क्रांति दिवस पर गया में कांग्रेस का पैदल मार्च, शहीदों को श्रद्धांजलि — रजनीश कुमार गया। 9 अगस्त क्रांति दिवस के अवसर पर गया जिला कांग्रेस कमिटी के तत्वावधान में जिलाध्यक्ष रजनीश कुमार की अध्यक्षता में राजेंद्र आश्रम स्थित कांग्रेस कार्यालय से भव्य पैदल मार्च निकाला गया है।इस मार्च के दौरान कांग्रेस जन ने देश की आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले महान स्वतंत्रता सेनानियों और शहीदों को नमन किया है। पैदल मार्च राजेंद्र आश्रम से निकलकर कोतवाली के समीप स्थित शहीद स्मारक, के.पी. रोड स्थित स्मारक तथा आजाद पार्क स्थित शहीद स्मारक पहुंचा, जहां कांग्रेसजनों ने माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी है। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष रजनीश कुमार ने कहा कि 9 अगस्त केवल एक तारीख नहीं, बल्कि भारत के स्वतंत्रता संग्राम की वह ऐतिहासिक पुकार है, जिसने अंग्रेजी हुकूमत की नींव हिला दी थी। महात्मा गांधी के नेतृत्व में भारत छोड़ो आंदोलन ने देशवासियों के भीतर आजादी की अंतिम लड़ाई का अदम्य संकल्प पैदा किया है। उन्होंने कहा कि आज हम जिस स्वतंत्र भारत में सांस ले रहे हैं, वह महात्मा गांधी, पंडित जवाहरलाल नेहरू, लाल बहादुर शास्त्री, डॉ. भीमराव अंबेडकर, श्रीमती इंदिरा गांधी सहित अनगिनत स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष, त्याग और बलिदान की देन है। देश की आजादी हजारों-लाखों लोगों के संघर्ष और कुर्बानी से मिली है। इसलिए 9 अगस्त का दिन उन सभी वीरों को स्मरण करने और उनके प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का दिन है। रजनीश कुमार ने कहा कि आज के कार्यक्रम का उद्देश्य शहीदों को श्रद्धांजलि देने के साथ-साथ नई पीढ़ी को स्वतंत्रता आंदोलन के इतिहास से जोड़ना भी है। हमारी आने वाली पीढ़ी यह जाने कि देश की आजादी के लिए हमारे पूर्वजों ने किस प्रकार यातनाएं सहीं, संघर्ष किया और अपना जीवन तक बलिदान कर दिया है। उन्होंने कहा कि आजादी की लड़ाई के मूल में लोकतंत्र, समानता, सामाजिक न्याय, भाईचारा और संविधान के मूल मूल्य थे। इन मूल्यों की रक्षा करना ही स्वतंत्रता सेनानियों के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है। कांग्रेस पार्टी लोकतंत्र, संविधान और देश की एकता-अखंडता की रक्षा के लिए हमेशा संघर्ष करती रही है और आगे भी करती रहेगी। उन्होंने कहा कि शहीदों की कुर्बानी को केवल स्मारकों और माल्यार्पण तक सीमित नहीं रखा जा सकता। उनके विचारों और आदर्शों को अपने जीवन में उतारना ही उनके प्रति सच्चा सम्मान है। इस अवसर पर बड़ी संख्या में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, प्रदेश प्रतिनिध प्रो विजय कुमार मिट्ठू,युगल किशोर सिंह, विद्या शर्मा,रामप्रमोद सिंह,प्रदीप शर्मा,शौकत निशात उर्फ नवाब अली, रामाश्रय सिंह,मदीना खातून,सैफुल्ल इस्लाम, रणजीत कश्यप,शिव चौरसिया,रंजीत सिंह,मोहम्मद खिदिर हयात, श्रीकांत शर्मा, अर्जुन गुप्ता, उपेन्दर द्विवेदी,शिव नाथ प्रसाद,अफजल खान,प्पदाधिकारी तथा कांग्रेसजन उपस्थित रहे हैं।
