पुलिस मुख्यालय द्वारा चलाए जा रहे हेलमेट जागरूकता और प्रवर्तन अभियान के तहत, खेरवाड़ा थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए नियमों का उल्लंघन करने वाली कुल 18 पावर बाइक जब्त कीं। इसके साथ ही, बिना हेलमेट दुपहिया वाहन चलाने वाले चालकों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की गई। इस अभियान के माध्यम से खेरवाड़ा पुलिस ने यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर शिकंजा कसा है। यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. अमृता दुहन के निर्देशानुसार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अंजना सुखवाल और वृत्ताधिकारी राजीव राहड़ के सुपरविजन में की गई। खेरवाड़ा थानाधिकारी करनाराम जाट के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने क्षेत्र में सघन चेकिंग अभियान चलाया, जिसके दौरान मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 207 के तहत इन वाहनों को जब्त किया गया। पुलिस प्रशासन द्वारा यह विशेष हेलमेट जागरूकता और प्रवर्तन अभियान 02 जुलाई से 16 जुलाई तक चलाया जा रहा है।
पुलिस मुख्यालय द्वारा चलाए जा रहे हेलमेट जागरूकता और प्रवर्तन अभियान के तहत, खेरवाड़ा थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए नियमों का उल्लंघन करने वाली कुल 18 पावर बाइक जब्त कीं। इसके साथ ही, बिना हेलमेट दुपहिया वाहन चलाने वाले चालकों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की गई। इस अभियान के माध्यम से खेरवाड़ा पुलिस ने यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर शिकंजा कसा है। यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. अमृता दुहन के निर्देशानुसार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अंजना सुखवाल और वृत्ताधिकारी राजीव राहड़ के सुपरविजन में की गई। खेरवाड़ा थानाधिकारी करनाराम जाट के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने क्षेत्र में सघन चेकिंग अभियान चलाया, जिसके दौरान मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 207 के तहत इन वाहनों को जब्त किया गया। पुलिस प्रशासन द्वारा यह विशेष हेलमेट जागरूकता और प्रवर्तन अभियान 02 जुलाई से 16 जुलाई तक चलाया जा रहा है।
- राजसमंद के गाडरी समाज को अपने छात्रावास निर्माण के लिए अब तक लगभग 23 लाख रुपये का आर्थिक सहयोग प्राप्त हुआ है। यह राशि गाडरी समाज विकास संस्था राजसमंद के जिलाध्यक्ष किशन लाल गाडरी खेमाखेड़ा के अथक प्रयासों और समाज के सदस्यों के आर्थिक योगदान का परिणाम है, जिससे समाज में नए कार्यों की उम्मीद जगी है। संस्था को पूर्व में राजसमंद जिले की विभिन्न तहसीलों और अन्य राज्यों में राजस्थान के प्रवासी नागरिकों से मुलाकात कर उनकी इच्छानुसार 10 लाख रुपये का सहयोग मिला था। हाल ही में, जिलाध्यक्ष किशन लाल गाडरी ने दक्षिण भारत के 8 राज्यों (पश्चिम बंगाल के कोलकाता, आंध्रप्रदेश के विशाखापट्टनम, तमिलनाडु के चेन्नई, तेलंगाना के हैदराबाद, कर्नाटक के बेंगलुरु, बीजापुर, बेलगांव, मैसूर, गोवा के पणजी, महाराष्ट्र के कोल्हापुर) और दिल्ली का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने राजस्थान-मेवाड़ के गाडरी समाज के प्रवासी नागरिकों से मिलकर जिला स्तरीय छात्रावास निर्माण के लिए आर्थिक सहयोग की अपील की, जिस पर समाजजनों ने 13 लाख रुपये का योगदान दिया। कुल मिलाकर, संस्था