बांदा में थाना साइबर क्राइम, कोतवाली नगर और एसओजी की संयुक्त पुलिस टीम ने एक सक्रिय साइबर ठगी गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए 9 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से ठगी के ₹52,475 नकद, एक बोलेरो गाड़ी, एक लैपटॉप, 6 एटीएम कार्ड, एक चेकबुक, एक पैनकार्ड और 10 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। यह गिरोह मुख्य रूप से एपीके (APK) फाइल और अन्य एप्लिकेशन व सॉफ्टवेयर के माध्यम से लोगों के मोबाइल फोन हैक कर साइबर ठगी की वारदातों को अंजाम देता था। पकड़े गए अभियुक्त लोगों को बहला-फुसलाकर और झांसा देकर उनके आधार व पैन कार्ड जैसे दस्तावेज हासिल करते थे। इन दस्तावेजों का दुरुपयोग कर फर्जी फर्मों और कॉरपोरेट कंपनियों के नाम पर विभिन्न बैंकों में खाते खुलवाए जाते थे और फर्जी सिम कार्ड भी प्राप्त किए जाते थे। इन खातों का उपयोग ठगी की रकम मंगाने, ट्रांसफर करने और नकद निकालने के लिए किया जाता था। जैसे ही इन्हें साइबर क्राइम की शिकायत के बाद बैंक खाता होल्ड होने की जानकारी मिलती थी, ये घटना में इस्तेमाल फोन और सिम कार्ड को नष्ट कर देते थे। पुलिस अधीक्षक बांदा श्री पलाश बंसल के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक श्री शिवराज के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी नगर सुश्री मेविस टॉक के नेतृत्व में पुलिस टीम ने संदिग्ध खाताधारक प्रेम प्रकाश को 11/12 जुलाई 2026 की रात मवई बाईपास से हिरासत में लिया। उससे पूछताछ के बाद बुंदेलखण्ड एक्सप्रेस-वे के नीचे दबिश देकर बोलेरो गाड़ी में बैठे 8 अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस अधीक्षक ने इस बड़ी सफलता पर संयुक्त पुलिस टीम को ₹20 हजार के नकद पुरस्कार से सम्मानित किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में प्रेम प्रकाश, सूरज, समीर, अभिषेक, जीतू, योगेश, कृष्णा, सुशील कुमार और मुकेश कुमार शामिल हैं।
बांदा में थाना साइबर क्राइम, कोतवाली नगर और एसओजी की संयुक्त पुलिस टीम ने एक सक्रिय साइबर ठगी गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए 9 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से ठगी के ₹52,475 नकद, एक बोलेरो गाड़ी, एक लैपटॉप, 6 एटीएम कार्ड, एक चेकबुक, एक पैनकार्ड और 10 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। यह गिरोह मुख्य रूप से एपीके (APK) फाइल और अन्य एप्लिकेशन व सॉफ्टवेयर के माध्यम से लोगों के मोबाइल फोन हैक कर साइबर ठगी की वारदातों को अंजाम देता था। पकड़े गए अभियुक्त लोगों को बहला-फुसलाकर और झांसा देकर
उनके आधार व पैन कार्ड जैसे दस्तावेज हासिल करते थे। इन दस्तावेजों का दुरुपयोग कर फर्जी फर्मों और कॉरपोरेट कंपनियों के नाम पर विभिन्न बैंकों में खाते खुलवाए जाते थे और फर्जी सिम कार्ड भी प्राप्त किए जाते थे। इन खातों का उपयोग ठगी की रकम मंगाने, ट्रांसफर करने और नकद निकालने के लिए किया जाता था। जैसे ही इन्हें साइबर क्राइम की शिकायत के बाद बैंक खाता होल्ड होने की जानकारी मिलती थी, ये घटना में इस्तेमाल फोन और सिम कार्ड को नष्ट कर देते थे। पुलिस अधीक्षक बांदा श्री पलाश बंसल के निर्देशन, अपर पुलिस