क्रांति दिवस पर गया में कांग्रेस का पैदल मार्च, शहीदों को श्रद्धांजलि — रजनीश कुमार गया। 9 अगस्त क्रांति दिवस के अवसर पर गया जिला कांग्रेस कमिटी के तत्वावधान में जिलाध्यक्ष रजनीश कुमार की अध्यक्षता में राजेंद्र आश्रम स्थित कांग्रेस कार्यालय से भव्य पैदल मार्च निकाला गया है।इस मार्च के दौरान कांग्रेस जन ने देश की आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले महान स्वतंत्रता सेनानियों और शहीदों को नमन किया है। पैदल मार्च राजेंद्र आश्रम से निकलकर कोतवाली के समीप स्थित शहीद स्मारक, के.पी. रोड स्थित स्मारक तथा आजाद पार्क स्थित शहीद स्मारक पहुंचा, जहां कांग्रेसजनों ने माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी है। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष रजनीश कुमार ने कहा कि 9 अगस्त केवल एक तारीख नहीं, बल्कि भारत के स्वतंत्रता संग्राम की वह ऐतिहासिक पुकार है, जिसने अंग्रेजी हुकूमत की नींव हिला दी थी। महात्मा गांधी के नेतृत्व में भारत छोड़ो आंदोलन ने देशवासियों के भीतर आजादी की अंतिम लड़ाई का अदम्य संकल्प पैदा किया है। उन्होंने कहा कि आज हम जिस स्वतंत्र भारत में सांस ले रहे हैं, वह महात्मा गांधी, पंडित जवाहरलाल नेहरू, लाल बहादुर शास्त्री, डॉ. भीमराव अंबेडकर, श्रीमती इंदिरा गांधी सहित अनगिनत स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष, त्याग और बलिदान की देन है। देश की आजादी हजारों-लाखों लोगों के संघर्ष और कुर्बानी से मिली है। इसलिए 9 अगस्त का दिन उन सभी वीरों को स्मरण करने और उनके प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का दिन है। रजनीश कुमार ने कहा कि आज के कार्यक्रम का उद्देश्य शहीदों को श्रद्धांजलि देने के साथ-साथ नई पीढ़ी को स्वतंत्रता आंदोलन के इतिहास से जोड़ना भी है। हमारी आने वाली पीढ़ी यह जाने कि देश की आजादी के लिए हमारे पूर्वजों ने किस प्रकार यातनाएं सहीं, संघर्ष किया और अपना जीवन तक बलिदान कर दिया है। उन्होंने कहा कि आजादी की लड़ाई के मूल में लोकतंत्र, समानता, सामाजिक न्याय, भाईचारा और संविधान के मूल मूल्य थे। इन मूल्यों की रक्षा करना ही स्वतंत्रता सेनानियों के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है। कांग्रेस पार्टी लोकतंत्र, संविधान और देश की एकता-अखंडता की रक्षा के लिए हमेशा संघर्ष करती रही है और आगे भी करती रहेगी। उन्होंने कहा कि शहीदों की कुर्बानी को केवल स्मारकों और माल्यार्पण तक सीमित नहीं रखा जा सकता। उनके विचारों और आदर्शों को अपने जीवन में उतारना ही उनके प्रति सच्चा सम्मान है। इस अवसर पर बड़ी संख्या में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, प्रदेश प्रतिनिध प्रो विजय कुमार मिट्ठू,युगल किशोर सिंह, विद्या शर्मा,रामप्रमोद सिंह,प्रदीप शर्मा,शौकत निशात उर्फ नवाब अली, रामाश्रय सिंह,मदीना खातून,सैफुल्ल इस्लाम, रणजीत कश्यप,शिव चौरसिया,रंजीत सिंह,मोहम्मद खिदिर हयात, श्रीकांत शर्मा, अर्जुन गुप्ता, उपेन्दर द्विवेदी,शिव नाथ प्रसाद,अफजल खान,प्पदाधिकारी तथा कांग्रेसजन उपस्थित रहे हैं।
- क्रांति दिवस पर गया में कांग्रेस का पैदल मार्च, शहीदों को श्रद्धांजलि — रजनीश कुमार गया। 9 अगस्त क्रांति दिवस के अवसर पर गया जिला कांग्रेस कमिटी के तत्वावधान में जिलाध्यक्ष रजनीश कुमार की अध्यक्षता में राजेंद्र आश्रम स्थित कांग्रेस कार्यालय से भव्य पैदल मार्च निकाला गया है।इस मार्च के दौरान कांग्रेस जन ने देश की आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले महान स्वतंत्रता सेनानियों और शहीदों को नमन किया है। पैदल मार्च राजेंद्र आश्रम से निकलकर कोतवाली के समीप स्थित शहीद स्मारक, के.पी. रोड स्थित स्मारक तथा आजाद पार्क स्थित शहीद स्मारक पहुंचा, जहां कांग्रेसजनों ने माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी है। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष रजनीश कुमार ने कहा कि 9 अगस्त केवल एक तारीख नहीं, बल्कि भारत के स्वतंत्रता संग्राम की वह ऐतिहासिक पुकार है, जिसने अंग्रेजी हुकूमत की नींव हिला दी थी। महात्मा गांधी के नेतृत्व में भारत छोड़ो आंदोलन ने देशवासियों के भीतर आजादी की अंतिम लड़ाई का अदम्य संकल्प पैदा किया है। उन्होंने कहा कि आज हम जिस स्वतंत्र भारत में सांस ले रहे हैं, वह महात्मा गांधी, पंडित जवाहरलाल नेहरू, लाल बहादुर शास्त्री, डॉ. भीमराव अंबेडकर, श्रीमती इंदिरा गांधी सहित अनगिनत स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष, त्याग और बलिदान की देन है। देश की आजादी हजारों-लाखों लोगों के संघर्ष और कुर्बानी से मिली है। इसलिए 9 अगस्त का दिन उन सभी वीरों को स्मरण करने और उनके प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का दिन है। रजनीश कुमार ने कहा कि आज के कार्यक्रम का उद्देश्य शहीदों को श्रद्धांजलि देने के साथ-साथ नई पीढ़ी को स्वतंत्रता आंदोलन के इतिहास से जोड़ना भी है। हमारी आने वाली पीढ़ी यह जाने कि देश की आजादी के लिए हमारे पूर्वजों ने किस प्रकार यातनाएं सहीं, संघर्ष किया और अपना जीवन तक बलिदान कर दिया है। उन्होंने कहा कि आजादी की लड़ाई के मूल में लोकतंत्र, समानता, सामाजिक न्याय, भाईचारा और संविधान के मूल मूल्य थे। इन मूल्यों की रक्षा करना ही स्वतंत्रता सेनानियों के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है। कांग्रेस पार्टी लोकतंत्र, संविधान और देश की एकता-अखंडता की रक्षा के लिए हमेशा संघर्ष करती रही है और आगे भी करती रहेगी। उन्होंने कहा कि शहीदों की कुर्बानी को केवल स्मारकों और माल्यार्पण तक सीमित नहीं रखा जा सकता। उनके विचारों और आदर्शों को अपने जीवन में उतारना ही उनके प्रति सच्चा सम्मान है। इस अवसर पर बड़ी संख्या में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, प्रदेश प्रतिनिध प्रो विजय कुमार मिट्ठू,युगल किशोर सिंह, विद्या शर्मा,रामप्रमोद सिंह,प्रदीप शर्मा,शौकत निशात उर्फ नवाब अली, रामाश्रय सिंह,मदीना खातून,सैफुल्ल इस्लाम, रणजीत कश्यप,शिव चौरसिया,रंजीत सिंह,मोहम्मद खिदिर हयात, श्रीकांत शर्मा, अर्जुन गुप्ता, उपेन्दर द्विवेदी,शिव नाथ प्रसाद,अफजल खान,प्पदाधिकारी तथा कांग्रेसजन उपस्थित रहे हैं।1
- पितृपक्ष मेला के समय वार्ड 44 के ब्रह्मयोनि पहाड़ पर पिंडदानियों का उमड़ता है आस्था का जन सैलाब। लोगो का मान्यता है के मातृयोनि गुफा पार होने से पितरों को आवागमन से मिलता है मुक्ति।1
- गया जी: एक PDS डीलर के वर्षों से सरकारी गोदाम में कार्यरत रहने के आरोपों को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। मामले की जानकारी संबंधित अधिकारियों तक पहुंचने के बावजूद अब तक कार्रवाई नहीं होने से जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। 📌1
- पति की तलाश में रफीगंज पहुंची पत्नी, मानसिक रूप से अस्वस्थ बताए जा रहे हैं मोहन चौहान रफीगंज (औरंगाबाद) मदनपुर प्रखंड के वार गांव निवासी गीता देवी अपने लापता पति मोहन चौहान की तलाश में रफीगंज पहुंचीं। उन्होंने बताया कि उनके 45 वर्षीय पति मोहन चौहान करीब तीन वर्ष पूर्व पोलियो से ग्रसित हो गए थे और मानसिक रूप से भी अस्वस्थ चल रहे हैं। गीता देवी के अनुसार, 8 अगस्त की सुबह करीब 7 बजे मोहन चौहान घर से बिना किसी को बताए निकल गए, जिसके बाद से वह वापस घर नहीं लौटे हैं। परिजनों ने आसपास के क्षेत्रों और संभावित ठिकानों पर उनकी काफी तलाश की, लेकिन अब तक कोई जानकारी नहीं मिल सकी है। पति के लापता होने के बाद चिंतित पत्नी उनकी खोज में विभिन्न जगहों पर भटक रही हैं। इसी क्रम में वह रविवार को रफीगंज पहुंचकर अपने पति की तलाश कर रही हैं। परिजनों ने लोगों से अपील की है कि मोहन चौहान के संबंध में किसी को कोई जानकारी मिले तो उनके परिवार को सूचित करें।1