के खाते में ऑनलाइन माध्यम से अब तक लगभग 23 लाख रुपये की सहयोग राशि जमा हो चुकी है। इस छात्रावास के अभाव में ग्रामीण क्षेत्रों के आर्थिक रूप से कमजोर बालक-बालिकाओं को उच्च शिक्षा प्राप्त करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है, जिससे सरकारी नौकरियों में भी समाज अपनी बड़ी जनसंख्या के बावजूद राजकीय पदों से वंचित रह जाता है। इस सहयोग से अब शिक्षा के क्षेत्र में नई आशा का संचार हुआ है और लंबे समय से चले आ रहे जिला स्तरीय छात्रावास निर्माण का प्रयास सफल होता दिख रहा है। अपने दौरे के दौरान, किशन लाल गाडरी ने मेवाड़ संभाग के विभिन्न जिलों जैसे राजसमंद, भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़, उदयपुर, सलूम्बर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर और प्रतापगढ़ के प्रवासी गाडरी समाज के सदस्यों से भी मुलाकात की। उन्होंने बैठकें आयोजित कर समाज सुधार पर चर्चा की और समाज में व्याप्त विभिन्न कुरीतियों को खत्म करने की अपील की। इन चर्चाओं में मुख्य रूप से शिक्षा, समाज को नशामुक्त बनाने, कपड़ा प्रथा और मृत्युभोज को कम करने तथा फिजूलखर्ची पर रोक लगाने जैसे मुद्दों पर सार्थक विचार-विमर्श हुआ। इसके अतिरिक्त, आगामी दिनों में एक सामूहिक विवाह सम्मेलन आयोजित करने पर भी चर्चा हुई, जिसकी रूपरेखा भविष्य की बैठकों में तैयार की जाएगी। संस्था द्वारा सितंबर माह में संत श्री अमरा भगत जी के जन्मोत्सव पर एक जिला स्तरीय विशाल रक्तदान शिविर का आयोजन भी किया जाएगा। विभिन्न शहरों में पहुंचने पर किशन लाल गाडरी का राजस्थान-मेवाड़ प्रवासी गाडरी समाज के सदस्यों द्वारा साफा, इकलाई और माला पहनाकर बड़े हर्षोल्लास के साथ स्वागत किया गया। आगामी दिनों में राजसमंद जिले के समस्त चौखलों से भी छात्रावास निर्माण हेतु आर्थिक सहयोग के लिए पंच पटेलों से मुलाकात कर राशि ली जाएगी।4
- उन व्यक्तियों के लिए एक विशेष ऋण सुविधा उपलब्ध कराई गई है जो पैसों की कमी के कारण अपने सपनों को पूरा करने या ज़रूरी काम करने में बाधा महसूस करते हैं। यह सुविधा विशेष रूप से उन लोगों के लिए है जो निजी नौकरी या फैक्ट्री में कार्यरत हैं और जिनकी मासिक आय ₹14,000 या उससे अधिक है। पात्र आवेदक कम ब्याज दर पर ऋण प्राप्त कर सकते हैं, जिसकी प्रक्रिया बेहद आसान है, जिसमें कम दस्तावेज़ों की आवश्यकता होती है, और प्रोसेसिंग भी तेज़ व भरोसेमंद सेवा के साथ की जाती है। पूरे भारत में ऋण सुविधा प्रदान करने वाली इस सेवा से जुड़ी व्यक्तिगत जानकारी के लिए, इच्छुक व्यक्ति 7354573741 पर तुरंत संपर्क कर सकते हैं या इसी नंबर पर WhatsApp के माध्यम से जुड़ सकते हैं। DASPatna से संबंधित जानकारी के लिए भी इसी नंबर पर संपर्क किया जा सकता है।1
- मध्यप्रदेश शासन और पुलिस मुख्यालय के निर्देशों के तहत, नशे के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान में उज्जैन रेंज पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान, चार जिलों के कुल 117 एनडीपीएस प्रकरणों में जब्त लगभग 22 क्विंटल 45 किलो 915 ग्राम मादक पदार्थों का विधिवत विनष्टीकरण किया गया। इन जब्त मादक पदार्थों की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब ₹1 करोड़ 80 लाख आंकी गई है। उज्जैन पुलिस ने भी एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज 39 प्रकरणों में जब्त 3 क्विंटल 66 किलो 988 ग्राम मादक पदार्थों