अधीक्षक श्री शिवराज के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी नगर सुश्री मेविस टॉक के नेतृत्व में पुलिस टीम ने संदिग्ध खाताधारक प्रेम प्रकाश को 11/12 जुलाई 2026 की रात मवई बाईपास से हिरासत में लिया। उससे पूछताछ के बाद बुंदेलखण्ड एक्सप्रेस-वे के नीचे दबिश देकर बोलेरो गाड़ी में बैठे 8 अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस अधीक्षक ने इस बड़ी सफलता पर संयुक्त पुलिस टीम को ₹20 हजार के नकद पुरस्कार से सम्मानित किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में प्रेम प्रकाश, सूरज, समीर, अभिषेक, जीतू, योगेश, कृष्णा, सुशील कुमार और मुकेश कुमार शामिल हैं।
- बांदा में थाना साइबर क्राइम, कोतवाली नगर और एसओजी की संयुक्त पुलिस टीम ने एक सक्रिय साइबर ठगी गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए 9 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से ठगी के ₹52,475 नकद, एक बोलेरो गाड़ी, एक लैपटॉप, 6 एटीएम कार्ड, एक चेकबुक, एक पैनकार्ड और 10 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। यह गिरोह मुख्य रूप से एपीके (APK) फाइल और अन्य एप्लिकेशन व सॉफ्टवेयर के माध्यम से लोगों के मोबाइल फोन हैक कर साइबर ठगी की वारदातों को अंजाम देता था। पकड़े गए अभियुक्त लोगों को बहला-फुसलाकर और झांसा देकर उनके आधार व पैन कार्ड जैसे दस्तावेज हासिल करते थे। इन दस्तावेजों का दुरुपयोग कर फर्जी फर्मों और कॉरपोरेट कंपनियों के नाम पर विभिन्न बैंकों में खाते खुलवाए जाते थे और फर्जी सिम कार्ड भी प्राप्त किए जाते थे। इन खातों का उपयोग ठगी की रकम मंगाने, ट्रांसफर करने और नकद निकालने के लिए किया जाता था। जैसे ही इन्हें साइबर क्राइम की शिकायत के बाद बैंक खाता होल्ड होने की जानकारी मिलती थी, ये घटना में इस्तेमाल फोन और सिम कार्ड को नष्ट कर देते थे। पुलिस अधीक्षक बांदा श्री पलाश बंसल के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक श्री शिवराज के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी नगर सुश्री मेविस टॉक के नेतृत्व में पुलिस टीम ने संदिग्ध खाताधारक प्रेम प्रकाश को 11/12 जुलाई 2026 की रात मवई बाईपास से हिरासत में लिया। उससे पूछताछ के बाद बुंदेलखण्ड एक्सप्रेस-वे के नीचे दबिश देकर बोलेरो गाड़ी में बैठे 8 अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस अधीक्षक ने इस बड़ी सफलता पर संयुक्त पुलिस टीम को ₹20 हजार के नकद पुरस्कार से सम्मानित किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में प्रेम प्रकाश, सूरज, समीर, अभिषेक, जीतू, योगेश, कृष्णा, सुशील कुमार और मुकेश कुमार शामिल हैं।3
- बांदा में पुलिस ने साइबर अपराध को अंजाम देने वाले एक गिरोह का भांडाफोड़ करते हुए 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के नीचे दबिश मारकर इन सभी आरोपियों को धर दबोचा। पुलिस ने इनके कब्जे से 52 हजार रुपये नकद, 10 फोन, एटीएम और एक लैपटॉप बरामद किया है। पकड़े गए आरोपी ठगी के लिए बेहद शातिर तरीका अपनाते थे। यह गिरोह फर्जी फर्म के नाम पर बैंक खाते खुलवाकर ठगी की रकम हासिल करता था। इसके साथ ही आरोपी एपीके (APK) फाइल के माध्यम से लोगों के फोन हैक कर ठगी की वारदातों को अंजाम देते थे।4
