रायपुर (ब्यावर) पत्रकार श्याम सैनी एक साल से अधूरा रपट, ग्रामीणों का फूटा गुस्सा—PWD व जिला कलेक्टर कार्यालय पर धरने की चेतावनी मेगड़दा ग्राम पंचायत क्षेत्र की सुकड़ी नदी पर बन रहा रपट (पुलिया) पिछले एक साल से अधूरा पड़ा है । जिससे ग्रामीणों में भारी नाराजगी व्याप्त है। ठेकेदार द्वारा पिछले वर्ष बारिश से पहले निर्माण कार्य शुरू किया गया था । लेकिन कुछ समय बाद ही कार्य अधूरा छोड़ दिया गया और तब से अब तक कोई प्रगति नहीं हुई। ग्रामीणों का आरोप है कि इस गंभीर समस्या को लेकर वे कई बार ग्राम पंचायत, पीडब्ल्यूडी विभाग तथा कैबिनेट मंत्री अविनाश गहलोत को अवगत करवा चुके हैं । लेकिन इसके बावजूद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। स्थानीय ग्राम पंचायत प्रशासक कालूराम तंवर ने बताया कि उन्होंने भी कई बार पीडब्ल्यूडी अधिकारियों और निवर्तमान प्रधान कमला चौहान को इस संबंध में जानकारी दी । लेकिन समस्या जस की तस बनी हुई है। ग्रामीणों ने बताया कि रपट अधूरा होने के कारण आगामी बारिश में सुकड़ी नदी में पानी आने पर कई गांवों का संपर्क टूट सकता है । जिससे आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाएगा और ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। इसी समस्या को लेकर आज बड़ी संख्या में ग्रामीण अधूरे निर्माण स्थल पर एकत्रित हुए और जोरदार विरोध जताया। उन्होंने पीडब्ल्यूडी विभाग से जल्द निर्माण कार्य पूरा करवाने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही कार्य शुरू नहीं किया गया तो पीडब्ल्यूडी कार्यालय और जिला कलेक्टर कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। इस दौरान सोहनलाल, कन्हैयालाल, राजू भाटी, नोरत जाट, रामेश्वरलाल, कन्हैयालाल चौहान, बंशीलाल, नंदलाल, सुखाराम सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।
रायपुर (ब्यावर) पत्रकार श्याम सैनी एक साल से अधूरा रपट, ग्रामीणों का फूटा गुस्सा—PWD व जिला कलेक्टर कार्यालय पर धरने की चेतावनी मेगड़दा ग्राम पंचायत क्षेत्र की सुकड़ी नदी पर बन रहा रपट (पुलिया) पिछले एक साल से अधूरा पड़ा है । जिससे ग्रामीणों में भारी नाराजगी व्याप्त है। ठेकेदार द्वारा पिछले वर्ष बारिश से पहले निर्माण कार्य शुरू किया गया था । लेकिन कुछ समय बाद ही कार्य अधूरा छोड़ दिया गया और तब से अब तक कोई प्रगति नहीं हुई। ग्रामीणों का आरोप है कि इस गंभीर समस्या को लेकर वे कई बार ग्राम पंचायत, पीडब्ल्यूडी विभाग तथा कैबिनेट मंत्री अविनाश गहलोत को अवगत करवा चुके हैं । लेकिन इसके बावजूद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। स्थानीय ग्राम पंचायत प्रशासक कालूराम तंवर ने बताया कि उन्होंने भी कई बार पीडब्ल्यूडी अधिकारियों और
निवर्तमान प्रधान कमला चौहान को इस संबंध में जानकारी दी । लेकिन समस्या जस की तस बनी हुई है। ग्रामीणों ने बताया कि रपट अधूरा होने के कारण आगामी बारिश में सुकड़ी नदी में पानी आने पर कई गांवों का संपर्क टूट सकता है । जिससे आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाएगा और ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। इसी समस्या को लेकर आज बड़ी संख्या में ग्रामीण अधूरे निर्माण स्थल पर एकत्रित हुए और जोरदार विरोध जताया। उन्होंने पीडब्ल्यूडी विभाग से जल्द निर्माण कार्य पूरा करवाने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही कार्य शुरू नहीं किया गया तो पीडब्ल्यूडी कार्यालय और जिला कलेक्टर कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। इस दौरान सोहनलाल, कन्हैयालाल, राजू भाटी, नोरत जाट, रामेश्वरलाल, कन्हैयालाल चौहान, बंशीलाल, नंदलाल, सुखाराम सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।
