उन्नाव जिले के फतेहपुर 84 विकास खण्ड के अंतर्गत आने वाले दबौली बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में जिलाधिकारी धनश्याम मीणा, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जय प्रकाश सिंह और अपर जिलाधिकारी सुशील कुमार ने संयुक्त रूप से स्थलीय निरीक्षण किया। अधिकारियों ने बाढ़ की वर्तमान स्थिति का जायजा लेते हुए संबंधित विभागों को राहत और बचाव कार्यों को पूरी तत्परता के साथ संचालित करने के स्पष्ट निर्देश दिए। जिलाधिकारी धनश्याम मीणा ने स्पष्ट किया कि प्रभावित क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल, राहत सामग्री, खाद्यान्न और आवश्यक दवाओं की उपलब्धता में कोई कमी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि राहत कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और संवेदनशील इलाकों पर निरंतर निगरानी रखी जाए। वहीं, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जय प्रकाश सिंह ने पुलिस बल को प्रभावित क्षेत्रों में लगातार गश्त करने और प्रशासन को पूर्ण सहयोग देने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने आम नागरिकों से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करें। निरीक्षण के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों ने स्थानीय निवासियों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और उन्हें हर संभव सहायता का भरोसा दिया। जनता से अपील की गई कि वे जलमग्न क्षेत्रों में अनावश्यक न जाएं, बच्चों व बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें और किसी भी आपात स्थिति में तत्काल पुलिस या प्रशासन को सूचित करें। इस दौरान उपजिलाधिकारी सफीपुर शिवेंद्र वर्मा, सहायक पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी सफीपुर दीपक यादव सहित राजस्व और पुलिस विभाग के अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
उन्नाव जिले के फतेहपुर 84 विकास खण्ड के अंतर्गत आने वाले दबौली बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में जिलाधिकारी धनश्याम मीणा, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जय प्रकाश सिंह और अपर जिलाधिकारी सुशील कुमार ने संयुक्त रूप से स्थलीय निरीक्षण किया। अधिकारियों ने बाढ़ की वर्तमान स्थिति का जायजा लेते हुए संबंधित विभागों को राहत और बचाव कार्यों को पूरी तत्परता के साथ संचालित करने के स्पष्ट निर्देश दिए। जिलाधिकारी धनश्याम मीणा ने स्पष्ट किया कि प्रभावित क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल, राहत सामग्री, खाद्यान्न और आवश्यक दवाओं की उपलब्धता में कोई कमी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि राहत कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और संवेदनशील इलाकों पर निरंतर निगरानी रखी जाए। वहीं, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जय प्रकाश सिंह ने पुलिस बल को प्रभावित क्षेत्रों में लगातार गश्त करने और प्रशासन को पूर्ण सहयोग देने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने आम नागरिकों से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करें। निरीक्षण के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों ने स्थानीय निवासियों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और उन्हें हर संभव सहायता का भरोसा दिया। जनता से अपील की गई कि वे जलमग्न क्षेत्रों में अनावश्यक न जाएं, बच्चों व बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें और किसी भी आपात स्थिति में तत्काल पुलिस या प्रशासन को सूचित करें। इस दौरान उपजिलाधिकारी सफीपुर शिवेंद्र वर्मा, सहायक पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी सफीपुर दीपक यादव सहित राजस्व और पुलिस विभाग के अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
- गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए उन्नाव के डीएम घनश्याम मीणा और एसएसपी जय प्रकाश सिंह ने दबौली गांव का दौरा किया। अधिकारियों ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का मौके पर पहुंचकर विस्तृत जायजा लिया और चल रहे राहत एवं बचाव कार्यों की गहन समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान डीएम और एसएसपी ने संबंधित अधिकारियों को प्रभावित ग्रामीणों को हर संभव सहायता मुहैया कराने के निर्देश दिए। प्रशासन को यह आदेश दिया गया कि यदि स्थिति गंभीर होती है, तो लोगों को सुरक्षित स्थानों पर तुरंत पहुंचाया जाए। इसके साथ ही, पुलिस बल को संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार गश्त बढ़ाने के लिए कहा गया है ताकि सुरक्षा बनी रहे। जिला प्रशासन और पुलिस विभाग को आपसी समन्वय के साथ राहत कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया गया है। अधिकारियों ने ग्रामीणों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और उन्हें हरसंभव मदद का आश्वासन दिया। इसके साथ ही, स्थानीय लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और नदी के किनारे अनावश्यक आवाजाही से बचने की अपील की गई है। इस दौरान एडीएम सुशील कुमार, एसडीएम सफीपुर और सीओ सफीपुर सहित अन्य संबंधित अधिकारी भी मौके पर मौजूद रहे।2
