पोकरण क्षेत्र में भूमाफियाओं द्वारा सरकारी और अन्य भूमि पर कथित रूप से कब्जा किए जाने के आरोपों को लेकर पूर्व जिला प्रमुख अब्दुल्ला फकीर ने गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने सीधे तौर पर आरोप लगाया है कि इस पूरे मामले में कुछ प्रशासनिक अधिकारियों के साथ-साथ निचले स्तर के कर्मचारियों की भूमिका भी संदेह के घेरे में है, जिससे बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हो रही हैं। फकीर ने दावा किया कि जमीनों के रिकॉर्ड (टर्मिन) को कथित रूप से गलत तरीके से बदलकर उन्हें अन्य स्थानों पर स्थापित किया जा रहा है। उन्होंने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है ताकि सच्चाई सामने आ सके और दोषियों पर कार्रवाई हो सके। पूर्व जिला प्रमुख ने पोकरण विधायक महंत प्रताप पुरी को भी खुली चुनौती देते हुए कहा कि यदि वे भूमाफियाओं के खिलाफ कार्रवाई को लेकर गंभीर हैं तो उन्हें इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच करवानी चाहिए। अन्यथा, फकीर के अनुसार, विधायक को यह स्वीकार करना होगा कि वे इन भूमाफियाओं को संरक्षण दे रहे हैं। इस बयान के बाद क्षेत्र की राजनीति में एक नया विवाद खड़ा हो गया है। फिलहाल, विधायक पक्ष की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
पोकरण क्षेत्र में भूमाफियाओं द्वारा सरकारी और अन्य भूमि पर कथित रूप से कब्जा किए जाने के आरोपों को लेकर पूर्व जिला प्रमुख अब्दुल्ला फकीर ने गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने सीधे तौर पर आरोप लगाया है कि इस पूरे मामले में कुछ प्रशासनिक अधिकारियों के साथ-साथ निचले स्तर के कर्मचारियों की भूमिका भी संदेह के घेरे में है, जिससे बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हो रही हैं। फकीर ने दावा किया कि जमीनों के रिकॉर्ड (टर्मिन) को कथित रूप से गलत तरीके से बदलकर उन्हें अन्य स्थानों पर स्थापित किया जा रहा है। उन्होंने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है ताकि सच्चाई सामने आ सके और दोषियों पर कार्रवाई हो सके। पूर्व जिला प्रमुख ने पोकरण विधायक महंत प्रताप पुरी को भी खुली चुनौती देते हुए कहा कि यदि वे भूमाफियाओं के खिलाफ कार्रवाई को लेकर गंभीर हैं तो उन्हें इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच करवानी चाहिए। अन्यथा, फकीर के अनुसार, विधायक को यह स्वीकार करना होगा कि वे इन भूमाफियाओं को संरक्षण दे रहे हैं। इस बयान के बाद क्षेत्र की राजनीति में एक नया विवाद खड़ा हो गया है। फिलहाल, विधायक पक्ष की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
- राजस्थान के बाड़मेर जिले में, जिसे मालाणी की धन्य धरा भी कहा जाता है, महान सम्राट पृथ्वीराज चौहान की जयंती का आयोजन 07 जून 2026 को किया जाएगा। वीरता, पराक्रम और शौर्य की प्रतिमूर्ति माने जाने वाले सम्राट पृथ्वीराज चौहान की जयंती समारोह के लिए पोकरण विधायक महंत प्रताप पूरी जी महाराज ने सभी को सादर आमंत्रित किया है।1
- जोधपुर से जुड़ी एक महिला इन्फ्लुएंसर के बारे में एक विशेष समाचार न्यूज़ इंडिया पर दिखाया गया है।1