को सफलतापूर्वक नष्ट कराया। इसके अतिरिक्त, एक अन्य प्रकरण में जब्त 902 ग्राम अफीम को नियमानुसार अधिकृत भंडारण केंद्र में जमा करवाया गया। ड्रग विनष्टीकरण समिति ने शुक्रवार को 112 प्रकरणों से जुड़े 2245.915 किलोग्राम मादक पदार्थों को नीमच जिले के खोर-नयागांव स्थित विक्रम सीमेंट फैक्ट्री की उच्च तापमान वाली भट्टी में पर्यावरणीय मानकों का पालन करते हुए पूरी तरह से नष्ट किया। वहीं, पांच गंभीर प्रकरणों में जब्त 3.967 किलोग्राम अफीम को सुरक्षित भंडारण के लिए नीमच स्थित अल्कालाइड फैक्ट्री में जमा कराया गया। यह पूरी कार्रवाई पुलिस उप महानिरीक्षक और ड्रग विनष्टीकरण समिति के अध्यक्ष नवनीत भसीन के मार्गदर्शन तथा मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के वैज्ञानिक अधिकारी एस.के. गुप्ता की उपस्थिति में विधिसम्मत तरीके से संपन्न हुई। उज्जैन पुलिस ने जानकारी दी कि मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्रवाई जारी है। इसके साथ ही, जब्त मादक पदार्थों का समयबद्ध विनष्टीकरण सुनिश्चित कर समाज को नशामुक्त और सुरक्षित बनाने की दिशा में यह अभियान लगातार चल रहा है। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि मादक पदार्थों के अवैध क्रय-विक्रय, परिवहन या भंडारण से संबंधित किसी भी सूचना को तत्काल निकटतम पुलिस थाना या पुलिस कंट्रोल रूम को दें, जिसमें सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।3
- चित्तौड़गढ़ जिले में दिनभर की प्रमुख खबरों में राज्य स्तरीय तैराकी प्रतियोगिता में अंशिका धाकड़ द्वारा 5 स्वर्ण पदक जीतना शामिल रहा। इसी क्रम में, सीए शगुन आगाल को सम्मानित किया गया और राष्ट्रीय युवा संसद में ऋषभ चतुर्वेदी ने अपनी प्रभावशाली प्रस्तुति दी। जिले के आंवलहेड़ा में खेड़ादेव पूजा का आयोजन किया गया, जबकि इनर व्हील क्लब ने गौ-सेवा का कार्य किया। राजनीतिक मोर्चे पर, कांग्रेस एससी विभाग ने बूथ स्तर की बैठकों की तैयारी शुरू की। वहीं, चौपाटी मार्केट से जुड़ा विवाद गरमा गया। अग्निवीर नीरज मीना का भव्य सम्मान किया गया और निंबाहेड़ा में लगातार स्नेक रेस्क्यू अभियान जारी रहा। यह चित्तौड़गढ़ जिले की दिनभर की सभी बड़ी खबरें रहीं।1
- राजसमंद जिले के जोर गांव निवासी 40 वर्षीय गंगाराम खारोल पिछले 13 वर्षों से अंधेरे और संघर्ष भरी जिंदगी जी रहे हैं। आंखों की रोशनी जाने के बाद उन्होंने कई बड़े नेत्र चिकित्सालयों में इलाज और ऑपरेशन करवाए, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद उनकी दृष्टि वापस नहीं लौट सकी। इस मुश्किल घड़ी में कुदरत ने उनकी और परीक्षा ली। कोरोना काल में गंगाराम के बड़े भाई का निधन हो गया, और परिवार इस सदमे से उबर भी नहीं पाया था कि करीब तीन वर्ष पहले उनके छोटे भाई की भी मौत हो गई। इसके लगभग एक वर्ष पूर्व उनके पिता घाशीराम खारोल का भी निधन हो गया, जिससे लगातार तीन पारिवारिक मौतों ने पूरे परिवार की कमर तोड़ दी है। आज गंगाराम के घर में केवल उनकी बुजुर्ग मां, दोनों दिवंगत भाइयों के परिवार और उनकी पत्नी हैं। स्वयं दृष्टिबाधित होने के कारण परिवार का पालन-पोषण करना उनके लिए अत्यंत कठिन हो गया है। आर्थिक तंगी के चलते यह परिवार आज भी एक कच्चे मकान में रहने को मजबूर है। गंगाराम का कहना है कि उन्हें अब तक प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ नहीं मिला है, और वे अपनी पत्नी के लिए भी विकलांग पेंशन