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गुमला सिस्टम की मार, खुद बीमार है सदर अस्पताल का संजीवनी गाड़ी एंबुलेंस यह तस्वीर जिले के सबसे बड़े सदर अस्पताल गुमला परिसर की है। जहां संजीवनी गाड़ी अर्थात एंबुलेंस खुद बीमार है। स्थिति हो गई है कि अगर किसी मरीज को तत्काल एंबुलेंस सेवा की जरूरत पड़े, तो उसे स्टार्ट करने में ही कर्मियों के पसीने छूट जाते हैं। कमोवेश यह स्थिति कई महीनो से है लेकिन इस ओर अस्पताल प्रबंधन का ध्यान नहीं है। शहर के कुछ प्रबुद्धजनों ने इस दिशा में विशेष पहल करते हुए सभी एंबुलेंस को दुरुस्त करने की मांग उठाई है।
Dipak gupta
गुमला सिस्टम की मार, खुद बीमार है सदर अस्पताल का संजीवनी गाड़ी एंबुलेंस यह तस्वीर जिले के सबसे बड़े सदर अस्पताल गुमला परिसर की है। जहां संजीवनी गाड़ी अर्थात एंबुलेंस खुद बीमार है। स्थिति हो गई है कि अगर किसी मरीज को तत्काल एंबुलेंस सेवा की जरूरत पड़े, तो उसे स्टार्ट करने में ही कर्मियों के पसीने छूट जाते हैं। कमोवेश यह स्थिति कई महीनो से है लेकिन इस ओर अस्पताल प्रबंधन का ध्यान नहीं है। शहर के कुछ प्रबुद्धजनों ने इस दिशा में विशेष पहल करते हुए सभी एंबुलेंस को दुरुस्त करने की मांग उठाई है।
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- सिसई (गुमला)। आगामी 15 मार्च 2026 को सिसई के रावण दहन मैदान में "विराट हिन्दू महासम्मेलन" का आयोजन होने जा रहा है इसी के निमित इसकी तैयारियों की समीक्षा करने हेतु शुक्रवार को रंजीत नारायण सिंह सरस्वती विद्या मंंदिर के सांस्कृतिक सभागार में समीक्षा बैठक आयोजित किया गया। बैठक में सम्मेलन को लेकर समीक्षा करते हुए इसकी तैयारी को युद्ध स्तर पर तेज करने पर जोर दिया गया। वहीं इस बैठक में उपस्थित सभी लोगों ने प्रत्येक हिंदुओं के घर घर जाकर "विराट हिन्दू महासम्मेलन" के निमित निमंत्रण पत्र देने का संकल्प लिया। मौके पर संजय वर्मा, बलदेव साहु, प्रधानाचार्य देवेंद्र वर्मा, मुकेश श्रीवास्तव डेविड, रोहित शर्मा, दामोदर सिंह,सुमित महली, अरुण सिंह, राजकुमार पौराणिक, मदन साहु, उदय कुशवाहा सहित भारी संख्या में संपूर्ण हिन्दू समाज सिसई के हिन्दू धर्मावलंबी महिला पुरुष मौजूद थे।4
- सिसई प्रखंड क्षेत्र के पुसो थाना क्षेत्र स्थित दारी टोंगरी पहाड़ में करोड़ों रुपए की लागत से बन रहे हेल्थ सेंटर भ्रष्टाचार का भेंट चढ़ गया है। ग्रामीणों ने बताया कि हेल्थ सेंटर निर्माण में घटिया सामग्री का उपयोग कर निर्माण किया जा रहा है। मौके पर बिना इंजिनियर की मौजूदगी में निर्माण कार्य किया जा रहा था। शिकायत मिलते ही दैनिक जागरण के पत्रकार निर्माण कार्य स्थल पर पहुंचे और घटिया निर्माण को लेकर ठेकेदार अनमोल साहू से सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य स्थल पर पत्रकार को जांच पड़ताल करने का कोई अधिकार नहीं है। आपको जो छापना है छाप दीजिए निर्माण कार्य डीसी महोदया के देखरेख में हो रही है। वहीं जब संबंधित विभाग के इंजीनियर से बात करने की कोशिश की गई तो उन्होंने बात भी नहीं करवाया और फोन नंबर देने से इनकार कर दिया। निर्माण कार्य में घटिया सामग्री जैसे सीमेंट, सरिया, बालू का इस्तेमाल और सरिया के नीचे बिना कवर ब्लॉक बिछाए हुए साथ ही बिना क्रैंक तोड़े ही काम किया जा रहा था। वहीं जब इस मामले में बीडीओ रमेश कुमार यादव से बातचीत की गई तो उन्होंने बताया कि हेल्थ सेंटर निर्माण के बारे में हमें कोई भी जानकारी नहीं है3