- रायपुर (ब्यावर) पत्रकार श्याम सैनी एक साल से अधूरा रपट, ग्रामीणों का फूटा गुस्सा—PWD व जिला कलेक्टर कार्यालय पर धरने की चेतावनी मेगड़दा ग्राम पंचायत क्षेत्र की सुकड़ी नदी पर बन रहा रपट (पुलिया) पिछले एक साल से अधूरा पड़ा है । जिससे ग्रामीणों में भारी नाराजगी व्याप्त है। ठेकेदार द्वारा पिछले वर्ष बारिश से पहले निर्माण कार्य शुरू किया गया था । लेकिन कुछ समय बाद ही कार्य अधूरा छोड़ दिया गया और तब से अब तक कोई प्रगति नहीं हुई। ग्रामीणों का आरोप है कि इस गंभीर समस्या को लेकर वे कई बार ग्राम पंचायत, पीडब्ल्यूडी विभाग तथा कैबिनेट मंत्री अविनाश गहलोत को अवगत करवा चुके हैं । लेकिन इसके बावजूद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। स्थानीय ग्राम पंचायत प्रशासक कालूराम तंवर ने बताया कि उन्होंने भी कई बार पीडब्ल्यूडी अधिकारियों और निवर्तमान प्रधान कमला चौहान को इस संबंध में जानकारी दी । लेकिन समस्या जस की तस बनी हुई है। ग्रामीणों ने बताया कि रपट अधूरा होने के कारण आगामी बारिश में सुकड़ी नदी में पानी आने पर कई गांवों का संपर्क टूट सकता है । जिससे आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाएगा और ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। इसी समस्या को लेकर आज बड़ी संख्या में ग्रामीण अधूरे निर्माण स्थल पर एकत्रित हुए और जोरदार विरोध जताया। उन्होंने पीडब्ल्यूडी विभाग से जल्द निर्माण कार्य पूरा करवाने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही कार्य शुरू नहीं किया गया तो पीडब्ल्यूडी कार्यालय और जिला कलेक्टर कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। इस दौरान सोहनलाल, कन्हैयालाल, राजू भाटी, नोरत जाट, रामेश्वरलाल, कन्हैयालाल चौहान, बंशीलाल, नंदलाल, सुखाराम सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।2
- दक्षिण भारतीय फिल्म इंडस्ट्री को बड़ा झटका: निर्माता आर.बी. चौधरी के निधन की खबर चेन्नई/राजस्थान। दक्षिण भारतीय सिनेमा जगत से एक बेहद दुखद खबर सामने आ रही है। मशहूर फिल्म निर्माता और Super Good Films के संस्थापक आर.बी. चौधरी (R.B. Choudary) के निधन की खबर ने फिल्म इंडस्ट्री और उनके चाहने वालों को गहरे सदमे में डाल दिया है। 🚨 हादसे की जानकारी सूत्रों के अनुसार, आर.बी. चौधरी हाल ही में राजस्थान यात्रा पर थे, इसी दौरान उनका एक दुर्भाग्यपूर्ण सड़क हादसा हो गया। बताया जा रहा है कि हादसा काफी गंभीर था, जिसके बाद उन्हें तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों के तमाम प्रयासों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। हालांकि, इस घटना को लेकर अभी तक आधिकारिक पुष्टि और विस्तृत रिपोर्ट सामने आना बाकी है, जिससे स्थिति पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाई है। 🎬 फिल्म इंडस्ट्री के स्तंभ थे चौधरी आर.बी. चौधरी दक्षिण भारत के उन चुनिंदा निर्माताओं में शामिल थे, जिन्होंने सिनेमा को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। उन्होंने अपने करियर में 70 से अधिक फिल्मों का निर्माण किया और तमिल, तेलुगु, मलयालम सहित कई भाषाओं में सफल फिल्में दीं। उनकी कंपनी Super Good Films दक्षिण भारत की प्रतिष्ठित प्रोडक्शन हाउस में गिनी जाती है। 🌟 प्रमुख फिल्में उनके बैनर तले बनी कई फिल्में सुपरहिट रहीं, जिनमें शामिल हैं: Nattamai Suryavamsam Pudhu Vasantham Poove Unakkaga Jilla इन फिल्मों ने बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन किया और दर्शकों के दिलों में खास जगह बनाई। 