- हुलासगंज थाना अध्यक्ष द्वारा बौरी में आयोजित किया गया लोक जनसंवाद कार्यक्रम लोक संवाद कार्यक्रम का किया गया आयोजन हुलासगंज स्थानीय थाना क्षेत्र के बौरी पंचायत में लोक संवाद कार्यक्रम का आयोजन हुलासगंज थाने की पुलिस के द्वारा किया गया लोक संवाद कार्यक्रम को संबोधित करते हुए हुलासगंज थाना अध्यक्ष अरविंद किशोर ने उपस्थित लोगों को बताया कि पुलिस प्रशासन स्थानीय लोगों की सुरक्षा के लिए हमें से तत्पर रहती है हमारा काम आम लोगों की सुरक्षा के साथ-साथ विपरीत परिस्थितियों में बेहतर सेवा प्रदान करना है उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में साइबर क्राइम के द्वारा लोगों को सबसे ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ रहा है अतः लोगों को इस संबंध में ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है जैसे ही किसी व्यक्ति को साइबर क्राइम साइबर थाना आदि के नाम से फोन आए तो आदमी को घबराना नहीं चाहिए बल्कि जैसे ही शक हो उनसे बात करना बंद कर इसकी सूचना स्थानीय थाने को देनी चाहिए ताकि अगर किसी के साथ धोखा घड़ी हो भी गई हो तो उसका तुरंत समाधान किया जा सके दूसरी समस्या आम आदमी के बीच शराब के सेवन से संबंधित है शराबी व्यक्ति न केवल अपनी हानि करता है बल्कि आसपास के वातावरण को भी प्रदूषित कर देता है और इसका सबसे खराब प्रभाव बाल बच्चों एवं महिलाओ पर पड़ता है अतः जहां कहीं भी शराब की बिक्री एवं उत्पादन किया जाता है इसकी सूचना स्थानीय थाना को आम नागरिकों के द्वारा दिया जाए उनकी पहचान गुप्त रखी जाएगी साथ ही साथ पुलिस को हितैषी समझे ना की उनसे अपनी बातें शेयर करने परेशानी का अनुभव करें.1
- *हंटरगंज में आंदोलन के बाद भी नहीं सुधरी बिजली व्यवस्था, डुमरी पावर ग्रिड के समक्ष सैकड़ों लोगों का धरना,* *15 अगस्त तक सुधार का अल्टीमेटम, नहीं तो सड़क जाम कर उग्र आंदोलन की चेतावनी,* *पहले कैंडल मार्च, फिर आधे दिन बाजार बंद और अब पावर ग्रिड पर धरना, लगातार बढ़ रहा जनआक्रोश* *विकास कुमार यादव* हंटरगंज (चतरा): हंटरगंज प्रखंड में लगातार जारी अघोषित बिजली कटौती और बदहाल विद्युत व्यवस्था को लेकर लोगों का आक्रोश अब लगातार बढ़ता जा रहा है।बिजली संकट के खिलाफ क्षेत्र में एक के बाद एक आंदोलन किए जाने के बावजूद स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं होने से रविवार को सैकड़ों उपभोक्ताओं ने डुमरी पावर ग्रिड के समक्ष धरना-प्रदर्शन किया।प्रदर्शन में शामिल लोगों ने हाथों में तख्तियां लेकर बिजली विभाग, प्रशासन के साथ-साथ सांसद और विधायक के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उपभोक्ताओं का आरोप है कि हंटरगंज में बिजली की स्थिति बेहद खराब हो गई है। हर घंटे बिजली कटने से कभी आधे घंटे तो कभी सोलह-अठारह घंटे तक आपूर्ति बाधित रहती है।इसका सीधा असर आम जनजीवन पर पड़ रहा है। खासकर बच्चों की पढ़ाई, किसानों के काम, छोटे व्यवसाय, पेयजल आपूर्ति और घरेलू कार्य बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। ग्रामीणों ने कहा कि वे समय पर बिजली बिल का भुगतान करते हैं, लेकिन इसके बावजूद नियमित और पर्याप्त बिजली नहीं मिल रही है। *पहले कैंडल मार्च, फिर आधे दिन बंद रहा बाजार* ज्ञात हो कि हंटरगंज में बिजली संकट को लेकर आंदोलन का सिलसिला लगातार जारी है। मंगलवार को लोगों ने कैंडल मार्च निकालकर बिजली विभाग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया था। इसके बाद शुक्रवार को बिजली व्यवस्था के विरोध में हंटरगंज की सभी दुकानें करीब आधे दिन तक बंद रहीं। लगातार विरोध-प्रदर्शन के बावजूद बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं होने से लोगों का आक्रोश और बढ़ गया है।