- राजकीय सरहुल महोत्सव की तैयारी के बीच ककड़ोलता बैठक स्थगित डुमरी (गुमला): राजकीय सरहुल महोत्सव की तैयारी को लेकर आठ मार्च को ककड़ोलता परिसर में प्रस्तावित बैठक को स्थगित कर दिया गया है। जानकारी देते हुए शाम छह बजे धर्मगुरु बंधन तिग्गा ने बताया कि आदिवासी सिरसी ता नाले उर्फ ककड़ोलता में धार्मिक और पूजा-पाठ से जुड़े कार्यों के संचालन के लिए एक प्रखंड स्तरीय कमेटी का गठन किया जाना था। उन्होंने बताया कि इसी कमेटी के गठन को लेकर आठ मार्च को ककड़ोलता परिसर में बैठक निर्धारित की गई थी। हालांकि वर्तमान में आदिवासी समाज द्वारा आगामी इक्कीस मार्च को मनाए जाने वाले राजकीय सरहुल महोत्सव की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। आयोजन की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए फिलहाल इस बैठक को स्थगित करने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि राजकीय सरहुल महोत्सव संपन्न होने के बाद प्रखंड स्तरीय कमेटी के गठन को लेकर नई तिथि तय कर पुनः बैठक आयोजित की जाएगी। धर्मगुरु बंधन तिग्गा ने समाज के लोगों से सरहुल महोत्सव की तैयारियों में बढ़-चढ़कर भाग लेने और इस पारंपरिक पर्व को सफल बनाने की अपील की। #Dumri #Gumla #Sarhul #AdivasiCulture #JharkhandNews #LocalNews1
- गुमला: राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) द्वारा संभावित आपदाओं से प्रभावी ढंग से निपटने की तैयारियों को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से CBRN (केमिकल, बायोलॉजिकल, रेडियोलॉजिकल एवं न्यूक्लियर) आधारित मॉक ड्रिल के आयोजन को लेकर आज समाहरणालय स्थित सभागार में जिला प्रशासन की ओर से बैठक आयोजित की गई। बैठक में NDRF की 9वीं बटालियन के Deputy Commandant विनय कुमार एवं Inspector दिनेश अवस्थी सहित 5 सदस्यीय टीम द्वारा प्रशिक्षण एवं मॉक अभ्यास से संबंधित विस्तृत जानकारी दी गई। टीम द्वारा NDRF के स्थापना, उद्देश्य तथा आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया (Response) की कार्यप्रणाली के बारे में उपस्थित अधिकारियों को अवगत कराया गया। बैठक के दौरान बताया गया कि 07 मार्च 2026 को पूर्वाह्न 10 बजे समाहरणालय परिसर में CBRN आधारित मॉक ड्रिल का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान NDRF की लगभग 25 सदस्यीय टीम द्वारा विभिन्न आपदा परिस्थितियों में बचाव एवं राहत कार्यों की प्रक्रिया का प्रदर्शन (डेमोन्स्ट्रेशन) किया जाएगा, जिससे प्रशासनिक अधिकारियों एवं संबंधित विभागों को आपदा प्रबंधन की कार्यप्रणाली की जानकारी मिल सके। टीम द्वारा यह भी बताया गया कि मॉक ड्रिल के माध्यम से यह प्रदर्शित किया जाएगा कि रासायनिक, जैविक, रेडियोलॉजिकल अथवा न्यूक्लियर आपदा की स्थिति में किस प्रकार त्वरित कार्रवाई