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Prakash Pathak Satna
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- वैश्विक संकट के इस दौर में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने दैनिक जीवन में मितव्ययता बरतने का महत्वपूर्ण संदेश दिया है। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस संदेश को आत्मसात करने और उस पर अमल करने के प्रति अपनी और सभी की प्रतिबद्धता व्यक्त की है।1
- Hiring Company / Shop : skill Paisa Job Title : work from home Salary Offered : 30000 Locality : remote work Job Field : digital marketing Job Type : Part Time Required Work Experience : Fresher Skill Paisa एक EdTech e-learning प्लेटफॉर्म है, जहाँ आप सीख भी सकते हैं और कमा भी सकते हैं यहाँ आप Digital Skills सीखकर अपना ऑनलाइन बिजनेस शुरू कर सकते हैं और घर बैठे कमाई कर सकते हैं आज ही शुरुआत करें और अपनी स्किल को इनकम में बदलें!1
- सतना में नगर पालिका निगम और स्मार्ट सिटी द्वारा मार्केट बिहारी चौक से महाबीर भवन तक की सड़कों की एक हफ्ते से खुदाई की जा रही है, जिसके कारण स्थानीय व्यापारी और आम लोग गंभीर परेशानी का सामना कर रहे हैं। इस अव्यवस्था से दुकानदारों का कहना है कि ग्राहकों की आवाजाही बुरी तरह प्रभावित हुई है, जिससे उनका व्यापार पूरी तरह ठप पड़ गया है। सड़कों की खुदाई के कारण उत्पन्न हुई इस स्थिति को लेकर व्यापारियों में गहरा आक्रोश है, और वे जल्द से जल्द निर्माण कार्य पूरा कराने की मांग कर रहे हैं।1
- सतना के जिला अस्पताल की चौंकाने वाली स्थिति सामने आई है, जहाँ मरीजों को फर्श पर लेटा हुआ दिखाया गया है और उनकी कोई देखभाल नहीं हो रही है। इस पर टिप्पणी करते हुए, स्रोत ने व्यंग्यात्मक ढंग से इसे सतना का 'अच्छा अस्पताल' बताया है, जहाँ कथित तौर पर मरीजों की दुर्दशा जारी है।1
- भारतीय जन मोर्चा पार्टी के अनुसार, कांग्रेस ने श्रवण और पिछड़ा वर्ग का शोषण करने के लिए SC/ST एक्ट कानून बनाया है, जिसे भाजपा ने मजबूत कर देश के इन वर्गों के साथ अन्याय किया है। यह आरोप लगाया गया है कि कांग्रेस, भाजपा और अन्य पार्टियों ने श्रवण और पिछड़ा वर्ग के खिलाफ झूठी FIR दर्ज करने के लिए पैसे देने की योजना बनाई है, जिसमें सरकार भी कथित तौर पर सहयोग कर रही है। हालांकि, ऐसी झूठी STC एक्ट की शिकायतें न्यायालय में दोषमुक्त हो रही हैं, लेकिन इन मामलों के कारण श्रवण और पिछड़ा वर्ग के लोगों का जीवन तबाह हो रहा है। पार्टी का कहना है कि 'अन्याय करो, झूठी FIR दर्ज कराओ और पैसा पाओ' जैसी योजनाएं देश में जातिगत भेदभाव पैदा कर रही हैं। कांग्रेस और भाजपा दोनों ही राजनीतिक दल देश को जाति संघर्ष में धकेल रहे हैं। भारतीय जन मोर्चा पार्टी रुपए देने की इस गलत योजना का पुरजोर विरोध करती है और श्रवण तथा पिछड़ा वर्ग से जागृत होने का आह्वान करती है। पार्टी का कहना है कि सनातनी हिंदू, चाहे वे पिछड़ा वर्ग से हों या श्रवण वर्ग से, उन्हें एक साथ आकर झूठी और गलत FIR दर्ज करने वालों के खिलाफ एक मंच पर आवाज उठानी होगी। भारतीय जन मोर्चा पार्टी भीम आर्मी के सदस्यों द्वारा किए जा रहे सनातन विरोध का भी विरोध करती है, और स्पष्ट करती है कि जो सनातनी नहीं हैं उनका पार्टी से कोई संबंध नहीं है, चाहे वे किसी भी जाति के हों। पार्टी सनातन हिंदू और सनातन की बात करती है और सनातन विरोधी का मुखर विरोध करती है। भारतीय जन मोर्चा पार्टी देश में पिछड़ा और श्रवण के साथ अन्याय पर मिलने वाले पैसे का भी विरोध करती है। पार्टी की मांग है कि अपराध करने वाले को कठोरतम सजा मिलनी चाहिए, लेकिन एक जाति विशेष के नाम पर श्रवण और पिछड़ों के खिलाफ झूठी FIR दर्ज करने वालों पर भी अपराध कायम होना चाहिए और उन्हें जेल भेजा जाना चाहिए। पार्टी कांग्रेस, भाजपा और अन्य पार्टियों को ऐसे कानून बनाने के लिए जिम्मेदार ठहराती है, जिन्होंने देश में पिछड़ा वर्ग के साथ घोर अन्याय किया है।1
