पार्वती बांध नहर परियोजना में भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रही किसानों की उम्मीदें, ठेकेदार की मनमानी आई सामने कुदली | सरकार द्वारा किसानों के खेतों तक पानी पहुँचाने के लिए करोड़ों की लागत से 'पार्वती बांध नहर परियोजना' का कार्य किया जा रहा है, लेकिन धरातल पर यह योजना भ्रष्टाचार और लापरवाही की भेंट चढ़ती नजर आ रही है। ताजा मामला कुदली गांव के पास का है, जहाँ पाइप लाइन बिछाने के कार्य में नियमों की जमकर धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। 7 फीट की जगह मात्र 3 फीट पर डाल दिए पाइप नियमों के अनुसार, नहर के पाइपों को जमीन से कम से कम 7 फीट की गहराई पर गाड़ा जाना अनिवार्य है, ताकि भविष्य में खेती के कार्यों या भारी वाहनों के दबाव से पाइप सुरक्षित रहें। लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार अपनी लागत बचाने के चक्कर में मात्र 3 फीट की गहराई पर ही पाइप डाल रहा है। किसानों में भारी आक्रोश ग्रामीणों ने वीडियो साक्ष्य के साथ बताया कि ठेकेदार की इस लापरवाही से भविष्य में पाइप फटने का खतरा बना रहेगा, जिससे न केवल पानी की बर्बादी होगी बल्कि किसानों की फसलों को भी भारी नुकसान पहुँच सकता है। किसानों का कहना है कि बार-बार शिकायत के बावजूद ठेकेदार अपनी मनमानी से बाज नहीं आ रहा है। "अगर 7 फीट की जगह 3 फीट पर पाइप डाले जाएंगे, तो ऊपर से ट्रैक्टर गुजरते ही पाइप टूट सकते हैं। यह सीधे तौर पर सरकारी बजट का दुरुपयोग और किसानों के साथ धोखा है।" — स्थानीय ग्रामीण अब देखना यह होगा कि क्या प्रशासन इस "धमाकेदार" लापरवाही पर कोई ठोस कदम उठाता है या किसानों की समस्या फाइलों में ही दबी रह जाती है।
पार्वती बांध नहर परियोजना में भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रही किसानों की उम्मीदें, ठेकेदार की मनमानी आई सामने कुदली | सरकार द्वारा किसानों के खेतों तक पानी पहुँचाने के लिए करोड़ों की लागत से 'पार्वती बांध नहर परियोजना' का कार्य किया जा रहा है, लेकिन धरातल पर यह योजना भ्रष्टाचार और लापरवाही की भेंट चढ़ती नजर आ रही है। ताजा मामला कुदली गांव के पास का है, जहाँ पाइप लाइन बिछाने के कार्य में नियमों की जमकर धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। 7 फीट की जगह मात्र 3 फीट पर डाल दिए पाइप नियमों के अनुसार, नहर के पाइपों को जमीन से कम से कम 7 फीट की गहराई पर गाड़ा जाना अनिवार्य है, ताकि भविष्य में खेती के कार्यों या भारी वाहनों के दबाव से पाइप सुरक्षित रहें। लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार अपनी लागत बचाने के चक्कर में मात्र 3 फीट की गहराई पर ही पाइप डाल रहा है। किसानों में भारी आक्रोश ग्रामीणों ने वीडियो साक्ष्य के साथ बताया कि ठेकेदार की इस लापरवाही से भविष्य में पाइप फटने का खतरा बना रहेगा, जिससे न केवल पानी की बर्बादी होगी बल्कि किसानों की फसलों को भी भारी नुकसान पहुँच सकता है। किसानों का कहना है कि बार-बार शिकायत के बावजूद ठेकेदार अपनी मनमानी से बाज नहीं आ रहा है। "अगर 7 फीट की जगह 3 फीट पर पाइप डाले जाएंगे, तो ऊपर से ट्रैक्टर गुजरते ही पाइप टूट सकते हैं। यह सीधे तौर पर सरकारी बजट का दुरुपयोग और किसानों के साथ धोखा है।" — स्थानीय ग्रामीण अब देखना यह होगा कि क्या प्रशासन इस "धमाकेदार" लापरवाही पर कोई ठोस कदम उठाता है या किसानों की समस्या फाइलों में ही दबी रह जाती है।