करते हुए बचाव कार्य संचालित किए जाते हैं। बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि यदि किसी विभाग को आपदा प्रबंधन अथवा आगजनी जैसी आपात स्थितियों से निपटने हेतु प्रशिक्षण की आवश्यकता हो तो संबंधित विभाग अपने कर्मियों के प्रशिक्षण के लिए NDRF को ई-मेल के माध्यम से अनुरोध भेज सकते हैं। इसके बाद NDRF की टीम द्वारा संबंधित विभागों को आवश्यक प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। बैठक में मुख्य रूप से उप विकास आयुक्त दिलेश्वर महतो, अपर समाहर्ता शशिंद्र कुमार बड़ाइक, सिविल सर्जन शंभूनाथ चौधरी, SDO चैनपुर पूर्णिमा कुमारी, SDO बसिया जयवंती देवगम, DSP गुमला मुख्यालय वीरेंद्र टोप्पो, DCLR गुमला राजीव कुमार, DCLR चैनपुर, DCLR बसिया शेखर कुमार, जिला शिक्षा पदाधिकारी कविता खालको, कार्यपालक अभियंता PHED, जिला कृषि पदाधिकारी शुभम प्रिया तीयू, आईटी मैनेजर राजीव कुमार सहित विभिन्न प्रखंडों से आए प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचल अधिकारी एवं अन्य संबंधित अधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे।1
- **जारी प्रखंड के गोबिंदपुर गांव में ट्रांसफार्मर में लगी आग, सिंचाई पाइप जलकर राख** जारी प्रखंड के गोबिंदपुर गांव में शुक्रवार को 25 केवीए का ट्रांसफार्मर अचानक आग लगने से जल गया। ग्रामीणों के अनुसार ट्रांसफार्मर में अचानक शॉर्ट सर्किट होने के कारण आग लग गई, जिसके बाद देखते ही देखते आग तेज हो गई। आग की चपेट में आने से पास में रखा सिंचाई के लिए उपयोग होने वाला पानी का पाइप भी जलकर राख हो गया। घटना के बाद कुछ समय के लिए इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि ग्रामीणों की सूझबूझ से आग को फैलने से रोक लिया गया। ग्रामीणों ने बताया कि ट्रांसफार्मर जल जाने से गांव में बिजली आपूर्ति पूरी तरह बाधित हो गई है, जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं ग्रामीणों ने विभाग से जल्द से जल्द नया ट्रांसफार्मर लगाने की मांग की है ताकि बिजली आपूर्ति बहाल हो सके।1
- 💖💖Saphar me ✨✨1
- छोटा नागपुरिया तेली उत्थान समाज गुमला के द्वारा आगामी 15 मार्च दिन रविवार को गुमला के रथ मेला टाड़ करौंदी में वार्षिक तेली महा जतरा सह सामूहिक विवाह कार्यक्रम का आयोजन किया गया हैं।1
- सिसई (गुमला)। पुसो थाना क्षेत्र के पुसो पोखरा टोली निवासी 50 वर्षीय रवि महतो को हाथी ने कुचल कर जान से मार डाला।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बताया जाता है कि मृतक रवि महतो सुबह गांव के समीप जंगल की ओर जा रहा था,जैसे ही वह जंगल के समीप पहुंचा अचानक से जंगली हाथी उसके पास आ धमका और उसे अपने सूंढ में लपेट कर जमीन पर पटक दिया और कुचल कर उसे मार डाला। ग्रामीणों ने बताया कि मृतक नशे की हालत में था। इस घटना के बाद जंगली हाथी की खलबली से पूरे क्षेत्र में ग्रामीणों के बीच दहशत का माहौल है। लोग अपनी जानमाल की सुरक्षा के लिए रात जग्गा करने को विवश हो चुके हैं। जंगली हाथी के आतंक से गांव के ग्रामीणों को बचाने और हाथी को भगाने के लिए वन विभाग की ओर से अभी तक कोई खाश व्यवस्था