सहित अन्य सरकारी योजनाओं के लाभ की मांग कर रहे हैं। उन्होंने कई बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाए, लेकिन अब तक उन्हें कोई राहत नहीं मिल सकी है। ऐसे में गंगाराम और उनका परिवार उम्मीद लगाए बैठा है कि सरकार और प्रशासन उनकी पीड़ा को समझेंगे और उन्हें सभी पात्र सरकारी योजनाओं का लाभ शीघ्र उपलब्ध कराएंगे। इस संबंध में, ग्राम विकास अधिकारी देवीलाल पोसवाल ने बताया है कि पीड़ित परिवार को पात्रता के अनुसार सभी सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने का पूरा प्रयास किया जाएगा। 13 वर्षों से अंधेरे में जी रहे गंगाराम के लिए अब सबसे बड़ी चुनौती केवल अपनी जिंदगी जीना नहीं, बल्कि पूरे परिवार का सहारा बनना है, और यह परिवार आज भी सरकारी मदद की उम्मीद लगाए हुए है।2
- चित्तौड़गढ़ जिले के निकुंभ स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में छात्रों से कथित तौर पर बाल श्रम कराने और इसकी शिकायत करने पर एक अभिभावक के साथ अभद्र व्यवहार करने का गंभीर मामला सामने आया है। अभिभावक ने स्कूल प्रशासन पर बच्चों का नाम काटने की धमकी देने का भी आरोप लगाया है। इस संबंध में निकुंभ निवासी मुकेश कुमार सुथार ने जिला कलेक्टर, चित्तौड़गढ़ को लिखित शिकायत सौंपकर निष्पक्ष जांच और दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। कलेक्टर को सौंपे गए ज्ञापन में पीड़ित अभिभावक मुकेश कुमार सुथार ने बताया कि उनके तीन बच्चे इसी विद्यालय में पढ़ते हैं। उनके अनुसार, स्कूल प्रशासन उनके बच्चों सहित अन्य छात्रों से पढ़ाई के समय नियमित रूप से सफाई करवाने, गाजर घास उखाड़ने और अन्य श्रम संबंधी कार्य कराता है, जिससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि 02.07.2026 को भी बच्चों से स्कूल में सफाई और घास उखाड़ने का काम कराया गया, जिससे उनका एक बच्चा बीमार हो गया। ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया है कि जब पीड़ित पिता इस मामले की शिकायत करने विद्यालय पहुंचे, तो वहां मौजूद नंदलाल खटीक और विशाल ने उनकी बात सुनने के बजाय उनके साथ बेहद अभद्र, अशोभनीय और अपमानजनक व्यवहार किया। उन पर आरोप है कि उन्होंने अभिभावक को स्कूल से बाहर जाने को कहा और धमकी दी कि यदि वह शिकायत करेंगे तो उनके बच्चों का नाम विद्यालय से काट दिया जाएगा (टी.सी. काट दी जाएगी) और भविष्य में उन्हें किसी अन्य स्कूल में प्रवेश नहीं मिल पाएगा। पीड़ित अभिभावक ने जिला कलेक्टर से गुहार लगाई है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष और गंभीर जांच कराई जाए, तथा दोषी कर्मचारियों के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने की मांग की है कि विद्यालय में बच्चों से किसी भी प्रकार का श्रम न कराया जाए, ताकि वे भयमुक्त और सम्मानजनक वातावरण में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त कर सकें।2
- उदयपुर जिले के खेता खेड़ा गाँव में एक सरकारी शिक्षक पर सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा करने का आरोप लगा है। शिकायतकर्ताओं के अनुसार, इस सरकारी भूमि को खाली करवाया जाना है, जिसके लिए उन्होंने तहसीलदार, सरपंच और सचिन सहित संबंधित अधिकारियों को रिपोर्ट दी है। हालांकि, उनका आरोप है कि सरकारी शिक्षक होने के कारण उस पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है, और अधिकारी कथित तौर पर शिक्षक के समर्थन में बोल रहे हैं। शिकायतकर्ताओं ने संबंधित अधिकारियों से इस सरकारी भूमि को तत्काल खाली करवाकर पंचायत के किसी काम में लेने की अपील की है।4