- बांदा नगर कोतवाली क्षेत्र के गल्ला मंडी समिति में चोरी का खुलासा न होने के विरोध में व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने हड़ताल शुरू कर दी है। बीते 4 जुलाई को गल्ला मंडी में एक व्यापारी के यहां चोरी की घटना हुई थी, जिस पर पुलिस ने एफआईआर तो दर्ज की थी, लेकिन कई दिन बीतने के बाद भी पुलिस इसका खुलासा नहीं कर पाई। इसी के विरोध में व्यापार मंडल के अध्यक्ष संतोष अनशनकारी के नेतृत्व में व्यापारी अपने साथियों के साथ हड़ताल पर बैठ गए हैं। प्रदर्शनकारी व्यापारियों का कहना है कि जब तक पुलिस चोरी का खुलासा नहीं करेगी, तब तक उनकी यह हड़ताल ऐसे ही जारी रहेगी। इसके साथ ही उन्होंने आसपास की अन्य गल्ला मंडियों में भी हड़ताल करने की चेतावनी दी है। इस मामले में मंडी समिति सचिव और सिटी मजिस्ट्रेट ने मौके पर पहुंचकर व्यापारियों को कार्रवाई का आश्वासन दिया, लेकिन अधिकारियों और व्यापारियों के बीच कोई बात नहीं बन सकी। व्यापारियों का साफ कहना है कि पहले चोरी का खुलासा किया जाए, तभी वे कोई बात मानेंगे।1
- व्लॉगर सौरभ जोशी ने दावा किया है कि इथेनॉल मिश्रित ईंधन के दौर में माइलेज का हाल बेहद खराब हो गया है। उनके अनुसार, जो गाड़ी पहले 17 किमी/लीटर चलती थी, वह पहले घटकर 9 और अब सिर्फ 5 किमी/लीटर के माइलेज पर आ गई है।1
- उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में नरेनी के पटेल नगर में पिछले तीन महीनों से नालियों की साफ-सफाई नहीं की गई है। इस क्षेत्र में तीन महीने का लंबा समय बीत जाने के बाद भी नालियों की सफाई का काम पूरी तरह से बंद पड़ा हुआ है।2
- कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि वे मिट्टी की जांच कराने के बाद ही खेतों में उर्वरकों का उपयोग करें। विशेषज्ञों के अनुसार, मिट्टी की जांच कराने से उसकी गुणवत्ता के हिसाब से खेती की योजना बनाना आसान हो जाता है, जिससे फसलों के उत्पादन में सुधार और पैदावार बढ़ने की संभावना काफी बढ़ जाती है। किसानों की सुविधा के लिए कई राज्यों में मिट्टी परीक्षण सुविधाओं का लगातार विस्तार भी किया जा रहा है।1
- उत्तर प्रदेश के बांदा में प्रेम प्रसंग के विवाद में एक महिला की हत्या का मामला सामने आया है। इस वारदात के संबंध में कार्रवाई करते हुए तीन नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।1
- हमीरपुर के राठ कोतवाली क्षेत्र के ग्राम कुर्रा में दो पक्षों के बीच हुए विवाद के बाद दबंगों ने एक दलित परिवार के घर में घुसकर लाठी-डंडों से हमला कर दिया, जिससे परिवार के कई लोग घायल हो गए और पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया। पुलिस की प्रारंभिक जांच के अनुसार, 10 जुलाई 2026 को संतोष अहिरवार और अनिल अहिरवार का अपने चचेरे भाई राज अहिरवार से किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। इसी दौरान राज के पक्ष में प्रिंस राजपूत अपने साथियों के साथ वहां पहुंच गया, जिसके बाद दोनों पक्षों में हुई मारपीट में अनिल अहिरवार घायल हो गए। इस मामले में शनिवार को पीड़ित अनिल पुत्र रामकुमार अहिरवार की तहरीर पर पुलिस ने छह नामजद आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज करने की कार्रवाई शुरू कर दी है। घायल अनिल का चिकित्सीय परीक्षण भी कराया गया है। क्षेत्राधिकारी राठ ने जानकारी दी है कि फरार नामजद आरोपियों की तलाश की जा रही है और मौके पर उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष व वैधानिक कार्रवाई अमल में लाई जा रही है।1