- गुरुवार देर रात करीब 11 बजे कोलायत विधानसभा क्षेत्र में आए तेज आंधी-तूफान और बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। तूफान की तीव्र गति के कारण क्षेत्रभर में बड़ी संख्या में पेड़ धराशायी हो गए, जिससे बिजली व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई। कई गांवों में देर रात से ही विद्युत आपूर्ति बाधित है, जिससे लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आंधी-तूफान के चलते अनेक स्थानों पर बड़े-बड़े पेड़ सड़कों पर गिर गए, जिससे आवागमन भी प्रभावित हुआ और कई ग्रामीण मार्ग अवरुद्ध हो गए। बिजली विभाग के संजय भदोरिया ने जानकारी दी कि प्रारंभिक आकलन में क्षेत्र में 250 से अधिक बिजली के पोल गिरने की पुष्टि हुई है, जबकि अन्य क्षतिग्रस्त पोलों का सर्वे और गणना जारी है। व्यापक नुकसान के कारण कई गांवों में बिजली सप्लाई पूरी तरह ठप है, हालांकि विभाग की टीमें मरम्मत कार्य में जुटी हुई हैं और शुक्रवार देर शाम तक अधिकांश क्षेत्रों में आपूर्ति बहाल करने का प्रयास किया जा रहा है। श्रीकोलायत स्थित पवित्र कपिल सरोवर परिसर भी तूफान की चपेट में आ गया, जहाँ वर्षों पुराने विशाल पेड़ जड़ से उखड़कर गिर गए और तालाब के किनारे एक बिजली का पोल टूटकर लटक गया, जिससे खतरे की स्थिति बनी हुई है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से शीघ्र मरम्मत और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है। वहीं, कोलायत तहसील के सबसे बड़े गांव झझू में देर रात से बिजली गुल होने के कारण मोबाइल नेटवर्क भी ठप हो गया। ग्रामीणों का कहना है कि जिओ टावरों में लगे बैटरी बैकअप ने काम करना बंद कर दिया, जिससे नेटवर्क पूरी तरह गायब हो गया और आपसी संपर्क तथा आवश्यक सूचनाओं के आदान-प्रदान में दिक्कतें आईं। ग्रामीणों ने जिओ कंपनी के अधिकारियों से पर्याप्त बैटरी बैकअप और वैकल्पिक विद्युत व्यवस्था की मांग की है। प्रशासन और संबंधित विभाग नुकसान का आकलन करने तथा व्यवस्था को सामान्य बनाने में जुटे हुए हैं। हालांकि आंधी-तूफान से गर्मी से राहत मिली है, लेकिन हुए व्यापक नुकसान ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है।1
- राजस्थान के माढ़ गाँव में आए भयंकर तूफान ने भारी तबाही मचाई है। इस भीषण तूफान के कारण गाँव में बिजली के खंभे गिर गए, जिससे ग्रामीणों को बहुत ज़्यादा नुकसान उठाना पड़ा है।3
- पचपदरा विधायक डॉ. अरुण चौधरी के जन्मदिवस पर गुरुवार को पूरे दिन उन्हें बधाई और शुभकामनाएँ देने का सिलसिला जारी रहा। प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर के कई वरिष्ठ नेताओं, जन प्रतिनिधियों और संगठन पदाधिकारियों ने फोन और संदेशों के माध्यम से उन्हें बधाइयां प्रेषित कीं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, राजस्थान की उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी और प्रेमचंद बैरवा, राजस्थान भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ सहित कई वरिष्ठ नेताओं ने उन्हें जन्मदिवस की शुभकामनाएं दीं। इसके अतिरिक्त, गुजरात विधानसभा अध्यक्ष शंकर चौधरी और हरियाणा भाजपा प्रभारी सतीश पुनिया ने भी दूरभाष पर विधायक को बधाई दी। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने फोन पर डॉ. अरुण चौधरी को बधाई देते हुए उनके जनसेवा कार्यों की सराहना की। इसी बातचीत के दौरान विधायक ने क्षेत्र के विकास से जुड़े विषयों को उठाया और विशेष रूप से पचपदरा एवं सिवाना क्षेत्र को नर्मदा नहर परियोजना से जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया। दिनभर विधायक निवास और विभिन्न स्थानों पर कार्यकर्ताओं तथा समर्थकों का तांता लगा रहा। सोशल मीडिया पर भी हजारों लोगों ने शुभकामनाएँ भेजकर उनके प्रति सम्मान और स्नेह व्यक्त किया। इस मौके पर विधायक डॉ. अरुण चौधरी ने सभी शुभचिंतकों, वरिष्ठ नेताओं और क्षेत्रवासियों का आभार प्रकट करते हुए कहा कि जनता का विश्वास ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है और वे क्षेत्र के विकास एवं जनहित के कार्यों के लिए निरंतर प्रतिबद्ध रहेंगे।1