👨👩👦 परिवार और पृष्ठभूमि आर.बी. चौधरी का पूरा नाम रतनलाल भगतराम चौधरी था। वे मूल रूप से एक व्यवसायी परिवार से थे, लेकिन उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री में अपनी अलग पहचान बनाई। उनके पुत्र: 🎭 जीवा (Jiiva) – प्रसिद्ध तमिल अभिनेता 🎬 जितन रमेश – अभिनेता/प्रोड्यूसर 🏆 योगदान और उपलब्धियां कई नए कलाकारों और निर्देशकों को इंडस्ट्री में मौका दिया मल्टी-लैंग्वेज फिल्मों के सफल निर्माता उनकी फिल्मों को कई प्रतिष्ठित पुरस्कार मिले 😔 इंडस्ट्री में शोक की लहर उनके निधन की खबर सामने आते ही फिल्म इंडस्ट्री में शोक की लहर दौड़ गई। सोशल मीडिया पर कई कलाकारों, निर्देशकों और फैंस ने उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके योगदान को याद किया। ⚠️ महत्वपूर्ण अपडेट इस पूरे मामले में अभी तक पूरी तरह आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, इसलिए इसे लेकर स्पष्ट जानकारी आने का इंतजार किया जा रहा है। 🕊️ निष्कर्ष अगर यह खबर सत्य साबित होती है, तो यह भारतीय सिनेमा के लिए एक अपूरणीय क्षति होगी। आर.बी. चौधरी का योगदान हमेशा याद किया जाएगा। ॐ शांति 🙏1
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- ब्यावर अजमेर हाइवे सराधना पुलिया पर एक्सिडेंट1
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- चुनावी जीत का जश्न: आसींद में भाजपा कार्यकर्ताओं ने की जमकर आतिशबाजी, बांटी मिठाई आसींद | भीलवाड़ा जिले के आसींद कस्बे में पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव परिणामों के बाद, विशेषकर पश्चिम बंगाल, असम और पांडिचेरी में भारतीय जनता पार्टी के शानदार प्रदर्शन से उत्साहित आसींद कस्बे के भाजपा कार्यकर्ताओं ने जमकर जश्न मनाया। कार्यकर्ताओं ने कस्बे में एकत्रित होकर आतिशबाजी की और एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर जीत की बधाई दी। सुशासन की जीत और कार्यकर्ताओं का उत्साह चुनाव परिणामों पर प्रतिक्रिया देते हुए वक्ताओं ने कहा कि पश्चिम बंगाल की जनता लंबे समय से सुशासन की तलाश में थी, जो उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में दिखाई दी। कार्यकर्ताओं का मानना है कि पश्चिम बंगाल में भाजपा के आगमन से विकास के नए आयाम स्थापित होंगे और सरकार पूरी तरह से सुशासन के प्रति समर्पित रहेगी। वहीं, असम में हेमंत बिस्वा सरमा की मेहनत और कुशल रणनीति की भी सराहना की गई। इस विजय उत्सव के दौरान भाजपा के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे ,इस मौके पर आसींद भाजपा नगर मंडल अध्यक्ष अनिल सिंह तंवर,फौजमल गुर्जर ग्रामीण मंडल अध्यक्ष,गोपाल सिंह चुंडावत पूर्व जिला मंत्री,उमेद सिंह चुंडावत नगर उपाध्यक्ष, सरवन लाल साहू, प्रहलाद राय शर्मा नगर महामंत्री, लीला वैष्णव नगर मंत्री, सुरेश पहाड़िया, जगदीश गर्ग, संदीप सोनवा सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता। "पश्चिम बंगाल में भाजपा की जीत यह दर्शाती है कि जनता अब तुष्टीकरण के बजाय विकास और सुशासन को चुन रही है। नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में अब बंगाल में प्रगति का नया सवेरा होगा।" आसींद मंजूर 94138895965