- कानपुर के रावतपुर थाना क्षेत्र में देर रात एक महिला को गोली लगने की सूचना मिलने से हड़कंप मच गया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर महिला को तुरंत अस्पताल भेजा, लेकिन डॉक्टरों ने महिला को गोली लगने की पुष्टि नहीं की है। साथ ही, घटनास्थल की जांच के दौरान पुलिस को फायरिंग का कोई भी साक्ष्य बरामद नहीं हुआ है। पुलिस उपायुक्त पश्चिम एस.एम. कासिम आबिदी के अनुसार, घटना के पीछे दोनों पक्षों के बीच पुराने विवाद की बात सामने आ रही है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अब सीसीटीवी फुटेज और अन्य सबूतों की गहन जांच कर रही है। फिलहाल संदिग्धों और आरोपितों की धरपकड़ के लिए पुलिस टीमों का गठन कर दिया गया है।1
- अभिषेक ठाकुर के सार्वजनिक मंचों और 'पब्लिक डिबेट' वीडियो में दिए गए बयानों को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए गए हैं। मूल रूप से उत्तर प्रदेश के रायबरेली के रहने वाले अभिषेक ठाकुर, दिल्ली-एनसीआर से सटे गाजियाबाद और मथुरा-वृंदावन जैसे क्षेत्रों में भी खासे सक्रिय रहते हैं, जहाँ वे अपने वीडियो शूट करते हैं। उन्होंने सार्वजनिक रूप से दावा किया है कि यदि किसी को मुस्लिम लड़की से शादी करने में दिक्कत हो या कोई टोपी-दाढ़ी वाला व्यक्ति परेशान करे, तो वे कोर्ट से लेकर रहने तक की पूरी व्यवस्था करने का आश्वासन देते हैं। इन बयानों को लेकर प्रशासन के दोहरे रवैये पर कड़ा विरोध दर्ज कराया गया है। यह आरोप लगाया गया है कि यदि ऐसी ही बातें किसी उर्दू नाम वाले व्यक्ति ने कही होतीं, तो अब तक उस पर UAPA या NSA जैसी गंभीर धाराएं लग चुकी होतीं, उसे जेल भेजा जाता और बुलडोजर से घर गिराने जैसी कार्रवाई की जाती। इस मामले में सवाल उठाया गया है कि क्या देश का कानून अब चेहरे, कपड़ों और नाम देखकर कार्रवाई तय कर रहा है। 'सनातनी' होने के नाम पर दूसरों की बेटियों को जागीर समझने और सरेआम धमकियां देने के इस चलन पर प्रशासन की चुप्पी को लेकर गहरी नाराजगी व्यक्त की गई है और शासन-प्रशासन के इस रवैये पर तत्काल जवाबदेही की मांग की गई है।1
- कानपुर में बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा के लिए एक नया लर्निंग वीडियो सामने आया है। इस वीडियो में प्री-स्कूल स्तर के छात्रों को चित्रों के साथ अक्षरों का मिलान करने और छोटे अक्षरों (lowercase letters) को खोजने का अभ्यास कराया जा रहा है।1
- कानपुर में सबसे बड़े 'डांडिया नाइट 2026' का आयोजन किया जा रहा है। भारतीय संस्कृति और भारतीय परिधानों पर आधारित यह आयोजन शहर का सर्वश्रेष्ठ सांस्कृतिक कार्यक्रम बताया जा रहा है। इच्छुक व्यक्ति कार्यक्रम के पास प्राप्त करने के लिए जल्द से जल्द आवेदन कर सकते हैं।1
- कानपुर के बिधनू थाना क्षेत्र स्थित जादवपुर गांव में ग्राम समाज की चारागाह भूमि पर अवैध रूप से यूकेलिप्टस के पेड़ों को काटने का मामला सामने आया है। स्थानीय स्तर पर प्रकाश में आई इस घटना के तहत सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाते हुए पेड़ों की अवैध कटाई की गई है।1
- उत्तर प्रदेश के उन्नाव में 27 जून को हुई आरिफ नामक युवक की मौत का मामला अब एक नया मोड़ ले चुका है। हसनगंज कस्बे के रहने वाले आरिफ की मौत को शुरुआती तौर पर सड़क दुर्घटना बताया गया था, लेकिन परिजनों ने इस दावे को खारिज करते हुए इसे संदिग्ध करार दिया। परिजनों का आरोप है कि आरिफ के शरीर पर मिले चोट के निशान सड़क हादसे से मेल नहीं खाते हैं। इसी संदेह के चलते परिजनों ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की, जिसके बाद अदालत ने मामले में निष्पक्ष जांच के लिए शव को कब्र से निकालकर दोबारा पोस्टमार्टम कराने का आदेश दिया। हाईकोर्ट के निर्देश का पालन करते हुए आज सुबह 8 बजकर 19 मिनट पर प्रशासन की मौजूदगी और वीडियोग्राफी के बीच कब्र से शव निकालने की प्रक्रिया शुरू हुई। लगभग एक घंटे की मशक्कत के बाद शव को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए उन्नाव जिला अस्पताल भेज दिया गया। इस दौरान न्यायिक उपजिलाधिकारी हसनगंज उदयवीर सिंह, संयुक्त अभियोजन अधिकारी मोहम्मद तारिक खान, क्षेत्राधिकारी तेज बहादुर सिंह, सीएचसी प्रभारी डॉ. नितिन श्रीवास्तव और कोतवाली प्रभारी शरद कुमार सिंह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर तैनात रहे। अब सभी की निगाहें पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिससे यह स्पष्ट हो सकेगा कि आरिफ की मौत वास्तव में एक सड़क हादसा थी या फिर इसके पीछे कोई गहरी साजिश है।4
- Post by Ramakant1
- उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद में एक बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है, जहाँ सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है। इस वीडियो में मोहन बजरंगी सनातनी, जो स्वयं को बजरंग दल का जिला अध्यक्ष बताता है, एक झूले में बैठी मुस्लिम लड़कियों के पास बैठकर उनका वीडियो रिकॉर्ड करता हुआ दिखाई दे रहा है। यही वीडियो उसने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर भी साझा किया है। वीडियो के दृश्यों में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि यह सब लड़कियों की बिना सहमति के किया गया है, जिसके दौरान वे असहज महसूस कर रही हैं। महिलाओं की निजता और गरिमा के साथ किया गया यह कृत्य एक बेहद गंभीर मामला है।1