- पार्वती बांध नहर परियोजना में भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रही किसानों की उम्मीदें, ठेकेदार की मनमानी आई सामने कुदली | सरकार द्वारा किसानों के खेतों तक पानी पहुँचाने के लिए करोड़ों की लागत से 'पार्वती बांध नहर परियोजना' का कार्य किया जा रहा है, लेकिन धरातल पर यह योजना भ्रष्टाचार और लापरवाही की भेंट चढ़ती नजर आ रही है। ताजा मामला कुदली गांव के पास का है, जहाँ पाइप लाइन बिछाने के कार्य में नियमों की जमकर धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। 7 फीट की जगह मात्र 3 फीट पर डाल दिए पाइप नियमों के अनुसार, नहर के पाइपों को जमीन से कम से कम 7 फीट की गहराई पर गाड़ा जाना अनिवार्य है, ताकि भविष्य में खेती के कार्यों या भारी वाहनों के दबाव से पाइप सुरक्षित रहें। लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार अपनी लागत बचाने के चक्कर में मात्र 3 फीट की गहराई पर ही पाइप डाल रहा है। किसानों में भारी आक्रोश ग्रामीणों ने वीडियो साक्ष्य के साथ बताया कि ठेकेदार की इस लापरवाही से भविष्य में पाइप फटने का खतरा बना रहेगा, जिससे न केवल पानी की बर्बादी होगी बल्कि किसानों की फसलों को भी भारी नुकसान पहुँच सकता है। किसानों का कहना है कि बार-बार शिकायत के बावजूद ठेकेदार अपनी मनमानी से बाज नहीं आ रहा है। "अगर 7 फीट की जगह 3 फीट पर पाइप डाले जाएंगे, तो ऊपर से ट्रैक्टर गुजरते ही पाइप टूट सकते हैं। यह सीधे तौर पर सरकारी बजट का दुरुपयोग और किसानों के साथ धोखा है।" — स्थानीय ग्रामीण अब देखना यह होगा कि क्या प्रशासन इस "धमाकेदार" लापरवाही पर कोई ठोस कदम उठाता है या किसानों की समस्या फाइलों में ही दबी रह जाती है। 1
- Post by Jagdish nagar1
- 🔥🔥🔥भीषण आग का तांडव: तलेन में चरोई की आग ने मचाई तबाही, किसान की मोटरसाइकिल जलकर खाक🔥🔥 तलेन (राजगढ़): तलेन क्षेत्र में आज आग ने ऐसा विकराल रूप धारण किया कि देखते ही देखते कई किसानों की मेहनत और संपत्ति जलकर खाक हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, आग की शुरुआत किसी किसान द्वारा अपने खेत में 'चरोई' (फसल अवशेष) जलाने के दौरान हुई, लेकिन हवा की गति और सूखे की वजह से यह आग बेकाबू होकर आसपास के खेतों में फैल गई। 🔥🔥7 घंटे तक चला रेस्क्यू ऑपरेशन🔥🔥 आग इतनी भीषण थी कि सुबह 10 बजे से ही स्थानीय ग्रामीण और दमकल विभाग (फायरब्रिगेड) की टीमें आग बुझाने में जुट गई थीं। घंटों की मशक्कत और ग्रामीणों के भारी सहयोग के बाद शाम 5 बजे जाकर कहीं आग पर काबू पाया जा सका। भारी नुकसान: भूसे के ढेर और वाहन चपेट में इस अग्निकांड में सबसे ज्यादा नुकसान किसानों के पशु आहार (भूसे) को हुआ है। कई खेतों में रखे भूसे के ऊंचे ढेर पूरी तरह जल गए। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि खेत पर खड़ी एक किसान की मोटरसाइकिल भी इसकी चपेट में आ गई और पूरी तरह जलकर लोहा बन गई। 🙏🙏सावधानी की अपील🙏🙏 गर्मी के इस मौसम में खेतों में आग लगाना जोखिम भरा साबित हो रहा है। प्रशासन और जागरूक नागरिकों ने अपील की है कि किसान अपने खेतों में नरवाई या चरोई जलाते समय विशेष सावधानी बरतें, ताकि इस तरह की अनहोनी से बचा जा सके और किसी दूसरे किसान को आर्थिक नुकसान न झेलना पड़े। रिपोर्ट: तलेन की हलचल तलेन की हल चल1
- कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा के निर्देशन में शासकीय भूमि को अतिक्रमण मुक्त करने के अभियान में तहसील खुजनेर के ग्राम कोड़िया जरगर में तहसीलदार खुजनेर के द्वारा राजस्व टीम एवं पुलिस प्रशासन द्वारा अतिक्रमण मुक्त किया गया। जिसमें राजस्व के 20 पटवारी, 10 चौकीदार, पुलिस टीम, 50 लोगों के दल द्वारा 22 बीघा भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया। जिसका बाजार मूल्य अनुमानित लगभग 1.25 करोड़ रुपए थी। उक्त भूमि को अतिक्रमण मुक्त कर ग्राम पंचायत को सामुदायिक भवन, पीएम श्री शासकीय विद्यालय भवन एवं अन्य शासकीय कार्यालय के निर्माण हेतु सौंपा गया।1
- Post by महेश कुमार1
- Post by AM NEWS1
- शाजापुर (उज्जैन) | रखरखाव के तहत शेयर शाजापुर जिले के मक्सी क्षेत्र में शनिवार रात करीब 9 बजे एक तेज रफ्तार बाइक अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। इस हादसे में दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को तत्काल शाजापुर जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद एक युवक को इंदौर रेफर कर दिया गया। दूसरे युवक का इलाज शाजापुर में ही चल रहा है।दोनों घायल युवक शाजापुर के निवासी हैं। वे शनिवार को मोबाइल खरीदने के लिए इंदौर गए थे और वापस लौट रहे थे। मक्सी के पास लौटते समय, सड़क के बीच बनी एक दरार में उनकी बाइक का पहिया फंस गया। इसके कारण बाइक अनियंत्रित हो गई और दोनों युवक सड़क पर गिरकर घायल हो गए। हादसे में बाइक चला रहे बलराम को सिर में गंभीर चोटें आई हैं, जिसके कारण उन्हें इंदौर रेफर किया गया है। दूसरे युवक गणेश को अपेक्षाकृत कम चोटें आई हैं और उनका इलाज शाजापुर जिला अस्पताल में जारी है। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने तुरंत घायलों की मदद की1
- ब्रेकिंग न्यूज़- मधुसूदनगढ़ तहसील के जंगलों में इन दोनों बेस कीमती सागौन की लकड़ी का सरेआम कत्ल किया जा रहा है लकड़ी तस्कर और भू माफिया इतने बेवकूफ हो गए हैं की दिनदहाड़े 50 से 70 मोटरसाइकिलों के ऊपर सागौन की लकड़ी रखकर फर्नीचर मार्केट तक पहुंचाई जा रही है प्रशासन द्वारा कोई भी कार्रवाई नहीं की जा रही है इन लकड़ी तस्करो द्वारा संगठित होकर 2 से 3 दिन में सागौन के पेड़ काटे जाते हैं इसके बाद इन कटे हुए पेड़ों की सिल्लियां बनाई जाती है तथा जिन पेड़ों को काटा गया है उस भूमि पर अवैध कब्जा कर लिया जाता है लकड़ी तस्कर इतने बेवकूफ है कि दिन धडे 50 से 70 बाइक पर खुलेआम सागौन की लड़कियों को फर्नीचर मार्केट में बेचने के लिए ले जा रहे हैं समय रहते अगर प्रशासन द्वारा कार्रवाई नहीं की गई तो ना ही जंगल बचेगा ना ही जानवर ना ही जंगल की बहुमूल्य वन भूमि बचेगी क्योंकि इनके द्वारा अवैध कब्जा किया जा रहा है वन विभाग द्वारा इन लकड़ी तस्करों पर एवं भूमपियाओं पर कोई भी कार्रवाई नहीं की जा रही है आप देख सकते हैं 2 से 3 दिन में 50 से 70 बाइक संगठित होकर चोरी की मोटरसाइकिलों पर चार चार सागौन की सिल्लियां रखकर फर्नीचर मार्केट तक पहुंचा रहे हैं प्रशासन आंख मुझ के सो रहा है कैसे यह मैंन रोड से होकर फर्नीचर मार्केट तक लकड़ीया पहुंचा रहे हैं यह सोचने का विषय है प्रशासन के नाक के नीचे इतना बड़ा कांड हो रहा है वह प्रशासन आंख मुझ कर सो रहा है क्या यह लकड़ी तस्कर का इतना खूब है कि प्रशासन कार्रवाई करने से डर रह है क्या प्रशासन इन पर कार्रवाई करेगा या इसी प्रकार से यह लकड़ी तस्कर एवं भूमपिया कार्य करता रहेगा और प्रशासन देखता रहेगा पूछती है जनता कब होगी कार्रवाई4