इसी कड़ी में रविवार को सैकड़ों लोगों ने डुमरी पावर ग्रिड के समक्ष धरना देकर अपनी नाराजगी जाहिर की। लगातार तीन चरणों में हुए विरोध प्रदर्शन से साफ है कि बिजली संकट अब केवल शिकायत का मुद्दा नहीं, बल्कि बड़े जनआंदोलन का रूप लेता जा रहा है। *“इतना आंदोलन के बाद भी नहीं रेंग रही जूं”* प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे लोगों ने बिजली विभाग पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि लगातार आंदोलन और विरोध के बावजूद विभाग की कार्यशैली में कोई ठोस बदलाव नहीं आया है। लोगों ने सवाल उठाया कि जब पूरा क्षेत्र बिजली संकट से परेशान है, तो जिम्मेदार अधिकारी और जनप्रतिनिधि इस गंभीर समस्या पर प्रभावी कदम क्यों नहीं उठा रहे हैंप्रदर्शनकारियों ने कहा कि जनता अब केवल आश्वासन नहीं, बल्कि बिजली समस्या का स्थायी समाधान चाहती है। *15 अगस्त तक का अंतिम अल्टीमेटम* आंदोलनकारियों ने बिजली व्यवस्था में सुधार के लिए 15 अगस्त तक का अंतिम अल्टीमेटम दिया है। चेतावनी दी गई कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर विद्युत आपूर्ति में सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।आंदोलनकारियों ने कहा कि अगले चरण में सड़क जाम कर जोरदार प्रदर्शन किया जाएगा। इसके लिए उत्पन्न होने वाली स्थिति की पूरी जिम्मेदारी बिजली विभाग और प्रशासन की होगी।लोगों ने जिला प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप करते हुए हंटरगंज में नियमित और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित कराने की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि समय रहते समस्या का समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन और व्यापक रूप ले सकता है। *एसडीओ बोले—तीन माह में सुधरेगी बिजली व्यवस्था* इधर, बिजली विभाग के एसडीओ सत्यदेव कुमार यादव ने कहा कि तीन माह के भीतर हंटरगंज की बिजली व्यवस्था में सुधार कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि मामला जनप्रतिनिधियों के संज्ञान में भी है। फॉरेस्ट क्लियरेंस के कारण कार्य में देरी हुई थी, लेकिन अब क्लियरेंस मिल गया है। जल्द ही आवश्यक कार्य शुरू कर बिजली व्यवस्था में सुधार किया जाएगा।1
- 9 अगस्त 1942 भारतीय स्वतंत्रता संग्राम का एक ऐतिहासिक दिन- डा मनीष पंकज मिश्रा आजादी हमें विरासत में नहीं मिली, बल्किअनगिनत वीरों के संघर्ष, बलिदान और तपस्या का परिणाम है।- राजेन्द्र अधिवक्ता संतोष ठाकुर गया जी 9 अगस्त को भारत छोड़ो आंदोलन की वर्षगांठ के अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के नेता डॉ. मनीष पंकज मिश्रा एवं राजेंद्र प्रसाद अधिवक्ता सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने कोतवाली स्थित शहीद स्मारक पहुंचकर देश की आजादी के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले अमर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर सभी ने शहीद स्मारक पर माल्यार्पण एवं पुष्पअर्पितकरउन्हेंश्रद्धा-सुमन अर्पित किए तथा उनके त्याग और बलिदान को नमन किया। इसके पश्चात सभी लोग भुई राम, जगन्नाथ मिश्रा एवं कैलाश राम धामी