। एक महिला की शिकायत की जाँच करने पहुँची पुलिस टीम पर आरोपियों ने अचानक हमला कर दिया, जिसके दौरान एक कोबरा सिपाही को घर के अंदर बंधक बनाकर उसके साथ मारपीट की गई। वहीं, दूसरा सिपाही छत से कूदकर अपनी जान बचाते हुए थाने पहुँचा और घटना की जानकारी दी। पुलिस के अनुसार, यह घटना तब हुई जब थाना सिरसाकलार में तैनात आरक्षी सौरव पटेल और रिंकू यादव 04 जुलाई 2026 को श्रीमती अजमेरन द्वारा अपने पति, सास, देवर और एक रिश्तेदार के विरुद्ध दर्ज कराई गई शिकायत की जाँच के लिए आरोपियों के घर पहुँचे थे। जैसे ही पुलिस टीम मौके पर पहुँची, शिकायतकर्ता महिला के पति मजीद खां, सफीक, सास अकबरी तथा भांजे सलमान ने पुलिस टीम पर हमला बोल दिया। आरोप है कि हमलावरों ने कोबरा सिपाही सौरव पटेल को घर के अंदर बंधक बना लिया और लाठी-डंडों से उसके साथ बेरहमी से मारपीट की। जबकि दूसरे आरक्षी रिंकू यादव किसी तरह छत के रास्ते से निकलकर थाने पहुँचने में सफल रहे और उन्होंने अधिकारियों को पूरी घटना की सूचना दी। घटना की सूचना मिलते ही सिरसाकलार थाना पुलिस सहित भारी पुलिस बल तत्काल मौके पर पहुँचा। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घायल सिपाही सौरव पटेल को सुरक्षित बाहर निकाला और मौके से चारों आरोपियों, मजीद खां, सफीक, अकबरी और सलमान, को हिरासत में ले लिया। पुलिस ने इन चारों गिरफ्तार आरोपियों के विरुद्ध सरकारी कार्य में बाधा डालने, पुलिसकर्मियों पर हमला करने और अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। क्षेत्राधिकारी जालौन ने बताया है कि पुलिस टीम पर हमला करने वाले सभी चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है और इस पूरे मामले में विधिक कार्रवाई की जा रही है, साथ ही घटनाक्रम की गहन जाँच भी जारी है।1
- जालौन जिले के रामपुरा कस्बे के वार्ड संख्या-2, सुभाष नगर में रहने वाले एक बुजुर्ग दंपति ने अपने बड़े बेटे पर गंभीर आरोप लगाए हैं। दंपति ने थाना रामपुरा में तहरीर देकर बताया है कि उनका बड़ा बेटा शराब के नशे में उनके साथ मारपीट और गाली-गलौज करता है, जिससे वे बेहद परेशान हैं। कमलेश नाम के बुजुर्ग ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि उनके दो बेटे हैं। बड़ा बेटा पान सिंह अपनी पत्नी रेखाबाई के साथ अलग रहता है, जबकि कमलेश और उनकी पत्नी अपने छोटे बेटे के परिवार के साथ रहते हैं। छोटे बेटे के बाहर काम करने और घर खर्च के लिए पैसे भेजने से ही बुजुर्ग दंपति का भरण-पोषण होता है। कमलेश का आरोप है कि बड़ा बेटा अक्सर शराब पीकर घर आता है और हंगामा करता है। जब बुजुर्ग दंपति उसे समझाने की कोशिश करते हैं या बीच-बचाव करते हैं, तो वह उनके साथ मारपीट करने और गाली-गलौज करने लगता है। इस व्यवहार से दंपति अत्यंत परेशान हैं। त्रस्त दंपति ने पुलिस से मामले की जांच कर उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने यह भी आग्रह किया है कि यदि आवश्यक हो तो पुलिस उनके बड़े बेटे को अपनी चल-अचल संपत्ति से बेदखल करने की प्रक्रिया में भी सहयोग दे। पुलिस ने शिकायत प्राप्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है।1
- जालौन के कोंच नगर में शुक्रवार देर रात एक सड़क हादसे में एक टेम्पू चालक घायल हो गया। यह घटना सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) कोंच के पास मलंगा पुल पर हुई, जहाँ एक अज्ञात चार पहिया वाहन ने टेम्पू को टक्कर मार दी। जानकारी के अनुसार, ग्राम शिवनी बुजुर्ग निवासी शिवम नाई शुक्रवार रात सवारियों को कोंच छोड़ने के बाद अपने टेम्पू से उरई लौट रहे थे। रात करीब 11 बजे जब वे मलंगा पुल पर पहुंचे, तभी पीछे से आए अज्ञात वाहन ने उनके टेम्पू में बगल से जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि टेम्पू बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और चालक शिवम नाई घायल हो गए। हादसे के बाद टक्कर मारने वाला वाहन चालक मौके से फरार हो गया।1