- जालौर शहर में कल शनिवार को अधिक मास की नगर परिक्रमा भक्ति भाव और धूमधाम के साथ आयोजित की जाएगी। हिंदू सेवा समिति के अंबालाल व्यास ने जानकारी दी है कि इस नगर परिक्रमा में हजारों की संख्या में श्रद्धालु भाग लेंगे। आयोजन की तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया गया है, और कार्यक्रम को लेकर श्रद्धालुओं में भारी उत्साह देखा जा रहा है। यह परिक्रमा कल सुबह 7 बजे सूरज पोल से रवाना होगी।2
- Post by Salman sai1
- विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर, राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देशों और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, मेड़ता की अध्यक्ष तारा अग्रवाल, जो जिला एवं सेशन न्यायाधीश भी हैं, के मार्गदर्शन में मेड़ता सिटी में पर्यावरण संरक्षण और जन-जागरूकता से संबंधित विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इन आयोजनों के तहत, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, मेड़ता के सचिव संजय कुमार मालवीय द्वारा पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने के उद्देश्य से तैयार किए गए जागरूकता पोस्टर का विमोचन माननीय अध्यक्ष तारा अग्रवाल ने किया। इस अवसर पर माननीय अध्यक्ष महोदया ने पर्यावरण संरक्षण को प्रत्येक नागरिक का नैतिक दायित्व बताते हुए इसके संवर्धन हेतु सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर विशेष बल दिया। साथ ही, जिला एवं सेशन न्यायाधीश तारा अग्रवाल द्वारा न्यायिक अधिकारियों एवं न्यायालय कर्मचारियों को आगामी 21 जून को आयोजित होने वाले अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर यथासंभव बिना ईंधन चालित वाहनों का उपयोग कर कार्यक्रम स्थल पर आने तथा प्रत्येक माह कम से कम एक दिन स्वेच्छा से ईंधन चालित वाहनों का प्रयोग न करने की प्रतिज्ञा दिलाई गई। उन्होंने कहा कि ऐसे छोटे-छोटे प्रयास पर्यावरण संरक्षण एवं प्रदूषण नियंत्रण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। इसके पश्चात, मेड़ता शहर स्थित देरानी सरोवर पर पर्यावरण संरक्षण एवं संवर्धन हेतु पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में पर्यावरण प्रेमी ताराचंद मारोठिया, उपाधीक्षक डॉ. यशपाल लटियाल, मनोहर गहलोत, महावीर सिंह, रमेशचंद्र सोनी, चंद्रप्रकाश मांडा सहित अन्य गणमान्य नागरिकों एवं कार्मिकों के सहयोग से पौधारोपण किया गया। साथ ही, पक्षियों के लिए जल की उपलब्धता सुनिश्चित करने हेतु परिंडे भी लगाए गए, जिससे हरित भविष्य का संदेश और अधिक मुखर हुआ।2
- पाली के सिंधी कॉलोनी स्थित झूलेलाल मंदिर में श्रीमद्भागवत कथा का भव्य आयोजन किया गया। इस धार्मिक कार्यक्रम में व्यासपीठ पर श्री गोपालराम जी महाराज और गोविंदराम जी महाराज द्वारा कथावाचन किया गया, जिसका आयोजन सिंधी समाज, पाली द्वारा किया गया था। कथा श्रवण के लिए सैकड़ों की संख्या में माताएं, बहनें और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।4