- सतना के सिविल लाइन थाना क्षेत्र अंतर्गत हाटी रोड स्थित गांधीनगर में खुलेआम अवैध शराब बिक्री का एक वीडियो सामने आने के बाद पुलिस और आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। वायरल वीडियो में एक दुकान के भीतर देशी शराब की पेटी और फ्रिज में सजी बियर की बोतलें स्पष्ट रूप से दिखाई दे रही हैं, जो इस बात का प्रमाण है कि अवैध शराब का कारोबार बेखौफ तरीके से चल रहा है। सूत्रों के अनुसार, सिविल लाइन क्षेत्र में शराब माफियाओं ने गांव-गांव और मोहल्लों तक अपना नेटवर्क फैला रखा है। आरोप है कि शराब दुकान से जुड़े मैनेजर और पैकारी तंत्र द्वारा अवैध "ब्रांच" बनाकर शराब की आपूर्ति की जा रही है, लेकिन जिम्मेदार विभाग कार्रवाई करने के बजाय मौन साधे हुए है। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से अवैध शराब की बिक्री जारी है और कई शिकायतों के बावजूद पुलिस ने कोई सख्त कार्रवाई नहीं की, न ही आबकारी विभाग ने कोई प्रभावी अभियान चलाया। रिपोर्ट में यह बड़ा सवाल उठाया गया है कि जब शहर के बीचों-बीच खुलेआम शराब बिक रही थी, तो सिविल लाइन थाना पुलिस क्या कर रही थी और क्या आबकारी विभाग को इसकी जानकारी नहीं थी, या फिर सब कुछ संरक्षण में चल रहा था। जनता यह भी पूछ रही है कि क्या अवैध शराब कारोबारियों को राजनीतिक या विभागीय संरक्षण प्राप्त है, और आखिर क्यों कोई बड़ी कार्रवाई नहीं हो रही। वायरल वीडियो सामने आने के बाद अब इस पूरे मामले में उच्च स्तरीय जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग तेज हो गई है। अब यह देखना होगा कि क्या कोई बड़ी कार्रवाई होती है या केवल खानापूर्ति की कार्यवाही की जाती है।1
- मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 28 मई को इंदौर से उज्जैन तक का सफर बस से तय करके एक बार फिर मितव्ययता और सादगी का संदेश दिया, जिसके लिए उन्होंने अपना काफिला छोड़ दिया। इस यात्रा में उनके साथ मंत्री तुलसीराम सिलावट, सांसद शंकर लालवानी और जिलाध्यक्ष सहित कई वरिष्ठ जनप्रतिनिधि भी मौजूद थे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जनता से भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मितव्ययता की अपील पर चलने का आग्रह किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि वे स्वयं भी एक लोकल वाहन से यात्रा कर रहे हैं और सभी को वर्तमान वैश्विक संकट में संसाधनों का संयमित उपयोग करने का प्रयास करना चाहिए। मुख्यमंत्री प्रदेश में एक नई कार्य संस्कृति स्थापित कर रहे हैं, जहाँ प्रशासनिक खर्चों में संयम और संसाधनों के संतुलित उपयोग को प्राथमिकता दी जा रही है। उनकी यह पहल सादगीपूर्ण प्रशासन, ईंधन बचत और अनावश्यक खर्चों में कमी की दिशा में एक सकारात्मक संदेश है। गौरतलब है कि मुख्यमंत्री ने कुछ दिनों पहले सिंगरौली जिले के प्रवास के दौरान भी इसी तरह का संदेश दिया था, जब वे कार्यक्रम स्थल तक पहुँचने के लिए टूरिस्ट बस में बैठे थे और उनका काफिला साथ नहीं था। उस दौरान उन्होंने कहा था कि किसी भी जनप्रतिनिधि की पहचान प्रोटोकॉल से नहीं, बल्कि जनता के प्रेम और उनकी सेवा से होती है।1
- Post by Prakash Pathak Satna1