प्रदान नहीं किया गया है। जिसके कारण ग्रामीण भयभीत हैं और रात को घर हो या बाहर खुद को जंगली हाथी के खतरे से असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। हालांकि घटना की सूचना मिलने पर वन विभाग और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में कर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल गुमला भेज दिया है। ग्रामीणों ने प्रशासन व वन विभाग से सुरक्षा के कड़े इंतजाम करने की मांग की है।4
- गुमला: राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) द्वारा संभावित आपदाओं से प्रभावी ढंग से निपटने की तैयारियों को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से CBRN (केमिकल, बायोलॉजिकल, रेडियोलॉजिकल एवं न्यूक्लियर) आधारित मॉक ड्रिल के आयोजन को लेकर आज समाहरणालय स्थित सभागार में जिला प्रशासन की ओर से बैठक आयोजित की गई।बैठक में NDRF की 9वीं बटालियन के Deputy Commandant विनय कुमार एवं Inspector दिनेश अवस्थी सहित 5 सदस्यीय टीम द्वारा प्रशिक्षण एवं मॉक अभ्यास से संबंधित विस्तृत जानकारी दी गई। टीम द्वारा NDRF के स्थापना, उद्देश्य तथा आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया (Response) की कार्यप्रणाली के बारे में उपस्थित अधिकारियों को अवगत कराया गया।बैठक के दौरान बताया गया कि 07 मार्च 2026 को पूर्वाह्न 10 बजे समाहरणालय परिसर में CBRN आधारित मॉक ड्रिल का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान NDRF की लगभग 25 सदस्यीय टीम द्वारा विभिन्न आपदा परिस्थितियों में बचाव एवं राहत कार्यों की प्रक्रिया का प्रदर्शन (डेमोन्स्ट्रेशन) किया जाएगा, जिससे प्रशासनिक अधिकारियों एवं संबंधित विभागों को आपदा प्रबंधन की कार्यप्रणाली की जानकारी मिल सके।टीम द्वारा यह भी बताया गया कि मॉक ड्रिल के माध्यम से यह प्रदर्शित किया जाएगा कि रासायनिक, जैविक, रेडियोलॉजिकल अथवा न्यूक्लियर आपदा की स्थिति में किस प्रकार त्वरित कार्रवाई करते हुए बचाव कार्य संचालित किए जाते हैं।बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि यदि किसी विभाग को आपदा प्रबंधन अथवा आगजनी जैसी आपात स्थितियों से निपटने हेतु प्रशिक्षण की आवश्यकता हो तो संबंधित विभाग अपने कर्मियों के प्रशिक्षण के लिए NDRF को ई-मेल के माध्यम से अनुरोध भेज सकते हैं। इसके बाद NDRF की टीम द्वारा संबंधित विभागों को आवश्यक प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा।बैठक में मुख्य रूप से उप विकास आयुक्त दिलेश्वर महतो, अपर समाहर्ता शशिंद्र कुमार बड़ाइक, सिविल सर्जन शंभूनाथ चौधरी, SDO चैनपुर पूर्णिमा कुमारी, SDO बसिया जयवंती देवगम, DSP गुमला मुख्यालय वीरेंद्र टोप्पो, DCLR गुमला राजीव कुमार, DCLR चैनपुर, DCLR बसिया शेखर कुमार, जिला शिक्षा पदाधिकारी कविता खालको, कार्यपालक अभियंता PHED, जिला कृषि पदाधिकारी शुभम प्रिया तीयू, आईटी मैनेजर राजीव कुमार सहित विभिन्न प्रखंडों से आए प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचल अधिकारी एवं अन्य संबंधित अधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे।4