- सलूम्बर में आयोजित रोजगार उत्सव के तहत 342 नव नियुक्त युवाओं को नियुक्ति पत्र और वेलकम किट प्रदान किए गए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को बालोतरा जिले के पचपदरा से ₹1 लाख 5 हजार करोड़ की विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया, जिससे प्रदेश के सभी जिले वर्चुअल माध्यम से जुड़े। इसी अवसर पर सलूम्बर में जिला प्रशासन एवं शिक्षा विभाग के संयुक्त तत्वावधान में पंचायत समिति सभागार में जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित हुआ। इस कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री के संबोधन का सीधा प्रसारण किया गया, और मुख्यमंत्री रोजगार उत्सव के अंतर्गत विभिन्न विभागों में चयनित 342 नव नियुक्त युवाओं को मुख्यमंत्री का बधाई संदेश, वेलकम किट एवं नियुक्ति पत्र सौंपे गए। इस मौके पर जिला कलक्टर मुहम्मद जुनैद पी.पी. ने सभी नव नियुक्त अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं देते हुए सरकारी सेवा को समाज और राष्ट्र की सेवा का महत्वपूर्ण माध्यम बताया। उन्होंने सभी कार्मिकों से ईमानदारी और संवेदनशीलता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का आह्वान किया, और विश्वास जताया कि ये युवा विकसित भारत एवं विकसित राजस्थान के संकल्प को साकार करने में योगदान देंगे। इन 342 अभ्यर्थियों में प्रशासनिक सुधार विभाग के 306, माध्यमिक शिक्षा विभाग के 21, अजमेर विद्युत वितरण निगम के 6, कृषि विभाग के 3, गृह विभाग (कांस्टेबल) के 2, तथा कॉलेज शिक्षा विभाग, सहकारिता विभाग, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग एवं सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार विभाग के 1-1 अभ्यर्थी शामिल थे। कार्यक्रम के अंत में सलूम्बर विधायक ने सभी नव नियुक्त अभ्यर्थियों को बधाई दी, जबकि अतिरिक्त जिला कलक्टर डॉ. दिनेश राय सपेला ने सभी नव नियुक्त कार्मिकों को कर्तव्यनिष्ठा एवं ईमानदारी की शपथ दिलाई। इस अवसर पर उपखंड अधिकारी जगदीश चंद्र बामनिया, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी दिनेश चंद्र पाटीदार, सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार विभाग के उप निदेशक दीपक धाकड़, जिला शिक्षा अधिकारी माया बजाड़, ब्लॉक शिक्षा अधिकारी नीरज भास्कर सहित भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष हकरू भाई मईड़ा, विधायक शांता देवी मीणा, जिला उपाध्यक्ष चंद्रशेखर जोशी, जिला मंत्री करण सिंह, भूरा भाई पटेल, मंडल अध्यक्ष नाहर सिंह राठौड़, विजेश भलवाड़ा, अमरा भाई पटेल, उप प्रधान देवेंद्र सिंह, नगर पालिका नेता प्रतिपक्ष प्रभु लाल जैन, पंचायत समिति नेता प्रतिपक्ष सोहनलाल चौधरी, पूर्व चेयरमैन भगवतीलाल सेवक, पूर्व पार्षद संजय चाष्टा, विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, नव नियुक्त अभ्यर्थी एवं उनके परिजन बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।4
- रविवार के अवसर पर मां जोगणिया धाम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे, जिससे वहां भारी भीड़ उमड़ पड़ी। इस दौरान, पुलिस प्रशासन सुरक्षा व्यवस्था को संभालने में पूरी तरह मुस्तैद रहा। मंदिर में आए भक्तों ने मां के दर्शन और पूजन किए।1