- जालौन में शनिवार को सैकड़ों युवाओं और ग्रामीणों ने पूर्व उपजिलाधिकारी रिंकू सिंह राही की पुनः तैनाती की मांग को लेकर बड़े पैमाने पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने मेला ग्राउंड से तहसील तक पैदल मार्च निकाला और अपनी मांग के समर्थन में ज़ोरदार नारेबाजी की। इस प्रदर्शन में जालौन नगर के साथ-साथ आसपास के कई गाँवों से भी बड़ी संख्या में युवा शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने शुरुआत में ज़िलाधिकारी को मौके पर बुलाने की मांग की, लेकिन पुलिस अधिकारियों और कोतवाल हरिश्चंद्र द्वारा समझाने के बाद वे उपजिलाधिकारी राकेश सोनी को मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपने पर सहमत हो गए। ज्ञापन में कहा गया है कि रिंकू सिंह राही ने अपने कार्यकाल के दौरान जनहित के कई कार्य किए थे, जिससे आम जनता का प्रशासन पर विश्वास बढ़ा। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से अपील की कि जनभावनाओं का सम्मान करते हुए रिंकू सिंह राही को दोबारा जालौन में उपजिलाधिकारी पद पर तैनात किया जाए। प्रदर्शन के मद्देनज़र प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतज़ाम किए थे। जालौन, कुठौंद, सिरसाकलार, माधौगढ़ और रेंढ़र थानों की पुलिस के साथ-साथ प्रशासनिक अधिकारी पूरे समय मौके पर तैनात रहे। इस पूरे कार्यक्रम के दौरान कानून व्यवस्था पूरी तरह सामान्य बनी रही।1
- जालौन जिले के जालौन नगर क्षेत्र में स्थानीय प्रशासन द्वारा एसडीएम के नेतृत्व में चलाए गए अतिक्रमण हटाओ अभियान पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। लोगों का कहना है कि इस अभियान के दौरान छोटे व्यापारियों के साथ जबरदस्ती की गई, जबकि बड़े दुकानदारों के प्रति रहमदिली दिखाई गई।1
- जनपद जालौन के उरई स्थित कोतवाली पुलिस ने स्वाट और सर्विलांस टीम के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए सेंधमारी की एक वारदात का सफल खुलासा किया है। इस अभियान में सेंधमारी करने वाले छह आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने इन आरोपियों के कब्जे से चोरी की घटना से संबंधित 16,600 रुपये नकद, पांच मोबाइल फोन और एक चोरी की मोटरसाइकिल भी बरामद की है। पुलिस इस कार्यवाही को हाल के दिनों की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मान रही है। पुलिस के अनुसार, कोतवाली उरई क्षेत्र में कुछ दिन पहले हुई सेंधमारी की घटना के संबंध में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई थी। इस घटना के खुलासे के लिए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देशन में कोतवाली पुलिस, स्वाट टीम और सर्विलांस टीम की एक संयुक्त टीम गठित की गई थी। तकनीकी साक्ष्यों, सर्विलांस और मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी हुई थी। इसी दौरान शुक्रवार को, संयुक्त पुलिस टीम क्षेत्र में संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी, जब मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर उन्होंने घेराबंदी कर छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान, आरोपियों ने सेंधमारी की घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार की, जिसके बाद उनकी निशानदेही पर चोरी की रकम, मोबाइल फोन और मोटरसाइकिल बरामद की गई। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मनीष मिश्रा उर्फ हीरो, राजेश उर्फ अंश चौबे, शिवम यादव, मोहित सोनी, अंकित विश्वकर्मा और मनु यादव के रूप में हुई है, जो सभी कोतवाली उरई क्षेत्र के निवासी बताए गए हैं। पुलिस ने बताया कि बरामदगी और साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों के विरुद्ध संबंधित धाराओं में कार्रवाई करते हुए मुकदमे में धारा 317(2) भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की बढ़ोतरी की गई है। सभी आरोपियों को विधिक कार्यवाही पूरी करने के बाद न्यायालय में पेश किया जाएगा। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि गिरफ्तार आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी खंगाला जा रहा है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि उनका किसी संगठित गिरोह से संबंध है या नहीं, और क्या उन्होंने जिले या आसपास के क्षेत्रों में हुई अन्य चोरी, सेंधमारी अथवा संपत्ति संबंधी अपराधों को भी अंजाम दिया है। पूछताछ के आधार पर आगे और खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है। इस सफल कार्यवाही को लेकर पुलिस अधिकारियों ने संयुक्त टीम की सराहना करते हुए कहा कि अपराधियों के विरुद्ध अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए ऐसी प्रभावी कार्यवाही भविष्य में भी की जाएगी।3