टोला स्थित कैलाश जी के स्मारक एबं गाँधी चौक मे स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी जी के प्रतिमा पर पहुंच कर पुष्पांजलि अर्पित कर शहीदों के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त की। इस अवसर परभाजपा नेता डॉ. मनीष पंकज मिश्रा ने कहा कि 9 अगस्त 1942 भारतीय स्वतंत्रता संग्राम का एक ऐतिहासिक दिन है। इसी दिन राष्ट्रपिता महात्मा गांधी ने अंग्रेजी शासन के विरुद्ध "करो या मरो" का ऐतिहासिक आह्वान किया था। इस नारे ने पूरे देश में स्वतंत्रता की ऐसी अलख जगाई कि लाखों देशभक्त अंग्रेजी हुकूमत के विरुद्ध सड़कों पर उतर आए। हजारों स्वतंत्रता सेनानियों ने जेल की यातनाएं झेलीं और अनेक वीरसपूतोंनेहंसते-हंसते अपने प्राणों की आहुति दे दी, लेकिन भारत माता की स्वतंत्रता के संकल्प से कभी पीछे नहीं हटे।उन्होंने कहा कि हमारे अमर शहीदों ने "भारत माता की जय" और "वंदे मातरम्" के उद्घोष के साथ अपने प्राणों का बलिदान देकर देश को आजादी दिलाने में अमूल्य योगदान दिया। उनका त्याग, साहस और राष्ट्रभक्ति आज भी प्रत्येक भारतीय के लिए प्रेरणा का स्रोत है। हमें उनके आदर्शों पर चलते हुए राष्ट्र की एकता, अखंडता और विकास के लिए सदैव समर्पित रहना चाहिए|इस अबसर पर राजेन्द्र प्रसाद अधिवक्ता ने कहा कि आजादी हमें विरासत में नहीं मिली, बल्किअनगिनत वीरों के संघर्ष, बलिदान और तपस्या का परिणाम है। इसलिए प्रत्येक नागरिक का यह कर्तव्य है कि वह देश के संविधान, लोकतांत्रिक मूल्यों और राष्ट्रीय एकता की रक्षा के लिए सदैव सजग रहे तथा राष्ट्र निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाए।कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों ने शहीदों के सम्मान में दो मिनट का मौन रखकर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की तथा उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया है। पूरे कार्यक्रम के दौरान "भारत माता की जय", "वंदे मातरम्" और "अमर शहीद अमर रहें" के नारों से वातावरण राष्ट्रभक्ति से ओत-प्रोत हो गया। सभी उपस्थित लोगों ने देश की स्वतंत्रता के लिए अपने प्राण न्योछावर करने वाले अमर शहीदों को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उनका बलिदान सदैव राष्ट्र को प्रेरित करता रहेगा और आने वाली पीढ़ियां भी उनके त्याग एवं बलिदान को कभी नहीं भूलेंगी। आज श्रद्धा सुमन अर्पित करने वालों में भाजपा के वरिष्ठ नेता राणा रणजीत सिंह विजय प्रसाद उर्फ काला नाग संतोष ठाकुर अजय नारायण सिंह उर्फ मुन्ना , हीरा यादव मंटू कुमार बबलू गुप्ता महेश यादव रामविलास उर्फ गुड्डू सांव सहित1
- 🚨 गया में बिस्तर पर चढ़ा जहरीला करैत सांप! 🐍 रात में बिस्तर पर सो रहे मजदूर के पैर में करैत सांप ने डंस लिया। सांप के काटने के बाद समय पर अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़-फूंक के चक्कर में इलाज में देरी होती गई, और आखिरकार मजदूर की जान चली गई। 😢 ⚠️ एक छोटी सी लापरवाही बनी जिंदगी पर भारी! सांप के काटने पर झाड़-फूंक नहीं, तुरंत अस्पताल पहुंचाना ही सबसे जरूरी है। 🚨 गया में बिस्तर पर चढ़ा जहरीला करैत सांप! 🐍 रात में बिस्तर पर सो रहे मजदूर के पैर में करैत सांप ने डंस लिया। सांप के काटने के बाद समय पर अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़-फूंक के चक्कर में इलाज में देरी होती गई, और आखिरकार मजदूर की जान चली गई। 😢 ⚠️ एक छोटी सी लापरवाही बनी जिंदगी पर भारी! सांप के काटने पर झाड़-फूंक नहीं, तुरंत अस्पताल पहुंचाना ही सबसे जरूरी है।1