- रियांबड़ी तहसील के नृसिंह बासनी गांव में राजस्व अभिलेखों के आधुनिकीकरण का कार्य शुरू हो गया है। राज्य सरकार ने राजस्थान भू-राजस्व अधिनियम 1956 की धारा 106 के तहत एक संशोधित अधिसूचना जारी की है, जिसके अनुसार गांव में डिजिटल सर्वे और पुनः सर्वेक्षण प्रक्रिया आरंभ की जाएगी। यह पहल डिजिटल इंडिया भू-अभिलेख आधुनिकीकरण कार्यक्रम (DILRMP) का हिस्सा है। जारी आदेशों के अनुसार, पूर्व में किए गए हाई रिजोल्यूशन सैटेलाइट इमेजरी (HRSI) आधारित कार्य को रद्द कर दिया गया है। अब डीजीपीएस (DGPS) और ईटीएस (ETS) तकनीक का उपयोग करते हुए जीआईएस (GIS) प्लेटफॉर्म पर नया डिजिटल सर्वे किया जाएगा। इस सर्वेक्षण का उद्देश्य गांव के राजस्व नक्शों और जमाबंदी में मौजूद त्रुटियों को ठीक करना और एक सटीक डिजिटल रिकॉर्ड तैयार करना है। रियांबड़ी के उपखंड अधिकारी ने बताया कि यह सर्वेक्षण कार्य राजपत्र में प्रकाशन की तिथि से प्रभावी हो गया है। क्षेत्र के सभी भू-धारकों और खातेदारों को निर्देश दिए गए हैं कि वे सर्वे टीम को पूरा सहयोग दें। खेतों की सीमाओं के निर्धारण और सत्यापन के समय उनकी उपस्थिति और सही जानकारी प्रदान करना किसानों के लिए हितकारी होगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सर्वे से प्राप्त आंकड़ों के आधार पर नए राजस्व अभिलेख तैयार किए जाएंगे। इससे भविष्य में भूमि संबंधी विवादों में कमी आएगी और प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी। यह पहल किसानों के लिए विशेष रूप से फायदेमंद मानी जा रही है, क्योंकि राजस्व रिकॉर्ड में गड़बड़ियों की शिकायतें लंबे समय से मिल रही थीं। जिला प्रशासन ने सभी संबंधित अधिकारियों को सर्वे कार्य समय पर पूरा करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही, ग्रामीणों से अपील की गई है कि वे इस अभियान में सक्रिय रूप से भाग लें, ताकि गांव के भूमि अभिलेख पूरी तरह सटीक और अद्यतन हो सकें। उपखंड अधिकारी सूर्यकांत शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि ग्राम नृसिंग बासनी में लंबे समय से राजस्व रिकॉर्ड में गड़बड़ियों की शिकायतें सामने आ रही थीं। कई किसानों ने अपनी जमीन की सीमाओं, खसरा नंबर और स्वामित्व विवरण में त्रुटियों को लेकर प्रशासन से गुहार लगाई थी। इन समस्याओं के समाधान के लिए अब विशेष रिसर्वे अभियान चलाया जाएगा।1
- रायपुर (ब्यावर) पत्रकार श्याम सैनी हाईवे पर दर्दनाक हादसा, स्कॉर्पियो सवार की मौके पर मौत गाय को बचाने के प्रयास में अनियंत्रित हुई स्कॉर्पियो गाड़ी पुलिया से टकराई, चालक गंभीर घायल झूंठा ग्राम के समीप राष्ट्रीय राजमार्ग-162 पर नर्सरी के पास मंगलवार दोपहर एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। हादसे में स्कॉर्पियो सवार एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई । जबकि चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार पुखराज सोलंकी निवासी सोजत रोड़ ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई कि उनका भाई वक्ताराम पुत्र रतनाराम (आर.बी. चौधरी) एवं भतीजा गौतमचंद स्कॉर्पियो गाड़ी (नंबर आरजे 22 यूए 3528) से लिलाम्बा में आयोजित एक शादी समारोह से वापस लौट रहे थे। उसी दौरान दोपहर करीब 3:50 बजे झूंठा नर्सरी के पास अचानक हाईवे पर गाय सामने आ जाने से चालक ने उसे बचाने का प्रयास किया । जिससे गाड़ी अनियंत्रित होकर पुलिया की सुरक्षा दीवार से जा टकराई। टक्कर इतनी भीषण थी कि वक्ताराम की मौके पर ही मृत्यु हो गई। वहीं चालक गौतमचंद गंभीर रूप से घायल हो गया । जिसे उपचार के लिए जोधपुर अस्पताल रेफर किया गया है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर रायपुर के राजकीय चिकित्सालय की मोर्चरी में रखवाया। जिसके बाद पुलिस ने शव सुपुर्द कर दिया । बताया जा रहा है कि शव चेन्नई ले जाएगा जा रहा है और मृतक फिल्म इंडस्ट्रीज में प्रोड्यूसर और तमिलनाडु सिरवी समाज महासभा के अध्यक्ष बताया गया ।2