- जालौन के कोंच तहसील क्षेत्र के पिरौना गांव में शुक्रवार देर रात करीब 11:30 बजे तब अफरा-तफरी मच गई, जब गांव के तालाब के पास से एक मगरमच्छ निकलकर आबादी वाले क्षेत्र में पहुंच गया। एक कच्चे मकान के करीब मगरमच्छ को रेंगते देख ग्रामीणों में भारी दहशत फैल गई और लोग अपने घरों से बाहर आ गए। हालांकि, ग्रामीणों ने सूझबूझ दिखाते हुए रस्सियों की मदद से काफी मशक्कत के बाद मगरमच्छ को सुरक्षित पकड़ लिया। इस घटना की सूचना तत्काल वन विभाग और पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची, जिसके बाद ग्रामीणों ने पकड़े गए मगरमच्छ को वन विभाग के अधिकारियों को सौंप दिया। ग्रामीणों के अनुसार, गांव के तालाब में मगरमच्छों का पहले से जमावड़ा है। उनका कहना है कि उन्होंने एक नहीं, बल्कि तीन मगरमच्छों को तालाब के आसपास देखा था। इनमें से एक मगरमच्छ आबादी की ओर आ गया था, जिसे ग्रामीणों ने पकड़ लिया, जबकि अन्य दो मगरमच्छ वापस तालाब की ओर चले गए। घटना के बाद से गांव में दहशत का माहौल बना हुआ है। ग्रामीण वन विभाग से तालाब की निगरानी बढ़ाने और अन्य मगरमच्छों को भी सुरक्षित रूप से रेस्क्यू कर गांव से दूर छोड़ने की मांग कर रहे हैं, ताकि भविष्य में कोई अप्रिय घटना न हो। स्थानीय ग्रामीण अरविंद और राहुल ने भी इस बात की पुष्टि की कि मगरमच्छों को पहले भी देखा गया है और इस घटना से गांव में भय बढ़ गया है। इस संबंध में, एट क्षेत्र वन अधिकारी रमेश चन्द्र वर्मा ने बताया कि सूचना मिलते ही उनकी विभागीय टीम घटनास्थल पर पहुंची और ग्रामीणों द्वारा पकड़े गए मगरमच्छ को अपने कब्जे में ले लिया। उन्होंने आश्वस्त किया कि इस मगरमच्छ को उसके सुरक्षित प्राकृतिक आवास में छोड़ा जाएगा।1
- जालौन में एक महिला हत्याकांड का पुलिस ने 24 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, इस वारदात को करीब 15 साल पुरानी रंजिश के चलते अंजाम दिया गया था। आरोप है कि सो रही महिला पर कुल्हाड़ी और डंडे से हमला कर उसकी हत्या की गई थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने लला उर्फ सहदेव समेत दो लोगों के खिलाफ हत्या की धाराओं में मामला दर्ज किया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस अधीक्षक जालौन ने अपर पुलिस अधीक्षक जालौन और सीओ माधौगढ़ के नेतृत्व में दो विशेष टीमों का गठन किया था। रामपुरा थाना पुलिस ने शनिवार को चेकिंग के दौरान दोनों वांछित आरोपियों लल्ला उर्फ सहदेव और राज सिंह उर्फ बसंत को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में, आरोपी रन सिंह उर्फ बसन्तू ने बताया कि करीब 15 साल पहले मृतका मीना देवी का उसके पिता जन्ट सिंह से विवाद हुआ था। उस दौरान मीना देवी ने उसके पिता को चप्पलों से मारा था, जिससे वह अपमानित महसूस करता था और तभी से रंजिश पाले हुए था। दूसरे आरोपी लला उर्फ सहदेव ने बताया कि उसकी बेटी और मृतका की बेटी के ससुराल पक्ष के बीच पारिवारिक संबंध थे। मृतका की बेटी के ससुराल वालों से एक पुराने वैवाहिक विवाद को लेकर मुकदमा चल रहा था, जिस कारण मृतका उससे भी रंजिश मानती थी। दोनों आरोपियों ने इसी पुरानी दुश्मनी के चलते मीना देवी की हत्या की साजिश रची थी। पुलिस पूछताछ में दोनों आरोपियों ने स्वीकार किया कि 1 और 2 जुलाई की मध्यरात्रि में उन्होंने सो रही मीना देवी पर हमला किया। लला उर्फ सहदेव ने बांस के डंडे से और रन सिंह उर्फ बसन्तू ने कुल्हाड़ी के मूंदे हिस्से से उनके सिर पर जोरदार वार किए, जिससे उनकी मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद, दोनों आरोपी हत्या में प्रयुक्त डंडा और कुल्हाड़ी को नदी किनारे झाड़ियों में फेंक आए। उन्होंने घटना के समय पहने गए कपड़े भी वहीं फेंक दिए और नहाकर वापस लौट गए। गिरफ्तार किए गए आरोपी लला उर्फ सहदेव और रन सिंह उर्फ बसन्तू ग्राम जायघा, थाना रामपुरा, जनपद जालौन के निवासी हैं। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी, बांस का डंडा और घटना के समय पहने गए कपड़े बरामद कर लिए हैं। मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है, जैसा कि एएसपी जालौन डॉ. ईशान सोनी ने भी बताया है।1